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रात में हुए कारनामे के बाद, भारत शालिनी और ऋतु तीनो एक दूसरे की बाहों में ही सो गये.. सुबह करीब 6 बजे जब भारत अपने वर्काउट के लिए जागा, तो साथ में सो रही शालिनी को एक नज़र देखा... शालिनी उसे अपनी माँ और सीमी के करीब लाई... अब तक वो शालिनी को समझ नहीं पाया था, या यूँ कहा जाए कि वो समझ तो पाया था, लेकिन उसने कभी शालिनी से ऐसी उम्मीद नहीं की थी.. यह सब भारत अब पसंद करने लगा था.... उसने धीरे से नीचे झुक के शालिनी के माथे को चूमा.... और ऋतु के चेहरे को देख, उसने खुद से धीरे से कहा
"बिच..." बस इतना कहके वो अपने वर्काउट में लग गया... करीब आधे घंटे बाद शालिनी की भी आँख खुली और भारत जहाँ वर्काउट कर रहा था, उधर जाके भारत को एक नज़र देखा और एक हल्की सी मुस्कान लेके वहाँ से चली गयी... भारत वर्काउट करते करते दिन के बारे में सोच ही रहा था, के उसके मोबाइल पर एसएमएस आया... आधा घंटा और, वर्काउट ख़तम करके भारत सुबह के मेल्स और न्यूज़ चेक करने लगा..... एसएमएस देख के उसके चेहरे पे एक कमीनी सी स्माइल आई
"हॅपी बर्तडे टू दा स्वीटेस्ट बॉस इन दा वर्ल्ड...." रीना ने भारत को एसएमएस किया था
"हेलो बेबी... गुड मॉर्निंग" शालिनी ने सामने से जूस लाते हुए कहा
भारत ने जल्दी से रीना का एसएमएस डेलीट किया और शालिनी को जवाब दिया
"हाई स्वीट हार्ट.. " कहके भारत ने शालिनी को गुड मॉर्निंग पेक दिया और जूस पीने लगा
"सो... व्हाट्स दा प्लान हाँ आज का..." शालिनी ने एग्ज़ाइट्मेंट में आके पूछा
"नतिंग बेब... अगर बॉस ही बर्तडे के दिन छुट्टी लेगा, तो बाकी सब भी लेंगे.... बट यस, रात का कुछ प्लान करो.. सर्प्राइज़ मी " कहके भारत ने शालिनी के गले में हाथ डाला और दोनो फिर एक दूसरे को किस करने लगे... काफ़ी सॉफ्ट सा किस था..
"उम्म्म .. चलो अब जाओ, आइ विल टेक्स्ट यू दा डीटेल्स ओके..." कहके शालिनी अपने काम में लग गयी और पीछे भारत फिर अपने मोबाइल में लग गया...
आगे भारत और रीना में हुआ एसएमएस कॉन्वर्सेशन है.. इसे एक कॉन्वर्सेशन की तरह पढ़िए, किसने किया यह समझ जाएँगे, डीटेल्स में मज़ा बिगड़ जाएगा
"हाई.. थॅंक्स... प्लेज़ेंट सर्प्राइज़.." भारत ने रीना को टेक्स्ट किया
"यूआर ऑल्वेज़ वेलकम बॉस..." रीना ने तुरंत जवाब दिया
"सूपर फास्ट.. लगता है किसी स्पेशल के एसएमएस का वेट कर रही हो"
"जिसका इंतेज़ार था, उसने जवाब दे भी दिया.. इससे ज़्यादा अच्छी बात क्या हो सकती है सुबह सुबह"
"ह्म्म्म्म , अगर कहीं राज मेरे मसेज पढ़ लेगा तो तुम्हारा तलाक़ ना हो जाए"
"नहीं, राज मुझसे बहुत प्यार करता है... यह तो मेरा जिस्म ही है जो हमेशा गरम रहता है, राज जितना ठंडा करता है, यह गर्मी उतनी बढ़ती ही जाती है... अभी भी वो मेरे सामने ही बैठा है..."
"अभी क्या पहना है.."
"अभी तो बस शॉर्ट्स और टॉप ही.. अभी नहाने भी नहीं गयी.."
"तो क्या इरादा है...."
"बस, अब तो आइ वान्ट टू बी वेट... और क्या.... नहाने जाना है"
"उसके लिए नहाने की क्या ज़रूरत.. सामने राज को कहो, ही विल मेक यू वेट"
"वो तो रेग्युलर है.... मज़ा तो तब आए, जब कोई और मुझे राज के आगे वेट करे..."
"हहहहा.. तो अभी आउ वहाँ, या कभी और.... वक़्त भी तुम्हारा होगा, घर भी तुम्हारा होगा.. पति भी तुम्हारा, चूत भी तुम्हारी.... लेकिन लंड मेरा होगा.... याद रखना.." भारत ने बड़े औतॉरिटी से कहा और यह टाइप करते वक़्त उसकी आँखों में एक अलग ही भावना थी... वो रीना से इतना अटॅच हो चुका था कि वो बस उसे अपने से दूर नहीं करना चाहता था... ऐसा तो रीना ने कुछ नहीं किया , पर बस उसका हुस्न देख के भारत दीवाना सा होने लगा था.. और उसके इस मेसेज से, रीना भी शायद यह समझ चुकी थी..
