राधिका ओर राहुल भगबान के दर्शन करने के बाद पुजारी जी ने राधिका को..
पुजारी हस कर - बेटी राधिका.. तेरी इच्छा बहोत जल्द पूरी हो जाएगी.. काल रात की तरह आज भी तुझे आश्रीबाद मिलेगी..
उतना सुनकर राधिका सरम से पानी पानी ही गेई.. राहुल भी समझ गेया की राधिका दिदि माँ बनने केलिए किसी भी हद तक गिर सकती है..अगर राहुल उसे गर्भवती नहीं बनाया तो राधिका किसी बाहर के आदमी से गर्भवती हो जाएगी..
तब राहुल ने पुजारी जी को सामने रख कर राधिका दिदि को - हाँ पुजारी जी..अगर भगबान के कृपा हुया तो आज भी मेरी दिदि को आश्रीबाद मिलेगी..
इतना सुनकर राधिका उस भीड़ में काफी कुछ सोचने में मजबूर हो गेई..
राधिका बार बार आपने रिस्ते की नाप तोल करने लगी.. राधिका की चुत पानी पानी हो चुकी थी.. राहुल भी काफी सोच समझ कर ये बोला था..
फिर दोनो उस भीड़ को आहिस्ता आहिस्ता संभाल कर आगे बढ़ने लगे.. राधिका आगे आगे और राहुल पिछे पिछे..
अचानक एक जगह पर काफी भीड़ के वाज़ा से राधिका ओर राहुल बुरी तरह फंस गए..
राधिका दिदि को प्रॉटेक्शन देते हुए राहुल अनजाने में राधिका दिदि की पिछवाड़े पर चिपक चुका था ..
गर्दी के भीड़ में राहुल राधिका दिदि को पीछे से पकड़ कर रखा था.. पब्लिक के बिड से राहुल का हाथ अनजाने में राधिका की दोनो चूची के उपर जा चुका था..
जब राधिका को एहसास हुई तब तक राधिका की सरीर में 440 वोल्टेज का करेंट दौड़ रही थी .
भीड कम नहीं हो रही थी..राधिका की गांड के दबाब से राहुल का 9 इंच का लन्ड खड़ा हो कर राधिका की गांड में सेट हो चुका था..
इतनी सब होने के बाबजूद भी जब राधिका कुछ नहीं बोली तो राहुल अब जान बूझ कर लन्ड को राधिका दिदि की गांड के उपर दबाब देने लगा..
फिर भी राधिका की कोई विरोध ना पा कर राहुल उस भीड़ के फायेदा से राधिका दिदि की बूब्स को आहिस्ता आहिस्ता दबाता गेया..
पूरे 30 मिनट तक एहि सिलसिला चलता राहा.. अब राहुल के साथ साथ राधिका भी काफी गरम हो चुकी थी..
राहुल फटाक से आपने दाहिने हात को राधिका की नाभि के नीचे से साढ़ी के अंदर घूसा कर राधिका की चुत तक पहोंच गेया..
सारे पब्लिक के होते हुए राहुल का उंगली सीधा राधिका की चुत के दाने पर पहोंच गेया..
जैसे ही राहुल का मोटा उंगली राधिका की चुत के अंदर घूसा .वेसे ही अचानक पब्लिक खाली होने लगे..
राहुल फाटक से उंगली को राधिका कक चुत से निकाल दिया..राधिका हैरान भरी नज़रो से राहुल के उंगली को देख रही थी..
राहुल भी सेक्स के नसे में चूर ही चुका था. राहुल जनता था.. राधिका दिदि उसके हरकत से ज़रूर खुस होगी..
एहि सोच कर राहुल ने राधिका दिदि को दिखा कर .वही उंगली को आपने मुँह के अंदर घूसा कर चूमने लगा..
राहुल का ऐसा बरताप देख के राधिका की 25 साल की जवानी की ज्वालामुखी फुट चुकी थी..
दोनो भाई बेहेन के सरीर के अंदर आग भड़क चुकी थी.. पर दोनो किसी भी तरह आपने घर पर आ चुके थे..
जैसे ही राहुल बाइक को घर के आंगन के अंदर पार्क किया तब रुक्मिणी माँ आ कर - राहुल बेटा.. में बोहु को लेकर पास वाले पड़ोस के घर जा रही हूँ.. जब तक हम ना आये तब तक तू घर पर रहना.. निधि बेटी ज़ल्दी आ..
