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Guest
अब टिया अपने एक हाथ की उंगली को तरुण की छाती पर फेरती है..
ऑर तरुण की शर्ट मा एक बटन खोल कर तरुण की छाती पर एक
किस कर देती है.
इस हरकत से तरुण के मुँह से एक आह निकल जाती है.. ऑर तरुण
अपने एक हाथ को टिया के गॉल पर रख देता है .. ऑर टिया के
फेस को अपने फेस की ऑर घुमाता है.
तरुण टिया के पिंक कलर के लिप्स को देख रहा है.. ये
पिंक लिप्स इतने प्यारे ऑर रसीले लग रहे है.. जिसे कोई भी
देख ले तो बिना इनका रस पिए नही रह सकता है.. तरुण टिया
के होंठो को प्यासी नज़रो से देख रहा है..
तरुण टिया के होंठो को अपने होंठो के नज़दीक लाता है.. तरुण
के दिमाग़ ने काम करना बंद कर दिया है.. अब सिर्फ उसका दिल
काम कर रहा है.. ऑर दिल बोल रहा है की टिया के इन होंठो का
रस पी ले..
तरुण भी अपने दिल के हाथ मजबूर हो गया है…. टिया
समझ गयी है.. उसका भाई क्या चाहता है.. टिया भी यही
चाहती है.. इसलिए वो अपनी आखे बंद करके अपने होंठो की
तरुण के होंठो की ऑर बढ़ा देती है..
ऑर बिना एक पल गँवाए.. दोनो के होंठ आपस मे मिल गये..
तरुण बहुत आराम से टिया के होंठो को चूस रहा है.. जिससे
उसे पता है इन रसीले होंठो पर अब बस उसका हक़ है.. ऑर ये
कभी कही नही जाएँगे.. टिया भी तरुण का साथ देते हुए..तरुण के होंठो को चूस रही है..
तरुण अपनी जीब को टिया के मुँह मे दे कर फ्रांच किस स्टार्ट कर
देता है.. टिया तरुण की जिब का बड़े प्यार से अपने मुँह मे
स्वागत करती है. ऑर तरुण की जीब को चूसना स्टार्ट कर देती है..
ऑर ऐसे ही टिया भी अपनी जीव को तरुण के मुँह मे दे देती है.
दोनो ऐसे ही किस करते हुए.. अपनी लार को एक दूसरे मे मुँह
मे देते हुए. मज़े ले रहे है.
टिया धीरे धीरे हिलते हुए.. अपनी गान्ड को तरुण के लंड पर
रगड़ रही है.. तरुण भी अपना हाथ टिया की गान्ड की ऑर बढ़ा
देता है और टिया को गान्ड से पकड़ कर अपनी ऑर खिचता है .
तभी डोर पर नॉक होने की आवाज़ आती है… तरुण ऑर टिया
दोनो डर जाते हैं … ऑर हड़बड़ा कर अलग हो जाते है.. टिया बेड
के साइड मे खड़ी हो कर खुद को ठीक करने लगती है. तरुण
भी खुद को ठीक करता है.. तरुण बेड से नही उठता है.
क्योंकि तरुण का लंड अभी भी खड़ा है.. उसे पता है यदि
वो वहाँ से खड़ा होगा तो उसके लोवर का तंबू सब को
दिखाई देगा…
इसलिए वो टिया को डोर ओपन करने का इशारा करता है.. लेकिन
टिया थोड़ी डरी हुई है..
तभी डोर पर फिर से नॉक होता है. तरुण टिया को थोड़ा
फोर्स करते हुए. डोर ओपन करने को कहता है… टिया डोर
की तरफ जाती है.. ऑर डरते हुए धीरे से डोर ओपन कर देती है..
सामने टीना खड़ी हुई है.. टिया टीना को देख कर एक नॉर्मल
स्माइल देती है.. ऑर साइड हो कर अंदर आने का रास्ता देती है..
टीना टिया को तरुण के रूम मे देख कर.. वो भी गेट बंद …
ये टीना को थोड़ा अजीब लगता है. लेकिन वो शांत सवभाव की
है इसलिए ज़्यादा रेएक्ट नही करती है… टीना के हाथ मे ट्रे
है. जिसमे चाय एंड पकोडे है.. टीना उन्हे ले कर तरुण के
पास आती है. ऑर बेड पर ट्रे रखती हुई वही बैठ जाती है..
