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शिद्दत -1- 2

इधर Mr सिंघानिया भी रानी को समझाने की कोशिश कर रहे थे,बड़ी मुश्किल से बहुत समझाने के बाद रानी ने कुछ खाया और एक फैसला लिया और अपने पापा से कहा ," डोंट वरी पापा,आई एम फाइन,मैं ठीक हूँ"!!

उधर राजू भी अब धीरे धीरे अपनी माँ की बात समझ रहा था और उसे भी ये लगने लगा था कि उसके पापा की इसमें कोई गलती नही है !!

अगले दिन Mr सिंघानिया ने राजू और उसकी माँ को होटल बुलाया और कहा," सरिता मैंने कल रात बहुत सोचा और इस नातीजे पर पहुँचा हुँ की जो हक़ मैं तुम्हें और राजू को पहले नही दे पाया वो मैं अब दूंगा,मैं पूरी दुनिया के सामने तुम्हें और राजू को अपनाऊंगा,राजू को अपनी पूरी प्रॉपर्टी का वारिस बनाऊंगा,मुझे अब किसी का डर नही है,"और ये कहते हुए Mr सिंघानिया राजू से गले लग जाते हैं और उससे माफी मांगने लगते हैं और उनकी आंखों से आँसू बहने लगते हैं,अब राजू भी कुछ कुछ पिघलने लगता है और Mr सिंघानिया से गले मिलता हुआ कहता है," रोईए मत पापा," राजू के मुंह से ये शब्द सुनकर Mr सिंघानिया भावुक हो गए और उनके आँसू बहने लगे ! राजू भी अपने पिता से मिलकर भावुक हो गया और उसकी आँखें भी बह निकली !!

, उस दिन शाम की फ्लाइट से राजू,उसकी माँ,Mr सिंघानिया और रानी चारों मुंबई के लिए निकल पड़े और कुछ दिन बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के ज़रिए सारी दुनिया को ये बता दिया कि राजू उनका बेटा है और सरिता से दोबारा कोर्ट मैरिज कर ली !! Mr सिंघानिया ने अपने वकील को बुलवा कर दोबारा अपनी वसीयत तैयार करवाई और राजू को अपना वारिस बना लिया! राजू और रानी अपने दिल पर पत्थर रख कर एक ही छत के नीचे रह रहे थे,भले ही Mr सिंघानिया ने राजू को अपना बेटा मान लिया हो पर रानी मन ही मन उसे आज भी प्यार करती थी,वो अपनी भावनाओं पे कंट्रोल नही कर पा रही थी,वो कभी भी राजू को अपना भाई नही मान सकती थी,उसका दिमाग कह रहा था कि राजू उसका भाई है और इस सच को दुनिया की कोई ताकत नही बदल सकती थी,पर रानी का दिल उसे भाई मानने के लिए तैयार नही था !

सब कुछ ठीक चल रहा था ,कुछ महीने हो चुके थे इस बात को फिर जनवरी 1996 के एक दिन अचानक राजू को जोधपुर अपने होटल "रानी पैलेस" के काम के सिलसिले मे जाने के लिए बोला गया तो रानी भी उसके साथ जाने की ज़िद करने लगी,लाख समझाने के बाद भी रानी नही मानी और राजू के साथ जोधपुर आ गयी और फिर वहाँ आकर राजू अपने काम मे व्यस्त हो गया और रानी घूमने के लिए मेहरानगढ़ किले पर चली गयी,राजू ने उससे पूछा की वो , किले पर क्यों जाना चाहती है तो उसने कहा कि," आज कोनसा दिन है..? तो राजू ने कुछ सोचा और कहा कि "पता नही" तब रानी ने उससे कहा कि " आज से ठीक एक साल पहले हम यहाँ पहली बार मिले थे " तब राजू रानी की बात सुनकर उदास होकर कहा,"रानी तुम्हें कितनी बार कहा है कि अब हमारे बीच वो रिश्ता नही है,और अब हमारे लिए ये सोचना भी पाप है" !! तब रानी ने कहा ठीक है बाबा,तुम अपना काम निपटा लो मैं किले पे जा रही हूँ तुम वहीं आ जाना मुझे लेने" !

फिर राजू ने कहा कि ," हमे आज शाम को ही मुंबई निकलना है"!!

" हाँ तो ठीक है ना,हम वहीं से निकल जायेंगे" रानी ने जवाब दिया !!

राजू शाम को जब अपना काम निपटा के किले पर पहुंचा तो उसने रानी को ढूंढने की कोशिश की उस वक़्त किले पर कोई नही था क्योंकि उस दिन किले पर पर्यटकों के लिए प्रवेश बंद था पर रानी स्पेशल गेस्ट थी इसिलिय उसे किले पर आने दिया गया था पर रानी किले मे कहीं नजर नही आ रही थी !! उसके बहुत देर ढूंढने के बाद उसने देखा कि रानी किले की उसी दीवार पे खड़ी है जहाँ एक साल पहले उसका एक्सीडेंट , हुआ था! राजू ने तुरंत देर न करते हुए ऊपर दौड़ लगा दी और जब वो ऊपर रानी के पास पहुँचा तो उसने रानी से कहा," रानी,ये क्या मज़ाक है,नीचे उतरो वहाँ से!!

तब रानी ने कहा," वहीँ रुक जाओ नही तो मैं यहाँ से कूद जाउंगी"!!

राजू ये सुनकर बिल्कुल हक्का बक्का रह गया और कहने लगा ," ये क्या बोल रही हो रानी,क्या मज़ाक है ये,उतरो नीचे"राजू ने उसे डांटते हुए कहा !!

तब राजू को उसने अपने दिल का हाल बताया और कहा ," राजू तुम भले ही मुझे भूल चुके होंगे पर मैं अभी तक हमारे रिश्ते को नही भूली हुँ,मैं आज भी तुमसे उतना ही प्यार करती हूँ और तुम्हें पाना चाहती हूँ,अगर आज तुमने मुझसे प्यार का इज़हार नही किया तो मैं यहाँ से कूदकर अपनी जान दे दूंगी"

तब राजू ने उसे समझाया कि," अब हमें अपने इस रिश्ते को भूलना होगा क्योंकि हम भाई बहन हैं,और इस सच को कोई बदल नही सकता,मैं चाह कर भी तुम्हें अब अपना नही सकता"!!

तब रानी ने जवाब दिया," जब मैंने तुमसे प्यार किया था तब , मुझे नही पता था कि तुम भाई हो"!

"तो मुझे भी कहाँ पता था,पर अब इस सच्चाई को हम दोनों को अपनाना पड़ेगा" राजू ने कहा !!

" हम एक काम करते हैं,हम देश छोड़ देते हैं जहाँ हमे कोई जानता न हो और वहाँ जाकर हम अपनी नई लाइफ शुरू करते हैं ,किसी को पता नही चलेगा कि हम भाई बहन है" रानी एक दम ऐसी बातें कर रही थी जैसे कोई मानसिक रोगी हो ! शायद राजू के लिए प्यार मे उसे कुछ समझ नही आ रहा था कि वो क्या कर रही है !!

