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मैं रीता हूँ मेरे पति का नाम अतुल है। मेरे पति चाहते हैं कि मैं उनका लौड़ा चुसूं और पूरी नंगी होकर सेक्स में तरह तरह के खेल करूँ। इस बात को लेकर अक्सर मेरी उनसे लड़ाई हो जाती थी। मुझे लौड़ा चूसने से बड़ी चिढ़ थी मुझे लौड़ा चूसना बहुत गन्दा काम लगता था।
एक बार लड़ाई तेज हो गई, अतुल बोले- कुतिया, तू लौड़ा नहीं चूस सकती तो यहाँ से भाग जा!
मैं भी लड़ कर अपने घर आ गई। मैंने अपनी माँ को बता दिया कि अब मैं घर नहीं जाऊँगी। मेरी माँ ने मुझसे कुछ नहीं कहा। मेरे भैया 3-4 दिन के लिए घर से बाहर थे इसलिए रात में मैं भाभी के कमरे में सोने चली गई।
मैं और भाभी रात को दस बजे बिस्तर पर आ गई। भाभी ने साड़ी उतार दी। वो अब पेटीकोट और ब्लाउज़ में थीं। उन्होंने पेटीकोट उठा कर अपनी चड्डी भी उतार दी। ब्रा वो पहने नहीं थीं। मैं एक मैक्सी और चड्डी पहने थी।
भाभी ने मुझसे पूछा- ब्लू फिल्म देखोगी क्या?
मैं पिछले दस दिन से नहीं चुदी थी, मेरी चूत में खुजली हो रही थी।
मैं बोली- देख लूंगी!
भाभी ने एक सेक्सी हिंदी ब्लू फिल्म लगा दी। फिल्म में कुछ देर बाद लड़कियों ने लड़कों के लंड निकाल कर चूसना शुरू कर दिए।
मैं बोली- भाभी यह काम तो केवल रंडियाँ ही कर सकती हैं!
भाभी मुस्करा कर बोली- शुरू शुरू में तो गन्दा लगता है लेकिन एक बार चूस लो तो फिर बार बार लंड चूसने का मन करता है! तेरे भैया तो दिन में एक बार लंड चुसवाते ही हैं।
मैं बोली- ऊहं! मैं तो कभी नहीं चूस सकती!
कुछ देर बाद लड़की की चूत में लौड़ा घुसा कर लड़के चोदने लगे। कमरे में फिल्म की सेक्सी आवाज़ गूँज रही थी। भाभी पेटीकोट उठा कर अपनी चूत सहलाने लगीं। मेरा हाथ बार बार मेरी चूत पर जा रहा था लेकिन मैं हटा लेती थी।
भाभी मुस्करा कर मेरी तरफ देखती हुई बोलीं- शरमा क्यों रही है? खुजली हो रही है तो खुजा ले! ला, मैं तेरी खुजा देती हूँ और तू मेरी खुजा दे!
भाभी ने मेरी मैक्सी खोल कर मेरी चड्डी में उंगली डाल दी और मेरी चूत खुजानी शुरू कर दी। मेरा हाथ उन्होंने अपनी चूत पर रख दिया। मैं भी उनकी चूत खुजलाने लगी। ब्लू फिल्म अपनी चरम सीमा पर थी। अब दो लड़कियों की चूत उन्हें सीधा लेटाकर 2 लड़के मार रहे थे और एक लड़का उनमें से एक लड़की को अपना लंड चुसवा रहा था। उनकी उहं उहं ओह ओह की आवाजें पूरे कमरे में गूँज रही थीं।
मैं और भाभी बहुत गरम हो रहे थे, भाभी ने अपना पेटीकोट, ब्लाउज़ उतार दिया था। मैं भी सेक्स की गर्मी में नहा रही थी और पूरी नंगी हो गई थी। भाभी की चूत पूरी चिकनी थी। मेरी चूत पर झांटों का जंगल उग रहा था।
भाभी बोली- ननदजी, लगता है रमेश जी को जंगल में घुस कर चोदना अच्छा लगता है!
उन्होंने मेरी चूत में उंगली घुसा दी। मैंने भी उनके चूत के होटों को रगड़ना जारी रखा।
फिल्म ख़त्म हो गई थी। हम दोनों पूरी नंगी एक दूसरे से बुरी तरह से चिपकी हुई थी। मेरी चूत भाभी की चूत से पूरी छुल रही थी और चूचियाँ रगड़ खा रही थीं। हम दोनों ने एक दूसरे के होंठ चूसे और चूचुक उमेठे। थोड़ी देर बाद भाभी और मैंने एक साथ पानी छोड़ दिया उसके बाद हम दोनों सो गए।
अगली रात को हम लोग फिर साथ सोये। आज भाभी मेरे सामने पूरी नंगी हो गई थीं, बोली- तेरे भैया के साथ तो मैं पूरी नंगी ही सोती हूँ! अब कल तो हम लोगों ने मौज की ही थी, आज और मौज करते हैं!
