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मैं और मेरा परिवार

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343 ए

हम दोनो हाँफने लगे

अवी-मज़ा आया

मिसेज़ पवार -हाँ ,पर नाक दबाने की ज़रूरत क्या थी.

अवी-तुम्हे अपना वीर्य पिला रहा था.

मिसेज़ पवार -तुम्हारा सब से टेस्टी है.

अवी-तुम्हारा जूस भी

मिसेज़ पवार -तुम ने तो मेरा पूरा जूस ख़तम कर दिया.

अवी- मेरा 1 तुम्हारा 5

मिसेज़ पवार -तुम ने मुझे ऐसा मज़ा दिया जैसा मुझे कभी नही मिला था

अवी-तुम ने भी

मिसेज़ पवार -तुम्हे तो गंद चाहिए थी ना

अवी-थोड़ी देर बाद वो भी लूँगा.

मिसेज़ पवार -तुम ने मुझे इतना मज़ा दिया कि किसी चीज़ के लिए मना नही कर सकती.

मिसेज़ पवार की बात सुनकर मैं मिसेज़ पवार के उपर आ गया.

अवी-सच

और मैं ने मिसेज़ पवार को किस किया.मिसेज़ पवार ने मुझे बीच मे रोक दिया

अवी-क्या हुआ

मिसेज़ पवार -तुम्हे कुछ जलने की स्मेल आ रही है.

अवी-तुम्हारी चूत इतनी गरमी थी कि मेरा लंड जल गया होगा.

मिसेज़ पवार -मैं सीरियस्ली कह रही हू,उठो

मैं मिसेज़ पवार के उपर से उठ गया.

मिसेज़ पवार खड़ी हो गयी. और गेट खोल दिया.

खाते खोलते ही जलने की बदबू बेडरूम मे फैल गयी.

मिसेज़ पेव्र भागते हुए किचन मे चली गयी.

अवी-मेरा ये प्लान भी ठीक हुआ. मैं ने जानबूझ कर मिसेज़ पवार को टी बनाने को कहा और किचन मे जाकर मिसेज़ पवार के साथ मस्ती करके टी के उपर से ध्यान अलग कर दिया.

फिर मिसेज़ पवार को बेडरूम मे लाया और चुदाई की.

मुझे पता नही था कि मिसेज़ पवार मेरी चुदाई से खुश हो जाएँगी. इस लिए मैं ने बॅकप प्लान तय्यार रखा था.

और वैसे भी पहली चुदाई हो जाने के बाद कोई ईडियट होगा जो कपड़े पहन कर अपने घर जाकर फिर कपड़े निकाल कर चुदाई करेगा.ऐसा तभी संभव है जब जहाँ पहली चुदाई हुई है वहाँ किसी वजह से दूसरी चुदाई ना हो ,तब जगा चेंज की जाती है

मिसेज़ पवार भी यही कहती कि यही पर चुदाई करते है. मेरे घर2 जाने की ज़रूरत क्या है.

घर मे जलने की बदबू फैल जाने से अब मिसेज़ पवार को मेरी इच्छा पूरी करने के लिए मेरे साथ चलना होगा.

मैं सोच रहा था कि मिसेज़ पवार वापस बेडरूम मे आ गयी

मिसेज़ पवार के आने तक बेडरूम मे बदबू फैल गयी थी

अवी-क्या हुआ

मिसेज़ पवार -तुम्हारे लिए जो टी बनाई थी वो जल गयी.

अवी-तभी इतनी बदबू आ रही है

मिसेज़ पवार -हाँ, अब क्या करे

 
अवी-क्या करना है ,खिड़कियाँ ओपन करो

मिसेज़ पवार -वो तो कर दी है. मैं चुदाई की बात कर रही थी.

अवी-तुम क्या कहती हो

मिसेज़ पवार -पहली चुदाई मे मुझे मज़ा आया .पर दूसरी चुदाई से तुम्हे मज़ा आएगा.

अवी-वो तो है.पर इस बदबू मे करना मुश्किल होगा

मिसेज़ पवार -तुम ने कहा था कि तुम्हारे घर चलते है

अवी-मेरा घर तो बहोत दूर है

मिसेज़ पवार -कितना दूर

अवी- 20 30किमी दूर

मिसेज़ पवार -फिर आज कुछ नही हो सकता

अवी-मेरा एक और घर है

मिसेज़ पवार -कहाँ है.

अवी-पास मे है

मिसेज़ पवार -चलो वही चलते है.

अवी-पहले मैं जाता हू 30 मिनिट के बाद तुम आ जाना

मिसेज़ पवार -साथ चलते है.

अवी-साथ नही जा सकते

मिसेज़ पवार -मुझे तुम्हारा घर नही पता है. और मेरी पास वहाँ तक जाने के लिए कुछ नही है

अवी-मैं अड्रेस बताता हू. मिसेज़ दूबे का घर पता है

मिसेज़ पवार -कौन मिसेज़ दूबे ,मैं तो बस एक मिसेज़ दूबे को जानती हू जो इसी सोसाइटी मे रहती है.

अवी-मैं उसी मिसेज़ दूबे की बात कर रहा हू. उसके घर के सामने ब्लू मकान मेरा है

मिसेज़ पवार -वो मकान तुम्हारा है.तुम यही रहते हो...इतना घुमाने की क्या ज़रूरत थी सीधे सीधे बता देते

अवी-वो मेरा रेस्ट हाउस है.घुमा कर बात करने मे मज़ा आता है .मैं पहले जाता हू .30 मिनिट बाद तुम आना

मिसेज़ पवार -हाँ, हम साथ नही जा सकते . तुम जाओ मैं 30 मिनिट बाद आ जाउन्गि.

अवी-टाइम पर आना तब तक मैं घर को क्लीन कर दूँगा.

मिसेज़ पवार -तुम चलो ,मैं यहाँ का काम करके आती हू.

मैं हॉल मे आ गया .और कपड़े पहन लिए.

मिसेज़ पवार अभी भी नंगी थी.

अवी-इधर आओ

मिसेज़ पवार -हाँ बोलो

अवी-ज़रा मेरी तरफ गंद करके झुक जाओ

मिसेज़ पवार -क्यू?

अवी-झुको तो

मिसेज़ पवार झुक गयी.

मैं ने मिसेज़ पवार के चूतड़ो को पकड़ कर फैला दिया. और गंद के छेद को देखने लगा.

फिर मिसेज़ पवार की गंद पर थप्पड़ मार दिए

अवी-तुम्हारी गंद मारने मे मज़ा आएगा.

मिसेज़ पवार -अकेले मज़ा मत लेना. मुझे भी मज़ा देना

अवी-ज़रूर

और मैं मिसेज़ पवार के घर से मिसेज़ दूबे के घर चला गया.

 


अपडेट 344

मैं मिसेज़ पवार के घर से मिसेज़ दूबे के घर जाने लगा.

मिसेज़ दूबे मेरा ही इंतज़ार कर रही थी.

मेरे बेल बजाते ही गेट ओपन हो गया.

मिसेज़ दूबे-मैं तुम्हारा ही इंतज़ार कर रही थी.

अवी-मेरा इंतज़ार

मिसेज़ दूबे-आज तुम लाइव शो दिखाने वाले हो ना

अवी-हाँ,और लाइव शो की तय्यारी हो गयी.

मिसेज़ दूबे-वो आ रही है

अवी-हाँ, पर उसके आने से पहले आपको मेरे घर2 चलना होगा.

मिसेज़ दूबे-तुम्हारे घर2 ,अगर उस ने देख लिया तो

अवी-आप किचन मे छुप जाना ,मैं उसको सीधा बेडरूम मे लेकर चला जाउन्गा.

मिसेज़ दूबे-ये बढ़िया आइडिया है.चलो चलते है.

अवी-हाँ चलो

मैं मिसेज़ दूबे को लेकर घर2 मे चला गया.और मिसेज़ पवार के आने का इंतज़ार करने लगा.

मिसेज़ दूबे-एक बात पुछु

अवी-एक बात पूछने का एक किस,

मिसेज़ दुबे-जाने दो फिर

अवी-मज़ाक कर रहा था ,पूछिए

मिसेज़ दूबे-तुम ने उस दुल्हन को चुदाई के लिए तय्यार कैसे किया.उसकी तो अभी शादी हुई है.

