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मैं ने राजेश और मेरे लिए टी बना दी.
राजेश भी फ्रेश होकर हॉल मे आ गया.
हम ने टी पीते हुए बातें करनी सुरू की.
अवी-तो बताओ ,प्रिन्सिपल की बेटी की चुदाई कैसे की
राजेश-ज़्यादातर सेट्टिंग अपने आप हो गयी. मैं पढ़ाई मे 1स्ट आता था .और स्पोर्ट भी अच्छे से खेल लेता था.जिस से लड़किया मेरी तरफ अटर्क्ट होने लगी.
अवी-लकी हो तुम ,जो लड़किया खुद तुम्हारी तरफ हाथ बढ़ा रही थी.
राजेश-सब यही कहते है. पर सुरू मे मैं सिर्फ़ लड़कियो से बातें करता था .सेक्स के बारे मे ज़्यादा पता नही था.
अवी-फिर किस ने बताया
राजेश- प्रिन्सिपल की बेटी ने
अवी-पहला हाथ प्रिन्सिपल की बेटी पे डर नही लगा
राजेश- डर के आगे जीत है
अवी- डर तो तुझे लगा होगा
राजेश- डर तो लगा था पर बाद मे पूरा डर ख़तम हो गया
अवी-बता कैसे की सेट्टिंग प्रिन्सिपल की बेटी के साथ
राजेश-एक दिन प्रिन्सिपल की बेटी अपने माँ से मिलने हमारे स्कूल आ गयी. तब स्पोर्ट इवेंट चालू थे. मैं ज़्यादातर स्पोर्ट मे विन्नर था. मैं अपनी ट्रोपी लेने स्टेज पर गया तो प्रिन्सिपल की बेटी को पसंद आ गया. उसने मुझसे नज़दीकिया बढ़ाने के लिए अपनी माँ को मुझे स्कूल दिखाने को कहा.
अवी-फिर
राजेश-वो पूरे 1 महीने के लिए आई थी.स्कूल दिखाते दिखाते वो मेरे करीब आ गयी. वो मुझसे बड़ी थी. उसे बहुत कुछ पता था सेक्स के बारे मे ,पहले उसने किस करने से सुरुआत की. मेरे पहले किस ने मेरा लंड खड़ा कर दिया.
अवी-और
राजेश-कुछ दिन किस से काम चला .फिर उसने मुझे अपने कॉटेज मे बुलाया और ब्लू फिल्म दिखाई. ब्लू फिल्म देख कर हम ओरल सेक्स करने लगे
स्कूल मे वो कहीं भी सुरू हो जाती. कभी टाय्लेट मे ब्लोवजोब देती. तो कभी छत मे .तो कभी लाइब्रेरी मे. मुझे बहुत मज़ा आने लगा. और फिर उसकी माँ स्कूल के काम से बाहर चली गयी. और मेरा लंड उसकी चूत मे चला गया.
अवी-और उसकी माँ को कैसे पटाया .और दूसरी बहन को
राजेश-प्रिन्सिपल मेडम के वापस आते ही हमारा सेक्स करना बंद हुआ. उसने और 1 महीना रुकने का फ़ैसला किया .ऐसे मे उसने एक प्लान बनाया ,सेक्स की प्यास बढ़ाने की गोली खिला दी अपनी माँ को ,रोज खिलाने से मेडम दिन भर अपनी चूत खुजाति रहती.
अवी-देखने मे मज़ा आता होगा.
राजेश-हाँ, फिर एक दिन उनको गोली खिला कर ,उनको दिखा कर उनकी बेटी की चुदाई की.रिस्क था पर प्लान फैल होने वाला नही था. चुदाई देखते ही प्रिन्सिपल मेडम अपनी चूत खोल कर अपनी बेटी के बाजू मे लेट गयी.और दोनो को एक बेड पर चोद डाला.
अवी-दूसरी बेटी
राजेश-वो शादी शुदा थी. अपनी बहन से मेरी तारीफ सुनकर बिना कुछ किए चूत मेरे नाम कर दी.