तब राजू ने रानी से कहा कि ," ये क्या बकवास कर रही हो तुम,हम इस जनम मे एक नही हो सकते तुम जितनी जल्दी इस सच्चाई को समझ लोगी तुम्हारे लिए अच्छा होगा,और नीचे आओ हमे जाना है अब"!!

तब रानी ने कहा," ठीक है राजू,इस जनम मे हम एक नही हो सकते तो ठीक है,मैं फिर आउंगी मेरा इंतज़ार करना,और हमे नही सिर्फ मुझे जाना पड़ेगा,मेरा इंतज़ार करना,तुम्हारी और सिर्फ तुम्हारी रानी"!! ऐसा कहते हुए रानी किले की दीवार से कूद जाती है और 400 फिट नीचे गिर जाती है और इस बार वो हमेशा के लिए इस दुनिया को अलविदा कह कर चली , जाती है !!

राजू चाह कर भी उसे नही बचा पाता और रानी के आखिरी शब्द उसके कानों मे गूंजते रहते हैं!! 10 जनवरी 1996 को रानी इस दुनिया को अलविदा कह कर चली जाती है
 
जब रानी की मौत की ख़बर मुंबई Mr सिंघानिया को लगती है तो पूरे सिंघानिया हाउस मे मातम का माहौल बन जाता है,रानी के पापा और राजू की माँ जो अब रानी की भी माँ बन चुकी थी,दोनों टूट जाते हैं रानी की मौत की ख़बर से, पुलिस को किले के नीचे रानी की लाश मिलती है,और पूरे मीडिया मे ये खबर फैल जाती है कि रानी सिंघानिया का एक्सीडेंट हुआ और वो किले की दीवार से नीचे गिर गयी!! जोधपुर मे कुछ फॉर्मेलिटी के बाद पुलिस रानी की लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेज देती है !! राजू को रानी की मौत का झटका लगता है,उसने आज सिर्फ रानी को ही नही खोया था,अपना प्यार खोया था,और भगवान पे जो उसका गुस्सा था वो आज और भी बढ़ गया था !! पुलिस ने पोस्टमार्टम करके रानी की लाश राजू को सुपुर्द कर दी और अब रानी की बॉडी को मुंबई ले जाने की तैयारियाँ शुरू हो गयी !!

रानी के बॉडी को मुंबई सिंघानिया हाउस लाया जाता है,वहाँ कई बड़े बड़े लोगों का जमावड़ा रहता है,Mr सिंघानिया जैसे तैसे अपने आप को संभाल रहे थे और रानी की लाश देखकर उन्होंने अपना संयम खो दिया और वो बिखर पड़े! अपनी आँखों के सामने अपनी जवान बेटी की लाश कोई भी बाप नही देखना चाहेगा ! सरिता देवी और Mr सिंघानिया का रो रो कर बुरा हाल था, राजू के आँसू सुख गए थे उसके कानों मे अभी भी रानी के आखिरी शब्द गूंज रहे थे और उन्हीं शब्दों ने उसे बेचैन कर रखा था ! कुछ देर बाद रानी की बॉडी को शमशान मे ले जाया गया और वहाँ सब क्रियाएं पूरी करके Mr सिंघानिया ने उसकी चिता को अग्नि दी और रानी हमेशा हमेशा के लिए पंचतत्व मे विलीन हो गयी !! राजू और Mr सिंघानिया का बुरा हाल था रो रो कर,सब लोग इन्हें संभाल रहे थे !! पूरा सिंघानिया हाउस मातम मे डूब गया था,रानी ऐसा कदम उठा लेगी ये किसी ने सोचा नही था !!

घर आकर जब Mr सिंघानिया ने राजू से पूछा कि ये सब कैसे , हुआ,और रानी ने ऐसा क्यों किया तब राजू ने उन्हें पूरी बात बता दी !! रानी इस जन्म मे अपने प्यार को पा नही सकती थी और न ही उस प्यार को भूल पा रही थी सिर्फ 16 साल की उम्र मे उसने दुनिया को अलविदा कह दिया था !! Mr सिंघानिया अब भी सदमे मे थे कि उनकी बेटी अब उनके साथ नही है!! कुछ दिन बीत जाते हैं रानी की मौत को और फिर एक दिन अचानक सिंघानिया हाउस मे रिया आती है,रिया को यूँ अचानक देखकर राजू हैरान हो जाता है और रिया से पूछता है ," तुम,यहाँ" !

रिया की आँखों मे आँसू थे," मुझे जिसे ही रानी मौत की ख़बर लगी मे तुरन्त आ गयी,मैं मुंबई मे नही थी,मुझे स्कूल की तरफ से स्कालरशिप मिली थी क्योंकि मैंने टॉप किया था और मैं US चली गयी थी हायर स्टडीज के लिए,जब रानी की मौत की ख़बर लगी मैं तुरंत आ गयी !! हालांकि रानी और मैं बात नही करते थे पर थे तो हम बचपन के दोस्त,वो अपनी दोस्ती भूल सकती थी पर मैं नहीं ,पर ये सब अचानक कैसे हो गया राजू ...?" रिया ने राजू से पूछा !!

तब राजू ने रिया को सारी बात बताई,और राजू की बात सुनकर रिया भी चोंक गई कि रानी ऐसा कैसे कर सकती है! कुछ देर बाद रिया ने राजू से कहा," राजू अब आगे क्या करोगे" !!

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राजू ने उसकी बात सुनी और कहा,"क्या करोगे मतलब,मैं समझा नही"!

तब रिया ने राजू से कहा," मेरा मतलब है कि रानी अब नही रही,पर मैं आज भी तुमसे प्यार करती हूँ,और तुम्हारा इंतज़ार कर रही हुँ !"

तब राजू गुस्से मे रिया की बातें सनकर बोला," ये क्या बोल रही हो रिया तुम,तुम्हें शर्म नही आती क्या,अभी रानी को गए हुए 2 दिन नही हुए और तुम मुझसे ऐसी बातें कर रही हो"!

" देखो राजू,be practical मुझे भी रानी के जाने का अफसोस है,पर अब अफसोस करने से वो वापस तो नही आ जायेगी,अब तुम्हें लाइफ मे आगे बढ़ना चाहिए,और वैसे भी वो तुम्हारी बहन थी,पर मैं नही हुँ ,मेरी बात मानों,मेरे प्यार को अपना लो,हम दोनों की लाइफ बन जायेगी !" रिया ने राजू को समझते हुए कहा !!