अवी-किस की बात कर रही है आप

मिसेज़ दूबे-वही उस दिन तुम्हे मॅरेज फंक्षन ले गयी थी. उसकी की चुदाई दिखाने वाले हो ना

अवी-वो दुल्हन ,उसके साथ मैं कैसे चुदाई कर सकता हू ,वो तो हनीमून पर गयी होगी.

मिसेज़ दूबे-फिर किस के साथ करने वाले हो. और तुम ने तो कहा था कि मैं उसे जानती हू

अवी-थोड़ा धीरज रखो, कुछ देर मे पता चल जाएगा.

मिसेज़ दूबे-ठीक है, एक और सवाल पूछना था.

अवी-पहले सवाल का किस दो फिर दूसरा सवाल पूछना

मिसेज़ दूबे-मज़ाक नही.

अवी-पूछिए

मिसेज़ दूबे-क्या आज भी पीछे से करने वाले हो

अवी-हाँ, मुझे पीछे से ज़्यादा मज़ा आता है.

मिसेज़ दूबे-क्या उसके साथ भी ब्रेकप कर रहे हो

अवी-उसकी तो मैं पहली बार चुदाई कर रहा हू

मिसेज़ दूबे-पहली बार पीछे से

अवी-हाँ ,पहली बार मैं पीछे से करता हू

मिसेज़ दूबे-पर तुम ने तो कहा था कि ब्रेकप के समय पीछे से करते हो

अवी-पहली बार और आख़िरी बार पीछे से करता हू

मिसेज़ दूबे-ठीक है समझ गयी. जिस के साथ करने वाले हो वो कब तक आयेगी.

अवी-आती ही होंगी

मिसेज़ दूबे-एक आख़िरी सवाल ,

अवी-किस, चलो पूछ लीजिए

मिसेज़ दूबे-क्या वो शादी शुदा है.

अवी-हाँ

मिसेज़ दूबे सोचने लगी कि वो कौन हो सकती है.

मिसेज़ दूबे सोच रही थी बेल बज गयी.

अवी-किचन मे छुप जाइए

मिसेज़ दूबे-जाती हू

मैं मिसेज़ दूबे को किचन मे ले गया. और किचन से बाहर आते हुए मिसेज़ दूबे की चूत को मसल दिया.

ऊओचह

और जल्दी से गेट खोलने चला गया.

मिसेज़ दूबे मुझे शॉक्ड होकर देखती रह गयी.

मिसेज़ दूबे को किचन के अंदर के हिस्से मे छुपा दिया था जिस से ना मिसेज़ पवार मिसेज़ दूबे को देख सकती थी और ना मिसेज़ दूबे मिसेज़ पवार को

मैं ने जल्दी से गेट खोला. गेट खोलते ही मिसेज़ पवार अंदर आ गयी और मैं ने गेट लॉक किया.

मिसेज़ पवार अंदर आते ही मुझे किस करने लगी.

मैं भी मिसेज़ पवार को किस करने लगा. मिसेज़ पवार की पीठ किचन की तरफ थी.

मिसेज़ दूबे किचन से झाँक कर हमे देख रही थी.

मैं ने मिसेज़ दूबे को अंदर जाने का इशारा किया और मिसेज़ पवार को लेकर बेडरूम मे आ गया.

 
344 ए

मैं ने मिसेज़ दूबे को अंदर जाने का इशारा किया और मिसेज़ पवार को लेकर बेडरूम मे आ गया.

बेडरूम मे आने के बाद मिसेज़ पवार ने फिर से मुझे किस किया.

फिर मिसेज़ पवार पलट गयी. मेरी तरफ अपनी पीठ करके खड़ी हो गयी.

और अपनी साड़ी को नीचे से उठा कर उपर करने लगी.

साड़ी को घुटनो तक उपर कर लिया और मेरी तरफ गंद करके झुकते हुए फिर से साड़ी उपर करने लगी.

मिसेज़ पवार मुझे अपनी गंद दिखा रही थी. अपनी अदा के साथ.

ये क्या, मिसेज़ पवार बिना पैंटी के यहाँ आई है.

मिसेज़ अपनी साड़ी को पकड़ कर मुझे अपनी गंद दिखाने लगी. मैं मिसेज़ पवार की हॉट गंद को देखता रह गया.

मैं ने मिसेज़ पवार की गंद पर हाथ लगाया तो मिसेज़ पवार आगे की तरफ हो गयी और अपनी साड़ी नीचे करके बेड पर लेट गयी.

अवी-क्या हुआ

मिसेज़ पवार-कुछ नही ,

अवी-कुछ तो है ,

मिसेज़ पवार-मेरी गंद मारने से पहले क्या एक बार मेरा पानी निकाल सकते हो ,

अवी-ये क्या पूछने वाली बात है, पहले एक बार आगे से फिर पीछे से ,खुश

मिसेज़ पवार-डबल खुश

अवी-चलो कपड़े उतारो, अगर खराब होगे और किसी ने देख लिया तो तुम्हारे लिए प्राब्लम हो जाएगी.

मेरे कहते ही मिसेज़ पवार अपने कपड़े उतारने लगी.

मैं भी कपड़े उतारते हुए खिड़की की तरफ देखने लगा.

मिसेज़ दूबे मिसेज़ पवार को देख कर शॉक्ड हो गयी.

जिस के बारे मे मिसेज़ दूबे ने मुझे कहा था कि मिसेज़ पवार को अफेर नही है,आज उसकी चुदाई देखने वाली थी मिसेज़ दूबे

मिसेज़ पवार के जैसे जैसे कपड़े निकल रहे थे वैसे वैसे मिसेज़ दूबे का मूह खुल रहा था.

मिसेज़ दूबे ने जो कभी नही सोचा था वो आज देखने जा रही थी.

मिसेज़ दूबे को आज झटके पे झटके लगने वाले थे, पहला झटका मिसेज़ पवार और दूसरा झटका वो खुद,

आज इस सोसाइटी की उन 2 औरतो की चुदाई होने वाली थी जिस के बारे मे मिसेज़ दूबे ने कहा था कि उनका किसी और के साथ अफेर नही है.

मिसेज़ पवार की चूत तो मार ली अब गंद की बारी है. और उसके बाद सब ठीक रहा तो मिसेज़ दूबे की चूत मे मेरा लंड होगा.

मैं ने वापस मिसेज़ पवार पर फोकस किया.

मिसेज़ पवार अपने कपड़े निकाल चुकी थी और मैं भी नंगा हो चुका था.

अभी लंड एक चूत मे जाएगा पर पानी 2 चूत से निकालेगा.

लंड मिसेज़ पवार की गंद मे जाएगा और पानी मिसेज़ दूबे की चूत से निकलेंगा.

हम नंगे होते एक दूसरे के गले लग गये.

मिसेज़ पवार की गंद मिसेज़ दूबे की तरफ थी ,और मैं मिसेज़ पवार को गले लगते हुए गंद मसल रहा था.

गंद को दोनो हाथ मे पकड़ अपने से कस लिया. जिस से मिसेज़ पवार मुझसे चिपक गयी.

मैं ने चूतड को दबाते हुए गंद की दरार मे उंगली डाल दी.

दरार मे उंगली जाते ही गंद के छेद को टच हो गयी.

मैं उंगली से मिसेज़ पवार की गंद को कुरेदने लगा.

मिसेज़ पवार मेरे गले लगे होने से मेरी बहो मे मछली की तरह मचल रही थी.

साथ मे मिसेज़ पवार शीष्कारी ले रही थी.

उधर मिसेज़ दूबे की हालत भी खराब हो रही थी.

उनके हाथ और चेहरे के एक्सप्रेशन से पता चल रहा था कि वो क्या कर रही थी.

आआआआहह...........आआआअहह.......हााआययइईई..........

मिसेज़ पवार- बसस्स गले लगायोँगीईई य्ाआआअ...........आआआअहह.............

कुचह....आगे भी करूऊओ...

अवी-करता हू डार्लिंग ,पर आराम से करूँगा, पूरी टंकी खाली करनी है

मिसेज़ पवार-आआहह ...........आआआअ कर दू कलिइीइ

मैं ने मिसेज़ पवार की गंद को पकड़ और उपर उठाया और बेड पर पटक दिया.

