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Guest
कुछ देर दोनो एक दूसरे को चूमते सहलाते रहे.. देव वाशु को सहलाते हुए बेड तक ले आया और खुद बेड के किनारे बैठ गया और वाशु के चेहरे को पकड़ कर झुकते हुए अपने लंड की ओर लेजाने लगा वाशु देव का इशारा समझ कर अपने घुटनो के बल बैठ गयी और अपने पति के लंबे मोटे लंड को अपने मुँह में भर कर चूसने लगी... देव का लंड अकड़कर अपनी फुल फॉर्म में आ गया जिसे वाशु को अपने मुँह में लेने के लिए बहुत मसक्कत करनी पड़ रही थी.. देव ने अपने हाथ बढ़ाकर वाशु की चूचियों पर रख दिया और उन्हे सहलाने मसल्ने लगा... वाशु के शरीर में भी करेंट दौड़ने लगा उसके शरीर की आग बढ़ती ही जा रही थी वह पूरे जोश में देव का लंड चूस रही थी देव को अपना लंड चूसवाने मे बड़ा मज़ा आता था..
थोड़ी देर बाद देव ने वाशु को उठने को कहा और उसके कपड़े उतारने लगा कुछ ही पलो में वाशु देव के सामने बिल्कुल नगी खड़ी थी उसका शरीर चमक रहा था जिसे देख कर देव का लंड झटके खाने लगा देव के लिए अब बर्दास्त करना मुस्किल हो रहा था... देव ने वाशु का हाथ पकड़ कर उसे बेड पर लेटा दिया जो पहले से उत्तेजना में जल रही थी और उसकी चूत बुरी तरह रिस रही थी.. वाशु के बेड पर लेटते ही देव उसकी टाँगो के बीच आ गया और और अपने लंड के सुपरे को वाशु की चूत के दाने पर रखकर सहलाने लगा.. देव के लंड को अपनी रिस्ति चूत पर महसूस कर वाशु का शरीर अकड़ गया और उसकी चूत से ढेर सारा पानी बहने लगा... देव अपने लंड कोवाशु की चूत पर रगड़ता ही जा रहा था देव का लंड वाशु के चूत रस से पूरी तरह गीला हो गया और कब वाशु की चूत में घुस गया दोनो में से किसी को पता ही नही चला...
वाशु ने अपने चूतड़ उपर उठा कर देव के लंड को पूरा अपनी चूत में समा लिया... देव ने अब धक्के लगाने सुरू कर दिए नीचे से वाशु भी देव का पूरा साथ दे रही थी... धक्के लगाते हुए देव ने अपने होंठों को वाशु के होठों पर रख कर चूसना सुरू किया जिसने वाशु भी अपना साथ दे रही.. दोनो चुदाई और चूसाई का पूरा मज़ा ले रहे थे... और उनकी ये चुदाई बाहर नेहा भी देख रही थी जब काफ़ी देर तक वाशु कमरे में नही आई तो वह वाशु को बुलाने के लिए उसके कमरे में जाने की सोची पर रूम के अंदर आती हुई आवाज़ को सुनकेर वह बाहर ही रुक गयी और साइड से देखने लगी कि अंदर हो क्या रहा है हालाँकि अंदर से आती हुई सिसकारियों और आन्हो को सुनकर वह जान गयी थी कि अंदर क्या चल रहा है..