तब राजू ने रिया से कहा," देखो रिया, जहाँ तक रहा प्यार का सवाल तो मैंने सिर्फ एक से ही प्यार किया था और सिर्फ उसी से करूँगा,और मैं रानी की जगह अपने दिल मे किसी को नही दे सकता,मैं पूरी ज़िंदगी उसकी याद मे गुज़ार दूंगा पर , किसी और से प्यार नही करूँगा,और अगर मेरे प्यार मे वो शिद्दत होगी तो रानी ज़रूर आएगी,और राजू के कानों मे फिर से रानी के आखिरी शब्द गूंजने लगे कि "ठीक है राजू,इस जनम मे हम एक नही हो सकते तो ठीक है,मैं फिर आउंगी मेरा इंतज़ार करना,और हमे नही सिर्फ मुझे जाना पड़ेगा,मेरा इंतज़ार करना,तुम्हारी और सिर्फ तुम्हारी रानी "!! ऐसा कहते हुए राजू ने जोर से रानी को आवाज़ लगाई !!

रिया ने राजू की बात का जवाब देते हुए कहा कि ," व्हाट rubbish राजू,ये कैसे हो सकता है,वो मर चुकी है,और मर कर कोई वापस नही आता,और जो तुम बता रहे हो कि रानी ने मरते वक्त ऐसा कहा भी होगा तो क्या ज़रूरी है कि वो फिर से आये,नो चांस ,ऐसा सिर्फ फिल्मों मे होता है राजू,असली ज़िन्दगी मे नही होता "!!

तब राजू ने कहा," अभी तुम्हें इस बात पर भरोसा नही होगा पर,मुझे यकीन है कि वो ज़रूर आएगी!!"

रिया के लाख समझाने के बाद भी राजू ये बात मानने को तैयार नही था,और हारकर रिया वापस चली जाती है,और अगले दिन US निकल जाती है ! रानी की मौत के बाद Mr सिंघानिया एक दम से टूट चुके थे और अपने बिज़नेस पे ध्यान नही दे पा रहे थे ! एक दिन अचानक उन्होंने ये फैसला , किया कि उनके बेटे राजू को कंपनी की कमान दे दी जाए और वो अब जितने दिन बचे हैं जीवन के वो घर पर बिताएं ! उन्होंने एक दिन अपना पूरा बिज़नेस राजू उर्फ राजवीर सिंघानिया के नाम कर दिया और राजू जो अब राजवीर सिंघानिया बन चुका था उसे कंपनी का MD बना दिया,शायद उन्हें पहले से पता था कि अब उनका वक़्त आ गया है !!
 
रानी की मौत के 6 महीने बाद ही Mr सिंघानिया चल बसे,बेटी के गम मे दिन रात वो घुटते रहते थे !! अब इस दुनिया मे सिर्फ राजू और उसकी माँ ही बचे थे,माँ के लाख समझाने पर भी राजू किसी से शादी करने को तैयार नही था,पता नही उसके कानों मे हमेशा रानी की आवाज़ गूंजती रहती और उसके वो आखिरी शब्द वो कभी नही भूल सकता था ! राजू की माँ ने भी उसे बहुत समझाने की कोशिश की की ऐसा कुछ नही होता कोई मर कर वापस नही आता फिर भी राजू किसी की बातें नही मानता था ,पता नही क्यों उसे ये विश्वास था कि रानी वापस आएगी,उसने अपने आप को काम मे इतना झोंक दिया कि उसे अब दिन और रात का बागी अंदाज़ नही था,उसने दिन रात मेहनत करके कंपनी को उस मुकाम पर पहुँचा दिया जहाँ Mr सिंघानिया भी नही पहुँच सके थे ! वो अपने आप को काम मे इसीलिए बिजी रखता था क्योंकि उसे रानी के ख्याल आते रहते थे हमेशा !!

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22 साल बाद ! साल 2018 !!

धीरे धीरे वक़्त बदलता गया और ज़माना भी बदल गया और 22 साल बाद राजवीर सिंघानिया की कंपनी इंडिया की top leading कंपनी बन गयी,वो इंडिया के टॉप 3 करोड़पति मे से एक था,और उसका no. 2nd था !! राजवीर सिंघानिया आज एक नाम नही एक ब्रांड बन चुका था,लोग उससे मिलने के लिए तरसते थे,मीडिया उसके एक इंटरव्यू के लिए महीनों इंतज़ार करती,राजवीर सिंघानिया ने अपनी मेहनत से कंपनी को उस मुकाम पर पहुँचा दिया था जहाँ पहुँचने का सपना भी बलदेव सिंघानिया ने नही देखा था ! राजू ने सपने मे भी नही सोचा होगा को जोधपुर का एक छोटा सा गाइड एक दिन भारत का सबसे करोड़पति इंसान राजवीर सिंघानिया बनेगा !

राजवीर सिंघानिया ने आज तक शादी नही की थी,क्योंकि उसे आज भी अपनी रानी का इंतज़ार है,42 साल का राजवीर सिंघानिया आज भी एक दम फिट था,कोई उसे देखकर ये नही बोल सकता था कि उसकी उम्र इतनी है,वो 42 का होकर भी 20 साल के लड़के को मात दे सकता था,वो रोज़ gyming करता था जिससे वो फिट था,चेहरे पर दाड़ी आ चुकी थी,और आज भी बड़े बड़े बिज़नेस घरानों से , उसके लिए रिश्ते आते थे पर उसने शादी नही की और कारण सिर्फ उसकी माँ को पता था !! उसकी माँ भी जिंदा थी पर हमेशा चिंता मे रहती थी कि कब राजवीर शादी करे पर उस पर आज भी रानी का प्यार सवार था !!

एक बार कंपनी के काम से राजवीर को जोधपुर जाना पड़ा, वो जब भी जोधपुर जाता तो हमेशा "रानी पैलेस" मे ही रुकता,उसका अपना होटल,क्योंकि वहाँ रानी की यादें बसी थी !! जनवरी की सुबह राजवीर जब होटल मे उठा और उसकी नज़र एक दम से कैलेंडर पर पड़ी तो उसने देखा कि आज 10 जनवरी है,ये दिन वो कभी नही भूल सकता था क्योंकि इसी दिन रानी उसे छोड़कर गयी थी,वो हर साल 10 जनवरी को जोधपुर आता और रानी की यादों को जीने के लिए मेहरानगढ़ किले पर जाता पर इस बार कंपनी का काम भी था और उसका आना भी हो गया !! आज उसे जल्दी काम निपटा के किले पर भी जाना था और शाम की फ्लाइट से दोबारा मुंबई रवाना होना था !! अपनी मीटिंग्स खत्म करके वो 5 बजे किले पर पहुँचा, राजवीर सिंघानिया इतना फेमस था कि वो कब कहाँ जाता था,ये बात मीडिया को पता रहती थी,उसके किले पर आने से पहले ही मीडिया वहाँ पहुँच जाती है,जिससे वो अपने सेक्रेटरी से कहता है ," व्हाट इस थिस चोपड़ा..? ये मेरी कोई मीटिंग नही है जो मीडिया यहाँ आ गयी है,ये मेरा प्राइवेट टाइम है,और मैं यहाँ पर्सनल काम , के लिए आया हूँ,मीडिया को किसने इन्फॉर्म किया कि मैं यहाँ आऊँगा ..?

" i really don't know sir,इन्हें पता नही कहाँ से पता लग जाता है,आप फिक्र मत कीजिये मैं मीडिया को सम्भालता हूँ आप गार्ड्स के साथ अंदर जाइये !!" राजवीर के सेक्रेटरी चोपड़ा ने राजवीर से कहा !!

