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सुबह अलार्म की आवाज़ सुनकर मेरी नींद खुल गयी.
दोनो के पैर मेरे उपर थे .सारा और ज़ोया मुझसे चिपक कर सो रही थी.
मैं ने दोनो को अपने उपर से हटाया और ज़ोया की गंद पर थप्पड़ मारकर उठाया
अवी-ज़ोया उठो, सुबह हो गयी.
ज़ोया-इतनी जल्दी अभी तो सोई थी
अवी-उठो 7.00 बज रहे है
ज़ोया-तुम फ्रेश होकर आओ तब तक मैं सोती हूँ
अवी-उठो, जल्दी, वरना मैं पानी डालूँगा तुम्हारे उपर
ज़ोया-उठ रही हूँ ,तुम जाकर फ्रेश हो जाओ
मैं बाथरूम मे जाकर फ्रेश हो गया. ज़ोया अभी तक सो रही थी.
मेरे बेडरूम मे आते ज़ोया ने कपड़े पहन लिए और फ्रेश होने चली गयी.
मेरे कपड़े पहने तक ज़ोया फ्रेश होकर आ गयी. ज़ोया ने सिर्फ़ मुँह धोया था और बाल ठीक किए
ज़ोया-चलो
अवी-फ्रेश तो हो जाओ
ज़ोया-तुम्हारा काम करके वापस सो जाउन्गी
अवी-जैसा तुम्हे ठीक लगे
मैं ज़ोया के साथ कुवरसिंघ के पास आ गया .आते हुए मैं ने सारा की गंद पर थप्पड़ मारकर उसे बताया कि आराम से सोना
ज़ोया-तुम उसके पास जाओ मैं पेपर लेकर आती हूँ
मैं कुवरसिंघ के रूम मे चला.कुवरसिंघ उठ चुका था और फ्रेश भी हो चुका था.
अवी-
सारा-
अवी-कैसे हो
कुवरसिंघ ने मेरी तरफ देखा
कुवरसिंघ-तुम ,तुम कब आए
अवी-अभी थोड़ी देर पहले
कुवरसिंघ-इतनी सुबह. ऐसे अचानक
अवी-कल तुम्हारा कॉल आते मैं निकल पड़ा .आते हुए देर हो गयी तो फ्रेंड के घर चला गया .और सुबह होते इधर आ गया
कुवरसिंघ-मेरे एक बार कहने पे आ गये
अवी-हम फ्रेंड है. फ्रेंड के लिए आना तो पड़ेगा.
कुवरसिंघ-थॅंक्स, डॉक्टर से मिले
अवी-हाँ.डॉक्टर डिसचार्ज के पेपर बना रहे है.
कुवरसिंघ-मुझे डिसचार्ज कर रहे है
अवी-हाँ, तुम से बात करने के बाद डॉक्टर को कॉल किया था.डॉक्टर ने कहा कि डिसचार्ज कर सकते है. तो मैं आ गया
कुवरसिंघ-मुझे तो कुछ नही बताया डॉक्टर ने
अवी-पेशेंट की जगह मुझसे बात की. बताओ सब ठीक हुआ ना
कुवरसिंघ-हाँ, पहले जैसा फिट हो गया
अवी-दिख तो रहे हो
कुवरसिंघ-देखो चल क्या भाग सकता हूँ
अवी-तुम्हारे बाल भी आने लगे है.
कुवरसिंघ-वो मेरी नयी लाइफ की शुरुआत के सबूत है
अवी-बाकी ,वो पीछे का कैसा है.
कुवरसिंघ-वो भी पहले जैसा हो गया. पर बैठने मे प्राब्लम होती है
अवी-कुछ नही होता ,एक दिन वो भी ठीक हो जाएगा.और कैसे बीते10 दिन
कुवरसिंघ-बोरिंग थे. पर रेशमा को कॉल करके सब दर्द ख़तम हो जाते थे.
अवी-भाभी मुझे रोज पूछती थी कि तुम कब आओगे. तुम ने कुछ बताया तो नही
कुवरसिंघ-कैसे बताता
अवी-बताना भी मत ,हम गुन्डो वाली कहानी बता देंगे.
कुवरसिंघ-वो ठीक रहेगा.