अवी-इनकी चुदाई तुम कर चुके थे तो अब स्कूल मे रुके क्यूँ थे
राजेश-उसने मुझे मज़ा करना सिखाया .ऐसे मे उसे मना कैसे करता. वो छुट्टियों मे आई थी जिस से मुझे रुकना पड़ा.वो मेरी गुरु है , उसीने सब कुछ सिखाया है , तो उसके लिए रुकना तो था ही
अवी- तेरी सेक्स गुरु प्रिन्सिपल की बेटी
राजेश- हाँ , और आपकी
अवी- मेरी मैथ की मेडम
राजेश-फिर उसके साथ अभी भी करते हो
अवी- नही उसने कहा कि जो सिखाया है उसे याद रखना पर मुझे भूल जाना
राजेश- मेरी गुरु तो हर बार दक्षिणा मांगती है
अवी-आगे बता , साइन्स टीचर
राजेश-प्रिन्सिपल की बेटियाँ जाते ही मैं मूठ मारने लगा.
अवी- बहुत बुरा हाल हो गया होगा
राजेश- हाँ , प्रिन्सिपल मेडम भी बाहर गयी हुई थी , लंड बार बार खड़ा हो जाता लड़कियो को देख कर
अवी- नेटवर्क अच्छा मिल रहा होगा
राजेश- मेरा हाथ बार बार लंड पे जाता था ,
अवी- साइन्स मेडम को कैसे पटाया
राजेश- 2 हफ़्तो से सेक्स करना बंद हो गया था ऐसे मे एक दिन क्लास मे मैं अकेला बैठ कर मूठ मार रहा था ,
अवी- मेडम ने पकड़ लिया
रहेश-हाँ , पर लंड देखते ही गुस्सा होने की जगह अपने मूह मे ले लिया, क्लास मे मूठ मारते हुए मेडम ने पकड़ लिया. और खुद मेरी कैदी बन गयी.
अवी- ये तो लत लग गयी थी तुम्हे
राजेश-हाँ ,
अवी- तो तूने उसका कुछ इलाज किया
राजेश- हाँ, सिर्फ़ वीकॅंड पे सेक्स करता था बाकी दिन कंट्रोल रखता था ,फिर आदत पड़ गयी कंट्रोल करने की
अवी-क्लासमेट के बारे मे बता
राजेश-सेक्स की लत लगते ही .मैं ने उनको सिड्यूस करना स्टार्ट किया. सब जल्दी पट गयी .2 की तो वर्जिनिटी क्लास मे तोड़ी जब सब स्टूडेंट प्रेयर करने गये थे.
अवी-फिर तो उनका बुरा हाल हुआ होगा .पूरी क्लास करने से
राजेश-उस दिन प्रेयर के साथ पीटी क्लास भी था तो 1घंटा था मेरे पास ,प्रेयर के समय सेक्स तो किया पर हम बाथरूम जाते उस से पहले स्टूडेंट क्लास मे आ गये
अवी- तुम्हे पकड़ लिया
राजेश- नही , पर उसको बाथरूम जाना था , पर वो जा नही पाई
अवी- फिर तो उसकी हालत खराब हो गयी होगी
राजेश- बहुत ज़्यादा , और क्लास मे अजीब सी स्मेल आने लगी ,
अवी- तुमने क्या किया
राजेश- क्लास साइन्स का था , मेडम को भी स्मेल आई ,मैं ने उनको अपने पास बुलाया और बता दिया कि बात क्या है
अवी- मेडम ने क्या किया
राजेश-मैं ने साइन्स की मेडम से कहा कि उसकी चुदाई की है. तो मेडम ने स्टूडेंट को खेलने की छुट्टी दी. और वो लड़की बाथरूम मे चली गयी. फिर अपने रूम मे
अवी-और दूसरे स्कूल मे क्या किया वो भी बता
राजेश-वहाँ ज़्यादा सेट्टिंग नही की. एक तो कम समय के लिए जाता था ,उतने कम टाइम मे पटाना मुश्किल था. फिर भी 3 स्टूडेंट और 2 स्पोर्ट मेडम की चुदाई की.