राजवीर के कार से उतरते ही बहुत सारे बॉडीगार्ड उसे घेरते हुए किले के अंदर ले जाते हैं और चोपड़ा मीडिया को हैंडल करता है !!

राजवीर किले के अंदर आता है उसके साथ बॉडीगार्ड भी रहते हैं ,जब वो उस जगह आता है जहाँ से रानी गिरकर मर गयी थी तब वो गार्ड्स को नीचे भेज देता है क्योंकि वो अपनी और रानी की यादों के साथ अकेले वक़्त बिताना चाहता है !

गार्ड्स भी उसका आदेश मानकर उसे अकेला छोड़ देते हैं और नीचे ही उसका wait करते हैं !! जहाँ राजवीर जाता है किले मे वो कुछ हिस्सा कुछ देर के लिए खाली करवा लिया जाता है और वहाँ आम पब्लिक नही आ सकती !!

राजवीर अब अपनी यादों मे खो जाता है और रानी से बात करने लगता है," रानी ,कहाँ चली गयी तुम ,तुमने कहा था , कि तुम लौटकर आओगी,मैं कितने सालों से तुम्हारा इंतज़ार कर रहा हूँ,और कितना इंतज़ार करवाओगी रानी,तुमने कहा था कि तुम आओगी इसीलिए मैं आजतक ज़िंदा हूँ नही तो कब का मर गया होता,बोलो रानी बोलो ..." राजवीर अपनी रानी से इसी तरह हर साल यहाँ आकर बात करता था,क्योंकि उसे यकीन था कि उसके प्यार मे इतनी शिद्दत है कि रानी वापस ज़रूर आएगी! राजवीर का ये रूप सिर्फ राजवीर को ही पता था,बाहर की दुनिया के लिए वो एक सख्त मिजाज इंसान था,उसका ये रूप सिर्फ रानी के लिए था !!

वो रानी की यादों से बात कर ही रहा होता है कि अचानक उसे एक आवाज़ आती है," राजू....राजू....प्लीज कम" !!

आवाज़ सुनकर राजू एक दम चोंक पड़ता है और इधर उधर देखने लगता है कि ये आवाज़ कहाँ से आ रही है ! अचानक उसकी नज़र नीचे पब्लिक प्लेस पर जाती है,जो कि किले का दूसरा हिस्सा है,जहाँ आम पब्लिक किले मे घूम रही थी!!

तभी उसकी नज़र उस आवाज़ के चेहरे पर पड़ती है और जैसे ही वो उस आवाज़ का चेहरा देखता है उसके पैरों के नीचे से जैसे ज़मीन निकल जाती है !! वो चेहरा रानी का था और वो एक लड़की थी और वो ही राजू का नाम लेकर चिल्ला रही थी !!
 
राजवीर ने जैसे ही उस लड़की को देखा तो वो दंग रह गया,उसकी शिद्दत इस तरफ पूरी होगी उसने सोचा नही था,जिस दिन रानी दुनिया से विदा हुई उसी दिन राजवीर को मिलेगी ये सोचा नही था उसने और एक पल के लिए उसे लगा कि रानी वापस आ गयी,उसने देखा कि वो लड़की अपने कॉलेज ग्रुप के साथ आई है और वो अपने किसी फ्रेंड को आवाज़ लगा रही थी जिसका नाम राजू था,राजवीर ने उस लड़की को देखा और उसे विश्वास हो गया कि ये रानी hi है,राजवीर उस लड़की के पास जाना चाहता था और उससे मिलना चाहता था पर राजवीर 50 फिट ऊपर था और वो लड़की नीचे थी ,उसने उस लड़की को आवाज़ लगाई "रानी......."! पर उस लड़की ने उसे अनसुना कर दिया और वहाँ से चली गयी ! !

राजवीर ने तुरंत अपने गार्ड्स को ऊपर बुलाया और अपने सेक्रेटरी को फ़ोन करके तुरंत ऊपर आने को कहा !! राजवीर उस लड़की से मिलना चाहता था इसलिए उसने अपने गार्ड्स को ढूढने के काम मे लगा दिया,और चोपड़ा को बोला," चोपड़ा,हम आज मुंबई नही जा रहे,मुझे उस लड़की के बारे मे पता करना है,टिकट्स कैंसिल करो..! राजवीर ने अपने सेक्रेटरी चोपड़ा को कहा !!

" पर सर,आपका आज मुंबई पहुँचना बहुत ज़रूरी है,कल आपकी बहुत important deal होने वाली है फॉरेन इन्वेस्टर्स के साथ,तो उसके लिए आपका मुंबई मे होना बहुत ज़रूरी है सर वरना deal हाथ से निकल जायेगी और करोड़ो का नकसान हो जाएगा !" चोपड़ा ने अपने बॉस राजवीर से कहा !!

चोपड़ा की बात सुनकर राजवीर ने चोपड़ा से कहा," कोई भी deal रानी से ज्यादा important नही है,होने दो , नुकसान,मुझे रानी को ढूढ़ना है,अगर उन्हें deal करनी होगी तो इंतज़ार करेंगे वरना कैंसिल करदे deal, I dont care" !!

चोपड़ा ने अपने बॉस की बात सुनी पर उसे ये समझ नही आ रहा था कि आखिर ये रानी कौन है जिसके कारण बॉस करोड़ों का नुकसान भी सहने को तैयार है,उसने अपने बॉस के ऑर्डर्स माने और लड़की की खोज शुरू कर दी !!

राजवीर के स्टाफ ने किले के स्टाफ से पता लगाया कि आज किले मैं मुंबई के एक कॉलेज का ग्रुप घूमने आया हुआ था,पर उस ग्रुप में से उस लड़की का पता लगाना मुश्किल था,कॉलेज का ग्रुप वहाँ से जा चुका था पर जोधपुर मे वो किस होटल मे रुका था उसका पता चोपड़ा ने लगा लिया था और चोपड़ा राजवीर के पास आकर पूरी बात बताता है और कहता है," dont worry sir, हमने पता लगा लिया है वो ग्रुप कहाँ रुका है ,आप होटल चलिये मैं सब मैनेज कर लूंगा!"

" ok,clear the media" राजवीर ने चोपड़ा को इंस्ट्रक्शन दिए और चोपड़ा ने उसके ऑर्डर्स फॉलो किये !!

मीडिया से बचते बचाते राजवीर रानी पैलेस पहुँचा और , चोपड़ा को ऑर्डर्स दिए रानी का पता लगाने के लिए और चोपड़ा पता लगाने के लिए निकल गया ! राजवीर का एक एक मिनट एक एक साल जैसा बीत रहा था !! राजवीर के साथ आज जो कुछ भी हुआ उसने सारा वाकया अपनी माँ को फ़ोन करके बताया और सरिता देवी भी आश्चर्यचकित हो गयी कि ये कैसे मुमकिन है,पर उन्हें ये भी खुशी थी कि राजवीर का विश्वास जीत गया क्योंकि उसे हमेशा से यही लगता था कि रानी वापस आएगी और आज उनके बेटे का विश्वास जीत गया था !!