मिसेज़ पवार-ऊओउऊउक्ककचह......ऊऊुुऊउक्ककचह.........आराम से ...........

और मैं ने भी मिसेज़ पवार के उपर छलान्ग लगाई.और बिना देर किए उनके होंटो को चूसने लगा

मिसेज़ पवार तो आज अपनी आग पूरी तरह से बुझाने के इरादे से मैदान मे उतरी थी.

मेरे किस करते ही मिसेज़ पवार मेरे होंटो को चूसने लगी.

हमारे किस करने से मिसेज़ दूबे शायद जल रही थी. क्यू कि मिसेज़ दूबे ने मुझे तड़फाया नही होता तो आज मिसेज़ पवार के जगा वो लेटी हुई होती, शायद खिड़की मे खड़ी रह कर यही सोच रही होंगी.

जितना ज़्यादा मज़ा मिसेज़ पवार करेंगी उस से ज़्यादा मिसेज़ दूबे जलती रहेंगी.

मिसेज़ पवार के होंटो को चूसने के बाद मैं ने बूब्स पर हमला बोल दिया.

बूब्स को दबाते हुए मैं मिसेज़ पवार से बात करने लगा

अवी-एक बात कहूँ

मिसेज़ पवार-हाँ बोलो

अवी- मैं ने सुबह मिसेज़ दूबे को देखा, उनके बूब्स तुम से ज़्यादा बड़े है.

मिसेज़ पवार-उस का नाम मत लो, खुद कुछ नही करती और दूसरे को कुछ नही करने देती .वो दूसरे के अफेर के बारे मे बात करती है,मुझे तो लगता है उनका भी अफेर होगा देखा कितने बड़े बूब्स है उसके

बस इतना काफ़ी था ,मिसेज़ दूबे मिसेज़ पवार की बात सुनकर जल कर कोयला हो गयी.

 
मिसेज़ दूबे के अंदर आग भड़काना मेरे लिए ज़रूरी था.

उनकी आँखे चुदाई के नशे से और गुस्से से लाल हो गयी थी.

मैं ने वापस मिसेज़ पवार पर फोकस किया.

अवी-तुम्हारे बूब्स मिसेज़ दूबे की तरह करता हू

मिसेज़ पवार-जो करना है करो पर उसका नाम मत लो

मैं मिसेज़ पवार के बूब्स को दबाते हुए चूसने लगा.

जैसे आम को दबाने के बाद रस पीते है उसी तरह मिसेज़ पवार के बूब्स को दबा कर चूस रहा था.

मिसेज़ पवार के बूब्स मेरे ऐसे करने से जल्दी लाल हो गये

एक लाल हुआ तो क्या हुआ ,दूसरा अभी बाकी था.

अब मैं दूसरे बूब्स को दबा रहा था ,चूस रहा था, लाल कर रहा था.

बूब्स को चूस्ते हुए मैं तिरछि नज़ारो से मिसेज़ दूबे की तरफ देख रहा था.

मिसेज़ दूबे नीचे देख रही थी. शायद अपने बूब्स देख रही होगी. मेरी बातों का असर धीरे धीरे मिसेज़ दूबे पर हो रहा था.

मिसेज़ पवार के बूब्स को लाल कर दिया.

अवी-चूसोगी

मिसेज़ पवार-चूसुन्गि

हम 69 पोज़िशन मे आ गये.

मिसेज़ पवार ने पहली चुदाई मे जैसा किया उसी तरह मेरे लंड को चूस रही थी.

मैं भी मिसेज़ पवार की चूत को चूसने लगा

एक बार लंड लेने से मिसेज़ पवार की चूत खुल गयी थी.

जिस से 3 उंगली चूत मे डाल कर जीभ से चाट रहा था.

मिसेज़ पवार भी अपना मूह खोल कर ज़्यादा से ज़्यादा लंड मूह मे लेकर चूस रही थी.

उधर मिसेज़ दूबे बस अपने होंटो पर जीभ और शायद चूत पर हाथ घुमाने के सिवा कुछ नही कर सकती थी.

मिसेज़ दूबे के उपर ये नशा सिर्फ़ अपना पानी निकलने तक रहेंगा. फिर मिसेज़ दूबे अपनी औकात पर आ जाएँगी.

मिसेज़ दूबे अपने काम मे लगी हुई थी, मिसेज़ पवार अपने काम को मज़े लेते हुए कर रही थी.

मिसेज़ पवार की चूत से पानी निकलते तक मैं उसकी चूत चूसे जा रहा था.

मिसेज़ पवार का पानी पीने के बाद मैं ने मिसेज़ पवार को अपने उपर से अलग कर दिया.

मिसेज़ पवार-मैं ने कहा था कि लंड डाल कर पानी निकालना पर तुम ने तो ऐसे ही निकाल दिया.

अवी-क्यू मज़ा नही आया.

मिसेज़ पवार-मज़ा आया पर लंड से पानी निकालते तो मज़ा ज़्यादा आता.

अवी-तुम्हारे लिए कुछ भी.

मिसेज़ पवार-सच

अवी-रूको तुम्हारे अंदर लंड डाल कर दिखाता हू

मैं ने लंड पर कॉंडम लगा लिया.

और मिसेज़ पवार के उपर आकर लंड को चूत पर सेट किया.

मिसेज़ पवार-गीला तो कर लो

अवी-उसकी ज़रूरत नही है.

और मैं ने एक झटका मार कर और फिर दूसरा झटका मारकर लंड मिसेज़ पवार की चूत मे डाल दिया.

आआअहह.......ऊओउऊउक्ककचह......आआअहह.........आराम से करो...........

अब आराम से करने का समय नही था.

लंड चूत मे जाकर रुकने वाला थोड़ी था वो तो सवारी करना चाहता था.

मिसेज़ पवार मेरे धक्के के साथ मज़े मे अपनी गंद उपर कर देती.

धक्के मारने से मिसेज़ पवार को मज़ा आ रहा था.

ऐसा मज़ा मिल रहा था उस मज़े मे कोई और जल रही थी.

मैं मिसेज़ पवार का पानी जल्द से जल्द निकालना चाहता था ताकि फिर मिसेज़ पवार की गंद और मिसेज़ दूबे चूत मार सकूँ

हमारी चुदाई का जोश देख कर मिसेज़ दूबे की हालत पतली हो रही थी.

अनु की चुदाई देखते समय मिसेज़ दूबे को ज़्यादा फ़र्क नही पड़ रहा था पर अपनी पहचान की औरत की चुदाई और वो भी ऐसे इंसान से जिस को उस से मिले हुए 1 2 दिन हुए होंगे.

मिसेज़ पवार ऐसे मज़े लेते हुए मेरे नीचे लेटी हुई थी ये देख कर मिसेज़ दूबे को अपनी आँखो पर विषवास नही हो रहा होगा.

मिसेज़ पवार चुदाई मे मेरा साथ दे रही थी और मैं मिसेज़ पवार का पानी निकालने के लिए अपना हॅंडपंप चला रहा था.

मिसेज़ पवार की शीष्कारिया अगर मुझ मे जोश बढ़ा रही थी तो मिसेज़ दूबे का क्या हाल हो रहा होगा.

कितनी गीली हुई होगी मिसेज़ दूबे की पैंटी

सुपर्वोमन मिसेज़ दूबे

ये बात दिमाग़ मे आते ही मैं ने अपनी गति बढ़ा दी.

गति बढ़ाने से मिसेज़ पवार ने अपना कंट्रोल खो दिया और मेरे लंड का अभिषेक हो गया.

मिसेज़ पवार पानी छोड़ते ही रिलॅक्स हो गयी. अपने आप को हल्का महसूस कर रही थी.

मैं ने लंड को मिसेज़ पवार की चूत से बाहर निकाल लिया.

लंड बाहर निकालते ही मिसेज़ पवार ने अपनी आँखे बंद की.

 
लंड बाहर निकालते ही मिसेज़ पेव्र ने अपनी आँखे बंद की.