और उन्होंने मुझे भी पूरा नंगा करा दिया। मेरी झांटों के जंगल पर हाथ फिरा कर भाभी बोलीं- चल, इसे साफ कर ले! फिर मजा चखाती हूँ!
और उन्होंने क्रीम लगाकर मेरी चूत पूरी चिकनी कर दी। भाभी बोलीं- आज मैं तुझे असली लंड जैसा मजा देती हूँ!
भाभी अपनी अलमारी की तरफ गईं, उन्होंने एक नकली लंड अपनी अलमारी से निकाला और बोली- यह नकली लंड है! बिल्कुल असली जैसा मजा देता है! तेरे भैया ने अमेरिका से लाकर दिया है। इसे चूत में फिट करके लड़कों की तरह औरतों को चोदा जा सकता है और अपने हाथ से भी चूत में डाल कर मजा ले सकते हैं। अब बता मैं तुझे चोदूँ या तू मुझे चोदेगी?
मैं बुरी तरह शरमा रही थी, भाभी बोली- बहुत शर्माती है? चल लेट! पहले मैं ही तुझे चोदती हूँ!
और उन्होंने अपनी चूत में लंड फिक्स कर लिया। भाभी नकली लंड लगा कर ऐसी लग रहीं थीं जैसे कोई गोरे लंड वाला चिकना लौंडा मुझे चोदने को खड़ा है। मुझे गिरा कर भाभी मेरे ऊपर लेट गईं और मेरी चूत में अपना नकली लौड़ा हाथ से पकड़ कर घुसा दिया। नकली लंड मेरे पति से मोटा था, मेरे मुँह से ऊहऽऽ मर गई! मर गई! की आवाज़ निकल गई, लेकिन मुझे साथ ही साथ मजा भी आया था।
भाभी ने मेरी चूचियाँ मलते हुए करीब दस मिनट तक नकली लंड से मुझे चोदा। उसके बाद उन्होंने मेरी चूत में लंड फिक्स कर दिया और बोली- चल अब तू मुझे चोद!
मैं चोदने में शरमा रही थी, भाभी बोली- साली शरमाती बहुत है!
और वो मेरे ऊपर उछ्ल कर बैठ गईं और ऊपर उछ्ल उछ्ल कर
एक बार लड़ाई तेज हो गई, अतुल बोले- कुतिया, तू लौड़ा नहीं चूस सकती तो यहाँ से भाग जा!
मैं भी लड़ कर अपने घर आ गई। मैंने अपनी माँ को बता दिया कि अब मैं घर नहीं जाऊँगी। मेरी माँ ने मुझसे कुछ नहीं कहा। मेरे भैया 3-4 दिन के लिए घर से बाहर थे इसलिए रात में मैं भाभी के कमरे में सोने चली गई।
मैं और भाभी रात को दस बजे बिस्तर पर आ गई। भाभी ने साड़ी उतार दी। वो अब पेटीकोट और ब्लाउज़ में थीं। उन्होंने पेटीकोट उठा कर अपनी चड्डी भी उतार दी। ब्रा वो पहने नहीं थीं। मैं एक मैक्सी और चड्डी पहने थी।
भाभी ने मुझसे पूछा- ब्लू फिल्म देखोगी क्या?
मैं पिछले दस दिन से नहीं चुदी थी, मेरी चूत में खुजली हो रही थी।
मैं बोली- देख लूंगी!
भाभी ने एक सेक्सी हिंदी ब्लू फिल्म लगा दी। फिल्म में कुछ देर बाद लड़कियों ने लड़कों के लंड निकाल कर चूसना शुरू कर दिए।
मैं बोली- भाभी यह काम तो केवल रंडियाँ ही कर सकती हैं!
भाभी मुस्करा कर बोली- शुरू शुरू में तो गन्दा लगता है लेकिन एक बार चूस लो तो फिर बार बार लंड चूसने का मन करता है! तेरे भैया तो दिन में एक बार लंड चुसवाते ही हैं।
मैं बोली- ऊहं! मैं तो कभी नहीं चूस सकती!