कुछ देर बाद चोपड़ा होटल में आता है और राजवीर से कहता है कि," सर मैंने सब पता लगा लिया है,वो मुंबई के कॉलेज का ग्रुप होटल सिटी पैलेस मे रुके थे,पर" चोपड़ा कहते कहते रुक गया !! इस पर राजवीर ने चोपड़ा से कहा कि, " पर क्या..?"

चोपड़ा ने जवाब दिया," सर,वो लड़की कॉलेज के ग्रुप की नही थी,उस ग्रुप का एक लड़का था राजू,वो उसकी फ्रेंड थी और यहाँ अपने किसी काम से जोधपुर आयी हुई थी वो मुंबई मे काम करती है और यहाँ ऑफिस के काम से ही आयी हुई थी ,ऑफिस का काम खत्म करके वो मेहरानगढ़ देखने आ गयी थी,वो ग्रुप का हिस्सा नही थी इत्तेफ़ाक़ से उसे उसका फ्रेंड दिख गया था तो वो उससे मिली थी वो फ्रेंड राजू उसी कॉलेज के ग्रुप मे है पर वो लड़की नही थी वहाँ,और अभी , कुछ देर पहले ही उसकी ट्रैन थी मुंबई के लिए और वो मुंबई के लिए निकल गयी ! उसका नाम रानी नहीं था,उसका नाम है प्रिया शर्मा ! वो मुंबई की एक कंपनी मे जॉब करती है !"

ये सुनते ही राजवीर ने कुछ देर सोचा और फिर चोपड़ा से कहा," कहाँ जॉब करती है रानी,i mean प्रिया शर्मा..? "

चोपड़ा ने थोड़े धीरे स्वर मे कहा," सर वो हमारी rival कंपनी मल्होत्रा केमिकल्स मे काम करती है" !!

"एक काम करो चोपड़ा,आज रात की फ्लाइट बुक करो मुंबई के लिए,हमे अभी निकलना है !!" राजवीर ने चोपड़ा को ऑर्डर्स देते हुए कहा !!

चोपड़ा ने अपने बॉस के ऑर्डर्स फॉलो किये और टिकट्स बुक किये और रात की फ्लाइट से राजवीर मुंबई के लिए रवाना हो गया !!

मुंबई पहुँचने के बाद पूरी रात राजवीर के लिए काटना मुश्किल हो रहा था,चोपड़ा ने प्रिया की सारी डिटेल्स निकलवा ली थी,उसका address ,उसका मोबाइल नंबर,उसकी कंपनी का address जहाँ वो जॉब करती थी !! अब बस राजवीर को सुबह का इंतज़ार था,उसने कल के सारे , appointments कैंसिल कर दिए थे,क्योंकि उसे सिर्फ अपनी रानी से मिलना था !!

पूरी रात गुजर गई और राजवीर ने सुबह सुबह ही कॉल करके चोपड़ा को सिंघानिया हाउस बुलवा लिया और उससे कहा," अनिरुद्ध" !!

अपने बॉस के मुंह से अपना नाम सुनकर चोपड़ा बिल्कुल चोंक गया था,क्योंकि राजवीर उसे हमेशा से चोपड़ा ही कहता आया है,पिछले 5 सालों से जब से वो कॉलेज से निकला है तब से अनिरुद्ध चोपड़ा राजवीर सिंघानिया का सेक्रेटरी है पर आज पहली बार राजवीर ने उसे उसके नाम से बुलाया है,कहा जाता है कि जब आप किसी का नाम लेकर उसे बुलाते हैं तो उसे अपनत्व का अहसास होता है,ये अहसास अनिरुद्ध को भी हो रहा था और उसने अपने बॉस से पूछा ," सर,आपने मुझे अनिरुद्ध कहा"!!

तब राजवीर ने उससे कहा," हाँ,मैंने तुम्हें अनिरुद्ध कहा और पता है क्यों कहा...?"

" नही सर" अनिरुद्ध ने राजवीर से कहा !!

" मैंने तुम्हें आज तुम्हारे नाम से इसीलिए बुलाया है क्योंकि मैं , आज जो तुम्हें बताने जा रहा हूँ वो बात मैं किसी अपने को ही बता सकता हूँ,ये बात सिर्फ मेरी माँ जानती है और अब ये बात तुम्हें बताऊंगा क्योंकि मैं तुम्हे अपना मानता हूँ छोटा भाई मानता हुँ तुम्हें,तुम्हें ये तो पता ही होगा कि मैं कैसे एक छोटे से गाइड से इस देश का इतना बड़ा बिज़नेस टाइकून बन गया,ये स्टोरी तो तुमने न्यूज़ चैनल के प्रोग्राम मे देख ली होगी पर आज मैं तुम्हें वो राज़ बताऊंगा जो सर्फ मुझे और मेरी माँ को मालूम है,मैं तुम्हें ये सब इसीलिए बता रहा हूँ क्योंकि तुम रानी का पता लगा रहे हो मेरे लिए तो तुम्हारे लिए ये जानना ज़रूरी है कि वो लड़की मेरे लिए क्या मायने रखती है,हो सकता है मेरी बातें सुनकर तुम्हें लगे कि मैं पागल हो गया हूँ और ऐसा हो नही सकता क्योंकि तुम आज की जनरेशन के लड़के हो,इस बात पर भरोसा नही करोगे पर तुम एक बार पूरी कहानी सुन लो फिर फैसला करना,इस बारे मे मैंने रात भर बैठ के सोचा है !" और फिर राजवीर ने रानी और खुद से जुड़ी सारी बातें अनिरुद्ध को सुना दी की कैसे रानी और राजू पहले प्यार करते थे और फिर अचानक हालातों की वजह से दोनों का रिश्ता बदल गया और चाह कर भी दोनों एक नही हो सके और इसी से दुखी होकर रानी ने खुदखुशी कर ली थी !!
 
अनिरुद्ध ने जब राजवीर की पूरी कहानी सुनी तो उसकी आँखों से आँसू निकल आये,वो ये सोचने लगा कि दुनिया के , सामने जो रूप राजवीर का है उसके एक दम उलट उसने आज दूसरा राजवीर देखा था,वो सख्त मिजाज़ राजवीर सिंघानिया आज एक प्रेम मे पागल मजनू जैसा लग रहा था ! उसने बिना सोचे समझे राजवीर के पैर छू लिए,इस पर राजवीर ने कहा," ये क्या कर रहे हो अनिरुद्ध ?"!!