नेहा उत्सुकतावास अंदर देख रही थी कि उसके जेठ जेठानी कैसे चुदाई करते हैं और जेठ का लंड कितना लंबा है. नेहा के दिल की धड़कने बढ़ गयी थी वह ये सोच सोच कर उत्तेजित हो रही थी कि उसे आज एक लाइव शो देखने को मिलेगा हालाँकि वह अपनी जेठानी वाशु को कई बार नंगी देख चुकी थी और उसके साथ कई बार लेसबो सेक्स कर चुकी शादी के बाद और शादी के पहले भी पर अपने जेठ यानी देव को नंगा देखने का उसका ये पहला अवसर था. अंदर का नज़ारा देख देख कर नेहा का मुँह खुला का खुला रह गया उसने देखा वाशु बेड पर सीधी लेटी है और देव उसके उपर चढ़ा हुआ उसे चोद रहा है देव का लंड किसी पिस्टन की तरह वाशु की चूत में अंदर बाहर हो रहा है. देव के लंड की मोटाई को देख कर उसे ये अंदाज़ा हो गया था कि देव का लंड मोहन और राज से भी मोटा और लंबा है.
ये देखकर ही नेहा की चूत पानी छोड़ने लगी उसका हाथ अपने आप ही अपनी चूत पर चला गया और कपड़ों के उपर से ही वह अपनी चूत को मसल्ने लगी. देव काफ़ी देर से वाशु को इस पोज़िशन में चोद रहा था और इस दोरान वाशु की चूत कई बार पानी छोड़ चुकी थी एकाएक देव रुक जाता है और वाशु को उठा कर उल्टा घुटनो के बल डॉगी स्टाइल में कर देता है और बिना कोई टाइम गवाए अपनी पोज़िशन ले वाशु की छूत में अपना पूरा लंड एक ही बार में उतार देता है... ओह डार्लिंग धीरी से अया ऑश वाशु कसमाशा जाती है.. देव फिर से अपनी फुल स्पीड में वाशु को चोदने लगता है....
उधर विंडो से अंदर झान्कति नेहा का बुरा हाल हो चुक्का था उसका एक हाथ उसकी चूत को मसल रहा था और दूसरा हाथ उसकी चूचियों को मसल रहा था उसकी उत्तेजना भी बढ़ती जा रही थी... साथ ही नेहा सोच रही थी के देव का लंड वाशु को कितना सुखद अहसास करा रहा होगा... कैसा लगता है जब इतना मोटा लंड चूत की दीवारो को चीरता हुआ अंदर घुसता है... और वह अपनी और राज की चुदाई के बारे में सोचने लगती है राज का लंड भी तो लंबा और मोटा है उसे कितना मज़ा आया था राज से चुदवाने में वो पल वो अब तक नही भूली है.... ये सोचते सोचते वो अपने आप को वाशु की जगह इमगीन करने लगी जसीए देव वाशु को नही बल्कि उसे ही चोद रहा है.. और देव का लंड उसे अपनी छूट में महसूस हो रहा था .... और इसी सोच में वा बहुत उत्तेजित हो गयी थी... और अपनी उंगली छूट में दल कर उसे अंदर बाहर करने लगी ....
उधर देव भी ये सोचकर की दूसरे रूम में उसके छोटे भाई की बीवी नेहा वाशु का इंतजार कर रही होगी और वाशु की जाने मे इतनी देर हो जाने पर वा क्या सोच रही होगी वाशु चुदाई के डॉरॅन इतनी तेज तेज आवाज़ें कर रही है कन्हि ये सब नेहा ने सुन तो नही ली यही सोच सोच कर वा और उत्तेजित हो रहा था देव अब पूरी ताक़त के साथ वाशु को छोड़ रहा था वाशु की छूट ने एक बार फिर पानी छोड़ दिया देव भी अब झड़ने के करीब था और तेज तेज धक्को के साथ वाशु के चूतदों को अपने हाथों से मसल भी रहा था.. नेहा ने अब अपनी दो उंगली अपनी चूत में डाल कर आगे पीछे करना सुरू कर दिया था नेहा को अपनी उत्तेजना अब बर्दास्त नही हो रही थी वह जल्दी से जल्दी अपना पानी छुड़ा देना चाहती थी...
