सरला:हाँ और कुरते को कन्धा से सरकाकर ब्रा के स्ट्राप दिखा देति है।खुश
अरुण; ये तो एक है दुसरा।
सरला: उसके लिए इंतज़ार ।
अरुण:माँ नॉट फेयर।
सरला: माय जानू एवरी थिंग इस फेयर इन लव।
अरुण: ओके मैं ड्रेस चेंज कर लेता हू।
और अपने कपडे उतारने लगता है।
सरला: सब मत उतारना।
अरुण: नहीं तो ।
सरला:नहीं तो मैं डर जाऊँगी।
अरुण: हॅसने लगता है और बैग में से शॉर्ट्स निकलता है।
सरला; इसकी क्या ज़रूरत है सिर्फ बनियान और फ़्रांची में ओके है।
अरुण; सोच लो डर मत जाना।
सरला: है बड़ा आया डराने वाला।
अरुण: ठीक है।
आप भी चेंज कर लो।
सरला; मैं नाइटी नहीं लाई।
अरुण; मैं तो लाया हूँ अपनी बीवी के लिये।
सरला; कहाँ है।
अरुन बैग में से पैकेट निकालता है।
और उसके अंदर शार्ट नाइटी थी जो की सरला के घुटनो तक आती और सेमि ट्रांसपेरेंट थी।
सरला; ये कब लाया।
अरुण: दिन में जब आप सो रही थी।
सरला: अच्छा मतलब किसी भी तरह ब्रा पेंटी मैं देखना है अपनी माँ को।
अरुण; नहीं माँ मुझे पता है जब आप ने बोला है और टाइम माँगा है तो मैं वेट करुँगा पर नाईट के हिसाब से और मुझे अपनी बीवी को इसमें कम्फर्टेबले देखना है इसलिए लाया हू।
सरला: ला दे ।
अरुन पकड़ा देता है और अपनी टॉवल लपेट कर बाहर जाने लगता है।
सरला; कहा जा रहे हो माय डिअर हब्बी।
अरुण: वो आप चेंज कर रही हो न।
सरला: तो क्या हुआ तुम रुक सकते हो।
अरुण: पर आप ने वेट करने को कहा।
सरला: तो मैं कब कह रही हूँ देखने के लिये।
अरुण; फिर
सरला; तुम खिड़की से बाहर देखो मैं चेंज कर लेती हू।
अरून: ठीक है।
सरला:इधर मत देखना विंडो से जो दीखे वही देखना।
अरुण: ओके और सोचता है विंडो से क्या दिखेगा।
पर जब खिड़की में देखता है तो बाहर अंधेरा होने की बजह से अंदर के कूपे का प्रतिबिम्ब में सब दिख रहा था ।अरून समझ गया माँ ने ये क्यों कहा खिड़की से जो दीखे वो देख लेना।
तभी अरुन की आंखे फटी रह जाती है।
इतनी देर में सरला ने अपना कुर्ता उतार दिया था और फिर पजामी।
अब सरला सिर्फ पेंटी और ब्रा में थी और पेंटी का मतलब पेंटी का न होना सिर्फ चुत के मुह को ढकने वाली बाकि सब ओपन।
फिर सरला आराम से घुमति है ।
अरुन उसका पिछवाडा देख के पागल हो जाता है पर कुछ नहीं बोलता।
सरला फिर नाइटी उठाती है और पहन लेती है।
अरुन अब भी बाहर देख रहा है।
सरला: हो गया अब तुम मुह घुमा सकते हो।
अरूज़: उसे फटी २ निगाहों से देखता रहता है।
सरला; क्या हुआ अरुन कुछ डरावनी चीज़ देख ली क्य।
अरुण; नहीं माँ खूबसूरत जन्नत से भी ज़्यादा।
सरला; कहीं तूने मुड के तो नहीं देखा।
अरुण; नहीं मोम
सरला; तो ठीक है।
सरला मन ही मन बेटा जो तू चाहता था सब दिखा दिया मैं तुझे मना नहीं कर सकती पर कुछ दिवार तो है जिसे तोड़ने में कुछ टाइम लगेगा।।
सरला ; बाथरूम जाना है और पैड़ भी चेंज करना है।।
अरून: वही कूपे का गेट खोलता है जिस्मे अटैच्ड बाथरूम था।
सरला: वाओ मतलब कहीं बहार जाने की ज़रूरत नही