जब टिया को लगता है सब नॉर्मल हो गया है तो वो भी
नॉर्मल विहेव करने लगती है. ऑर पकोड़ो की तरफ़ टूट पड़ती है..
टिया वही बेड पर आ कर बैठ जाती है.. ऑर पकोडे खाने लगती
है
टिया- “ वाह दी आज तो पकोडे… किसने बनाए है.. “
टीना- “ मोम बना रही है. .. ऑर तू जा तेरे पकोडे ऑर चाय
नीचे है वहाँ से ले आ ये तो मैं भाई ऑर मेरे लिए लाई हू“
टिया- “ दी वो मैं बाद मे ले आउन्गी.. अभी इसमे से ही खाउन्गी. “
टीना- “ जा चाय तो ले आ. ऑर पकोडे भी ले आ.. “
टिया- “ ओके जा रही हू.. “
इतना कहते हुए. टिया वहाँ से भागती हुई बाहर चली जाती है..
इसका फ़ायदा उठा कर टीना
टीना- “ भाई टिया कुछ बोल रही थी क्या. “
तरुण- “ किस बारे मे “
टीना- “ वो उसने हमें किस करते हुए देख लिया था.. उसके
लिए “
तरुण को इसकी अब कोई टेंशन नही हो रही है.. वो ऐसे ही
टेंशन फ्री मूड मे पकोडे खाते हुए..
तरुण- “ नही उसकी टेंशन मत लो.. मैने उसे समझा दिया
है.. वो कुछ नही कहेगी “
इतना सुन कर टीना भी खुश हो जाती है ऑर स्माइल करते हुए..
पकोडे खाने लगती है.. तरुण टीना हाथ पकड़ कर अपनी ऑर
खिचता है.. टीना थोड़ा संभलते हुए…
टीना- “ भाई क्या कर रहे हो.. चाय गिर जाएगी “
तरुण- “ दी थोड़ा पास आओ ना “
टीना चाय का चुप वापस ट्रे मे रखती है.. ऑर तरुण की ऑर
थोड़ा खिसक जाती है. तरुण टीना के होंठो पर किस करना स्टार्ट
कर देता है.. कुछ ही पॅलो मे टीना किस को तोड़ते हुए.. थोड़ा
पीछे हट जाती है..
तरुण- “ क्या हुआ दी “
टीना- “ कोई देख लेगा… तुम तो कभी भी शुरू हो जाते हो..”
तरुण- “ ओके दी आप मुझे अपने हाथो से पकोडे खिलाओ ना..”
इतने मे टीना के बड़ी स्माइल करती है. ऑर अपने हाथो से एक
पकोड़ा उठाती है. तरुण को खिलाती है.. तरुण पकोडे को खाकर
तरुण- “ दी अब तो पकोड़ा ऑर भी टेस्टी लग रहा है. लेकिन
इसमे ऑर भी ज़्यादा टेस्ट आ सकता है.. “
टीना- “ कैसे . ? “
तरुण एक पकोडे को उठाता है..
तरुण- “ ऐसे “
तरुण इतना कहते हुए. पकोडे को आधा अपने मुँह मे पकड़
लेता है. ऑर टीना के मुँह की ऑर बढ़ा देता है.. टीना समझ
जाती है.. ऑर टीना भी उस पकोडे को अपने मुँह मे पकड़ लेती है.
दोनो धीरे धीरे पकोडे को खाते है. ऑर ऑर किस करने
लगते है.. तरुण के मुँह मे पकोडे का एक टुकड़ा बचा हुआ
है वो किस करते हुए.. उसे टीना के मुँह मे धकेल देता है
टीना उसे अपने मुँह मे लेती है. ऑर किस करने लगती है.. थोड़ी
देर मे दोनो अलग होते है..
ऑर तरुण फिर से एक पकोडे को लेता है
तरुण- “ दी फिर से करते है.. बहुत मज़े आएगा,,“
तभी तरुण की नजर गेट पर पढ़ती है.. वहाँ टिया एक प्लेट
मे पकोडे ऑर चाय लिए हुए खड़ी है..
वो अजीब सी नज़रो से तरुण ऑर टीना को देख रही है.. उसके गाल
शर्मा से लाल हो गये है…
लेकिन टिया नॉर्मल होने की कोशिश कर रही है. ऑर वो धीरे धीरे
चलती हुए बेड पर आ कर बैठ जाती है.. ऑर प्लेट को बीच मे
रख देती है..
