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Guest
थोरी देर तक ऐसा करने के बाद उसने फिर से एक धक्का मारा, इस बार धक्का थोरा ज़यादा ही जोरदार था और मेरे लंड का लग भाग आधा से अधिक भाग उसकी चूत में समा गया. मेरे मुँह से एक ज़ोर डर चीख निकल गई. क्यों की मेरे लंड के सुपरे की चमरी एक डम से पिच्चे उलट गई थी. पर मा ने इस र कोई ध्यान ऩही दिया और उतने ही लंड पर आगे पिच्चे करते हुए धक्का मरते हुए बोली "बेटा चुदाई कोई आसान काम ऩही है, लर्की भी जब पहली बार चुड्ती है तो उसको भी दर्द होता है, और उसका दर्द तो तेरे दर्द के सामने कुच्छ भी ऩही है, जैसे उसके बुर की सील टूटती है वैसे ही तेरे लंड की भी आज सील टूटी है, थोरी देर तक आराम से लेता रह फिर देख तुझे कैसा मज़ा आता है". मा अब उतने लंड को ही बुर में ले कर धीरे धीरे धक्के लगा रही थी. वो अपने गांद को उच्छल उच्छल के धक्के पर धक्का मारे जा रही थी. थोरी देर में ही मेरा दर्द कम हो गया और मुझे गीले पं का अहसास होने लगा. मा की चूत ने पानी छ्होरना शुरू कर दिया था और उसकी बुर से निकलते पानी के कारण मेरे लंड का घुसना और निकलना भी आसान हो गया था. मा अब और ज़ोर ज़ोर से अपनी गांद उच्छल उच्छल के धक्के लगा रही थी और मेरे लौरे का ज़यादा से ज़यादा भाग उसके चूत के अंदर घुसता जा रहा था. मा ने इस बार एक ज़ोर दार धक्का मारा और मेरे लंड का जायदातर भाग अपनी चूत में च्छूपा लिया और सिसकरते हुए बोली "सस्स्स्स्स्सिईईईईई है दैयया, कितना टगरा लॉरा है जैसे की गरम लोहे का रोड हो, एक डम सीधा बुर के दीवारो को रगर मार रहा है, मेरे जैसी चूड़ी हुई औरत के बुर में जब ये इतना कसा हुआ है तो जवान लौंदीयों की चूत फर के रख देगा, मज़ा आ गया, ले साले और घुसा लॉरा और घुसा" कह कर तेज़ी से तीन चार धक्के मार दिए. मा के द्वारा तेज़ी से लगाए गये इन धक्को से मेरा पूरा का पूरा लंड उसकी चूत के अंदर चला गया. मा ने सिसकरते हुए धक्के लगाना जारी रखा और अपने एक हाथ को लौरे के जर के पास ले जाकर देखने लगी की पूरा लंड अंदर गया है की ऩही. जब उसने देखा की पूरा का पूरा लॉरा उसकी बुर में घुस चुका है तब उसने अपनी ****अरो को उच्छलते हुए एक तेज धक्का मारा और मेरे होंठो का चुम्मा ले कर बोली "कैसा लग रहा है बेटा, अब तो दर्द ऩही हो रहा है ना"
"ऩही मा अब दर्द ऩही हो रहा है, देखो ना मेरा पूरा लॉरा तुम्हारे बुर के अंदर चला गया है"
"हा बेटा अब दर्द ऩही होगा अब तो बस मज़ा ही मज़ा है, मेरे बुर के पानी के गीले पं से तेरी चमरी उलटने में आब आसानी हो रही है इसलिए तुझे अब दर्द ऩही हो रहा होगा, बल्कि मज़ा आ रहा होगा, क्यों बेटा बोल ना मज़ा आ रहा है या ऩही अपनी मा के बुर में लॉरा पेल के, अब तो तुझे पाता चल रहा होगा की चुदाई क्या होती है बएटााआआआ, ले मज़े चुदाई का और बता की तुझे कैसा लग रहा है मा की चूत में लॉरा धसने में"
"है मा, सच में गजब का मज़ा आ रहा है, ओह मा तुम्हारी चूत कितनी कसी हुई है मेरा लॉरा तो इसमे बरी मुस्किल से घुसा है जबकि मैने सुना था की शादी शुदा औरतो की चूत ढीली हो जाती है"
"ऩही मा अब दर्द ऩही हो रहा है, देखो ना मेरा पूरा लॉरा तुम्हारे बुर के अंदर चला गया है"
"हा बेटा अब दर्द ऩही होगा अब तो बस मज़ा ही मज़ा है, मेरे बुर के पानी के गीले पं से तेरी चमरी उलटने में आब आसानी हो रही है इसलिए तुझे अब दर्द ऩही हो रहा होगा, बल्कि मज़ा आ रहा होगा, क्यों बेटा बोल ना मज़ा आ रहा है या ऩही अपनी मा के बुर में लॉरा पेल के, अब तो तुझे पाता चल रहा होगा की चुदाई क्या होती है बएटााआआआ, ले मज़े चुदाई का और बता की तुझे कैसा लग रहा है मा की चूत में लॉरा धसने में"
"है मा, सच में गजब का मज़ा आ रहा है, ओह मा तुम्हारी चूत कितनी कसी हुई है मेरा लॉरा तो इसमे बरी मुस्किल से घुसा है जबकि मैने सुना था की शादी शुदा औरतो की चूत ढीली हो जाती है"