अरुण; और आप को क्या लगा इस ट्रांसपेरेंट नाइटी में आप को बाहर जाने दूँगा।
इस रूप में आप को सिर्फ मैं देख सकता हु पापा भी नही।
सरला; उसकी बॉहो में आते हुए ।
हा सिर्फ तू देख सकता और कोई नहीं तेरे पापा भी नही।[/size]
बाद में तुझे ही करने है धीरे से बोल कर बाथरूम चली जाती है।
अरून सुन नहीं पाता।
अंदर सरला मोबाइल से अरुन को मैसेज करती है।
"मेरे प्यारे नए हब्बी पैड़ का साइज बड़ा है और तुम्हारी दिलाये हुए जी- स्ट्रिंग बहुत छोटी है जिस की बजह से पैड़ पेंटी से बाहर आ रहा है।
प्लीज मेरी पुरानी पेंटी मेरे बैग मैं है उसे दे दो ।
मै चेंज कर लुंगी तुम्हारा आर्डर था इसको पहनने का इसलिए मैंने मना नहीं किया और पहन ली और आगे भी वही पहनुंगी जो तुम बोलोगे पीरियड्स में पुरानी पेंटी पहनने की परमिशन दे दो।
प्लीज जानू""
कुछ देर में अरुन का मैसेज
"""इसीलिए मैं टम्पोंस यूज करने के लिए बोला था क्यों की वो अंदर फिट हो जाता है अभी दे दे रहा हूँ आगे से टम्पोंस यूज करना सिख लो।।।।ओके जान ""
सरला: ओके जानू अभी दे दो और हाँ वक़्त आने पर तुम्हारा टेम्पोंस सब से पहले यूज करना तुम से ही सिखुग़ी।""
तभी गेट पे नॉक होती है और अरुन सरला को उसकी इंडियन स्टाइल देसी पेंटी दिखा कर मैं पहना दू ।
सरला: तू मेरा पति है जो तू मुझे पहनायेंगा।
अरुण: एक दिन तो मैं ही पहनाउँगा।
सरल; अहा पहना लेना अभी तो ठण्ड लग रही है वैसे भी पता नहीं तुझे मेरे शरीर पर कपडे अच्छे नहीं लगते पहले छोटी २ कछिया दिला दिया अब ये नाइटी।
और अरुन के हाथ से पेंटी छीन लेती है और गेट बंद कर देती है।
फिर चेंज करके सरला बाहर आती है
बाहर अरुन सीट पे कम्बल ओढ़ कर बैठा था ।
सरला: वाह माँ बाहर बेटा कम्बल में।
अरुण: साइड होते हुए आप आ जाओ मैं उप्पर वाली बर्थ पे लेट जाता हू।
सरला; क्यों मैं ज्यादा मोटी हूँ जो हम दोनों इस बर्थ पे नहीं आयेंगे।
अरुण: नहीं ऐसा नहीं है।
सरला; तो साइड हो मुझे भी बैठने दे ।
सरला बैठी ही थी की गेट नॉक होती है।
सरला अब कौन है।
अरुन खाना देने आया होगा।
पर मैं इस शार्ट नाइटी में।
अरून मैं हु ना।
सरला को उप्पर से फुल कम्बल ओढ़ा देता है और खुद टॉवल लपेट लेता है।
बाहर वेंडर दोनों का डिनर लेके खड़ा था
डिनर सर्व कर के चला जाता है।
सरला बर्थ पे से कम्बल हटा देती है और दोनों साथ में डिनर करने लगते है ।
अरून एक बाईट सरला के मुह से पास करता है सरला खा लेती है साथ मैं ऊँगली भी चूस लेती है।
इसी तरह दोनों एक दूसरे को खाना खिलाते है।
डिनर करने के बाद।
सरला :थैंक यु
अरुण: किस बात के लिये
अभी तक की सभी बातों के लिये।
अरुण: ओह मतलब जो हब्बी बोल रही हो वो सब झूठ है।
सरला: नहीं ऐसा नहीं है।
अरुण: ऐसा है तभी तो थैंक्स बोल रही हो।
सरला; ऐसा होता तो खिड़की से सब कुछ नहीं दिखाती अपनी जान को।
अरुण: चुप हो जाता है ।
और सरला को कस कर अपनी बाँहों में ले लेता है।
ओर उसके होंठो की तरफ अपने होठ बढाता है।
सरला: लिप् किस जरुरी है
