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बुआ के हां करते ही मैं ने उनको सीधा लिटा दिया और मैं उनके उपर आ गया.
और बुआ ने होंटो पर एक छोटा सा किस किया.
ये छोटा किस हम दोनो को प्यार के समुन्द्र मे डूबने के लिए काफ़ी था.
अवी-बुआ आप बहुत टेस्टी हो ,आपको खाने का मन हो रहा है.
नीता बुआ-ऐसा कहोगे तो तुम मेरे हाथ से मार खाओगे
अवी-नही कहूँगा ,पर लाइट तो ऑन करने दो
नीता बुआ-मुझे शरम आती है.
अवी-पिछली बार भी आपकी खूबसूरती को देखने को नही मिला. इस बार देखने दो ना
नीता बुआ-ठीक है ,जो करना करो, आज मैं तुम्हारी हूँ.
मैं ने लाइट ऑन किया और बुआ के सुंदर मुखड़े को देखने लगा.
अवी-बुआ आपके होंठ कितने रसीले है.
नीता बुआ-ऐसा मत कहो, कहा ना तुम्हें जो करना है करो
मैं ने बुआ ने रसीले ,गुलाभी, होंटो से प्यार का रस पीने के लिए अपने होंटो को उनसे मिला दिए
बुआ ,बुआ ,का कोई जवाब नही. होंठ इतने भी रसीले होते है ये मुझे आज पता चला.
बुआ के होंटो मे जादू है. ऐसा जादू जो प्यार करने वालो को अपना दीवाना बना दे
बुआ के नरम नरम होंटो को टच करते ही चूसना सुरू किए बिना रह नही सका.
बुआ भी अपने बेटे को अपने होंठो का रस पिलाने लगी.
बुआ उनके होंटो को प्यार करने मे मेरा पूरा साथ दे रही थी.
नीता बुआ मुझे किस कर रही थी और मैं उनको किस कर रहा था.
बुआ के दोनो होंठो को बारी बारी से चूसने लगा.
बुआ भी कभी अपना निचला होंठ मुझे चूसने के लिए देती तो कभी उपर का होंठ मेरे होंटो के बीच लाती.
मैं बुआ को किस करते हुए अपने शरीर को उनके नाज़ुक बदन से रगड़ने लगा.
बुआ भी अपने पैरो को इस तरह रगड़ रही थी कि उनकी चूत से मेरा लंड टच हो
मैं ने होंटो को चूसने के साथ उनको काट कर खाना भी सुरू किया.
बुआ के होंटो को काटते ही बुआ मुझे कस के पकड़ लेती जिस से मेरा लंड बुआ की चूत से अच्छे से मिल लेता.
बुआ अपने होंटो को मुझसे चूसवाने के साथ मेरे होंटो से ऐसे मिलवा देती कि उनके मूह खोलते ही उनके होंटो के साथ मेरे होन्ट भी खुल जाते.
हमारे होन्ट एक दूसरे से मिल कर ओ शेप बनाते हमारी जीभ कबड्डी खेलने लग जाती.
इसी खेल मे कभी बुआ की जीभ मेरे मूह मे एंट्री करके कबड्डी खेलती तो कभी मेरी जीभ उनके एरिया मे एंटर होती.
इस खेल से हमारे बदन गरमी से तपने लगे.
हमारे बदन मे इतनी गरमी पैदा हो गयी कि हमे किस करना बंद करना पड़ा.
किस करना बंद होते ही हम सासे लेने लगे. पर प्यार इतना हम पे हावी हो गया कि हम सासलेते हुए बीच बीच मे छोटा छोटा किस करने लगे.
बुआ इस मे आगे थी , बुआ को मेरा प्यार करना पसंद आ गया जैसा पूजा बुआ को आया था,
जैसे पूजा बुआ को प्यार करके मुझे आनंद का अहसास होता वैसे नीता बुआ को प्यार करके हो रहा था.
मेरी बुआ ,मेरी चाची, मेरी बहन प्यार का दूसरा नाम थी. उनको प्यार करने से मेरी आत्मा को सुकून मिलता था
बुआ को किस करने के बाद मैं ने अपनी टीशर्ट निकाल कर अपना पहलवान शरीर बुआ को दिखा दिया.
मेरा शरीर देखते बुआ की आँखों मे चमक आ गयी.
मैं ने बुआ को एक और किस करके उनके पैरो के पास चला गया.
और बुआ के सुंदर बदन को प्यार करना सुरू किया.
बुआ की साड़ी को पेटीकोट के साथ उपर ले जाते हुए उनके पैरो पे किस करने लगा.
बुआ मेरे ऐसा करते अपनी जाँघो को एक दूसरे से रगड़ने लगी अपनी हाथो से बेडशीट को पकड़ लिया.