अवी-फुल मज़ा किया तुम ने
राजेश-हां, उन मे से एक लड़की ने अपनी चूत मुझे फाइनल मॅच हारने के लिए दी ,क्यू कि वो अपने बाय्फ्रेंड को जिताना चाहती थी.मुझे कहा कि मैं हार जाउ
मुझे ज़्यादा फरक नही पड़ रहा था कि मैं 2न्ड आ जाउ , पर ऐसे कैसे हार जाता
फिर उसके साथ डील की , मैं फाइनल मॅच हार जाउन्गा उसका बाय्फ्रेंड जीत जाएगा पर उसको मेरे साथ पूरी रात बितानी होंगी
पहले तो उसने मना किया , पर सभी स्टूडेंट कह रहे थे कि मैं जीतूँगा उसका बाय्फ्रेंड के हारने के चान्स ज़्यादा थे, तो उसने मॅच सुरू होने के पहले डील फिक्स कर दी
इधर उसके बाय्फ्रेंड ने ट्रोपी जीती ,और उधर मैं अपने ट्रोपी लेकर अपने रूम मे गया
उसकी गंद टाइट थी जिसको मैं ने पूरी खोल दिया ,
उसका बाय्फ्रेंड उसे ढूंढता रहा ताकि वो जीत का जशन मनाए ,
पर उसकी गर्लफ्रेंड मेरे साथ मेरे हारने का जशन मेरे साथ मना रही थी
मैं ने पूरी रात उसकी चुदाई की. सुबह वो लंगड़ा कर चल रही थी
उसके बाद तो अब वो मुझे रोज कॉल करती पूछने के लिए कि कब उसके स्कूल मे आने वाला हूँ.
अवी-मज़ा ही मज़ा किया तू ने
राजेश-आप आना मेरे स्कूल मे ,आपको भी मज़ा कराउन्गा.
अवी-टाइम मिला तो ज़रूर आउन्गा.
राजेश-आप पे भी लड़किया मारती होगी. इतने फेमस जो हो,
अवी-हाँ, पर मैं सिड्यूस करके चुदाई करने मे इंट्रेस्टेड हूँ.कल तुम्हे मेरी चुदाई की जगह दिखाउन्गा.
राजेश-कहाँ है
अवी-शहर मे ,वही लेकर जा कर चुदाई करता हूँ
राजेश-आपने रेंट पे लिया है.
अवी-बताना मत किसी को ,वो घर मैं ने खरीद लिया है.
राजेश-आपके पास इतने पैसे है.
अवी-थे. पर किसी को बताना मत ,
राजेश-नही बताउन्गा.
अवी-कल वही पर तुम्हारी दीवानी की चुदाई करेंगे
राजेश-मैं ने किसी के साथ मिलकर चुदाई नही की.हमेशा अकेले सेक्स किया है
अवी-कर के देखना ,बहुत मज़ा आता है.ग्रूप सेक्स करेंगे
हम बातें कर रहे थे कि गेट खटखटाने की आवाज़ आई.
राजेश-लगता है माँ आ गयी.
अवी-तुम्हे क्या करना है पता हैना
राजेश-हाँ
मैं ने जाकर गेट खोल दिया.
गेट खोलते ही मैं सामने देख कर शॉक्ड हो गया.
गेट पर नीता बुआ के साथ पूजा बुआ नेहा बुआ और तीनो चाची खड़ी थी.
पूरा मोर्चा आ गया. अच्छा हुआ मैं ने राजेश को समझा दिया वरना उसकी परेड निकालती बुआ और चाची.
नेहा बुआ-स्टॅच्यू की तरह क्यू खड़े हो,हटो, हमे अंदर जाने दो
मैं ने बुआ और चाची को अंदर आने का रास्ता दिया .
नीता बुआ के अंदर आते ही राजेश भाग कर बुआ के गले लग गया.
गले लगते ही राजेश रोने लगा.
राजेश के इस तरह रोने से नीता बुआ को कुछ समझ नही आ रहा था.
नीता बुआ मेरी तरफ देख रही थी.और राजेश की पीठ पर हाथ घुमा कर उसे शांत कर रही थी.
चाची और बुआ भी राजेश के इस तरह रोने से मेरी तरफ देख रही थी.
राजेश-माँ मुझे माफ़ कर दो ,मैं ने तुम्हारा दिल दुखाया है. मुझे माफ़ कर दो
नीता बुआ-तू रोना बंद कर ,तू रोता हुआ अच्छा नही लगता.
राजेश-मैं दुबारा आपसे झूठ नही बोलूँगा.
नीता बुआ-पहले क्यू बोला था.
राजेश-मुझे लगा आपको मेरे टूर पे जाना अच्छा नही लगेगा.
नीता बुआ-टूर पे गये थे.
राजेश-हाँ, एग्ज़ॅम होते ही फ्रेंड्स ने टूर पे जाने की ज़िद्द की.
नीता बुआ-पहले क्यूँ नही बताया .मैं तुम्हे जाने से मना थोड़े करती
राजेश-ग़लती हो गयी. अगली बार आप से पूछ कर जाउन्गा.