अवी-अब खुश हो ना ,या और करू

मिसेज़ पवार-बहोत खुश हू ,

अवी-तो और नही करू

मिसेज़ पवार-करो पर जो तुम चाहते हो वो करो

अवी-अगर ज़्यादा दर्द हुआ तो

मिसेज़ पवार-मैं पहले भी ले चुकी हू ,तुम बिंदास करो ,अगर दर्द हुआ तो मैं बर्दास्त कर लूँगी.

अवी-ठीक है ,मैं तेल लेकर आता हू तब तक तुम थोड़ा आराम करो

मिसेज़ पवार-जल्दी आना

अवी-अभी गया और अभी आया.

मैं ने मिसेज़ पवार को थोड़ा आराम करने को कहा और बेडरूम के बाहर आ गया.

बेडरूम का गेट बाहर से बंद कर दिया.

बेडरूम के गेट के बाजू मे खिड़की के पास मिसेज़ दूबे खड़ी थी

मैं नंगा ही बेडरूम से बाहर आया था.

मेरे लंड पर अभी तक कॉंडम लगा हुआ था ,जिस पर मिसेज़ पवार का पानी लगा हुआ था.

कॉंडम पर लगा हुआ पानी नीचे गिर रहा था.

मिसेज़ दूबे की नज़र उसी पर थी. मिसेज़ दूबे मेरे लंड को और उस पे लगे हुए पानी को देख रही थी.

मिसेज़ दूबे की आँखो मे मेरे लंड को देख कर चमक आ गयी.

मैं ने मिसेज़ दूबे के हाथ को पकड़ कर अपने लंड पर रख दिया.

मिसेज़ दूबे बिना किसी विरोध के मेरे लंड पे हाथ रख दिया.

पहली बार मिसेज़ दूबे ने मेरे लंड को टच किया था.

मिसेज़ दूबे का हाथ छोड़ते ही ,उसका हाथ मिसेज़ पवार के पानी वजह से फिसल गया.

मिसेज़ दूबे होश मे नही थी ,जिस की वजह से उसका हाथ मेरे लंड से फिसल गया.

मैं ने दुबारा मिसेज़ दूबे का हाथ अपने लंड पर रखा और धीरे धीरे मिसेज़ दूबे के हाथ को लंड पर घुमाने लगा.

फिर मैं ने मिसेज़ दूबे के हाथ को घूमाते हुए कॉंडम निकाल लिया.

फिर मिसेज़ दूबे ने खुद मेरे लंड को सहलाना सुरू किया

मैं ने मिसेज़ दूबे को पकड़ कर किचन मे ले गया.

मिसेज़ दूबे बिना किसी विरोध के मेरे पीछे पीछे आ गयी.

किचन मे जाते ही मैं ने मिसेज़ दूबे को दीवार से खड़ा किया और उनके होंटो के पास अपने होन्ट ले गया. पर किस नही किया.

मेरे सासो को अपने होंटो पर महसूस होते ही मिसेज़ दूबे अपने होंटो को मेरे होंटो को मिलाने की कोशिस करने लगी.

मिसेज़ दूबे के ऐसा करने से मुझे हँसी आ रही थी.

मैं ने अपनी हँसी पे कंट्रोल किया और अपने हाथ को मिसेज़ दूबे की चूत पर ले गया.

और मिसेज़ दूबे की चूत को ज़ोर से दबा दिया.

चूत को दबाने से मिसेज़ दूबे ने अपने होंटो को आगे करके मेरे होंटो से मिला दिया.

मैं ने कुछ नही किया. मिसेज़ दूबे मेरे होंटो पे किस करने लगी.

सिर्फ़ मिसेज़ दूबे मेरे होंटो को चूस रही थी मैं ने मिसेज़ दूबे के सह कुछ ना करने का फ़ैसला किया.

मिसेज़ दूबे को थोड़ा और तड़फ़ा जाए

मुझे कुछ ना करते हुए देख कर मिसेज़ दूबे ने और जोश के साथ मुझे किस कर रही थी ताकि मैं भी उनको किस करू

मैं ने मिसेज़ दूबे को किस करने की जगह किस तोड़ दिया.

मिसेज़ दूबे मुझे देखती रह गयी.

मैं ने फिर से मिसेज़ दूबे की चूत को मसल दिया.

मिसेज़ दूबे फिर से किस करना चाहती थी पर मैं नीचे बैठ गया.

नीचे बैठे थे ही मिसेज़ दूबे खुश हो गयी. उनको लगा कि मैं उनकी चूत चूसूंगा.

मैं किया भी वैसा ही, मैं ने मिसेज़ दूबे की कमर को पकड़ कर उनके पेट की चर्बी को पकड़ कर खिचा

और मिसेज़ दूबे की चूत को साड़ी के उपर से सूंघने लगा.

पैंटी के साथ शायद पेटिकोट भी गीला हुआ होगा इसी लिए मैं चूत की स्मेल का मज़ा लेने लगा.

मिसेज़ दूबे अपनी आँखे बंद करके खड़ी थी.

मैं ने मिसेज़ दूबे के पैरो को नीचे से पकड़ लिया.

और अपने हाथो को धीरे धीरे उपर ले जाने लगा.

जैसे जैसे मेरे हाथ उपर जा रहे थे वैसे वैसे मिसेज़ दूबे के पैर काप रहे थे.

मैं ने अपने हाथो को जाँघो तक ले गया.

मिसेज़ दूबे की नरम जाँघो को छूते ही मिसेज़ डूबे ने एक लंबी सास ली.

मिसेज़ दूबे की जाँघो पर चूत का पानी लगा हुआ था.

बहुत गरम हो चुकी है मिसेज़ दूबे

पर ये पानी तो चुदाई देख कर निकला होगा. जब तक लंड या उंगली अंदर जाकर पानी नही निकलेगा तब तक चूत शांत नही होंगी.

मैं ने अपने हाथ और उपर ले गया. अब मेरे हाथ मिसेज़ दूबे की पैंटी पर थे , चूत के बाजू वाली पैंटी पर थे.

मैं ने अपने हाथ चूत पर ले जाने के बजाय मिसेज़ दूबे की गंद की तरफ ले गया .और मिसेज़ दूबे के चूतड़ को दबाने लगा.

मिसेज़ दूबे चूत की खुजली की वजह से तड़फ़ रही थी.

फिर मैं ने मिसेज़ दूबे की पैंटी को पकड़ कर नीचे सरकाने लगा.

पैंटी को निकालने से मिसेज़ दूबे ने एक राहत की सास ली

मैं ने मिसेज़ दूबे की पैंटी नीचे कर ली, मिसेज़ दूबे ने पैंटी निकालने मे मेरी मदद की.

पैंटी निकालने के बाद मैं खड़ा हो गया.

मेरे खड़े होने से मिसेज़ दूबे मुझे देखती रह गयी.

मैं ने मिसेज़ दूबे की चूत पर साड़ी के उपर से हाथ लगाकर मसल दिया.

मैं क्या कर रहा हू वो मिसेज़ दूबे को समझ नही आ रहा था.

मिसेज़ दूबे की चूत मसल्ने के बाद मैं ने मिसेज़ दूबे की पैंटी को अपने लंड पर लगा लिया.

और मिसेज़ दूबे के बूब्स पर अपने हाथ रख दिए.

बूब्स पर हाथ रख कर धीरे धीरे दबाने लगा.

बूब्स दबाने से मिसेज़ दूबे ने अपनी आँखे बंद कर ली.

मैं धीरे धीरे मिसेज़ दूबे के बूब्स दबाता गया.मिसेज़ दूबे मज़ा ले रही थी.

मिसेज़ पवार मेरा इंतज़ार कर रही थी.

मिसेज़ दूबे की जगह मिसेज़ पवार के साथ मस्ती करना ज़रूरी है.

मिसेज़ दूबे को यहाँ तक कर के छोड़ दिया तो वो भूकी शेरनी की तरह हो जाएँगी जिस के मूह को खून लगा है.

यहा मिसेज़ दूबे के साथ मस्ती करता रहा तो मिसेज़ पवार को पता चल जाएगा. और फिर मिसेज़ पवार हाथ से चली जाएँगी. और मिसेज़ दूबे भी हाथ से निकल जाएगी.