" सर पैर भगवान उसके छुवे जाते है या अपने बड़ो के,आप मेरी नज़र मे प्रेम के देवता हो,आज के टाइम मे जो हमारी जनरेशन का प्यार सिर्फ बिस्तर तक जाकर खत्म हो जाता है वहीं आपने अपने प्यार का इंतज़ार इतने सालों तक किया,आपका प्यार इतना पवित्र है कि भगवान को भी उसके आगे झुकना पड़ा,आज मेरी नज़र मैं आपकी इज़्ज़त और बढ़ गयी है,और रही बात इस पुनर्जन्म मे विश्वास की तो आज के पहले मे इन सब बातों पे विश्वास नही करता था पर आपकी कहानी जानने के बाद मुझे इस पर विश्वास होने लगा है,आप घबराइए मत ये बात मैं किसी को नही बताऊंगा, और रानी जी का पता लगाकर उन्हें आप के पास लाऊंगा" अनिरुद्ध ने राजवीर से कहा !!

अनिरुद्ध की बात सुनकर राजवीर ने उसे गले लगा लिया और कहा," तुमने मेरे दिल का बोझ हल्का कर दिया,पर..."

"पर क्या सर,..?" अनिरुद्ध ने राजवीर से पूछा !!

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"पर....मैं तुम्हें चोपड़ा ही बुलाऊंगा" कहकर राजवीर ज़ोर से हँसने लगा !!

इस बात को सुनकर चोपड़ा भी ज़ोर से हँसने लगा,आज बहुत सालों के बाद राजवीर इतना खुलकर हंसा था,कारण था रानी का उसकी जिंदगी मे वापस आना,हालांकि रानी अभी राजवीर की जिंदगी मे आयी नही थी पर पता नही क्यों राजवीर को उसके आने का यकीन था ! उसने चोपड़ा को कहा कि ," एक काम करो चोपड़ा,पता लगाओ ये प्रिया कहाँ है और क्या करती है,मुझे उसकी पूरी जन्म कुंडली चाहिए आज शाम तक "!!

" ok बॉस ," ऐसा कहकर चोपड़ा वहाँ से निकलता है !!

शाम तक राजवीर किसी से मिलता नही है और न ही कोई मीटिंग्स अटेंड करता है,उसे सिर्फ इस बात का इंतज़ार है कि आखिर रानी के बारे मे क्या पता चला,तभी अचानक चोपड़ा का कॉल आ जाता है और वो कहता है," सर,मैने सबकुछ पता लगा लिया है" उधर से चोपड़ा की आवाज़ आती है !!

" ठीक है चोपड़ा,तुम एक काम करो,सिंघानिया हाउस आ जाओ,हम यहीं बात करेंगे" राजवीर ने उसे कहा!!

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चोपड़ा सिंघानिया हाउस पहुँच जाता है,और राजवीर के पास आकर कहता है ," सर,मैंने सब पता कर लिया है,लड़की का नाम प्रिया शर्मा है,उसके माता पिता नही है कुछ सालों पहले चल बसे,वो यहाँ मुंबई मे अकेली रहती है,6 महीने पहले मल्होत्रा केमिकल्स मे जॉब लगी है उसकी,रहने वाली राजस्थान मे जयपुर की है !! और एक खास बात सर...."!!

"क्या खास बात...?" राजवीर ने उत्सुकतावश पूछा !!

"सर प्रिया शर्मा का बर्थडे 10 जनवरी 1997 का है" चोपड़ा ने राजवीर से धीमी आवाज़ मे कहा,जिसे सुनकर राजवीर एकदम से चोंक पड़ा क्योंकि यही वो दिन था जब रानी की मौत हुई थी और उसकी मौत के ठीक एक साल बाद प्रिया का जन्म वो भी उसी दिन,अब राजवीर को यकीन हो गया था कि ये रानी का दूसरा जन्म है और वो उसके लिए ही आयी है !!
 
राजवीर को ये लगने लगा था कि प्रिया का दूसरा जन्म है ये,पर ये बात सिर्फ वो मानता था,इस बात के लिए प्रिया को मनाना अभी बहुत मुश्किल था और प्रिया को ये याद आना भी ज़रूरी था कि ये उसका दूसरा जन्म है और वो पिछले जन्म मे रानी थी ! इसके लिए सबसे सबसे पहले प्रिया का सिंघानिया के यहाँ आना ज़रूरी था ! यही सोचकर राजवीर ने चोपड़ा से कहा ," तुम एक काम करो चोपड़ा,प्रिया शर्मा को सिंघानिया ग्रुप की तरफ से जॉब ऑफर करो,वो भी डबल सैलरी के साथ !!

चोपड़ा ने अपने बॉस का हुक्म मानकर वैसा ही किया और प्रिया शर्मा को डबल सैलरी का ऑफर दिया जिसे प्रिया ने बाद मे जवाब देने का कहकर सोच के बताने को कहा और फिर एक दिन अचानक चोपड़ा को प्रिया का कॉल आता है और वो सिंघानिया ग्रुप मे काम करने के लिए तैयार हो जाती है ! जब ये बात राजवीर को पता चलती है तो वो बहुत खुश होता है ,और चोपड़ा प्रिया को फाइनल इंटरव्यू के लिए राजवीर के पास भेज देता है !

प्रिया सिंघानिया ग्रुप ऑफ कम्पनीज मे फाइनल इंटरव्यू के लिए राजवीर सिंघानिया से मिलने जाती है और राजवीर के बुलाने का wait करती है,राजवीर प्रिया को अंदर भेजने का बोल देता है अपने स्टाफ से और प्रिया राजवीर के केबिन की तरफ बढ़ रही है,और राजवीर अपने केबिन मे से CCTV कैमरे से लगातार प्रिया पे नज़र रखे हुए था क्योंकि आज 22 साल बाद प्रिया जिसे राजवीर अपनी रानी समझता है वो राजवीर से मिलने आती है !!

जैसे जैसे प्रिया राजवीर के केबिन की तरफ बढ़ रही थी वैसे , वैसे राजवीर की धड़कनें भी बढ़ रही थी पर उसे अपने आप को संभालना था क्योंकि वो अभी प्रिया को सच्चाई नहीं बता सकता था जब तक कि उसे पुरानी यादें याद नही आ जाती !

प्रिया राजवीर के केबिन मे आती है और जैसे ही राजवीर के सामने प्रिया आती है वो फिर से 22 साल पुरानी यादों में खो जाता है और उसके कानों मे फिर से वो 22 साल पुराने शब्द गूंजने लगते हैं जो प्रिया ने मरते वक्त बोले थे,राजवीर अपनी यादों मे इतना खो जाता है कि वो सिर्फ प्रिया को निहारता ही रहता है,राजवीर का प्रिया को यूं देखना प्रिया को कुछ अजीब लग रहा था,की अचानक प्रिया की आवाज़ से राजवीर अपनी यादों से बाहर आया,प्रिया ने राजवीर से कहा," गुड मॉर्निंग सर " !!

राजवीर ने प्रिया की बात का जवाब देते हुए कहा,"गुड मॉर्निंग,प्लीज सीट !!

प्रिया ने कहा," ok sir,i m getting very nervous sir "

" why" राजवीर ने जवाब देते हुए कहा !!