अरुण: नहीं ऐसा नहीं है।
सरला: हलके से अपने होठ अरुन के हाथों से टच कर देती है।
बस अरुन फिर कभी।
अरुण;जैसी आप की मर्ज़ी वैसे भी शादी के बाद लड़का और लड़की को एक दूसरे को समझने के लिए टाइम देना चाहिए ।
सरला: तुम कितने समझते हो।
मेरी हर बात मान कर कोई न कोई मिशाल पेश कर देते हो।
अरुण: सारी बातें छोड़ो जी- स्ट्रिंग कहा है ।
सरला: बाथरूम में कल जब उतरेंगे तो चेंज कर लुंगी ।
अरुण: अनकंफर्टबल फील हो रहा है तो रेहने दो।
सरला: नहीं बस पैड़ की बजह से बाकि तो बहुत कम्फर्टेबल है।
तभी सरला उप्पर वाली नाइटी उतर देती और अरुन से पूछती है।
मै ऐसे सोउ तुझे कोई प्रॉब्लम तो नही।
अरुण: नहीं आप जैसे चाहो।
सरला; रात में मुझे छेडेगा तो नही।
अरुण:छेड दूंगा तो क्या कर लोगी।
सरला उसका सर पकड़ कर एक और लिप् किस ले लेती है।
और छेडेगा।
अरून : नहीं मेरी मा।
सरला: गुड बॉय और निचे वाली बर्थ पर गुड नाईट बोल कर लेट जाती है और अरुन को अपने
पास बुलाती है और अपने बगल मैं लिटा लेती है।
अरुन के बाजु पे अपना सर रख कर।
सरला: अरुन
अरुण: हाँ।
सरला: एक बात पुछु।
अरुण: क्या।
सरला: पहले प्रॉमिस कर सच बतायेगा।
अरुण: प्रोमिस
सरला: सोच ले।
अरुण: बोलो मोम।
सरला:::क्या तुझे मैं सच मैं इतनी अच्छि लगती हूँ की तू मुझे अपनी बीवी मानकर मेरे लिए सुब कुछ कर रहा है या तेरे पापा मेरी केयर नहीं करते इस लिए मुझ पर एहसान कर रहा है।
सरला: चुप इस टाइम तो सबसे सेफ तेरे साथ हूँ पुरी तरह। सिर्फ एक सेमि ट्रांसपेरेंट नाइटी में तेरी बाँहों में थी फिर भी तूने कुछ नहीं किया कोई और होता तो अपनी मनमानी ज़रूर करता।
अरुण: ओ गलती हो गई कुछ करना चाहिए था मेरे को।
सरला: बाजु पे मुक्का मारते हुए। तुझे कुछ करने की ज़रूरत नहीं है टाइम पे तुझे सब कुछ मिलेंगा।
अरुण: मैं इंतज़ार करूँगा।
सरला: मैं भी
अरुण: मतलब
सरला: चाय पी ठण्डी हो रही है।
अरुण: माँ चाय पी कर कपडे चेंज कर लो।
सरला; आज क्या पहनू मेरी जान
अरुण:,मेरी जीन्स और टी शर्ट ट्राई करो।
सरला: मेरे में नहीं आयेंगे
अरुण: ट्राई तो करो।
मुझे अच्छा लगेगा मोम।
सरला; क्या
अरुण: आप ने ये नहीं कहा की मैं नहीं पहनूँगी।
सरला: अब मैं तेरे को किसी बात के लिए न नहीं बोलूँगी
क्यूं मुझे पता है तू वही मुझे करने के लिए बोलेगा जो मेरे लिए अच्छा होगा और वही पहनने के लिए बोलेगा जो मुझ पर अच्छा लगेगा।
और अरुन उसे अपनी ब्लैक जीन्स येलो टी शर्ट और ब्लैक थोंग और ब्लैक पैड़ वाली ब्रा देता है ।
सरला ख़ुशी २ कपडे ले कर वाश रूम चलि जाती है।
काफी कोशिश के बाद भी अरुन की जीन्स सरला को नहीं आती।
सरला: जान जीन्स टाइट है।
अरुण: बाहर आ जाओ।
सरला बाहर आ जाती है।
अरुन सरला को अपने पास बुलाता है।
जीन्स का बटन लगाने की कोशिश करता है जिस की बजह से उसका हाथ सरला के पेट और पुसी के सामने टच होता है ।
सरला: अगर मज़े ले लिए हो तो बटन लगा दे।
अरुण; सरला को देखते हुए आप को कैसे पता।