नीता बुआ-ग़लती मेरी थी. मुझे तेरे स्कूल मे फोन नही करना चाहिए था.
राजेश-आपकी नही मेरी ग़लती है.मुझे माफ़ कर दो
नीता बुआ-दुबारा ऐसा मत बोलना कि मुझे तुझ पर विश्वास नही है.
राजेश-नही कहूँगा.
नेहा बुआ-हम बिना वजह आ गये यहाँ पर
ब चाची-पर ये हुआ कैसे
राजेश-भैया
नीता बुआ-अवी ने कहा था कि वो राजेश को समझा देगा.
पूजा बुआ-हमारा काम तो अवी ने कर दिया.
सी चाची-अवी अपने भाई बहनों का ख़याल अच्छे से रख रहा है.
ब चाची-हाँ, अवी बड़े होने का फ़र्ज़ निभा रहा है.
अवी-चाची मैं बड़ा हो गया हूँ
नेहा बुआ बी चाची-नही तू छोटा है अबी
अवी-चाची अभी तो कहा आपने कि मैं बड़े होने का फ़र्ज़ निभा रहा हूँ
नेहा बुआ-एक बार कहा तो समझ मे नही आता तुम्हे ,
पूजा बुआ-अवी ,जब सब को लगेगा कि तू बड़ा हो गया है तो बोल देंगे. पर तू बड़ा बन कर क्या करेगा.
अवी-पता नही. वो चाची कहती है कि बड़ा होने के बाद बताउन्गी इस लिए बड़ा बन ना चाहता हूँ
नीता बुआ-अवी तुम ने राजेश से क्या बात की
राजेश-माँ ,भैया ने मुझे बताया कि फॅमिली कितनी इम्पोर्टेंट होती है.
नेहा बुआ-इसने ऐसा कहा.आइ आम शॉक्ड
नीता बुआ-नेहा तू रुक ना
राजेश-माँ ,आज के बाद मैं पूरी छुट्टियाँ आपके साथ बिताउन्गा. और स्कूल मे एक दिन की भी छुट्टी मिली तो आपके पास आउन्गा.
नीता बुआ-अवी तुम ने ऐसा कौन सा जादू किया जो राजेश इतना बदल गया.
अवी-आपके प्यार का जादू है.
नीता बुआ ने राजेश के साथ मुझे भी गले लगालिया.
और हमारे माथे पे किस किया
पूजा बुआ-थोडा प्यार हमे भी करने दे
और पूजा बुआ ने मुझे गले लगाया .और नेहा बुआ ने राजेश को गले लगाया
ब चाची-नीता ,हम चलते है. यहाँ तो अवी ने सब ठीक कर्दिया.
नीता बुआ-रूको ,सबके लिए टी बनाती हूँ
अवी-बुआ दूध नही है.
नीता बुआ-नेहा के घर से मँगाती हूँ.
नीता बुआ ने लीना से दूध लाने को कहा. लीना दूध दे कर वापस कविता के पास चली गयी.बजेट जो पढ़ना था.
नीता बुआ ने सबको टी पिला दी.
राजेश-माँ ,मैं भैया के साथ गाओं घूम कर आता हूँ.
नीता बुआ-अवी बताना क्या जादू किया तूने
अवी-कुछ नही. बस राजेश को फ्रेंड बनाया है.
नीता बुआ-इतने से हो गया.
आयुयी-हाँ
नीता बुआ-सुमन क्या खिलाती हो अवी को
अवी-मैं बताता हूँ. सुबह बड़ी चाची मुझे नाश्ते के साथ प्यार खिलाती है. दोपहर मे सीमा चाची लंच के साथ अपना प्यार देती है, रात मे छोटी चाची डिन्नर मे प्यार की मिठास खिलाती है.
नीता बुआ-तभी तू इतना प्यारा है.
मैं राजेश के साथ गाओं का चक्कर लगाने चला गया.इसी बहाने से हम बातें कर सकते है.
राजेश को सुधार के नीता बुआ की मदद करने से बड़ी चाची को मुझपे गर्व महसूस हुआ.
जिस तरह मैं अपने भाई बहनों की मदद कर रहा हूँ. अपने बड़े होने का फ़र्ज़ पूरा कर रहा हूँ. उसे देख कर बड़ी चाची की आँखो मे खुशी के आसू आ गये.
बड़ी चाची मेरे लिए खुश थी.
बड़ी चाची को खुश देख कर मुझे सुखद आनंद मिल जाता.