" क्योंकि सर,मुझे यकीन नहीं हो रहा है कि मैं इंडिया के no. 1 बिजनेसमैन के सामने बैठी हूँ The Rajveer , Singhaniya ! मैन आपके सारे इंटरव्यूज देखे हैं और मुझे आपसे मिलने की बहुत इच्छा थी,आज मेरा सपना पूरा हो गया कि मैं The Rajveer Singhaniya से मिल रही हुँ !!" प्रिया बहुत बातूनी लड़की थी और वो बोलते बोलते रुक नही रही थी !!

अचानक राजवीर ने उसे बीच मे टोकते हुए कहा," पहले इंटरव्यू खत्म कर लें फिर बात करेंगे !!"

"ok sir" प्रिया ने कहा !!

राजवीर ने प्रिया का इंटरव्यू लिया और फिर उससे कहा ," welcome to singhaniya group,you are selected for this job".

"really,thanks you so much sir" प्रिया ने कहा !!

"तुम्हें ऑफर लेटर और तुम्हारा अपॉइंटमेंट लेटर बाहर रिसेप्शन पर मिल जाएगा थोड़ी देर बाद,आगे की formalallites तुमको अनिरुद्ध चोपड़ा समझा देगा और तुम्हें क्या काम करना है ये भी समझा देगा तुम बाहर wait करो ,कुछ देर मे चोपड़ा तुमसे मिलेगा" राजवीर ने प्रिया से कहा !!

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प्रिया केबिन से बाहर जाने लगती है तभी राजवीर प्रिया से कहता है," रुको" !

"जी सर," प्रिया ने कहा !

"तुम कभी राजस्थान के मेहरानगढ़ किले पे गयी हो क्या..?" राजवीर ने प्रिया से पूछा !!

"हाँ सर,मैं अभी मेरे बर्थडे पर वहीं थी,मेहरानगढ़ पर,मुझे वो किला बहुत अच्छा लगता है और मैं हूँ भी राजस्थान की हूँ तो मैं वहाँ अक्सर जाती रहती हूँ,पता नही क्यों पर मुझे वहाँ अच्छा लगता है और हमेशा बचपन से ही ऐसा लगता है कि मेरा बहुत पुराना रिश्ता है वहाँ से,और शायद इस बार जब मैं वहाँ गयी थी तो वहाँ मीडिया से मुझे पता चला कि आप भी वहाँ आये हुए थे,पर टाइट सिक्योरिटी के कारण मुझे किसी ने आपसे मिलने ही नही दिया " प्रिया ने एक ही सांस मे सबकुछ बोल दिया !!

राजवीर जैसे तैसे खुद को संभाल रहा था और प्रिया की बात सुनकर उसको यकीन हो गया था कि ये रानी ही है और दूसरा जन्म लेकर आई है,पर उसे अभी कुछ याद नही है ,फिर राजवीर ने प्रिया से कहा,"ठीक है तुम बाहर wait करो" !

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"ok sir," कहती हुई प्रिया बाहर चली जाती है !!

प्रिया के केबिन से बाहर जाने के बाद राजवीर की आंखों से खुशी के आँसू बह निकलते हैं जो इतनी देर से उसने अपनी आँखों मे रोक रखे थे,वो ये जानकर इतना खुश था कि रानी वापस आ गई है और उसके प्यार मे इतनी शिद्दत थी कि रानी ने दूसरा जन्म लिया !! इतने मे अनिरुद्ध केबिन मे आता है और राजवीर से कहता है कि ,"क्या हुआ सर,.. आपकी आंखें नम क्यों हैं..?"

राजवीर अपने आप को सम्भालते हुए कहता है कि ," कुछ नही चोपड़ा,बस पुरानी यादों मे खो गया था,तुम एक काम करो कि तुम प्रिया को सीधे मेरे under appoint करवाओ,वो सीधे मुझे रिपॉर्ट करना चाहिए ,मैं चाहता हूँ कि मेरी रानी हर वक़्त मेरे साथ रहे "!

चोपड़ा ने अपने बॉस का हुक्म मानकर रानी का ऑफर लेटर तैयार करवाया और उसे सीधे राजवीर सिंघानिया के under appoint करवा दिया !! तभी चोपड़ा को उसकी माँ का कॉल आता है और वो उस कॉल को सुनने के बाद राजवीर के पास जाता है और कहता है कि," सर,मुझे मेरी माँ के पास दिल्ली जाना पड़ेगा 2 दिन के लिये "!!

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"क्यों," राजवीर ने चोपड़ा से पूछा !!

"सर,actually मेरी माँ ने मेरे लिए एक लड़की पसंद की है,मुझे उन्होंने दिल्ली बुलाया है और कहा है कि देख के पसंद कर ले,मैंने उन्हें बहुत कहा कि आप ही पसंद कर लो आपकी पसंद मेरी पसंद है पर उन्होंने कहा कि लड़की मुझसे मिलना चाहती है,वो थोड़ी मॉडर्न है ,इसीलिए मुझे अगर 2 दिन की छुट्टी मिल जाती तो मैं मिल के आ जाता" चोपड़ा ने राजवीर से कहा !!

"ठीक है चले जाओ,इसमें मुझे क्या परेशानी हो सकती है,जाओ लड़की पसंद करो और शादी करो,congratulations for your bright future,पर जाने से पहले प्रिया को सारा काम समझा के जाओ,तुम आओगे तब तक वो तुम्हारी जगह मेरी सेक्रेट्री रहेगी,जब तुम वापस आओ तब उसे उसका काम समझा देना" राजवीर ने चोपड़ा से कहा !!

"ok sir,thnks, and dont worry मैं प्रिया जी को सब समझा दूंगा " चोपड़ा ने राजवीर से कहा !!

ऐसा कहते हुए चोपड़ा वहाँ से चला जाता है,और प्रिया से , कहता है कि अगले 2 दिन तुम्हें सर के साथ रहना है जिसे सुनकर प्रिया बहुत खुश होती है और खुशी खुशी इस बात के लिए मान जाती है !

चोपड़ा 2 दिन के लिए दिल्ली निकल जाता है...
 
भाग 23

अगले 2 दिनों तक प्रिया राजवीर की सेक्रेटरी बन कर रही और चोपड़ा ने उसे जैसा बताया था वो सारे काम वो राजवीर के कर रही थी ! राजवीर हर मुमकिन कोशिश कर रहा था कि प्रिया को सबकुछ याद आ जाये पर ऐसा नही हो पा रहा था,राजवीर को एक तरकीब सूझी की उसने जो रानी के साथ लम्हे बिताए हैं वो फिर से वो लम्हें उसके सामने लाएगा जिससे शायद प्रिया को कुछ याद आ जाये ! ! दूसरे दिन ऑफिस से सिंघानिया हाउस जाते हुए राजवीर ने अपने ड्राइवर से कहा कि गाड़ी को लैंड्स एन्ड से लेकर जाए,लैंड्स एन्ड मुंबई मे एक जगह का नाम है और यहीं पर आज के सुपरस्टार शाहरुख खान का शानदार बंगला बना हुआ है जिसका नाम है मन्नत ,मन्नत के बाहर शाहरुख खान की एक झलक देखने के लिए उनके फैंस घण्टों बाहर खड़े रहते हैं !