“ऊवू देव और ज़ोर से हाआँ ऐसे ही अया ऑश फाड़ दो आज में चूत को ओ ओ ओ ऐसी ही ईईईईईईईईई ऑश हाां ऊऊर ज़ोर से ए ई आआहह ऊओह मैं गयी आहह हह“ वाशु ने ज़ोर से चिल्लाते हुए अपना पानी एक बार फिर से छोड़ दिया... मैं भी झड़ने वाला हूँ आअहह ऊऊओ ययययययाआअ ये लो आआहह ऑश मैं भी आआया ... ओर ये कहते हुए देव ने भी अपने रस से वाशु की चूत को भर दिया और दोनो निढाल होकेर बेड पर लेट गये और अपनी साँसों को दुरुस्त करने लगे...
क्रमशः....................
थोड़ी देर बाद देव ने वाशु को उठने को कहा और उसके कपड़े उतारने लगा कुछ ही पलो में वाशु देव के सामने बिल्कुल नगी खड़ी थी उसका शरीर चमक रहा था जिसे देख कर देव का लंड झटके खाने लगा देव के लिए अब बर्दास्त करना मुस्किल हो रहा था... देव ने वाशु का हाथ पकड़ कर उसे बेड पर लेटा दिया जो पहले से उत्तेजना में जल रही थी और उसकी चूत बुरी तरह रिस रही थी.. वाशु के बेड पर लेटते ही देव उसकी टाँगो के बीच आ गया और और अपने लंड के सुपरे को वाशु की चूत के दाने पर रखकर सहलाने लगा.. देव के लंड को अपनी रिस्ति चूत पर महसूस कर वाशु का शरीर अकड़ गया और उसकी चूत से ढेर सारा पानी बहने लगा... देव अपने लंड कोवाशु की चूत पर रगड़ता ही जा रहा था देव का लंड वाशु के चूत रस से पूरी तरह गीला हो गया और कब वाशु की चूत में घुस गया दोनो में से किसी को पता ही नही चला...
वाशु ने अपने चूतड़ उपर उठा कर देव के लंड को पूरा अपनी चूत में समा लिया... देव ने अब धक्के लगाने सुरू कर दिए नीचे से वाशु भी देव का पूरा साथ दे रही थी... धक्के लगाते हुए देव ने अपने होंठों को वाशु के होठों पर रख कर चूसना सुरू किया जिसने वाशु भी अपना साथ दे रही.. दोनो चुदाई और चूसाई का पूरा मज़ा ले रहे थे... और उनकी ये चुदाई बाहर नेहा भी देख रही थी जब काफ़ी देर तक वाशु कमरे में नही आई तो वह वाशु को बुलाने के लिए उसके कमरे में जाने की सोची पर रूम के अंदर आती हुई आवाज़ को सुनकेर वह बाहर ही रुक गयी और साइड से देखने लगी कि अंदर हो क्या रहा है हालाँकि अंदर से आती हुई सिसकारियों और आन्हो को सुनकर वह जान गयी थी कि अंदर क्या चल रहा है..
नेहा उत्सुकतावास अंदर देख रही थी कि उसके जेठ जेठानी कैसे चुदाई करते हैं और जेठ का लंड कितना लंबा है. नेहा के दिल की धड़कने बढ़ गयी थी वह ये सोच सोच कर उत्तेजित हो रही थी कि उसे आज एक लाइव शो देखने को मिलेगा हालाँकि वह अपनी जेठानी वाशु को कई बार नंगी देख चुकी थी और उसके साथ कई बार लेसबो सेक्स कर चुकी शादी के बाद और शादी के पहले भी पर अपने जेठ यानी देव को नंगा देखने का उसका ये पहला अवसर था. अंदर का नज़ारा देख देख कर नेहा का मुँह खुला का खुला रह गया उसने देखा वाशु बेड पर सीधी लेटी है और देव उसके उपर चढ़ा हुआ उसे चोद रहा है देव का लंड किसी पिस्टन की तरह वाशु की चूत में अंदर बाहर हो रहा है. देव के लंड की मोटाई को देख कर उसे ये अंदाज़ा हो गया था कि देव का लंड मोहन और राज से भी मोटा और लंबा है.