"जब आओगे, तब आओगे.. लेकिन अभी मेरे गरम जिस्म का क्या करूँ.. हाएयय ससिईई.... इट्स वेट डाउन देअर.." टाइप करके रीना अपनी चूत को शॉर्ट्स के उपर से रगड़ने लगी, और राज से छुप भी रही थी..
"तो मुझे दो ना, मैं पी लेता हूँ इस पानी को... मुझे जला दो तुम्हारे इस जिस्म की गर्मी में"
"हाए तो आ जाइए ना अहहाहा उम्म्म्म... पी लीजिए ना अहहाहा" रीना अब राज से बच के अपनी चूत को धीरे धीरे सहलाने लगी
"उम्म्म्म अहहः स्लूर्रप्प्प अहहहहा...... मेरे लंड को भी तो अहहा कुछ उम्म्म्म करो "
"अहहः दीजिए ना यह लोहा अहहहहा... आइ वान्ट टू सक इट अहाहा... उम्म्म अहहहा हाए अहहहहा.. कितना मोटा है अहाहहा"
"उम्म्म अहहहः.... तेरी चूत भी आहाहहह उम्म्म कितनी रसीली आआहा हाीइ.. सीसिसीसीई"
"हाआहहा तेरे लिए ही है आहहहा मेरे राजा अहहाहाः धीरे सक अहाहहा... उम्म्म्म तेरा लंड अफ फ़हहहहा.."
"उम्म्म आहहहहा.. सस्सिईइ स्लूरप्प्प सुर्रप्प्प अहहहहा..... तेरा ना मर्द अपति अहहहहा देख हमे मौज करते हुए अहहाहा.. देख रहा है उम्म अहाहाआ..."
"उम्म्म छोड़ ना उस भडवे को अहाहहाअ... मेरी चूत खा ना आहहा मेरे राजा अहहहंम.. तेरे टटटे दे ना चाटने को अहहहाहा स्लूरप्रप्प्प अहहहहा अहम्म्म. यम्मी अहहाहा ससिईईईईईई"
"उम्म्म अहाहहाः ससलुउउरप्प्पा अहहहहा.....कितनी रसीली अहाहहा चूत है तेरी मेरी रानी अहहहहाआ,, स्लूरप्पर्प अहहहहहा सक मी हार्ड अहहहहः
"उम्म अहहा पुचह पुचहच्चक् अहहहहा.. देख मेरे भडवे पति अहाहहाहा कैसे अहहहाः उम्म्म मवाहाहहा उम्म्म मुउहह मुहह मेरे दूसरे पति से अहहाहा उम्म्म तेरे सामने चुद रही हूँ अहहहहहा"
"पत्नी नहीं अहाहौमम्म तू तो मेरी रंडी है अहाहहाअ... तेरा पति हमे देख के अहहहा लंड हिलाने लगा अहाहम्मुंम्म"
"अहाहौमम्म अब आओ ना अहहाहा मेरी चूत को फाड़ दो ना अहहहा... "
"उम्म्म अहहा येअह बेबी अहाहौमम्म...... चलो अब टाँगें खोलो और मेरे शोल्डर्स पे रखो.. हां ऐसे उम्म्म अहहहा....."
'अहहहहा धीरे घुसाना मेरे सैयाँ अहहः उम्म्म्म... आहवच ... धीरे अयीई माँ आहहहहा आहाहा यह नेवला अहहहहा मार ना डाले कहीं मुझे अहहहौफफफफ्फ़"
"अहाहहा माँ की लौडि, नेवले को छेड़ा ही क्यूँ फिर अहाहहा उम्म्म हाहाहा ठप्प्प्प ठप्प्प्प्प."
"येअह अहहः फक मी हार्ड ना अहहहहा और ज़ोर से चोदो ना अहहहहहा.. येस्स गिव मी मोर अहहहा ओह्ह यआःाहहाहाहा "
"अहाहा यॅ बेबी अहाहहा माइ स्लट.... बिच टेक इट डीप अहहहहहाहा ओह "
"आहहहा गिव मी आहाहाहा और अंदर घुसाओ ना अहाहहाअ.. फाड़ डालो मेरी चूत को हाआहहः हां ऐसे ही यआहसस अहाहहा.. राज देख भडवे अहाहहाहा अयीई माआ.. उधर खड़ा लंड क्या हिला रहा है अहहहहा..."
"तेरे ना मर्द पति को अहहहहा छोड़ आहाहहा. चूत कुटवा तू मुझसे अपनी अहाहहाः येआः बेबी उम्म्म अहहाहा अहाहहा अहहहहा अहहहहा"
"अहहहा कम हियर अहाहहा... राज भडवे अहहः तू नीचे सो अहहहा.. मैं बीच में आती हूँ अहहहा.... आप मुझे उपर से चोदिये अहहहहहा"
"आहहा तेरी माँ को चोदु अहहा यह कहाँ से सीखी पोज़िशन भाडवी अहहहहा..."