सरला: तेरी बीवी से पहले तेरी माँ हु सब जानती हुँ।
अरुण:ओके ओके इसका बटन नहीं लगेगा आप इस में बेल्ट डाल लो और टी शर्ट बाहर रहने दो आप के लिए दिल्ली पहुच कर आप की फिटिंग की जीन्स ले लेंगे।।
कपडे पहनने के बाद ।
सरला: कैसे लग रही हूँ।
अरुण: माल ।
सरला: तो रेप कर दो इस माल का।
अरुण: आगे बढ़ते हुए।
सरला: कोई बचाओ मुझे मेरे पति से जो मेरा रेप करने वाला है जब की मैंने सरे कपडे पहने है और अगर नंगी होती तो पता नहीं क्या करता।
फिर सरला जोर जोर से हॅसने लगती है और अरुन के बाँहों में समां जाती है उस के कान में मेरी जान को रेप करने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी मैं खुद अपने हाथों अपना सब कुछ अपनी जान पर लुटाउंगी और उसके गाल पर किस कर के अलग हो जाती है शायद ट्रैन किसी स्टेशन पर रुकी थी।
दोनो ट्रैन रुकने के बाद
स्टेशन पर उतरते है।
सरला ने जीन्स और टी शर्ट पहनी थी
अरुण: कैसे फ़ील हो रहा है मोम
सरला: लग रहा है की दोबारा जवान हो गयी हू।
अरुण: आप जवान ही हो तभी तो मस्त माल हो।
सरला: चुप कर जब देखो छेड़ता रहता है।
और बात करते हुए कुछ खाने का सामान लेते है और बापिस ट्रैन में आ जाते है और ट्रैन अपने मर्ज़िल पर चलने लगती है।
फिर दोनों अपने कूपे में आ जाते है
इसी तरह ट्रैन अपनी मंजिल की और चलती रहती है।
दिल्ली आने से एक घंटे पहले
अरुण: माँ चेंज कर लो और फ्रेश हो जाओ।
सरला: क्यों ऐसे अच्छी नहीं लग रही।
अरुण: बहुत अच्छी पर ऐसे मौसी के घर जाना है तो कोई बात नही।
सरला: नहीं नहीं ऐसे नहीं वो तो कुछ नहीं बोलेगी पर उसके घर वाले और पडोसी क्या बोलेंगे चल कर लेती हूँ।
अरुण: सरला के बोले बिना उसे कपडे निकल कर दे देता है।
सरला; क्या निकल है मेरे हबी ने अपनी जान के लिए
एक ऑरेंज साड़ी ब्लाउज पेटीकोट सिंपल वाली पेंटी और पैडे वाली ब्रा।
सरला: ओके जैसे मेरी जान की मर्ज़ि।
और अरुण के भी कपडे निकाल देती है।
और दोनों चेंज कर लेते है।
बस चेंज करते टाइम इस बार फ़र्क़ ये था की सरला ब्रा और पेंटी वाशरूम में चेंज करती है और बाहर आ कर
साडी ब्लाउज पेटीकोट पहनती है।
इसका मतलब अरुण ने अपनी माँ को आज सिर्फ ब्रा और पेंटी में देख लिया।
पर कुछ हुआ नही।
सरला: मन ही मन।
अगर कोई और मुझे इस हालत में देख लेता तो किस जरुर कर ड़ालता पर अरुन में कितना पेशेंस है मेरी बात का किस तरह मान रख रहा है मुझे उसे और तडपाना नहीं चाहिये।
अरुण: क्या सोच रही हो मोम।
सरला: कुछ नहीं ।कितनि देर है अभी ।
अरुण: बस ट्रैन पहुचने वाली है।
और थोड़ी देर बाद दोनों ट्रैन से उतर जाते है।
स्टेशन से बाहर आ कर टैक्सी लेते है मौसी के घर के लिये।
एक बेटा एक बेटी साक्षी जिस की शादी होने वाली है। उसके बाद ससुर।
सब बात करते है। हालचाल पूछते है ।
डिटेल्स काफी है पर हम सिर्फ अपने हीरो और हीरोइन पर ही फोकस करेंगे की इतने लोगो के बीच उनकी लव स्टोरी कैसे आगे बढ़ती है शादी वाले घर में।