तब राधिका दिदि की सासूमाँ की फ़ोन रुक्मिणी माँ की मोबाइल पर आ जाती है..
रुक्मिणी थोड़ा दूर होकर राधिका की सासूमाँ से बातचीत करने लगी.. कुछ देर के बाद फ़ोन कट हो गेई..
रुक्मिणी माँ की चेहेरे उतरी हुई थी..
राधिका - क्या हुया माँ ?
रुक्मिणी गुसे में आपने पति को कोसने लगी - कितनी बार बोली अशोक तेरे लिए ठीक नहीं है ..
राहुल - माँ ..आखिर बात क्या है ?
रुक्मिणी माँ गुसे से - राधिका की सासु बोल रही है.. अगर इस बार राधिका माँ नहीं बनी तो अगले बार अशोक की दूसरी शादी करवा देगी..
तब निधि सजधज कर खुसी से बाहर आकर - क्या हुया माँ.. ?
रुक्मिणी - चल तुझे रास्ते मे बताती हूँ..
इतना बोलकर रुक्मिणी माँ ने निधि को लेकर गांव के अंदर चली गेई .
राधिका उदासी सकल बना कर कमरे के अंदर चली गेई..
कुछ देर के बाद राहुल कपड़ा चेंज करके सोचने लगा.. काफी सोचने के बाद राहुल जब राधिका दिदि के कमरे पर गेई तब राधिका उसकी कमरे में नहीं थी .
राधिका को ढूंढते ढूंढते राहुल ने छत के उपर पहोंच चुका था .
राहुल ने देखा राधिका दिदि आपनीं साढ़ी चेंज करके सिर्फ एक गाउन पेहेन कर बलकुनी के गैलेरी पर खड़ी हो कर निचे देख रही थी..
राधिका अंदर से टूट चुकी थी.. पर राधिका की दर्द राहुल को दिखाई नहीं देता था..
राहुल समझने लगा.. सायद इस अकेलेपन का फायदा उठाने केलिए ये गाउन पेहेन कर राहुल का इंतज़ार कर रही है..
राहुल सीधा जा कर राधिका दिदि के बगल में खड़ा होकर बाहर का नज़ारा देखने लगा.
राहुल देख कर राधिका ने एक फीकी स्माइल दे दी. पर राधिका अभी भी काफी सोच में डूबी हुई थी..
राधिका आपनीं मन मे - क्या करूँ कुछ समझ मे नहीं आ रही है.. मेरी सासूमाँ की धमकी से में 2/2 बार डॉक्टरी चेक कर चुकी हूं.. डॉक्टर के हिसाब से में 100% माँ बन सकती हूँ.. अशोक जी के अंदर कुछ कमी है ..
राधिका आपनी सोच में- निधि बोल रही थी कि राहुल निधि को हर महीने गर्भवती बना देता है.. मतलब राहुल का बिज़्ज़ परफेक्ट है.. इधर राहुल भी मेरे पीछे हाथ धो कर पड़ा है.. काल रात की गलती के वाज़ा से राहुल दुबारा मुझे चोदना चाहता है .
राधिका आपनीं दिमाग से - राहुल और मेरे बीच सेक्स होना नहीं चाहिए था.. एक नहीं 3 बार सेक्स हो चुका है.. अगर राहुल को कोई बुरा नहीं लग राहा है तो में क्यों इतनी सोच रही हूँ .. अशोक जी 2 महीने के बाद इंडिया आ रहे है.. गलती तो मुझसे हो चुकी है.. अगर वही गलती को में जान बूझ कर करूँ तो .. क्या पता अशोक जी आने से पहले में राहुल मर्दाना रस से 2 महीने की प्रेग्नेंट बन जाउंगी..
राहुल हस कर - दिदि .. जीजा जी कब तक आने वाले है ?
राहुल भी जनता था कि अशोक इंडिया कब वापस छूटी में आने वाला है.. लेकिन राहुल राधिका को मुँह से सुनकर बात को आगे बढ़ना चाहता है.
राधिका - तेरे जीजू 2 महीने के बाद आने वाले है.. वेसे निधि बारबार गर्भनिरोधक गोलियां खा कर आछी नहीं कर रही है..
राधिका ओर राहुल ..दोनो मंदिर के भीड़ से काफी गरम हो चुके थे..अभी भी दोनो के गुप्तांग असली रूप में थे..