ये देखकर ही नेहा की चूत पानी छोड़ने लगी उसका हाथ अपने आप ही अपनी चूत पर चला गया और कपड़ों के उपर से ही वह अपनी चूत को मसल्ने लगी. देव काफ़ी देर से वाशु को इस पोज़िशन में चोद रहा था और इस दोरान वाशु की चूत कई बार पानी छोड़ चुकी थी एकाएक देव रुक जाता है और वाशु को उठा कर उल्टा घुटनो के बल डॉगी स्टाइल में कर देता है और बिना कोई टाइम गवाए अपनी पोज़िशन ले वाशु की छूत में अपना पूरा लंड एक ही बार में उतार देता है... ओह डार्लिंग धीरी से अया ऑश वाशु कसमाशा जाती है.. देव फिर से अपनी फुल स्पीड में वाशु को चोदने लगता है....
उधर विंडो से अंदर झान्कति नेहा का बुरा हाल हो चुक्का था उसका एक हाथ उसकी चूत को मसल रहा था और दूसरा हाथ उसकी चूचियों को मसल रहा था उसकी उत्तेजना भी बढ़ती जा रही थी... साथ ही नेहा सोच रही थी के देव का लंड वाशु को कितना सुखद अहसास करा रहा होगा... कैसा लगता है जब इतना मोटा लंड चूत की दीवारो को चीरता हुआ अंदर घुसता है... और वह अपनी और राज की चुदाई के बारे में सोचने लगती है राज का लंड भी तो लंबा और मोटा है उसे कितना मज़ा आया था राज से चुदवाने में वो पल वो अब तक नही भूली है.... ये सोचते सोचते वो अपने आप को वाशु की जगह इमगीन करने लगी जसीए देव वाशु को नही बल्कि उसे ही चोद रहा है.. और देव का लंड उसे अपनी छूट में महसूस हो रहा था .... और इसी सोच में वा बहुत उत्तेजित हो गयी थी... और अपनी उंगली छूट में दल कर उसे अंदर बाहर करने लगी ....
उधर देव भी ये सोचकर की दूसरे रूम में उसके छोटे भाई की बीवी नेहा वाशु का इंतजार कर रही होगी और वाशु की जाने मे इतनी देर हो जाने पर वा क्या सोच रही होगी वाशु चुदाई के डॉरॅन इतनी तेज तेज आवाज़ें कर रही है कन्हि ये सब नेहा ने सुन तो नही ली यही सोच सोच कर वा और उत्तेजित हो रहा था देव अब पूरी ताक़त के साथ वाशु को छोड़ रहा था वाशु की छूट ने एक बार फिर पानी छोड़ दिया देव भी अब झड़ने के करीब था और तेज तेज धक्को के साथ वाशु के चूतदों को अपने हाथों से मसल भी रहा था.. नेहा ने अब अपनी दो उंगली अपनी चूत में डाल कर आगे पीछे करना सुरू कर दिया था नेहा को अपनी उत्तेजना अब बर्दास्त नही हो रही थी वह जल्दी से जल्दी अपना पानी छुड़ा देना चाहती थी...
“ऊवू देव और ज़ोर से हाआँ ऐसे ही अया ऑश फाड़ दो आज में चूत को ओ ओ ओ ऐसी ही ईईईईईईईईई ऑश हाां ऊऊर ज़ोर से ए ई आआहह ऊओह मैं गयी आहह हह“ वाशु ने ज़ोर से चिल्लाते हुए अपना पानी एक बार फिर से छोड़ दिया... मैं भी झड़ने वाला हूँ आअहह ऊऊओ ययययययाआअ ये लो आआहह ऑश मैं भी आआया ... ओर ये कहते हुए देव ने भी अपने रस से वाशु की चूत को भर दिया और दोनो निढाल होकेर बेड पर लेट गये और अपनी साँसों को दुरुस्त करने लगे...
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