मैं ने राजेश और मेरे लिए टी बना दी.
राजेश भी फ्रेश होकर हॉल मे आ गया.
हम ने टी पीते हुए बातें करनी सुरू की.
अवी-तो बताओ ,प्रिन्सिपल की बेटी की चुदाई कैसे की
राजेश-ज़्यादातर सेट्टिंग अपने आप हो गयी. मैं पढ़ाई मे 1स्ट आता था .और स्पोर्ट भी अच्छे से खेल लेता था.जिस से लड़किया मेरी तरफ अटर्क्ट होने लगी.
अवी-लकी हो तुम ,जो लड़किया खुद तुम्हारी तरफ हाथ बढ़ा रही थी.
राजेश-सब यही कहते है. पर सुरू मे मैं सिर्फ़ लड़कियो से बातें करता था .सेक्स के बारे मे ज़्यादा पता नही था.
अवी-फिर किस ने बताया
राजेश- प्रिन्सिपल की बेटी ने
अवी-पहला हाथ प्रिन्सिपल की बेटी पे डर नही लगा
राजेश- डर के आगे जीत है
अवी- डर तो तुझे लगा होगा
राजेश- डर तो लगा था पर बाद मे पूरा डर ख़तम हो गया
अवी-बता कैसे की सेट्टिंग प्रिन्सिपल की बेटी के साथ
राजेश-एक दिन प्रिन्सिपल की बेटी अपने माँ से मिलने हमारे स्कूल आ गयी. तब स्पोर्ट इवेंट चालू थे. मैं ज़्यादातर स्पोर्ट मे विन्नर था. मैं अपनी ट्रोपी लेने स्टेज पर गया तो प्रिन्सिपल की बेटी को पसंद आ गया. उसने मुझसे नज़दीकिया बढ़ाने के लिए अपनी माँ को मुझे स्कूल दिखाने को कहा.
अवी-फिर
राजेश-वो पूरे 1 महीने के लिए आई थी.स्कूल दिखाते दिखाते वो मेरे करीब आ गयी. वो मुझसे बड़ी थी. उसे बहुत कुछ पता था सेक्स के बारे मे ,पहले उसने किस करने से सुरुआत की. मेरे पहले किस ने मेरा लंड खड़ा कर दिया.
अवी-और
राजेश-कुछ दिन किस से काम चला .फिर उसने मुझे अपने कॉटेज मे बुलाया और ब्लू फिल्म दिखाई. ब्लू फिल्म देख कर हम ओरल सेक्स करने लगे
स्कूल मे वो कहीं भी सुरू हो जाती. कभी टाय्लेट मे ब्लोवजोब देती. तो कभी छत मे .तो कभी लाइब्रेरी मे. मुझे बहुत मज़ा आने लगा. और फिर उसकी माँ स्कूल के काम से बाहर चली गयी. और मेरा लंड उसकी चूत मे चला गया.
अवी-और उसकी माँ को कैसे पटाया .और दूसरी बहन को
राजेश-प्रिन्सिपल मेडम के वापस आते ही हमारा सेक्स करना बंद हुआ. उसने और 1 महीना रुकने का फ़ैसला किया .ऐसे मे उसने एक प्लान बनाया ,सेक्स की प्यास बढ़ाने की गोली खिला दी अपनी माँ को ,रोज खिलाने से मेडम दिन भर अपनी चूत खुजाति रहती.
अवी-देखने मे मज़ा आता होगा.
राजेश-हाँ, फिर एक दिन उनको गोली खिला कर ,उनको दिखा कर उनकी बेटी की चुदाई की.रिस्क था पर प्लान फैल होने वाला नही था. चुदाई देखते ही प्रिन्सिपल मेडम अपनी चूत खोल कर अपनी बेटी के बाजू मे लेट गयी.और दोनो को एक बेड पर चोद डाला.
अवी-दूसरी बेटी
राजेश-वो शादी शुदा थी. अपनी बहन से मेरी तारीफ सुनकर बिना कुछ किए चूत मेरे नाम कर दी.