ऑर तरुण की शर्ट मा एक बटन खोल कर तरुण की छाती पर एक
किस कर देती है.
इस हरकत से तरुण के मुँह से एक आह निकल जाती है.. ऑर तरुण
अपने एक हाथ को टिया के गॉल पर रख देता है .. ऑर टिया के
फेस को अपने फेस की ऑर घुमाता है.
तरुण टिया के पिंक कलर के लिप्स को देख रहा है.. ये
पिंक लिप्स इतने प्यारे ऑर रसीले लग रहे है.. जिसे कोई भी
देख ले तो बिना इनका रस पिए नही रह सकता है.. तरुण टिया
के होंठो को प्यासी नज़रो से देख रहा है..
तरुण टिया के होंठो को अपने होंठो के नज़दीक लाता है.. तरुण
के दिमाग़ ने काम करना बंद कर दिया है.. अब सिर्फ उसका दिल
काम कर रहा है.. ऑर दिल बोल रहा है की टिया के इन होंठो का
रस पी ले..
तरुण भी अपने दिल के हाथ मजबूर हो गया है…. टिया
समझ गयी है.. उसका भाई क्या चाहता है.. टिया भी यही
चाहती है.. इसलिए वो अपनी आखे बंद करके अपने होंठो की
तरुण के होंठो की ऑर बढ़ा देती है..
ऑर बिना एक पल गँवाए.. दोनो के होंठ आपस मे मिल गये..
तरुण बहुत आराम से टिया के होंठो को चूस रहा है.. जिससे
उसे पता है इन रसीले होंठो पर अब बस उसका हक़ है.. ऑर ये
कभी कही नही जाएँगे.. टिया भी तरुण का साथ देते हुए..तरुण के होंठो को चूस रही है..
तरुण अपनी जीब को टिया के मुँह मे दे कर फ्रांच किस स्टार्ट कर
देता है.. टिया तरुण की जिब का बड़े प्यार से अपने मुँह मे
स्वागत करती है. ऑर तरुण की जीब को चूसना स्टार्ट कर देती है..
ऑर ऐसे ही टिया भी अपनी जीव को तरुण के मुँह मे दे देती है.
दोनो ऐसे ही किस करते हुए.. अपनी लार को एक दूसरे मे मुँह
मे देते हुए. मज़े ले रहे है.
टिया धीरे धीरे हिलते हुए.. अपनी गान्ड को तरुण के लंड पर
रगड़ रही है.. तरुण भी अपना हाथ टिया की गान्ड की ऑर बढ़ा
देता है और टिया को गान्ड से पकड़ कर अपनी ऑर खिचता है .
तभी डोर पर नॉक होने की आवाज़ आती है… तरुण ऑर टिया
दोनो डर जाते हैं … ऑर हड़बड़ा कर अलग हो जाते है.. टिया बेड
के साइड मे खड़ी हो कर खुद को ठीक करने लगती है. तरुण
भी खुद को ठीक करता है.. तरुण बेड से नही उठता है.
क्योंकि तरुण का लंड अभी भी खड़ा है.. उसे पता है यदि
वो वहाँ से खड़ा होगा तो उसके लोवर का तंबू सब को
दिखाई देगा…
इसलिए वो टिया को डोर ओपन करने का इशारा करता है.. लेकिन
टिया थोड़ी डरी हुई है..
तभी डोर पर फिर से नॉक होता है. तरुण टिया को थोड़ा
फोर्स करते हुए. डोर ओपन करने को कहता है… टिया डोर
की तरफ जाती है.. ऑर डरते हुए धीरे से डोर ओपन कर देती है..
सामने टीना खड़ी हुई है.. टिया टीना को देख कर एक नॉर्मल
स्माइल देती है.. ऑर साइड हो कर अंदर आने का रास्ता देती है..
टीना टिया को तरुण के रूम मे देख कर.. वो भी गेट बंद …
ये टीना को थोड़ा अजीब लगता है. लेकिन वो शांत सवभाव की
है इसलिए ज़्यादा रेएक्ट नही करती है… टीना के हाथ मे ट्रे
है. जिसमे चाय एंड पकोडे है.. टीना उन्हे ले कर तरुण के
पास आती है. ऑर बेड पर ट्रे रखती हुई वही बैठ जाती है..
