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रिज़ल्ट लगते ही मेरे हाथ मे किताब आ गयी
रिज़ल्ट लगने के बाद तो कॉलेज स्टार्ट होने तक कोई पढ़ाई नही करता और मैं किताब खोल कर बैठा हुआ था
ये सब नेहा बुआ की वजह से हो रहा था
ना वो चाची को कुछ कहती और ना मेरे दिमाग़ मे ये सब चलता
पर कुछ भी हो इस वजह से मैं पढ़ाई तो कर रहा था
लंड की जगह पेन (कलम) हाथ मे आ जाए तो फ्यूचर सेफ हो जाता है
मैं ने ऐसा नही सोचा कि "कल" से पढ़ाई करूँगा
मैं ने चाची के जाते ही किताब खोल कर पढ़ना स्टार्ट किया
उधर पंकज और करीम पार्टी कर रहे है और मैं पढ़ाई कर रहा हूँ , कॉलेज के समय इसका उल्टा होता था
मैं सिर्फ़ शाम मे खाना खाने के लिए कमरे से बाहर निकाल , खाना खाते ही अपने कमरे मे पढ़ाई करने लगा
चाची को लगा कि नेहा बुआ के वजह से मैं आराम करना चाहता हूँ , जिस से चाची ने मुझे कुछ नही कहा
मैं देर रात तक पढ़ाई करता रहा
कोई कोई रिज़ल्ट देख कर स्यूयिसाइड करते है तो कोई मेरे जैसे पढ़ाई करने लग जाते है जैसे उनके अंदर कोई पढ़ाई का भूत घुस गया हो
मैं इतना कमजोर तो था नही कि स्यूयिसाइड कर लूँ , मुझे तो चाची ने लड़ना सिखाया है , और मैं पढ़ाई कर रहा था
ये दिन मेरी लाइफ का सबसे बड़ा दिन था
मेरे आँखों के सामने से नींद गायब थी
रात मे रानी का कॉल आया पर मैं ने सिर्फ़ ही हेलो बोल कर फोन रख दिया
रानी समझ गयी कि रिज़ल्ट की वजह से मैं ठीक से बात नही कर रहा हूँ
नेक्स्ट डे
चाची के उठाने से पहले मैं उठ गया
छोटी चाची ये देख कर शॉक्ड हो गयी
रोज वो मुझे कसरत करने को उठाती है पर आज तो मैं ने छत पे जाकर कसरत करनी शुरू भी कर दी थी
चाची ने कुछ कहा नही , चाची योगा करने लगी और मैं कसरत करके जल्द से जल्द अपने कमरे मे जाकर पढ़ाई करना चाहता था
कसरत करने के बाद नाश्ता करके मैं हॉल मे मोबाइल पे पीडीफ पढ़ने लगा , चाची को लगा कि मैं गेम खेल रहा हूँ
चाची को मेरी हरकतों पे शक तो हो रहा था
क्यू की दिमाग़ मे केमिकल लोचा हो जाने से मेरे चेहरे के एक्सप्रेशन चेंज हो गये थे
दिन तो ऐसे पढ़ाई करने मे निकल गया
कोमल अपने क्लासस को गयी थी
शाम को मुझे याद आया कि कॉनल ने कहा था की उसके पास आ जाउ पढ़ाई करने को
मैं ने चाची को इतना कहा कि मैं कोमल के पास जा रहा हूँ
कोमल मुझे देखते ही खुश हो गयी
नेहा बुआ ने हमेशा की तरह मेरा वेलकम किया , आँखों से आग निकाल कर मुझे जलाना शुरू किया
मैं ने नेहा बुआ की तरफ ना देखते हुए सीधा कोमल के कमरे मे कोमल के साथ चला गया
कोमल रिज़ल्ट लगने से कुछ दिन बिना पढ़ाई के रहना चाहती थी जिस से वो बेड पे जाकर बैठ गयी
और मैं कोमल के स्टडी टेबल पे जाकर बैठ गया
अवी- तुम वहाँ क्या कर रही हो , पढ़ाई नही करनी है
कोमल- क्या कहा फिर से कहना
अवी- मैं यहाँ पढ़ाई करने आया हूँ , भूल गयी तुमने ही तो कहा था कि रोज 2 घंटे तुम्हारे साथ पढ़ाई करूँ
कोमल- कल ही तो रिज़ल्ट लगा था
अवी- किसी ने कहा है कि कल करे सो अब कर