अगर अभी मिसेज़ पवार के पास जाउन्गा तो मिसेज़ पवार भी मिलेंगी और मिसेज़ दूबे की आग और बढ़ेगी,फिर मिसेज़ दूबे भी मिलेंगी.

मैं ने मिसेज़ दूबे के बूब्स दबाते हुए अपना हाथ फिर से चूत पर ले गया.

और फिर से मिसेज़ दूबे की चूत दबाई.

मिसेज़ दूबे ने फिर से लंबी सास ली और अपनी आँखे बंद की

मिसेज़ दूबे के आँखे बंद करते ही मैं बेडरूम की तरफ चला गया.

बेडरूम का गेट खोलने की आवाज़ सुनकर मिसेज़ पवार और मिसेज़ दूबे होश मे आ गयी.

मिसेज़ पवार के चेहरे पे खुशी और मिसेज़ दूबे के चेहरे पे गुस्सा था

मिसेज़ दूबे मुझे देखती रह गयी ,मैं ने मिसेज़ दूबे को बीच मे छोड़ दिया था.

मिसेज़ दूबे को आग मे जलते हुए छोड़ कर मैं मिसेज़ पवार के पास चला गया.

मैं अंदर जा रहा था और मिसेज़ दूबे मुझे रोकने के लिए बेडरूम के पास आ रही थी.

पर मैं मिसेज़ दूबे के आने से पहले अंदर चला गया और गेट अंदर से लॉक किया.

मिसेज़ दुबे अपने हाथ मसल्ते रह गयी.

मिसेज़ दुबे मुझे आवाज़ नही दे सकती थी ,अगर आवाज़ दिया तो मिसेज़ पवार को पता चल जाएगा.

मिसेज़ दूबे बस एक काम कर सकती थी वो था खिड़की से मुझे देख कर अपनी चूत को मसलना .

 


345 ए

मैं बेडरूम मे आ गया.

मेरे बेडरूम मे आते ही मिसेज़ पवार उठ कर बैठ गयी.

मिसेज़ पवार-कहाँ गये थे,

अवी-बताया था ना तेल लाने

मिसेज़ पवार-डाइरेक्ट कंपनी मे गये थे क्या जो इतना समय लगा और ये तुम्हारे लंड पर पैंटी किस की है

अवी-बैठने तो दो ,

और मैं ने मिसेज़ पवार को किस किया और बेड पर बैठ गया.

अवी-मैं तेल लेने किचन मे गया था पर तेल ख़तम हो गया था. और कहाँ पर रखा है ये देखने मे टाइम हो गया.

मिसेज़ पवार-ये पैंटी

अवी-मैं कॉंडम लगा कर बाहर गया था. कॉंडम पर तुम्हारा पानी लगा हुआ था ,उस पानी को साफ करने के लिए कपड़ा ढूँढ रहा था कि ये पैंटी मिल गयी. फिर इसी से पानी साफ करने लगा.

फिर मैं सोचा कि ये मैं क्या कर रहा हू, मेरे पास तो और 2 3 कॉंडम है. मैं ने कॉंडम को निकाल दिया .और लंड को पैंटी से साफ करते हुए यहाँ आ गया.

मिसेज़ पवार-वो मैं समझ गयी पर ये पैंटी किस की है

अवी-ये पैंटी एक हसीन ,खूबसूरत ,हॉट,सेक्सी ,औरत की है.

मेरे मूह से अपनी तारीफ सुनकर मिसेज़ दूबे खुश हो गयी.

किसी और औरत के सामने अपनी तारीफ हो ये किसी भी औरत को खुश करने के लिए काफ़ी है.

मिसेज़ पवार-औरत?

अवी-एक है जिस के साथ मैं सेक्स करता था ,उसकी रह गयी. उसके साथ करने मे मज़ा आता था

मैं ने खिड़की की तरफ देखा तो मिसेज़ दूबे का चेहरा लाल हो गया था मेरी बात सुनकर

मिसेज़ पवार-तुम उसे अभी भी याद करते हो

अवी-हाँ

मिसेज़ पवार-क्यू ना मैं ये पैंटी पहन लू ,और तुम मुझे उसको समझ कर चुदाई करो

अवी-ये तो बढ़िया आइडिया है, तुम ने मुझे खुश कर दिया.

मिसेज़ पवार-खुश कर दिया ना तो एक बार...

अवी-चूत मारू यही कहना चाहती हो ना

मिसेज़ पवार-हाँ,

अवी-चलो तुम्हे भी खुश कर देता हू पर उसके बाद मैं गंद मारूँगा.

मिसेज़ पवार पैंटी पहनने लगी.

अवी-(ऐसे तो गंद ज़्यादा देर नही मार पाउन्गा. एक बार चूत मार चुका और फिर से एक बार कर लेता हू, पर एक बात है मिसेज़ दुबे की पैंटी पहन कर मिसेज़ पवार की चूत मारने मे मुझे मज़ा और मिसेज़ दूबे को गुस्सा ज़रूर आएगा)

मिसेज़ पावर-इसका साइज़ तो बड़ा है.

अवी-38 का है, पहन लो कुछ नही होता ,पहन कर बेड पर सोना ही है ना

मिसेज़ पवार-ये तो गीली है

अवी-(ये तो मिसेज़ दूबे का पानी है)तुम्हारा पानी लगा हुआ है बताया था ना

मिसेज़ पवार पैंटी पहन कर बेड पर लेट गयी

मैं मिसेज़ पवार की टाँगो के बीच आ गया.

मैं ने मिसेज़ दूबे की चूत को सिर्फ़ मसला था ,और कुछ नही किया था .अब मिसेज़ दूबे खुद को मिसेज़ पवार की जगह समझ कर ज़रूर एंजाय करेंगी.

मैं ने मिसेज़ दूबे की तरफ देखा और पैंटी को अपनी जीभ से चाट लिया.

जीभ से चाट ते ही मिसेज़ दूबे के चेहरे पे ऐसे एक्सप्रेशन थे कि मैं उनकी चूत चाट रहा हू

अवी-बहोत टेस्टी है

और फिर से पैंटी को जीभ से चाट लिया.

अपने पानी की तारीफ सुनकर मिसेज़ दूबे खुश हो गयी.

मैं ने पैंटी को थोड़ा बाजू मे करके मिसेज़ पवार की चूत मे 2 उंगली डाल कर बाहर निकाल ली और अपने मूह मे डाल कर टेस्ट किया.

मिसेज़ पवार और मिसेज़ दूबे के चेहरे पे एक जैसे एक्सप्रेशन थे

उंगली एक चूत मे डाल रहा था और ऐसा लग रहा था कि पानी 2सरी चूत का टेस्ट कर रहा हू.

उंगली से इतना मज़ा आ रहा है तो ,और मैं ने पैंट पर एक किस किया और चूत को चाटने लगा.

एक साथ 2 चूत का मज़ा मिल रहा था

मैं चूत चाट रहा था पर मेरे लंड मे दर्द हो रहा था.

पहले मिसेज़ पवार पानी निकालने के बाद रुकने की वजा से लंड झटके मार रहा था.

मैं ने चूत चूसना बंद किया और लंड पर कॉंडम लगा लिया.

मिसेज़ पवार-पैंटी निकालु

अवी-पैंटी निकाली तो गंद मारूँगा.

मिसेज़ पवार-पैंटी के साथ करो

और मैं लंड को पैंटी के उपर से चूत को रगड़ने लगा.

मिसेज़ दूबे सातवे आसमान पर थी और मिसेज़ पवार आतवे आसमान पर थी.

मैं ने पैंटी को थोड़ा एक साइड मे किया और लंड को 1 और 2 झटके मे मिसेज़ पवार के खूहे मे डाल दिया.

मेरा पाइप मिसेज़ पवार के कुँए मे जाकर पानी निकालने को तय्यार हो गया.

मैं ने मशीन सुरू की, और पाइप ने कुँए मे बोरवेल करना सुरू किया ताकि कुँए से पानी निकल जाए

मेरी मशीन लगातार अपनी गति बढ़ा रही थी.

कुँए वाली का बदन भूकंप की तरह हिल रहा था.

उदार दूसरा कुँए वाली भी अपने कुँए से बिना पाइप के पानी निकालने की कोशिस कर रही थी.