अवी-इनकी चुदाई तुम कर चुके थे तो अब स्कूल मे रुके क्यूँ थे
राजेश-उसने मुझे मज़ा करना सिखाया .ऐसे मे उसे मना कैसे करता. वो छुट्टियों मे आई थी जिस से मुझे रुकना पड़ा.वो मेरी गुरु है , उसीने सब कुछ सिखाया है , तो उसके लिए रुकना तो था ही
अवी- तेरी सेक्स गुरु प्रिन्सिपल की बेटी
राजेश- हाँ , और आपकी
अवी- मेरी मैथ की मेडम
राजेश-फिर उसके साथ अभी भी करते हो
अवी- नही उसने कहा कि जो सिखाया है उसे याद रखना पर मुझे भूल जाना
राजेश- मेरी गुरु तो हर बार दक्षिणा मांगती है
अवी-आगे बता , साइन्स टीचर
राजेश-प्रिन्सिपल की बेटियाँ जाते ही मैं मूठ मारने लगा.
अवी- बहुत बुरा हाल हो गया होगा
राजेश- हाँ , प्रिन्सिपल मेडम भी बाहर गयी हुई थी , लंड बार बार खड़ा हो जाता लड़कियो को देख कर
अवी- नेटवर्क अच्छा मिल रहा होगा
राजेश- मेरा हाथ बार बार लंड पे जाता था ,
अवी- साइन्स मेडम को कैसे पटाया
राजेश- 2 हफ़्तो से सेक्स करना बंद हो गया था ऐसे मे एक दिन क्लास मे मैं अकेला बैठ कर मूठ मार रहा था ,
अवी- मेडम ने पकड़ लिया
रहेश-हाँ , पर लंड देखते ही गुस्सा होने की जगह अपने मूह मे ले लिया, क्लास मे मूठ मारते हुए मेडम ने पकड़ लिया. और खुद मेरी कैदी बन गयी.
अवी- ये तो लत लग गयी थी तुम्हे
राजेश-हाँ ,
अवी- तो तूने उसका कुछ इलाज किया
राजेश- हाँ, सिर्फ़ वीकॅंड पे सेक्स करता था बाकी दिन कंट्रोल रखता था ,फिर आदत पड़ गयी कंट्रोल करने की
अवी-क्लासमेट के बारे मे बता
राजेश-सेक्स की लत लगते ही .मैं ने उनको सिड्यूस करना स्टार्ट किया. सब जल्दी पट गयी .2 की तो वर्जिनिटी क्लास मे तोड़ी जब सब स्टूडेंट प्रेयर करने गये थे.
अवी-फिर तो उनका बुरा हाल हुआ होगा .पूरी क्लास करने से
राजेश-उस दिन प्रेयर के साथ पीटी क्लास भी था तो 1घंटा था मेरे पास ,प्रेयर के समय सेक्स तो किया पर हम बाथरूम जाते उस से पहले स्टूडेंट क्लास मे आ गये
अवी- तुम्हे पकड़ लिया
राजेश- नही , पर उसको बाथरूम जाना था , पर वो जा नही पाई
अवी- फिर तो उसकी हालत खराब हो गयी होगी
राजेश- बहुत ज़्यादा , और क्लास मे अजीब सी स्मेल आने लगी ,
अवी- तुमने क्या किया
राजेश- क्लास साइन्स का था , मेडम को भी स्मेल आई ,मैं ने उनको अपने पास बुलाया और बता दिया कि बात क्या है
अवी- मेडम ने क्या किया
राजेश-मैं ने साइन्स की मेडम से कहा कि उसकी चुदाई की है. तो मेडम ने स्टूडेंट को खेलने की छुट्टी दी. और वो लड़की बाथरूम मे चली गयी. फिर अपने रूम मे
अवी-और दूसरे स्कूल मे क्या किया वो भी बता
राजेश-वहाँ ज़्यादा सेट्टिंग नही की. एक तो कम समय के लिए जाता था ,उतने कम टाइम मे पटाना मुश्किल था. फिर भी 3 स्टूडेंट और 2 स्पोर्ट मेडम की चुदाई की.