कोमल- तुम्हारी तबीयत तो ठीक है ना
अवी- मैं ठीक हूँ , तुम मेरी मदद कर रही हो या मैं वापस जाउ
कोमल- तुम्हें कही जाने की ज़रूरत नही है , मैं मदद करती हूँ , पर तुम ये सब रिज़ल्ट की टेन्षन की वजह से कर रहे हो तो पढ़ाई करके कुछ फ़ायदा नही होगा
अवी- तुम्हें तो पता है मुझे कभी भी कोई भी काम आ जाता है जिस से मेरी पढ़ाई पे असर हो जाता है , तो मैं अभी से पढ़ाई कर रहा हूँ क्या पता बाद मे कोई काम आ जाए
कोमल- ऐसा कुछ नही होगा , और अब मेले जैसा बड़ा काम नही आएगा
अवी- अगर स्वेता दीदी की सगाई आ गयी तो
कोमल- बात मे दम है
अवी- तो मेरी मदद करो
कोमल- फिज़िक्स से स्टार्ट करते है
अवी- यस मेडम
कोमल- तुम तो मज़ाक करने लग गये
अवी- ये सीरीयस वाला मेडम था , आज से तुम मेरी मेडम हो
कोमल- मेरे साथ कितने रिश्ते जोड़ रहे हो
अवी- क्या मतलब
कोमल- कुछ नही , तो हम आंग्युलर वेलोसिटी से स्टार्ट करते है
और कोमल ने मुझे पढ़ाना स्टार्ट किया
कोमल तो किसी टीचर की तरह पढ़ा रही थी
क्लासस लगाने से कोमल का नालेज बढ़ गया था
कोमल दिल से पढ़ा रही थी और मैं मन लगा कर पढ़ रहा था
कोमल के मूह से निकल रहे एक एक वर्ड को मैं अपने दिमाग़ मे फिट कर रहा था
कोमल मुझे शॉर्टकट तरीके भी बता रही थी कि कैसे प्राब्लम सॉल्व करना है
कोमल मुझे उस तरह पढ़ाई करते हुए शॉक्ड हो गयी
हर बार मैं पढ़ाई करते हुए मज़ाक कर ही देता था
पर इस बार म्बबस स्टूडेंट की तरह मन लगा कर पढ़ाई कर रहा था
मेरी नज़र किताब से बाहर जा ही नही रही थी
बीच मे कविता आई थी मुझसे बात करने को
पर मेरा रेस्पॉन्स ना पा कर वो वापस चली गयी
कविता को इस तरह वापस आता हुआ देख कर नेहा बुआ डोर के पास खड़ी रह कर मुझे पढ़ाई करते हुए देख रही थी
मुझे पढ़ाई करते हुए देख कर पता नही नेहा बुआ के दिमाग़ मे क्या चल रहा होगा
वो तो बिना पलकें झपकाए मुझे देख रही थी
कल ही तो नेहा बुआ ने मुझे कम मार्क मिलने से डांता था और आज मैं पढ़ाई कर रहा था
नेहा बुआ की आँखों मे कुछ पानी के बूंदे आ गयी थी
पर मैं तो किताब मे घुसा हुआ था
अब तक मैं दूसरो पे हंसता था कि वो किताबी कीड़े है और आज मैं किताबी कीड़ा बन गया था
एक रिज़ल्ट ने सब कुछ बदल दिया
आज पढ़ाई करते हुए कोमल थक गयी पर मैं थकने का नाम नही ले रहा था
नेहा बुआ डोर के पास खड़ी रह कर सब देख रही थी
अवी- क्या हुआ रुक क्यूँ गयी
कोमल- आज के लिए इतना काफ़ी है बाकी कल पढ़ लेंगे
अवी- अभी तो शुरू किया है , और मुझे तो सब समझ मे आ रहा है , थोड़ी देर और पढ़ते है
कोमल- 2 घंटे हो गये हमे पढ़ाई करते हुए
अवी- प्लीज़ थोड़ी देर और पढ़ लेते है , ये टॉपिक कंप्लीट करते है
कोमल- अवी सूगरकेन कितना भी मीठा क्यूँ ना हो उसे रूट के साथ नही खा सकते
अवी- पता है मुझे , पर लिंक मिलने के बाद ऐसे बीच मे छोड़ देना भी तो ठीक नही है
कोमल- और 1 घंटा बस
अवी- थॅंक यू
कोमल- तुम पढ़ो मैं 2 मिनट मे आती हूँ
अवी- तुम कहाँ जा रही हो बैठो यहाँ
कोमल- तुम्हारे अंदर पढ़ाई का भूत घुस गया है ,