मिसेज़ दूबे की सोच ,काश मिसेज़ पवार की जगह मैं होती. मिसेज़ पवार की सोच ,कस मैं उसका पति होता, मेरी सोच,काश मैं मिसेज़ पवार और मिसेज़ दूबे की एक साथ चुदाई कर पाता.

हम अपनी अपनी सोच के साथ चुदाई का मज़ा ले रहे थे.

एक लाइव शो देख कर मज़ा ले रही थी और दूसरी चुदाई करके मज़ा ले रही थी.

मिसेज़ पवार की चूत मे पानी की कमी नही थी. और मेरा लंड चूत से पानी निकालना जानता था.

मैं धक्के मारता गया. और मिसेज़ पवार अपनी चूत मे धक्के लेती गयी

मिसेज़ पवार ने 2 बार मुझे खुश करके अपनी चूत मे लंड लिया है.

मैं कब मिसेज़ पवार की गंद मारू ,आज जितना हो सके उतना कर लेता हू, किसी और दिन फ़ुर्सत से सिर्फ़ मिसेज़ पवार की गंद मारने आ जाउन्गा.

और एक जोरदार धक्के के साथ मिसेज़ पवार के कुँए से मेरे पाइप ने पानी निकाल लिया

पानी निकलते ही मिसेज़ पवार ठंडी पड़ गयी ,मिसेज़ दूबे की गर्मी और बढ़ गयी और मुझे गंद मारने को मिल गयी.

 


345 बी

पानी निकलते ही मिसेज़ पवार ठंडी पड़ गयी ,मिसेज़ दूबे की गर्मी और बढ़ गयी और मुझे गंद मारने को मिल गयी.

मैं ने लंड बाहर निकाला और मिसेज़ दूबे की तरफ देखा वो अभी तक वही पर थी.

मैं ने मिसेज़ दूबे की पैंटी जो मिसेज़ पवार ने पहन रखी थी उसे निकाल लिया.

और सुघने लगा. ऐसा करने से मिसेज़ दूबे को अच्छा लगा.

फिर मैं ने पैंटी टेबल पर रखी और मिसेज़ पवार को किस किया.

अवी-अब मेरी बारी है मज़ा लेने की

मिसेज़ पवार-क्या एक और बार

अवी-अब बहोत हो गया.

मिसेज़ पवार-मैं मज़ाक कर रही थी. बोलो किस पोज़िशन मे गंद मारोगे

अवी-घोड़ी बन जाओ

मिसेज़ पवार-लो बन गयी पर आराम से करना

अवी-मैं कुछ भी करू तुम बस घोड़ी बन जाओ

मिसेज़ पवार घोड़ी बन गयी.

मैं ने मिसेज़ पवार के चूतड़ो पर एक एक थप्पड़ मारा .

थप्पड़ मारने से मिसेज़ पवार को मज़ा आया.

फिर मैं ने मिसेज़ पवार के चूतड़ पर किस किया.

और मिसेज़ पवार के चूतड़ को पकड़ कर फैला दिया.

मिसेज़ पवार की गंद मारने के बाद मिसेज़ दूबे का मज़ा लूँगा.

मैं ने मिसेज़ पवार की गंद पर थूक लगा लिया.

मेरा लंड मिसेज़ पवार के पानी से चिकना हो गया था.

मैं ने लंड को मिसेज़ पवार की गंद के छेद पर रख दिया.

और एक बार मिसेज़ दूबे की तरफ देखा और मिसेज़ पवार की कमर को पकड़ कर एक झटका मारा

हरीश ने मिसेज़ पवार की गंद मार कर गंद को थोड़ा खोल रखा था ,जिस की वजह से मेरे लंड को अंदर जाने मे मुश्किल नही हुई.

मेरे लंड ने मिसेज़ पवार की गंद मे जगह बनाने का काम सुरू कर दिया.

पहले झटके मे 3 इंच मिसेज़ पवार के अंदर

और 3 इंच की चीख 3 औरतों के बराबर

मिसेज़ पवार को दर्द हुआ पर ये करना ज़रूरी था.

मैं ने दूसरा झटका मार कर मिसेज़ पवार का दर्द और बढ़ाया.

मिसेज़ पवार की एक जोरदार चीख निकल गयी.

आआअहह...........आआआअहह.......हााआययइईई..........अवईीईईईई........मररररर गाइिईई.....आराआाँ सीईई.....टुमररर्राआा लंड मेरिíई जाआअँ लेकर्ररर......आआअहह...........आआआअहह......

मिसेज़ पवार की चीख सुनकर मिसेज़ दूबे के चेहरे पे स्माइल आ गयी. मिसेज़ दूबे सोच रही होंगी कि ले कमीनी. लंड लेना है ,और ले ,रंडी कही की,ये सब सोच रही होंगी.

मैं ने मिसेज़ पवार की चीख बंद करने के लिए एक और जोरदार झटका मार कर पूरा लंड अंदर डाल दिया.

मेरा पूरा लंड अंदर जाते ही मिसेज़ पवार के मूह से दर्द के मारे कुछ नही निकल रहा था.

मिसेज़ पवार के दर्द को कम करने के लिए थोड़ी देर वैसे ही रुक गया.

मिसेज़ दूबे को मज़ा आ रहा था. जब तक मज़ा आएगा ,उसका नंबर भी लग जाएगा.

मैं ने रुकने के साथ मिसेज़ पवार के बूब्स को दबाना सुरू किया.

मिसेज़ पवार लंबी सासे ले कर अपना दर्द कम होने का इंतज़ार कर रही थी.

मिसेज़ पवार को ज़्यादा देर इंतज़ार नही करना पड़ा क्यू कि मिसेज़ पवार पहले भी अपनी गंद मरवा चुकी थी.

मिसेज़ पवार का दर्द कम होते ही मैं ने लंड को थोड़ा सा बाहर निकाल अंदर डाला.

ऐसा करने से गंद मे हरीश का लंड जहाँ तक गया था उसके आगे का रास्ता मेरे लंड के लिए बन रहा था.

मेरे ऐसा करने से मिसेज़ पवार को दर्द हुआ पर और 7 8 बार करने उनको थोड़ी राहत मिली.

उनको मज़ा आना सुरू होने लगा.

मैं ने धीरे धीरे मिसेज़ पवार की गंद मारना सुरू किया.

जैसा सब के साथ होता है वैसा ही मिसेज़ पवार के साथ हो रहा था.

मिसेज़ पवार का दर्द जैसे जैसे कम हो रहा था वैसे मिसेज़ दूबे की स्माइल गायब हो रही थी.

मैं ने धीरे धीरे अपने गति बढ़ा दी.जिस मिसेज़ पवार की गंद मेरे लंड के हिसाब से खुलने लगी.

जैसे मिसेज़ पवार की गंद मेरे लंड के हिसाब से अड्जस्ट हो गयी. वैसे ही मिसेज़ पवार और मुझे मज़ा आना सुरू हो गया.

मिसेज़ पवार की गंद दमदार थी.और मेरा लंड ऐसी दमदार गंद का दम निकालना जानता था.

मिसेज़ पवार की गंद मे लगातार मेरे धक्के लग रहे थे.

धक्के मारने मे मुझे ज़्यादा मज़ा आ रहा था.एक तो गंद और वो भी चूत दिलवाने वाली गंद

मिसेज़ पवार भी मेरे लंड को अपनी गंद मे लेकर खुश थी.

मिसेज़ पवार मेरे लंड को 3नो छेद मे लेकर आज बहोत खुश थी.

थोड़ी देर तक मैं मिसेज़ पवार को घोड़ी बनाकर गंद मारता रहा.

मिसेज़ पवार पहले कभी इतनी देर तक घोड़ी नही बनी थी ,उनको भी इस पोज़िशन मे परेशानी हो रही थी.

मैं ने पोज़िशन चेंज की ,

मिसेज़ पवार को एक साइड मे होकर लेटा दिया और मैं मिसेज़ पवार के पीछे लेट गया.

मिसेज़ पवार की एक टाँग को उपर उठा कर लंड को मिसेज़ पवार की गंद पे रख दिया.

मिसेज़ पवार ने अपना मूह मेरी तरफ किया और मैं ने मिसेज़ पवार को किस करते हुए लंड को गंद मे डाल दिया.