अवी-फुल मज़ा किया तुम ने
राजेश-हां, उन मे से एक लड़की ने अपनी चूत मुझे फाइनल मॅच हारने के लिए दी ,क्यू कि वो अपने बाय्फ्रेंड को जिताना चाहती थी.मुझे कहा कि मैं हार जाउ
मुझे ज़्यादा फरक नही पड़ रहा था कि मैं 2न्ड आ जाउ , पर ऐसे कैसे हार जाता
फिर उसके साथ डील की , मैं फाइनल मॅच हार जाउन्गा उसका बाय्फ्रेंड जीत जाएगा पर उसको मेरे साथ पूरी रात बितानी होंगी
पहले तो उसने मना किया , पर सभी स्टूडेंट कह रहे थे कि मैं जीतूँगा उसका बाय्फ्रेंड के हारने के चान्स ज़्यादा थे, तो उसने मॅच सुरू होने के पहले डील फिक्स कर दी
इधर उसके बाय्फ्रेंड ने ट्रोपी जीती ,और उधर मैं अपने ट्रोपी लेकर अपने रूम मे गया
उसकी गंद टाइट थी जिसको मैं ने पूरी खोल दिया ,
उसका बाय्फ्रेंड उसे ढूंढता रहा ताकि वो जीत का जशन मनाए ,
पर उसकी गर्लफ्रेंड मेरे साथ मेरे हारने का जशन मेरे साथ मना रही थी
मैं ने पूरी रात उसकी चुदाई की. सुबह वो लंगड़ा कर चल रही थी
उसके बाद तो अब वो मुझे रोज कॉल करती पूछने के लिए कि कब उसके स्कूल मे आने वाला हूँ.
अवी-मज़ा ही मज़ा किया तू ने
राजेश-आप आना मेरे स्कूल मे ,आपको भी मज़ा कराउन्गा.
अवी-टाइम मिला तो ज़रूर आउन्गा.
राजेश-आप पे भी लड़किया मारती होगी. इतने फेमस जो हो,
अवी-हाँ, पर मैं सिड्यूस करके चुदाई करने मे इंट्रेस्टेड हूँ.कल तुम्हे मेरी चुदाई की जगह दिखाउन्गा.
राजेश-कहाँ है
अवी-शहर मे ,वही लेकर जा कर चुदाई करता हूँ
राजेश-आपने रेंट पे लिया है.
अवी-बताना मत किसी को ,वो घर मैं ने खरीद लिया है.
राजेश-आपके पास इतने पैसे है.
अवी-थे. पर किसी को बताना मत ,
राजेश-नही बताउन्गा.
अवी-कल वही पर तुम्हारी दीवानी की चुदाई करेंगे
राजेश-मैं ने किसी के साथ मिलकर चुदाई नही की.हमेशा अकेले सेक्स किया है
अवी-कर के देखना ,बहुत मज़ा आता है.ग्रूप सेक्स करेंगे
हम बातें कर रहे थे कि गेट खटखटाने की आवाज़ आई.
राजेश-लगता है माँ आ गयी.
अवी-तुम्हे क्या करना है पता हैना
राजेश-हाँ
मैं ने जाकर गेट खोल दिया.
गेट खोलते ही मैं सामने देख कर शॉक्ड हो गया.
गेट पर नीता बुआ के साथ पूजा बुआ नेहा बुआ और तीनो चाची खड़ी थी.
पूरा मोर्चा आ गया. अच्छा हुआ मैं ने राजेश को समझा दिया वरना उसकी परेड निकालती बुआ और चाची.
नेहा बुआ-स्टॅच्यू की तरह क्यू खड़े हो,हटो, हमे अंदर जाने दो
मैं ने बुआ और चाची को अंदर आने का रास्ता दिया .
नीता बुआ के अंदर आते ही राजेश भाग कर बुआ के गले लग गया.
गले लगते ही राजेश रोने लगा.
राजेश के इस तरह रोने से नीता बुआ को कुछ समझ नही आ रहा था.
नीता बुआ मेरी तरफ देख रही थी.और राजेश की पीठ पर हाथ घुमा कर उसे शांत कर रही थी.
चाची और बुआ भी राजेश के इस तरह रोने से मेरी तरफ देख रही थी.
राजेश-माँ मुझे माफ़ कर दो ,मैं ने तुम्हारा दिल दुखाया है. मुझे माफ़ कर दो
नीता बुआ-तू रोना बंद कर ,तू रोता हुआ अच्छा नही लगता.
राजेश-मैं दुबारा आपसे झूठ नही बोलूँगा.
नीता बुआ-पहले क्यू बोला था.
राजेश-मुझे लगा आपको मेरे टूर पे जाना अच्छा नही लगेगा.
नीता बुआ-टूर पे गये थे.
राजेश-हाँ, एग्ज़ॅम होते ही फ्रेंड्स ने टूर पे जाने की ज़िद्द की.
नीता बुआ-पहले क्यूँ नही बताया .मैं तुम्हे जाने से मना थोड़े करती
राजेश-ग़लती हो गयी. अगली बार आप से पूछ कर जाउन्गा.