कुछ देर बाद लड़की की चूत में लौड़ा घुसा कर लड़के चोदने लगे। कमरे में फिल्म की सेक्सी आवाज़ गूँज रही थी। भाभी पेटीकोट उठा कर अपनी चूत सहलाने लगीं। मेरा हाथ बार बार मेरी चूत पर जा रहा था लेकिन मैं हटा लेती थी।
भाभी मुस्करा कर मेरी तरफ देखती हुई बोलीं- शरमा क्यों रही है? खुजली हो रही है तो खुजा ले! ला, मैं तेरी खुजा देती हूँ और तू मेरी खुजा दे!
भाभी ने मेरी मैक्सी खोल कर मेरी चड्डी में उंगली डाल दी और मेरी चूत खुजानी शुरू कर दी। मेरा हाथ उन्होंने अपनी चूत पर रख दिया। मैं भी उनकी चूत खुजलाने लगी। ब्लू फिल्म अपनी चरम सीमा पर थी। अब दो लड़कियों की चूत उन्हें सीधा लेटाकर 2 लड़के मार रहे थे और एक लड़का उनमें से एक लड़की को अपना लंड चुसवा रहा था। उनकी उहं उहं ओह ओह की आवाजें पूरे कमरे में गूँज रही थीं।
मैं और भाभी बहुत गरम हो रहे थे, भाभी ने अपना पेटीकोट, ब्लाउज़ उतार दिया था। मैं भी सेक्स की गर्मी में नहा रही थी और पूरी नंगी हो गई थी। भाभी की चूत पूरी चिकनी थी। मेरी चूत पर झांटों का जंगल उग रहा था।
भाभी बोली- ननदजी, लगता है रमेश जी को जंगल में घुस कर चोदना अच्छा लगता है!
उन्होंने मेरी चूत में उंगली घुसा दी। मैंने भी उनके चूत के होटों को रगड़ना जारी रखा।
फिल्म ख़त्म हो गई थी। हम दोनों पूरी नंगी एक दूसरे से बुरी तरह से चिपकी हुई थी। मेरी चूत भाभी की चूत से पूरी छुल रही थी और चूचियाँ रगड़ खा रही थीं। हम दोनों ने एक दूसरे के होंठ चूसे और चूचुक उमेठे। थोड़ी देर बाद भाभी और मैंने एक साथ पानी छोड़ दिया उसके बाद हम दोनों सो गए।
अगली रात को हम लोग फिर साथ सोये। आज भाभी मेरे सामने पूरी नंगी हो गई थीं, बोली- तेरे भैया के साथ तो मैं पूरी नंगी ही सोती हूँ! अब कल तो हम लोगों ने मौज की ही थी, आज और मौज करते हैं!
और उन्होंने मुझे भी पूरा नंगा करा दिया। मेरी झांटों के जंगल पर हाथ फिरा कर भाभी बोलीं- चल, इसे साफ कर ले! फिर मजा चखाती हूँ!
और उन्होंने क्रीम लगाकर मेरी चूत पूरी चिकनी कर दी। भाभी बोलीं- आज मैं तुझे असली लंड जैसा मजा देती हूँ!
भाभी अपनी अलमारी की तरफ गईं, उन्होंने एक नकली लंड अपनी अलमारी से निकाला और बोली- यह नकली लंड है! बिल्कुल असली जैसा मजा देता है! तेरे भैया ने अमेरिका से लाकर दिया है। इसे चूत में फिट करके लड़कों की तरह औरतों को चोदा जा सकता है और अपने हाथ से भी चूत में डाल कर मजा ले सकते हैं। अब बता मैं तुझे चोदूँ या तू मुझे चोदेगी?
मैं बुरी तरह शरमा रही थी, भाभी बोली- बहुत शर्माती है? चल लेट! पहले मैं ही तुझे चोदती हूँ!
और उन्होंने अपनी चूत में लंड फिक्स कर लिया। भाभी नकली लंड लगा कर ऐसी लग रहीं थीं जैसे कोई गोरे लंड वाला चिकना लौंडा मुझे चोदने को खड़ा है। मुझे गिरा कर भाभी मेरे ऊपर लेट गईं और मेरी चूत में अपना नकली लौड़ा हाथ से पकड़ कर घुसा दिया। नकली लंड मेरे पति से मोटा था, मेरे मुँह से ऊहऽऽ मर गई! मर गई! की आवाज़ निकल गई, लेकिन मुझे साथ ही साथ मजा भी आया था।
भाभी ने मेरी चूचियाँ मलते हुए करीब दस मिनट तक नकली लंड से मुझे चोदा। उसके बाद उन्होंने मेरी चूत में लंड फिक्स कर दिया और बोली- चल अब तू मुझे चोद!
मैं चोदने में शरमा रही थी, भाभी बोली- साली शरमाती बहुत है!
और वो मेरे ऊपर उछ्ल कर बैठ गईं और ऊपर उछ्ल उछ्ल कर