गंद मे लंड जाते ही मिसेज़ पवार ने किस तोड़ दिया ,और मैं ने मिसेज़ पवार की गंद मे धक्के मारना सुरू किया.

एक टाँग को उपर करने से गंद मे धक्के मारने मे आसानी हो रही थी.

मैं मिसेज़ पवार की गंद का मज़ा लेते हुए धक्के मार रहा था.

मिसेज़ पवार भी मेरे धक्को का मज़ा लेते हुए शीष्कारी ले रही थी.

मैं अपना वीर्य निकालने से कब से रोक रखा था. पहले मिसेज़ पवार की चूत मारी, फिर मिसेज़ दूबे के साथ थोड़ी मस्ती की ,फिर से मिसेज़ पवार की चूत से पानी निकाला और अब गंद मार रहा था.

मेरा वीर्य जब भी निकलेगा कुछ ज़्यादा ही निकलेगा.

और वो समय भी आ गया जिसका मैं कब से इंतज़ार कर रहा था.

मेरा वीर्य कुछ धक्को पर आकर रुक गया था.

मैं ने लंड को मिसेज़ पवार की गंद से बाहर निकाल लिया.

लंड के उपर लगा हुआ कॉंडम निकाल फेक दिया.

और मिसेज़ पवार के चेहरे के पास आकर लंड को हिलाने लगा.

लंड को हिलता हुआ देख कर मिसेज़ पवार ने लंड को अपने मूह मे ले लिया.

मिसेज़ पवार के मूह मे जाते ही मेरे लंड ने लावा छोड़ ना सुरू कर दिया.

जैसा सोचा था वैसा ही हुआ ,मेरा वीर्य मिसेज़ पवार के मूह से बाहर निकल रहा था.

मिसेज़ पवार ने जितना हो सके उतना वीर्य पी लिया ,और बाकी का वीर्य नीचे गिर गया.

 
345 सी

मिसेज़ पवार ने जितना हो सके उतना वीर्य पी लिया ,और बाकी का वीर्य नीचे गिर गया

बड़े मज़े लेकर मिसेज़ पवार ने मेरा वीर्य पी लिया.

मिसेज़ पवार को आज ऐसा सुख मिला था जिस के लिए आजतक तड़फ़ रही थी.

एक दिन मे इतनी बार पानी निकाल चुकी थी कि अब पानी ड्राउट आ जाए.

पर कुछ भी हो मिसेज़ पवार मेरे साथ चुदाई करके खुश थी.

जिस तरह मिसेज़ पवार मेरा वीर्य पी रही थी उसे देख कर लग रहा था कि वो इसीका इंतज़ार कर रही थी.

जो वीर्य मिसेज़ पवार के मूह से होते हुए गालो पर आया था उसे भी अपने उंगली मे लेकर ,उंगली को चूस रही थी.

मिसेज़ पवार की लंबी चुदाई से मैं थक गया था.

मिसेज़ पवार को वीर्य पिलाने के बाद मैं बेड पर लेट गया.

मिसेज़ पवार ने गालो के उपर का वीर्य पीने के बाद मेरे लंड पर हमला बोल दिया.

लंड पर लगा हुआ वीर्य भी चाट कर मुझे बताना चाहती कि वो चुदाई से कितनी खुश है.

मिसेज़ पवार ने मेरे लंड को अपनी जीभ से चाटना सुरू किया.

मेरे लंड को चाट कर साफ किया और मेरे चेस्ट पे सर रख लेट गयी.

अवी-कैसा लग रहा है

मिसेज़ पवार-जन्नत घूम कर आई हू ऐसा लग रहा है

अवी-और घूमना चाहोगी

मिसेज़ पवार-मैं तो हर समय तय्यार हू

अवी-फिर किसी दिन फ़ुर्सत से करेंगे

मिसेज़ पवार-किसी दिन ,ये क्या बात हुई

अवी-तुम्हारा पानी ख़तम हो गया है. और रोज रोज करने मे आज जैसा मज़ा नही आएगा. अब तुम खुद सोच लो

मिसेज़ पवार-ये भी सही है. पर फिर कब करेंगे वो बता दो

अवी-जब मैं चाहूँगा.

मिसेज़ पवार-मतलब

अवी-अपना पानी जमा करके रखना ,जब मुझे प्यास लगेगी तब आ जाउन्गा.

मिसेज़ पवार-मतलब

अवी-(एक बात समझ मे नही आ रही) अगले महीने

मिसेज़ पवार-ऐसा कहो ना

अवी-(मिसेज़ पवार से तो मिसेज़ दूबे अच्छी है जल्दी समझ जाती है. मिसेज़ दूबे )

मैं ने खिड़की की तरफ देखा वो वहाँ नही थी.

मिसेज़ दूबे वापस तो नही चली गयी.

मैं ने मिसेज़ पवार को अपने उपर से अलग किया और बेडरूम से बाहर आ गया.

घर2 का मेन गेट का लॉक जो अंदर से किया था वो खुला हुआ था.

मतलब मिसेज़ दूबे अपने घर जा चुकी है.

मिसेज़ दूबे ने यही कहा था कि चुदाई होते ही वो चली जाएँगी.

लेकिन जो मैं ने मिसेज़ दूबे के साथ किचन मे किया था उसके बाद मिसेज़ दूबे रुक जाएँगी ऐसा मुझे लगा था.

मिसेज़ दूबे ने अगर अपनी गर्मी ठंडी कर दी तो मिसेज़ दूबे के साथ चुदाई करना मुश्किल हो जाएगा.

मैं वापस बेडरूम मे आ गया.

और अपने कपड़े पहनने लगा.

मिसेज़ पवार-क्या हुआ ,कहाँ जा रहे हो

अवी-एक काम याद आ गया उसे पूरा करना है.

मिसेज़ पवार-अपनी अंडरवेर तो पहन लो

अवी-उसके लिए समय नही है

मिसेज़ पवार-मैं भी जाती हू अपने घर

अवी-(ये अपने घर जाएगी तो इसके जाने तक मैं मिसेज़ दूबे के घर नही जा पाउन्गा.) तुम यही रूको

मिसेज़ पवार-मैं यहाँ रुक कर क्या करू

अवी-तुम यही रूको, मैं 1 घंटे मे वापस आ जाउन्गा. फिर तुम्हारे साथ एक और बार चुदाई करूँगा.

मिसेज़ पवार-आगे से

अवी-सिर्फ़ आगे से

मिसेज़ पवार-फिर तो मैं रात भर रुकने को तय्यार हू

मैं ने कपड़े पहन लिए.

अवी-1 घंटा यही रूको ,मैं बाहर से गेट बंद कर दूँगा.

मिसेज़ पवार-मेरी टेन्षन मत लो,पर जल्दी आना

मैं ने मिसेज़ पवार को घर2 मे रोक कर मिसेज़ दूबे के घर चला गया.

ये मैं ने क्या कर दिया. फिर से वही हुआ जो अनु की चुदाई के बाद हुआ था तो मैं गया काम से

मिसेज़ दूबे को गरम करने के लिए क्या क्या नही किया ,अगर इतना करने के बाद मिसेज़ दूबे नही मिली तो मेरे जैसा ईडियट मैं ही रहूँगा.

ग़लती मेरी है, मिसेज़ पवार की गंद मारने के चक्कर मे मैं ने मिसेज़ दूबे पर ध्यान नही दिया.

लास्ट मोमेंट पर मिसेज़ दूबे पर से नज़र हटाई और मिसेज़ दूबे मेरे हाथ से निकलने लगी.

मिसेज़ दूबे ने मेरे साथ किचन मे जो किया वो सेक्स का नशा था.

नशा उतर जाने के बाद मिसेज़ दूबे हाथ भी नही लगाने देंगी.

मैं यही दुआ माँग रहा था कि मिसेज़ डूबे ने अपना पानी नही निकाला होगा.

मिसेज़ दूबे ने अगर पानी नही निकाला होगा और मुझे एक हिंट भी मिल गयी तो मैं उंगली टेडी करने के लिए आगे पीछे नही देखूँगा.

आज जो हो जाए मिसेज़ दूबे की चुदाई करके रहूँगा.