मैं धीरे धीरे पैरो पे किस करते हुए उनके जाँघो तक आ गया.
जाँघो पर किस करने के लिए साड़ी को थोड़ा उपर किया कि बुआ की रेड पैंटी की झलक देखने को मिल गयी.
पैंटी पे कुछ दाग के निशान दिख रहे थे. इन दागों को और ज़्यादा बढ़ाना होगा.
मैं ने बुआ के जाँघो पर किस करके वापस उपर आ गया.
और साड़ी का पल्लू हटा कर बुआ के क्लीवेज देखने लगा.
क्लीवेज़ मेरी आँखों को इतना सुकून पहुँचा रहा है तो ब्लाउस के अंदर छुपे हुए बूब्स देख कर मैं अँधा हो जाउन्गा. क्यू कि इसके बाद कुछ देखने की इच्छा नही होगी.
मैं बुआ की तरफ देखते हुए अपने दोनो हाथो को उपर उठा कर बुआ के बूब्स पर ले आया.
बुआ के बूब्स को ब्लाउज के उपर से दबाते बुआ की शीष्कारी निकल गयी.
अभी ये हाल है तो बूब्स चूसने पर क्या होगा.
बुआ के सुंदर पके हुए आम को देखने के लिए मैं ने उनके ब्लाउस के हुक निकाल दिए
ये क्या ,बुआ के बूब्स और मेरे बीच मे ब्रा कहाँ से आ गयी.
मैं ने ब्रा को उपर करके बुआ के बूब्स के दर्शन कर लिए
बुआ के गोरे बूब्स ,ब्राउन निपल ,टाइट निपल ,देख मेरे मूह मे पानी आ गया.
अवी-बुआ मैं आपके पके हुए आम का खा जाउ
नीता बुआ-तुम्हें कहा ना ,जो करना है करो. खा जाओ, आज ये तुम्हारे है.
बुआ को इस तरह सत्ताने मे बड़ा मज़ा आ रहा था.
बुआ के किस बूब्स मे ज़्यादा प्यार होगा ,
लेफ्ट या राइट
आज पता करके रहूँगा.लेफ्ट से शुरुआत करते है.
मैं ने लेफ्ट बूब्स के निपल पे एक प्यारा सा किस किया ,
और बुआ के मूह से शीष्कारी निकल गयी.
अवईीईईईईईईईईईईईईईईईईईई
बुआ के निपल तो जादुई है ,प्यार मैं ने किया और नशा बुआ को छाने लगा.
निपल को किस करने से काम नही चलेगा
बुआ के निपल को प्यार से चूसना पड़ेगा. और मैं ने ऐसा ही प्यार से बूब्स चूसना स्टार्ट किया.
बुआ के बूब्स को निप्पल के साथ मूह मे लेकर चूसने लगा.
और दूसरे बूब्स के निपल को उंगली मे पकड़ कर मरोड़ ने लगा.
एक साथ दोनो निपल के साथ खेलने से बुआ पूरी मस्ती मे आने लगी
आआआहह.........अवईीईईईईईईईईई........तूमम्म्ममममममीईईरी.......मुझीईईईईवए.........ईईईई......क्य्ाआआआआ......
..कार्रर्र्र्र्ररर.......दियाआआआआआ.......अवईीईईईईईईईई.......आईसीईईई.....प्यरर्र्र्र्र्ररर.......करूऊऊऊओ......अपणीईीईईईई.......
बुआााआअ.....कूऊव
बुआ की प्यार वाली शीष्कारी मुझे उनको प्यार करने का जोश बढ़ा रही थी
उसी का एक्सपीरियेन्स का इस्तेमाल करके बुआ के बूब्स को चूसने लगा.
बुआ के बूब्स मे जो प्यार भरा था उनको पीकर मैं खुद को भाग्यवान समझने लगा.
बुआ मेरे बालो मे हाथ घुमा कर अपने बूब्स चूस्वा रही थी.
पूजा बुआ हो या नीता बुआ ,उनको प्यार करने के लिए मैं हज़ारो वर्जिन लड़की को कुर्बान कर दूं
क्यूँ कि बुआ को प्यार करने से मेरी आत्मा को सुकून मिलता है .
बुआ के एक बूब्स को प्यार करके दूसरे बूब्स को चूस कर बुआ को मज़ा देने लगा
.
बुआ के बूब्स को चूस रहा था काटने का मन नही हो रहा था. अगर मैं ने अपना नाम लिख दिया तो लीना के पापा का क्या होगा.
मैं धीरे धीरे बड़े प्यार से बुआ को एग्ज़ाइट करके बूब्स चूस रहा था.
जिसे हम प्यार करते है उसके साथ प्यार से करने का मन करता है. उनको चोट लगी तो मेरे दिल को दर्द होता है.