अवी- तो उस भूत को निकाल दो
कोमल- तो नेक्स्ट टॉपिक स्टार्ट करते है
अवी- हाँ करो पर साथ मे बुआ को बोलो कि टी बना दे ,
कोमल- तुम कहो
अवी- मुझे मरना थोड़े है , बुआ मुझे कच्चा खा जाएगी
मेरी बात सुनते ही नेहा बुआ ने कच्चा खाने के लिए अपना मूह ओपन किया
कोमल- मेरी माँ के बारे मे ऐसा मत बोलो , वो बहुत अच्छी है
अवी- तो तुम बोल दो की टी बना दे
कोमल- टी तुम्हें चाहिए तुम बोलो ,
अवी- कल तो बुआ की गालियों से पेट भर गया था , आज अगर फिर से बात की तो बुआ मेरा खून पी लेगी
नेहा बुआ बस हमारी बात सुनती गयी
अवी- कल जो हुआ उसके बाद मैं नेहा बुआ का सामना नही कर सकता
कोमल- ये जो डर है उसको ख़तम करना चाहिए वरना ये डर तुम्हें खा जाएगा
अवी- नेहा बुआ और उनका डर , इनका सामना करना मुझसे नही होगा
कोमल- कॉसिश करो , और ये डर कभी ना कभी तो ख़तम करना होगा
अवी- जब सही समय आएगा तब देख लूँगा तुम्हारी माँ को
कोमल- सही समय
अवी- छोटी चाची कहती है कि समय से पहले और समय के बाद कुछ नही करना चाहिए ,, सही समय पर हठोड़ा मारना चाहिए
कोमल- मेरी माँ को हतोड़े से मारोगे
अवी- ऐसा कहते है
कोमल- मैं मज़ाक कर रही थी
अवी- टी बनाने को बोलो ना बुआ को
कोमल- टी चाहिए तो खुद बोलो वरना मैं पढ़ाई स्टार्ट कर रही हूँ
अवी- टी बाद मे पी लूँगा तुम पढ़ाना स्टार्ट करो
और कोमल मुझे वापस पढ़ाने लगी
और नेहा बुआ वापस चली गयी
नेहा बुआ को मेरे बात पे गुस्सा आया होगा
अगर ऐसा हुआ तो मेरी जान ले लेगी नेहा बुआ
रिज़ल्ट लगते ही मेरे हाथ मे किताब आ गयी
रिज़ल्ट लगने के बाद तो कॉलेज स्टार्ट होने तक कोई पढ़ाई नही करता और मैं किताब खोल कर बैठा हुआ था
ये सब नेहा बुआ की वजह से हो रहा था
ना वो चाची को कुछ कहती और ना मेरे दिमाग़ मे ये सब चलता
पर कुछ भी हो इस वजह से मैं पढ़ाई तो कर रहा था
लंड की जगह पेन (कलम) हाथ मे आ जाए तो फ्यूचर सेफ हो जाता है
मैं ने ऐसा नही सोचा कि "कल" से पढ़ाई करूँगा
मैं ने चाची के जाते ही किताब खोल कर पढ़ना स्टार्ट किया
उधर पंकज और करीम पार्टी कर रहे है और मैं पढ़ाई कर रहा हूँ , कॉलेज के समय इसका उल्टा होता था
मैं सिर्फ़ शाम मे खाना खाने के लिए कमरे से बाहर निकाल , खाना खाते ही अपने कमरे मे पढ़ाई करने लगा
चाची को लगा कि नेहा बुआ के वजह से मैं आराम करना चाहता हूँ , जिस से चाची ने मुझे कुछ नही कहा
मैं देर रात तक पढ़ाई करता रहा
कोई कोई रिज़ल्ट देख कर स्यूयिसाइड करते है तो कोई मेरे जैसे पढ़ाई करने लग जाते है जैसे उनके अंदर कोई पढ़ाई का भूत घुस गया हो
मैं इतना कमजोर तो था नही कि स्यूयिसाइड कर लूँ , मुझे तो चाची ने लड़ना सिखाया है , और मैं पढ़ाई कर रहा था
ये दिन मेरी लाइफ का सबसे बड़ा दिन था
मेरे आँखों के सामने से नींद गायब थी
रात मे रानी का कॉल आया पर मैं ने सिर्फ़ ही हेलो बोल कर फोन रख दिया
रानी समझ गयी कि रिज़ल्ट की वजह से मैं ठीक से बात नही कर रहा हूँ
नेक्स्ट डे
चाची के उठाने से पहले मैं उठ गया