राधिका - पेहेले एक बचा होने दो.. फिर जो मन मे आये करो.. आज सुबह सुन लिया ना .मा पोता पोती केलिए तरस रही है..
राहुल हस कर - तू बड़ी है.. पेहेले तू एक बचे की माँ बन जा..
राधिका - हमारी माँ भी ना..अजीब डिमांड करती है.. अगर बेटा होगा तो तेरे सकल जैसा.. ओर बेटी हुई तो मेरी जैसी ..
राहुल को अब सम्भालना मुश्किल हो राहा था... राहुल आहिस्ता आहिस्ता राधिका दिदि की पीछे आकर खड़ा हो गेया..
इस वक़्त राधिका गैलरी के रेलिंग को पकड़ के झक कर खड़ी थी.. झुकने से राधिका की नंगी चुत की बाल पीछे से साफ दिखाई देती थी...
राहुल देर ना करते हुए आपना हाफ पैंट को फाटक से नीचे गिर कर राधिका दिदि की पीछे चिपक गेया..
अब छत के उपर बलकुनी के रेलिंग पर राधिका बाहर की नज़ारा देखती हुई..
राधिका - माँ और मंदिर के पुजारी के दाबा है..इस बार मेरी झोली खाली नहीं जाएगी.. आ.. ऊऊऊ मॉआआ..
इस बीच राहुल लन्ड को चुत के उपर दबाब दे राहा था.. राहुल का मोटा सुपाड़ा ओर राधिका की घनघोर जंगल बीच काफी रुकावट पैदा हो रही थी..
लन्ड आसानी से चुत के अंदर दाखिल हो नहीं पा राहा था.. राहुल ढेर सारे थूक निकाल कर लन्ड के ऊपर मालिस कर दिया. ओर फिर से थूक निकाल कर राधिका दिदि की गांड के उपर गिरा दिया...
इस बार राहुल देर ना करते हुए लन्ड को चुत के उपर 3/4 बार घिसने के बाद फाटक से सूपड़ा को चुत के अंदर घूसा दिया..
राहुल डरते डरते राधिका दिदि को देख राहा था.. क्यों कि राहुल राधिका दिदि को पिछले 45 दिन से रोज़ 3 बार चोद राहा था..
अशोक जीजा जी 15 दिन के बाद दुबाई से वापस आने वाले है..अगर राधिका दिदि गर्भवती नहीं हुई तो राधिका दिदि की सासूमाँ..अशोक जीजू केलिए दूसरी लड़की देख लेगी..
राहुल दुखी मन से छत के उपर चला गेया..
कुछ देर के बाद राधिका ने राहुल को ढूंढते ढूंढते छत के उपर आ गेई..
राहुल दुखी मन से राधिका दिदि की गर्भवती ना होने की वज़ा पूछने लगा.. पर राधिका ने हस कर सब सच सच बता दिया..
राधिका की प्रेग्नेंट की खबर सुनकर राहुल के अंदर जान आ गेया..
कुछ दिन के बाद अशोक त्रिबेदि सीधा आपने ससुराल पर आया . ओर सिर्फ 7 दिन रुक कर चला गेया..
अशोक जाने के बाद अब राधिका ओर राहुल पूरा फ्री हो कर चुदाई करने लगे..
जब राधिका ओर निधि की पेट फूल कर आगे निकलने लगी..तब निधि की माँ पदमिनि मौसी ने निधि को आपने घर ले गेई..
इधर राधिका की सासूमाँ खुसी से राधिका को आपने साथ लेने आयी थी.. पर राधिका ने बड़ी चालाकी से सासूमाँ के साथ जाने को इनकार कर दिया...
राधिका - माँ जी.. जिस मंदिर को रोज़ दर्सन करके आज में माँ बनने वाली हूँ.. में उस मंदिर की दर्सन कैसे छोड़ दूं..
राधिका की चालाकी से राहुल खुस था.. आखिर वही हुया.. राधिका एक बेटी और निधि एक बेटे को जन्म दिए..
बचा पैदा करने के बाद राधिका आपनीं ससुराल चली गेई... पर जब दुबारा बचा केलिए राधिका की सासु जिद करने लगी..
राधिका फिर से मंदिर के बाहाना बना कर राहुल के साथ चुदाई की खेल में शामिल हो गेई..