सरला काफी देर से अपनी सिस्टर उसकी बेटी और सासु से साथ बैठी थी पर उसका मन वहाँ नहीं था क्यों की अरुन पिछले २ घंटे से सोनु सोनिया के बेटे के साथ कही गया था।
बार बार सरला घडी की तरफ देख रही थी
सोनिया: क्या हुआ सरला ।
दीदी कुछ नहीं
नीन्द आ रही है क्या ।
सरला: नहीं ऐसी बात नहीं है।
वो सोनिआ को क्या बताये की उसकी जान उसे २ घंटे से दिखाई नहीं दी है ।
सरला मौका देखकर अरुन को मैसेज करती है
" कहा हो तुम २ घंटे हो गये है मुझे तुम्हे देखे
हुए और तुम्हे कोई मतलब नहीं ""
कुछ देर में सरला का मोबाइल में मैसेज आता है।
मा सॉरी वो सोनु को कितनी बार तो बोल दिया पर कुछ बुकिंग करनी है इसलिए टाइम लग रहा है आ रहा हु कुछ देर में।सरला कुछ रिप्लाय नहीं करती।
कुछ देर बाद अरुन आ जाता है।
और सरला के पास आ कर बैठ जाता है।
सरला कुछ नहीं बोलति ।
अरुण: मैसेज टाइप करके सॉरी मोम।
सरला: मैसेज पढ़ कर कोई रिप्लाय नहीं देती
अरुन: फिर सॉरी मोम
सरला; फिर सरला कोई जवाब नहीं देती।
कुछ देर बाद
अरुण:मैसेज पर सॉरी मेरी माल।
सरला;मैसेज पढ़ कर हँस देती है।
अरुण: माफ कर दिया ना।
सरल: मैसेज में मै अपने खसम से ग़ुस्सा कैसे हो सकती हूँ।
तभी सोनिया खाना खाने के लिए बोलती है
और सभी खाना खाते है।
और उसके बाद सारे बैठ कर साक्षी की शादी के अरेंजमेंट की बातें करते है पर अपने लव बर्ड सरला और अरुन का मन नहीं लगता इन बातों में
सोनिया नोटिस करती है ।
सरला नींद आ रही है क्या
सरला: दी वो ट्रैन में नींद पूरी नहीं हुई न इसलिए सर भारी है रहा है।
ठीक है तो बोल न ।
तूम दोनों का अरेंजमेंट रुक्ने का फर्स्ट फ्लोर पे किया है।
सरला: ओके दीदी।
सोनिइस सोनु से मौसी को उपर वाला कमरा दिखा दे। और इन का सामान उप्पर पहुचवा दे।
तभी सोनु बोलता है मौसी आप सो जाओ।
अरून हमारे साथ बैठेगा क्यों अरुण।
अरुन क्या बोले
सरला समझ जाती है।
तभी सरला वो रुक जायेगा मना नहीं करेगा पर वो भी रात को सो नहीं पाया है इसकी फिर तबीअत ख़राब हो जयेगी।
सोनिया रहने दे सोनु दोनों को आज आराम करने दे कल से फिर काम ही काम है।
और सोनू दोनों को कमरा दिखा देता है और निचे चला जाता है।
सरला तुरंत गेट लॉक करके अरुन की बाँहों में समां जाती है।
अरून भी कस कर सरला को अपनी बाँहों में भीच लेता है।
सरला:आराम से जानू।
अरुण: क्या हुआ मेरे जान को लग गई।
सरला: नहीं कुछ नहीं ।
और दोनों ऐसे ही कुछ देर खड़े रहते है।
फिरर अलग हो कर
सरला रूम तो अच्छा है बाथरूम भी अटैच्ड है निचे जाने की ज़रूरत नही।
सरला: ब्रा पेंटी पहन कर दीखाने को तेरे पापा बोलते है।
अरुण: वो क्यों बोलेंगे।वो बोले और आप ने पहना तो मुझ से बुरा कोई नहीं होगा।
सरला: अरुन को देख कर।
कोई नहीं देखेगा मुझे तेरे सिबा मेरे पापा भी नही।
अब मुझ पर सिर्फ तेरा और सिर्फ तेरा हक़ है।
और अरुन को कस कर भीच लेती है इस बार अरुन सिसक पड़ता है।
सरला अरुन से-
हमे यहाँ कुछ कण्ट्रोल में रहना होगा।