छोटी चाची ये देख कर शॉक्ड हो गयी
रोज वो मुझे कसरत करने को उठाती है पर आज तो मैं ने छत पे जाकर कसरत करनी शुरू भी कर दी थी
चाची ने कुछ कहा नही , चाची योगा करने लगी और मैं कसरत करके जल्द से जल्द अपने कमरे मे जाकर पढ़ाई करना चाहता था
कसरत करने के बाद नाश्ता करके मैं हॉल मे मोबाइल पे पीडीफ पढ़ने लगा , चाची को लगा कि मैं गेम खेल रहा हूँ
चाची को मेरी हरकतों पे शक तो हो रहा था
क्यू की दिमाग़ मे केमिकल लोचा हो जाने से मेरे चेहरे के एक्सप्रेशन चेंज हो गये थे
दिन तो ऐसे पढ़ाई करने मे निकल गया
कोमल अपने क्लासस को गयी थी
शाम को मुझे याद आया कि कॉनल ने कहा था की उसके पास आ जाउ पढ़ाई करने को
मैं ने चाची को इतना कहा कि मैं कोमल के पास जा रहा हूँ
कोमल मुझे देखते ही खुश हो गयी
नेहा बुआ ने हमेशा की तरह मेरा वेलकम किया , आँखों से आग निकाल कर मुझे जलाना शुरू किया
मैं ने नेहा बुआ की तरफ ना देखते हुए सीधा कोमल के कमरे मे कोमल के साथ चला गया
कोमल रिज़ल्ट लगने से कुछ दिन बिना पढ़ाई के रहना चाहती थी जिस से वो बेड पे जाकर बैठ गयी
और मैं कोमल के स्टडी टेबल पे जाकर बैठ गया
अवी- तुम वहाँ क्या कर रही हो , पढ़ाई नही करनी है
कोमल- क्या कहा फिर से कहना
अवी- मैं यहाँ पढ़ाई करने आया हूँ , भूल गयी तुमने ही तो कहा था कि रोज 2 घंटे तुम्हारे साथ पढ़ाई करूँ
कोमल- कल ही तो रिज़ल्ट लगा था
अवी- किसी ने कहा है कि कल करे सो अब कर
कोमल- तुम्हारी तबीयत तो ठीक है ना
अवी- मैं ठीक हूँ , तुम मेरी मदद कर रही हो या मैं वापस जाउ
कोमल- तुम्हें कही जाने की ज़रूरत नही है , मैं मदद करती हूँ , पर तुम ये सब रिज़ल्ट की टेन्षन की वजह से कर रहे हो तो पढ़ाई करके कुछ फ़ायदा नही होगा
अवी- तुम्हें तो पता है मुझे कभी भी कोई भी काम आ जाता है जिस से मेरी पढ़ाई पे असर हो जाता है , तो मैं अभी से पढ़ाई कर रहा हूँ क्या पता बाद मे कोई काम आ जाए
कोमल- ऐसा कुछ नही होगा , और अब मेले जैसा बड़ा काम नही आएगा
अवी- अगर स्वेता दीदी की सगाई आ गयी तो
कोमल- बात मे दम है
अवी- तो मेरी मदद करो
कोमल- फिज़िक्स से स्टार्ट करते है
अवी- यस मेडम
कोमल- तुम तो मज़ाक करने लग गये
अवी- ये सीरीयस वाला मेडम था , आज से तुम मेरी मेडम हो
कोमल- मेरे साथ कितने रिश्ते जोड़ रहे हो
अवी- क्या मतलब
कोमल- कुछ नही , तो हम आंग्युलर वेलोसिटी से स्टार्ट करते है
और कोमल ने मुझे पढ़ाना स्टार्ट किया
कोमल तो किसी टीचर की तरह पढ़ा रही थी
क्लासस लगाने से कोमल का नालेज बढ़ गया था
कोमल दिल से पढ़ा रही थी और मैं मन लगा कर पढ़ रहा था
कोमल के मूह से निकल रहे एक एक वर्ड को मैं अपने दिमाग़ मे फिट कर रहा था
कोमल मुझे शॉर्टकट तरीके भी बता रही थी कि कैसे प्राब्लम सॉल्व करना है
कोमल मुझे उस तरह पढ़ाई करते हुए शॉक्ड हो गयी
हर बार मैं पढ़ाई करते हुए मज़ाक कर ही देता था
पर इस बार म्बबस स्टूडेंट की तरह मन लगा कर पढ़ाई कर रहा था
मेरी नज़र किताब से बाहर जा ही नही रही थी