अवी-अपने भाई को भी मत बताना .मैं सब को ठीक से बता दूँगा
कुवरसिंघ-तुम जैसा कहोगे वैसा करूँगा.
अवी-तो तय्यार हो जाओ भाभी से मिलने के लिए.
कुवरसिंघ बाथरूम मे चला गया कपड़े पहने के लिए
ज़ोया भी रूम मे आ गयी.
ज़ोया-ये लो कुछ मेडिसिन है. टाइम टाइम पर लेते रहना .और ये रही पूरी रिपोर्ट.
कुवरसिंघ-डॉक्टर मैं ठीक हूँ ना
ज़ोया-पहले की तरह फिट हो गये हो ,बस कुछ सीपीशॅस्ट से चेक कर लेना जिस से सब ठीक हो जाएगा.
कुवरसिंघ-थॅंक यू डॉक्टर, बिल कितना हुआ
अवी-हाँ ,बिल कितना हुआ
ज़ोया-25 लाख
कुवरसिंघ-25 लाख?
अवी-कुछ ज़्यादा नही हुआ
ज़ोया-सीक्रेट रखा, ओपरेशन किए ,इतना तो होगा ही
कुवरसिंघ-अभी तो मेरे पास इतने पैसे नही है.
ज़ोया-अवी को मैं ने अकाउंट नंबर दिया है.उसको पैसे दे देना ,वो मेरे अकाउंट मे डाल देगा.
कुवरसिंघ-मैं घर जाते ही पैसे दे दूँगा.
ज़ोया-चलो ड्रेसिंग कर देती हूँ
कुवरसिंघ-वो किस लिए
अवी-ताकि कोई तुम्हे पहचाने ना ,
कुवरसिंघ-ये ठीक रहेगा.
ज़ोया ने कुवरसिंघ के चेहरे पे पट्टी बाँध दी.
ज़ोया से मिलने के बाद मैं कुवरसिंघ के साथ सिटी हॉस्पिटल आ गया.
अवी-ये लो कॅप पहन लो
कुवरसिंघ-हम यहाँ क्यूँ आए है
अवी-ताकि उस हॉस्पिटल के बारे में किसी को पता ना चले.
कुवरसिंघ-यहाँ से गाओं कैसे जाएँगे
अवी-टॅक्सी है
मैं ने टॅक्सी वाले हो कॉल किया और गेट के पास आने को कहा.
टॅक्सी वाला कार लेकर आ गया.
हम कार मे बैठ कर गाओं की तरफ जाने लगे.
अवी-पिछली बार की तरह जल्दी पहुँचा दो,
टॅक्सी वाला-साब उस टाइम हम रात मे सफ़र कर रहे थे
अवी-तुम ने जल्दी पहुँचा दिया तो पिछली बार जितने पैसे दिए उतने दूँगा.
टॅक्सी वाला-ऐसा बोलो ना साब
,
फिर टॅक्सी वाले ने स्पीड बढ़ा दी.
मैं ने चाची को कॉल करके बता दिया कि मैं शहर एक काम से आया हूँ
टॅक्सी वाले ने हम समय पर शहर2 से शहर पहुँचा दिया.
पिछली बार की तरह कॉलेज के पास छोड़ कर वो चला गया .और मैं कुवरसिंघ को लेकर बाइक से गाओं आ गया.
कुवरसिंघ को बैठने मे प्राब्लम हो रही थी. और होती रहेगी.
मैं कुवरसिंघ को लेकर घर3 आ गया और खिड़की से जाकर गेट खोल कर कुवरसिंघ को अंदर ले लिया
कुवरसिंघ-हम यहाँ क्यूँ आए है
अवी-ये तुम्हारा पॉकेट और ये नेकक्लेस मेरे पास था.
कुवरसिंघ-ये तो रेशमा का है ,अच्छा हुआ मिल गया
अवी-ये पट्टी निकाल दो
कुवरसिंघ ने पट्टी निकाल ली
अवी-चलें हवेली
कुवरसिंघ-चलो, कितने दिन हो गये रेशमा से मिलकर ,अपने बेटे को देखे हुए.जल्दी चलो हवेली.
मैं कुवरसिंघ को लेकर हवेली आ गया.