अरुण: क्यों हम कुछ गलत करते है।
सरला: अरे बाबा यहाँ तुम मुझे नाइटी में नहीं रख सकते और न मैं तुम्हे फ़्रांची में।
सरला: मुझे लगता है हमें होटल में रूम ले कर रहना चहिये।
अरुण: तो चलें।
सरला: अब नहीं जा सकते सोनिया दी से क्या बोलेंगे।
खैर छोडो देखते है क्या होता है।
और कपडे ले कर चेंज करने चलि जाती है
इधर अरुन बैग मैं से पैड़ निकाल कर बाथरूम के गेट पर नॉक करता है
क्या हुआ अरुन
मोंम आप का पैड़ बाहर रह गया।
सरला गेट खोल देति है उस टाइम सरला ने सिर्फ ब्रा और पेंटी पहनी हुए थी
अरुण: वाओ माँ क्या सेक्सी फिगर है आप का मन करता है की ।
सरला: की
अरुण: अभी पकड़ कर
सरला: हाँ बोल ना
अरुण: कुछ नही।
सरला: जब बस का नहीं है तो मत बोला कर और अरुन के हाथ से पैड़ छीन कर गेट बंद कर देती है।
अरुन बेचारा बाहर खड़ा सोचता रहता है।
थोड़ी देर में सरला बाहर आती है।
(अरुन से) जाओ फ्रेश हो जाओ
अरून वाशरूम चला जाता है।
बाहर सरला बेड सेट करके अपने कपडे उतार कर सिर्फ ब्रा और पेंटी में चद्दर ओढ़ कर लेट जाती है।
जब अरुण बाहर आता है तो सरला को लेटे हुए देख कर लगता है माँ आप थक गई हो ।
सरला: नहीं ऐसे नहीं है।
अरुण: अरुन भी लेटने के लिए बेड पर आता है।
तो सरला। क्या हुआ मोम
अपने कपडे उतारो।
अरुण:पर माँ
सरला:जलदी
करुन अपने कपडे उतार देता है
और सिर्फ अंडरवियर में।
अरुण: इसे भी उतारु।
सरला: नहीं इसे रहने दे।
और अरुन बेड में आ जाता है सिर्फ अंडरवियर में।
अरुन चादर में आता है तो अपनी जान को सिर्फ ब्रा और पेंटी में देखता है।
सरला: क्या हुआ क्या देख रहा है।
अरुण: कुछ नहीं आप तो बोल रही थी यहाँ वो सब नहीं कर सकते।
सरला: क्या करूँ मन नहीं मानता।
अरुण: क्या करने के लिये।
सरला: तेरे साथ कपडे पहन कर सोने के लिये।
अरुण:माँ आई लव यु।
सरला:मैं भी अरुण।
अरुण: माँ आई वांट तो लव यू।
सरला: मना किस ने किया है
अरुण: आप ही तो बोली थी थोड़ा टाइम चहिये।
सरला: थोड़ा टाइम ही तो माँगा था।
अरुण: मतलब ।
सरला; थोड़ा माँगा था महिने नही।
अरुण: अरुन इस का मतलब मैं आप से प्यार कर सकता हू।
सरला: बुद्धू एक औरत सिर्फ ब्रा पेंटी में तेरे सामने खड़ी है और तू अभी भी पूछ रहा है।आ बोल क्या करना चाहता है।
अरुण: वो मैं
सरला: वो मैं क्या ।
अरुण: दूध पिना चाहता हूँ।
सरल: मैं जानती थी की है तो मेरे बेटा न पहले अपनी माँ से दूध ही माँगेंगा।
सरला उठ कर ब्रा के स्ट्राप खोल देति है और अरुन को अपनी आंखों पे यकीन नहीं होता की वो अपनी माँ अपनी जान अपनी बीवी के बूब्स अपनी ऑंखों से पहली बार नंगे देख रहा था।
अरुन की उम्मीद से बड़े थे और सूंदर सुडोल
अरून उनकी खुबसुरती में खो जाता है।
सरला: सिर्फ देखने है या कुछ करना है
अरुण: हडबडाते हुए ।
वो मैं कहते हुए अपने होंठ सरला के बूब्स की तरफ बढाता है।
सरला अपनी आंखे बंद कर लेती है पहली बार कोई उसे बूब्स चुसने जा रहा था उसके पति के अलावा और अरुन ने बचपन में चूसे थे जब वो छोटा था।