बीच मे कविता आई थी मुझसे बात करने को
पर मेरा रेस्पॉन्स ना पा कर वो वापस चली गयी
कविता को इस तरह वापस आता हुआ देख कर नेहा बुआ डोर के पास खड़ी रह कर मुझे पढ़ाई करते हुए देख रही थी
मुझे पढ़ाई करते हुए देख कर पता नही नेहा बुआ के दिमाग़ मे क्या चल रहा होगा
वो तो बिना पलकें झपकाए मुझे देख रही थी
कल ही तो नेहा बुआ ने मुझे कम मार्क मिलने से डांता था और आज मैं पढ़ाई कर रहा था
नेहा बुआ की आँखों मे कुछ पानी के बूंदे आ गयी थी
पर मैं तो किताब मे घुसा हुआ था
अब तक मैं दूसरो पे हंसता था कि वो किताबी कीड़े है और आज मैं किताबी कीड़ा बन गया था
एक रिज़ल्ट ने सब कुछ बदल दिया
आज पढ़ाई करते हुए कोमल थक गयी पर मैं थकने का नाम नही ले रहा था
नेहा बुआ डोर के पास खड़ी रह कर सब देख रही थी
अवी- क्या हुआ रुक क्यूँ गयी
कोमल- आज के लिए इतना काफ़ी है बाकी कल पढ़ लेंगे
अवी- अभी तो शुरू किया है , और मुझे तो सब समझ मे आ रहा है , थोड़ी देर और पढ़ते है
कोमल- 2 घंटे हो गये हमे पढ़ाई करते हुए
अवी- प्लीज़ थोड़ी देर और पढ़ लेते है , ये टॉपिक कंप्लीट करते है
कोमल- अवी सूगरकेन कितना भी मीठा क्यूँ ना हो उसे रूट के साथ नही खा सकते
अवी- पता है मुझे , पर लिंक मिलने के बाद ऐसे बीच मे छोड़ देना भी तो ठीक नही है
कोमल- और 1 घंटा बस
अवी- थॅंक यू
कोमल- तुम पढ़ो मैं 2 मिनट मे आती हूँ
अवी- तुम कहाँ जा रही हो बैठो यहाँ
कोमल- तुम्हारे अंदर पढ़ाई का भूत घुस गया है ,
अवी- तो उस भूत को निकाल दो
कोमल- तो नेक्स्ट टॉपिक स्टार्ट करते है
अवी- हाँ करो पर साथ मे बुआ को बोलो कि टी बना दे ,
कोमल- तुम कहो
अवी- मुझे मरना थोड़े है , बुआ मुझे कच्चा खा जाएगी
मेरी बात सुनते ही नेहा बुआ ने कच्चा खाने के लिए अपना मूह ओपन किया
कोमल- मेरी माँ के बारे मे ऐसा मत बोलो , वो बहुत अच्छी है
अवी- तो तुम बोल दो की टी बना दे
कोमल- टी तुम्हें चाहिए तुम बोलो ,
अवी- कल तो बुआ की गालियों से पेट भर गया था , आज अगर फिर से बात की तो बुआ मेरा खून पी लेगी
नेहा बुआ बस हमारी बात सुनती गयी
अवी- कल जो हुआ उसके बाद मैं नेहा बुआ का सामना नही कर सकता
कोमल- ये जो डर है उसको ख़तम करना चाहिए वरना ये डर तुम्हें खा जाएगा
अवी- नेहा बुआ और उनका डर , इनका सामना करना मुझसे नही होगा
कोमल- कॉसिश करो , और ये डर कभी ना कभी तो ख़तम करना होगा
अवी- जब सही समय आएगा तब देख लूँगा तुम्हारी माँ को
कोमल- सही समय
अवी- छोटी चाची कहती है कि समय से पहले और समय के बाद कुछ नही करना चाहिए ,, सही समय पर हठोड़ा मारना चाहिए
कोमल- मेरी माँ को हतोड़े से मारोगे
अवी- ऐसा कहते है
कोमल- मैं मज़ाक कर रही थी
अवी- टी बनाने को बोलो ना बुआ को
कोमल- टी चाहिए तो खुद बोलो वरना मैं पढ़ाई स्टार्ट कर रही हूँ
अवी- टी बाद मे पी लूँगा तुम पढ़ाना स्टार्ट करो
और कोमल मुझे वापस पढ़ाने लगी
और नेहा बुआ वापस चली गयी
नेहा बुआ को मेरे बात पे गुस्सा आया होगा
अगर ऐसा हुआ तो मेरी जान ले लेगी नेहा बुआ