बुआ ने अपने बूब्स का दूध पिला कर मुझे और स्ट्रॉंग बना दिया.
बूब्स को चूसने के साथ ही मैं वापस बुआ की जाँघो के बीच आ गया.
बुआ ने मेरे लिए अपने पैर फैला दिए ताकि अपने बेटे को परेशानी ना हो
मैं ने बुआ की पैंटी को गोर से देखा तो उनपे दाग नही पूरी गीली हो चुकी थी.
मैं ने बुआ की गीली पैंटी पे किस करके बुआ को बता दिया कि उनको क्या करना है और मैं क्या करने वाला हूँ
बुआ ने अपनी कमर उपर करके मुझे उनकी पैंटी निकालने मे मदद की.
पैंटी निकालते ही मैं उसको हाथ मे लेकर सूंघने लगा.
मुझे इस तरह अपनी पैंटी को सूँघता हुआ देख कर शरमा कर अपनी आँखे बंद की.
मैं ने बुआ की पैंटी को साइड मे किया और बुआ की प्यारी चूत को देखने लगा.
पिछली बार मैं इसको देख नही पाया था.
बुआ की चूत चिकनी थी. लगता है मेरे घर मे बाल किसी को पसंद नही है.
पूजा बुआ की चूत की तरह फूली हुई नही थी ,पूजा बुआ कुछ ज़्यादा चुदाई करती है.
नीता बुआ की चूत छोटी थी. उसके होंठ अभी तक अच्छी हालत मे थे. गुलाबी पन भी बरकरार था.
बुआ ने अपनी चूत को अच्छे से मेनटेन करके रखा था.
अवी-बुआ मैं
नीता बुआ-चुप कर वरना सच मे मार खाएगा.
मैं बुआ की बात सुनकर हँसते हुए उनकी चूत की महक को सूंघ कर मेरा दिमाग़ उसके नशे मे झूम ने लगा.
अब और बर्दास्त नही हो रहा है.
और मैं ने उनकी गीली चूत पे किस करके अपने होंटो को गीला किया.
किस करते ही मैं ने अपनी उंगली से उनकी चूत को खोल दिया
और अपनी जीभ को उनकी चूत मे डाल दिया.
जीभ का टच होते ही बुआ की जाँघो ने मेरे सर को पकड़ लिया.
बुआ कुछ भी कर लें मैं उनका पानी पीकर रहूँगा.
मेरी जीभ अपना काम अच्छे से जानती है. अगर चूत घर की हो तो मेरी जीभ कुछ ज़्यादा ही खुश होकर प्यार करने लग जाती है.
बुआ तो मेरी जीभ के वजह से गाना सुरू कर दिया
अवईीईईईईईईईईई..... .आआआहह... ....तुउुुुुुुउउ,..... .......नीईईई... ....कहाआआआआआअ... ...सीईईई सिखााआअ ईईईई सब्बब्ब्बबब.. ...आआअहह..... .ऊऊऊओह......
बुआ की शीष्कारी बता रही थी कि मैं अपना काम अच्छे से कर रहा हूँ
मेरी जीभ बुआ की चूत मे अंदर तक जाकर रस निकाल रही थी.
ऐसा भी कह सकते है कि मैं बुआ की चूत को चोद रहा हूँ
बुआ को मेरी जीभ से इतना मज़ा मिल रहा था तो मेरा लंड कितना मज़ा देगा.
मैं चूत को चाटने के साथ दाने को अपनी जीभ से च्छेड़ने लगा.
अपनी जीभ से इतना हल्का टच उनके दाने पर करने लगा कि बुआ अपने सर को इधर उधर घुमाने लगी.
बुआ पूरी तरह से मस्ती मे झूमने लगी.
मैं कभी उंगली तो कभी जीभ से बुआ की चूत को चोदने लगा.
बुआ मेरे प्यार को और ज़्यादा देर बर्दास्त नही कर पाएगी.
ये बात उनके कमर उपर करने से पता चल रही थी
बुआ अपनी चूत को मेरे मूह पे मारने लगी.
जिस ने मेरी जीभ अच्छे से बुआ की चूत को चोदने लगी.
बुआ का मेरे प्यार मे अपना कंट्रोल खो गयी.
अवईीईईईईईई मैंन्ननननणणन् गइईईई
और बुआ मेरे मूह पे अपना अनमोल पानी छोड़ने लगी.
इतना अनमोल पानी मैं वेस्ट कैसे जाने देता.
मैं बुआ की चूत के पानी का एक एक ड्रॉप पीने लगा.
बुआ भी मुझे अपना पानी पिलाने लगी. अपनी जांघों से मेरे सर को पकड़ कर अपना पानी पिलाने लगी.
बुआ का टेस्टी अनमोल पानी पीकर मैं ने उनके प्यार को स्वीकार किया