बस मुझे एक बस स्टार्ट करना होगा फिर मिसेज़ दूबे खुद को रोक नही पाएँगी.

पर चुदाई करने के बाद उनका रिक्षन क्या रहेगा.

वो बाद की बात है.पहले मिसेज़ दूबे से मिल तो लू, उनकी चुदाई तो कर लूँ.

 


346

थोड़ा टाइम निकल चुका था मिसेज़ पवार के साथ चुदाई करके .

फिर भी लास्ट टाइम की तरह ज़्यादा समय नही हुआ था.

मिसेज़ दूबे अपने घर जा चुकी थी. मैं भी मिसेज़ पवार को आराम करने के लिए छोड़ कर मिसेज़ दूबे के घर आ गया.

सब किस्मत पर डिपंड था. मिसेज़ दूबे मिल भी सकती थी और नही भी मिल सकती थी. 50 -50 चान्सस थे

मैं मिसेज़ दूबे के घर आ गया.मैं ने बेल बजाई पर मिसेज़ दूबे ने गेट नही खोला .

कही इस बार भी मिसेज़ दूबे नहा तो नही रही है.

अगर ऐसा हुआ तो सारा प्लान फैल हो जाएगा.

मैं फिर से वही से सुरुआत करने के मूड नही था.

अगर इस बार मिसेज़ दूबे नही मिली तो मैं अपने रास्ते चला जाउन्गा. मिसेज़ दूबे गयी तेल लेने मैं मिसेज़ दूबे को भूल जाउन्गा.

मैं ने फिर से बेल बजाई पर फिर गेट नही खुला.

मेरी धड़कने तेज होने लगी. इस बार इतनी मेहनत करने के बाद अगर मिसेज़ दूबे नही मिली तो ये सोच कर डर लग रहा था.

गेट ना खोलने की 2 वजह हो सकती है एक तो मिसेज़ दूबे मज़ा कर रही होगी .या फिर नहा रही होगी.

काश मिसेज़ दूबे मज़ा कर रही हों.

मैं ने फिर बेल बजाई .इस बार मिसेज़ दूबे ने गेट खोल दिया.

मिसेज़ दूबे मेरे सामने नाइटी मे खड़ी थी.

नाइटी तब पहनी जाती है जब कोई अर्जेंट काम कर रहा हो और कोई आ जाए फिर निघट्य पहनी जाती है.

अगर मिसेज़ दूबे ने नहा लिया होता तो उनके बाल गीले होते. और इतने कम समय मे मिसेज़ दूबे अपना पानी और नहा नही सकती.

मैं खुश हो गया कि मिसेज़ दूबे अपनी चूत के साथ खेल रही थी और बेल बजाने से नाइटी पहन कर गेट खोल दिया.

मैं मिसेज़ दूबे के पीछे पीछे अंदर चला गया.

मिसेज़ दूबे को मैं ने गोर से देखा तो पता चला कि उसने नाइटी की अंदर कुछ नही पहना था.

वो पहन भी क्या सकती थी .मैं ने मिसेज़ दूबे की पैंटी इसी लिए निकाल ली थी.

पैंटी निकालने से बहोत से काम हुए

मतलब वो मज़ा कर रही थी.और मैं बीच मे आकर उसका मज़ा खराब कर दिया.

हम जाकर सोफे पर बैठ गये.वो मेरे सामने बैठी थी पर हम बस एक दूसरे देख रहे थे.

शायद किचन मे मेरे साथ जो किया था उसे याद करके शर्मा रही होगी. मिसेज़ दूबे बात कैसे सुरू करे इस बारे मे सोच रही होंगी.

अगर बात मिसेज़ दूबे ने सुरू की तो मैं किचन वाली बात ज़रूर करूँगा ये सोच कर वो बात सुरू नही कर रही थी.

उसके पास बोलने के लिए कुछ नही था और मैं बाते कर के उसको ठंडा नही करना चाहता था.

मिसेज़ दूबे बार बार अपने पैरो से चूत को दबा रही थी.शायद उसका पानी निकलने से पहले मैं ने बेल बजा दी.उसके चेहरे पे प्यास दिख रही थी.

ये देख कर मैं खुश हो गया. मिसेज़ दूबे गरम है बस हठोड़ा मारने की देर है.

पर मेरे दिमाग़ मे कुछ और चल रहा था इस लिए मैं ने मिसेज़ दूबे को पीने के लिए पानी माँग लिया.

वो पानी लाने के लिए किचन मे चली गयी.

मैं ने अपने मोबाइल पे रेकॉर्डिंग सुरू कर के ऐसी जगह रख दी कि पूरा सोफा दिख सके.

मुझे पता था कि मिसेज़ दूबे किचन मे जाकर अपनी चूत मे ज़रूर उंगली करेंगी. और हुआ भी ऐसा ही.

मिसेज़ दूबे को पानी लाने मे टाइम लग रहा था.

अवी-मैं आ रहा हू पानी पीने

मेरी आवाज़ सुनकर मिसेज़ दूबे किचन से बाहर आकर मेरे लिए पानी लेकर आ गयी.

जैसे ही वो पीछे से मेरे पास आई तो मैं पीछे पलट गया.

मेरा हाथ से ग्लास गिर गया. सारा पानी मिसेज़ दूबे की नाइटी पर गिर गया.

मैं पानी को साफ करने लगा. जैसे कि चाय गिरी हो और मुझे साफ करना हो.वैसे पानी को क्या साफ करना, फिर भी मैं करने लगा.

ज़्यादातर पानी चूत के पास गिरा था. मैं साफ करने के बहाने से चूत मसल्ने लगा.

मैं सुरुआत कैसे करू यही सोच रहा था. और मुझे ये सिंपल तरीका सही लगा.

सब इतनी जल्दी हो रहा था कि मिसेज़ दूबे को कुछ समझ नही आ रहा था.

लेकिन मैं चूत को मसलता रहा.वो पहले से गरम थी और चूत मसल्ने से वो और ज़्यादा गरम हो गयी और शीष्कारिया लेने लगी.

किचन मे मैं ने साड़ी के उपर से चूत को मसला था. और पैंटी निकालते हुए मैं ने मिसेज़ दूबे की चूत को टच नही किया था.

और अब सिर्फ़ नाइटी के उपर से चूत मसल्ने से मिसेज़ दूबे फिर से सेक्स के नशे मे मदहोश होने लगी.

मिसेज़ दूबे को स्टार्ट की ज़रूरत थी जो मैं कर चुका हू.

मिसेज़ दूबे चूत मसल्ने से मेरी बाहों मे झूलने लगी.

मिसेज़ दूबे के जलते हुए बदन को मैं ज़्यादा देर उठा नही सकता था.

मैं ने मिसेज़ दूबे को सोफे पर लिटा दिया

सोफे पर मेरे मोबाइल की नज़र थी. मैं ने रेकॉर्डिंग इस लिए चालू की ताकि बाद मे अगर मिसेज़ दूबे गुस्सा हो गयी तो मैं वीडियो दिखा कर मामला संभाल सकता था.

मिसेज़ दूबे को सोफे पर लिटाने के बाद भी मैं चूत को मसलता रहा.

वो पूरी तरह से सेक्स के नशे मे डूब गयी थी.

मैं ने मिसेज़ दूबे की नाइटी को खिच लिया .जिस से मिसेज़ दूबे की नाइटी के बटन खुल गये. नाइटी एक 2 जगह से फट गयी.

मिसेज़ दूबे की नाइटी के फटते ही ,मिसेज़ दूबे की फूली हुई हल्के बालो वाली चूत मेरे सामने आ गयी.

मिसेज़ दूबे ने मुझे रोकने की एक बार भी कोशिस नही की.

वो बस अपनी आँखे बंद करके मज़ा ले रही थी.

मैं मिसेज़ दूबे की चूत को देखने लगा.

मिसेज़ दूबे की रस भरी चूत से रस टपक रहा था.

मिसेज़ दूबे की चूत हद से ज़्यादा गीली हो चुकी थी.

मिसेज़ दुबे की मोटी जाँघो के बीच फूली हुई गीली चूत देख कर मूह मे पानी आ रहा था.

मिसेज़ दूबे जो कब से अपनी चूत को मुझ से बचा रही थी आज वो चूत मेरे सामने थी.

 
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