नीता बुआ-ग़लती मेरी थी. मुझे तेरे स्कूल मे फोन नही करना चाहिए था.
राजेश-आपकी नही मेरी ग़लती है.मुझे माफ़ कर दो
नीता बुआ-दुबारा ऐसा मत बोलना कि मुझे तुझ पर विश्वास नही है.
राजेश-नही कहूँगा.
नेहा बुआ-हम बिना वजह आ गये यहाँ पर
ब चाची-पर ये हुआ कैसे
राजेश-भैया
नीता बुआ-अवी ने कहा था कि वो राजेश को समझा देगा.
पूजा बुआ-हमारा काम तो अवी ने कर दिया.
सी चाची-अवी अपने भाई बहनों का ख़याल अच्छे से रख रहा है.
ब चाची-हाँ, अवी बड़े होने का फ़र्ज़ निभा रहा है.
अवी-चाची मैं बड़ा हो गया हूँ
नेहा बुआ बी चाची-नही तू छोटा है अबी
अवी-चाची अभी तो कहा आपने कि मैं बड़े होने का फ़र्ज़ निभा रहा हूँ
नेहा बुआ-एक बार कहा तो समझ मे नही आता तुम्हे ,
पूजा बुआ-अवी ,जब सब को लगेगा कि तू बड़ा हो गया है तो बोल देंगे. पर तू बड़ा बन कर क्या करेगा.
अवी-पता नही. वो चाची कहती है कि बड़ा होने के बाद बताउन्गी इस लिए बड़ा बन ना चाहता हूँ
नीता बुआ-अवी तुम ने राजेश से क्या बात की
राजेश-माँ ,भैया ने मुझे बताया कि फॅमिली कितनी इम्पोर्टेंट होती है.
नेहा बुआ-इसने ऐसा कहा.आइ आम शॉक्ड
नीता बुआ-नेहा तू रुक ना
राजेश-माँ ,आज के बाद मैं पूरी छुट्टियाँ आपके साथ बिताउन्गा. और स्कूल मे एक दिन की भी छुट्टी मिली तो आपके पास आउन्गा.
नीता बुआ-अवी तुम ने ऐसा कौन सा जादू किया जो राजेश इतना बदल गया.
अवी-आपके प्यार का जादू है.
नीता बुआ ने राजेश के साथ मुझे भी गले लगालिया.
और हमारे माथे पे किस किया
पूजा बुआ-थोडा प्यार हमे भी करने दे
और पूजा बुआ ने मुझे गले लगाया .और नेहा बुआ ने राजेश को गले लगाया
ब चाची-नीता ,हम चलते है. यहाँ तो अवी ने सब ठीक कर्दिया.
नीता बुआ-रूको ,सबके लिए टी बनाती हूँ
अवी-बुआ दूध नही है.
नीता बुआ-नेहा के घर से मँगाती हूँ.
नीता बुआ ने लीना से दूध लाने को कहा. लीना दूध दे कर वापस कविता के पास चली गयी.बजेट जो पढ़ना था.
नीता बुआ ने सबको टी पिला दी.
राजेश-माँ ,मैं भैया के साथ गाओं घूम कर आता हूँ.
नीता बुआ-अवी बताना क्या जादू किया तूने
अवी-कुछ नही. बस राजेश को फ्रेंड बनाया है.
नीता बुआ-इतने से हो गया.
आयुयी-हाँ
नीता बुआ-सुमन क्या खिलाती हो अवी को
अवी-मैं बताता हूँ. सुबह बड़ी चाची मुझे नाश्ते के साथ प्यार खिलाती है. दोपहर मे सीमा चाची लंच के साथ अपना प्यार देती है, रात मे छोटी चाची डिन्नर मे प्यार की मिठास खिलाती है.
नीता बुआ-तभी तू इतना प्यारा है.
मैं राजेश के साथ गाओं का चक्कर लगाने चला गया.इसी बहाने से हम बातें कर सकते है.
राजेश को सुधार के नीता बुआ की मदद करने से बड़ी चाची को मुझपे गर्व महसूस हुआ.
जिस तरह मैं अपने भाई बहनों की मदद कर रहा हूँ. अपने बड़े होने का फ़र्ज़ पूरा कर रहा हूँ. उसे देख कर बड़ी चाची की आँखो मे खुशी के आसू आ गये.
बड़ी चाची मेरे लिए खुश थी.
बड़ी चाची को खुश देख कर मुझे सुखद आनंद मिल जाता.