जब टिया को लगता है सब नॉर्मल हो गया है तो वो भी
नॉर्मल विहेव करने लगती है. ऑर पकोड़ो की तरफ़ टूट पड़ती है..
टिया वही बेड पर आ कर बैठ जाती है.. ऑर पकोडे खाने लगती
है
टिया- “ वाह दी आज तो पकोडे… किसने बनाए है.. “
टीना- “ मोम बना रही है. .. ऑर तू जा तेरे पकोडे ऑर चाय
नीचे है वहाँ से ले आ ये तो मैं भाई ऑर मेरे लिए लाई हू“
टिया- “ दी वो मैं बाद मे ले आउन्गी.. अभी इसमे से ही खाउन्गी. “
टीना- “ जा चाय तो ले आ. ऑर पकोडे भी ले आ.. “
टिया- “ ओके जा रही हू.. “
इतना कहते हुए. टिया वहाँ से भागती हुई बाहर चली जाती है..
इसका फ़ायदा उठा कर टीना
टीना- “ भाई टिया कुछ बोल रही थी क्या. “
तरुण- “ किस बारे मे “
टीना- “ वो उसने हमें किस करते हुए देख लिया था.. उसके
लिए “
तरुण को इसकी अब कोई टेंशन नही हो रही है.. वो ऐसे ही
टेंशन फ्री मूड मे पकोडे खाते हुए..
तरुण- “ नही उसकी टेंशन मत लो.. मैने उसे समझा दिया
है.. वो कुछ नही कहेगी “
इतना सुन कर टीना भी खुश हो जाती है ऑर स्माइल करते हुए..
पकोडे खाने लगती है.. तरुण टीना हाथ पकड़ कर अपनी ऑर
खिचता है.. टीना थोड़ा संभलते हुए…
टीना- “ भाई क्या कर रहे हो.. चाय गिर जाएगी “
तरुण- “ दी थोड़ा पास आओ ना “
टीना चाय का चुप वापस ट्रे मे रखती है.. ऑर तरुण की ऑर
थोड़ा खिसक जाती है. तरुण टीना के होंठो पर किस करना स्टार्ट
कर देता है.. कुछ ही पॅलो मे टीना किस को तोड़ते हुए.. थोड़ा
पीछे हट जाती है..
तरुण- “ क्या हुआ दी “
टीना- “ कोई देख लेगा… तुम तो कभी भी शुरू हो जाते हो..”
तरुण- “ ओके दी आप मुझे अपने हाथो से पकोडे खिलाओ ना..”
इतने मे टीना के बड़ी स्माइल करती है. ऑर अपने हाथो से एक
पकोड़ा उठाती है. तरुण को खिलाती है.. तरुण पकोडे को खाकर
तरुण- “ दी अब तो पकोड़ा ऑर भी टेस्टी लग रहा है. लेकिन
इसमे ऑर भी ज़्यादा टेस्ट आ सकता है.. “
टीना- “ कैसे . ? “
तरुण एक पकोडे को उठाता है..
तरुण- “ ऐसे “
तरुण इतना कहते हुए. पकोडे को आधा अपने मुँह मे पकड़
लेता है. ऑर टीना के मुँह की ऑर बढ़ा देता है.. टीना समझ
जाती है.. ऑर टीना भी उस पकोडे को अपने मुँह मे पकड़ लेती है.
दोनो धीरे धीरे पकोडे को खाते है. ऑर ऑर किस करने
लगते है.. तरुण के मुँह मे पकोडे का एक टुकड़ा बचा हुआ
है वो किस करते हुए.. उसे टीना के मुँह मे धकेल देता है
टीना उसे अपने मुँह मे लेती है. ऑर किस करने लगती है.. थोड़ी
देर मे दोनो अलग होते है..
ऑर तरुण फिर से एक पकोडे को लेता है
तरुण- “ दी फिर से करते है.. बहुत मज़े आएगा,,“
तभी तरुण की नजर गेट पर पढ़ती है.. वहाँ टिया एक प्लेट
मे पकोडे ऑर चाय लिए हुए खड़ी है..
वो अजीब सी नज़रो से तरुण ऑर टीना को देख रही है.. उसके गाल
शर्मा से लाल हो गये है…
लेकिन टिया नॉर्मल होने की कोशिश कर रही है. ऑर वो धीरे धीरे
चलती हुए बेड पर आ कर बैठ जाती है.. ऑर प्लेट को बीच मे
रख देती है..