राजवीर का इस और से प्रिया को लाने का मकसद यही था क्योंकि 23 साल पहले ही रानी और राजू यहीं आये थे और ये राजवीर की रानी के साथ बिताई यादों मे सबसे महत्वपूर्ण याद थी उसे लगता था कि शायद ये बंगला देखकर प्रिया को कुछ याद आ जाये,राजवीर ने प्रिया से कहा कि ये शाहरुख खान का बंगला है प्रिया ने खुश होते हुए कहा," सर मैं शाहरुख की बहुत बड़ी फैन हूँ,क्या हम कुछ देर के लिए यहाँ रुक सकते हैं,मेरी बहुत इच्छा है कि मैं उन्हें देखूं"

ये सुनकर राजवीर ने प्रिया से कहा," तुम यहाँ पहली बार आयी हो क्या...?"

"हाँ सर,मैं यहाँ पहली बार आयी हूँ," प्रिया ने राजवीर की बात का जवाब देते हुए कहा !

" तुम्हें ऐसा नही लगता की तुम यहाँ पहले भी आ चुकी हो"राजवीर ने पूछा !!

, " नो सर,मैं तो मुंबई ही पहली बार आयी हूँ,अभी कुछ ही समय तो हुआ है मुंबई शिफ्ट हुए" प्रिया ने कहा !!

" सर ,प्लीज हम कुछ देर यहाँ रुक जाएं क्या..?"प्रिया ने राजवीर से पूछा!!

"नो प्रिया,हम यहाँ नही रुक सकते,तुम्हें अगर शाहरुख से मिलना है तो मैं किसी इवेंट मे उससे पर्सनली मिलवा दूंगा,अब हम घर चलते हैं"राजवीर ने प्रिया को समझाते हुए कहा !!

राजवीर को समझ नही आ रहा था कि प्रिया को कैसे उसकी पिछले जन्म की याद दिलाई जाए ! राजवीर की ये तरक़ीब भी काम नही आई और वो लोग वहाँ से सिंघानिया हाउस के लिए निकल जाते हैं !! कुछ देर के बाद दोनों सिंघानिया हाउस पहुँच जाते हैं और जैसे ही प्रिया सिंघानिया हाउस मे कदम रखती है वो सिर्फ उसे निहारती ही रहती है और बस जैसे ही वो कार से बाहर कदम रखती है तो खामोशी से सिर्फ पूरे घर को देखती रहती है,जब ये सब राजवीर देखता है तो वो प्रिया से पूछता है," कैसा लगा हमारा घर..?" पर प्रिया तो जैसे बंगले को देखने मे ऐसी खो गयी थी कि जैसे उसने राजवीर की आवाज़ सुनी ही नही थी और वो बंगले को ऐसे निहार रही थी जैसे उसका कोई पुराना रिश्ता है इस बंगले , से ! राजवीर ने जब प्रिया को ऐसे देखा तो वो समझ गया था कि शायद अब प्रिया को अब कुछ याद आ जाये ! अचानक प्रिया को याद आता है कि वो अपने बॉस के घर आयी है और वो राजवीर से कहती है," सॉरी सर,मैं आपके बंगले को देख कर इतना खो गयी थी कि मुझे आपकी आवाज सुनाई ही नही दी,पर पता नही क्यों मुझे ऐसा क्यों लग रहा है कि मैं यहाँ पहले भी आई हुँ "!

तब राजवीर ने प्रिया को कहा ," हो सकता है कि तुम्हारा इस जगह से कोई पुराना रिश्ता हो"!

"पर मैं तो मुंबई पहली बार आयी हूँ और यहाँ भी पहली बार ही आयी हूँ तो ऐसा कैसे हो सकता है कि मैं यहाँ आयी हूँ और मुझे पता न चले" प्रिया राजवीर से कहती है !!

"चलो अंदर चलो,हो सकता है तुम्हें अपने सवालों के जवाब मिल जाये " राजवीर ने प्रिया से कहा !!

प्रिया बहुत बातूनी लड़की थी,वो राजवीर सिंघानिया से ऐसे बात कर रही थी जैसे उसे सालों से जानती हो,उसे देखकर कोई नही कह सकता था कि अभी उसे सिर्फ 2 दिन हुए थे आये हुए ! दोनों बंगले के अंदर आ जाते हैं और जैसे जैसे प्रिया बंगले के अंदर आते जा रही थी,वैसे वैसे उसको ऐसा , लग रहा था कि मानो वो पहले भी यहाँ आ चुकी है ! राजवीर प्रिया को अपनी माँ से मिलवाता है और प्रिया को जैसे ही राजवीर की माँ देखती है वो बस उसे देखती ही रह जाती है और वो उसे एकटक देखती रहती है,शायद उन्हें उसमे रानी की झलक दिखाई दे रही थी ! राजवीर और प्रिया वहाँ आकर अपने ऑफिस के काम मे लग जाते हैं,तभी राजवीर के पास चोपड़ा का कॉल आता है और वो कहता है कि ," हेलो सर "!!

" हेलो चोपड़ा" राजवीर चोपड़ा से कहता है !!

"सर मैं अभी दिल्ली से निकल रहा हूँ,मेरी कुछ देर बाद कि फ्लाइट है मुंबई के लिए,मैं कल आपको सुबह रिपोर्ट करूँगा सर" चोपड़ा राजवीर से कहता है !!

" ok चोपड़ा,आ जाओ "राजवीर चोपड़ा से कहता है !

"सर,आपको एक और खुशखबरी देनी थी" चोपड़ा ने राजवीर से कहा !

" अच्छा,बताओ क्या बात है,कैसी खुशखबरी" राजवीर ने चोपड़ा से कहा !!

, अनिरुद्ध ने खुश होते हुए राजवीर से कहा," सर,मैंने आपको बताया था न कि माँ ने एक लड़की पसंद की है मेरे लिए और वो मुझसे मिलना चाहती है तो मैं उससे मिलने आया था,और हमारी अंडरस्टैंडिंग मिल गयी और उसने मुझे और मैंने उसे पसंद कर लिया है और 1 महीने के बाद हमारी इंगेजमेंट तय हुई है यहीं दिल्ली मे,उस लड़की का नाम इशिका मल्होत्रा है" !

राजवीर अनिरुद्ध की बातें सुनकर बहुत खुश होता है और कहता है," congrats अनिरुद्ध,congrats "!

अगले दिन अनिरुद्ध ऑफिस आ जाता है और अपना काम सम्भाल लेता है और राजवीर से पूछता है," सर कैसे रहे 2 दिन,प्रिया को कुछ याद आया क्या..?"

"नही चोपड़ा,मैंने हर मुमकिन कोशिश की की प्रिया को रानी की सारी बातें याद आ जाये पर लाख कोशिशों के बावजूद भी उसे कुछ याद नही आ रहा है,उसे याद आना बहुत ज़रूरी है क्योंकि अगर उसे याद नही आया तो मुझे मेरी रानी नही मिलेगी,कुछ ऐसा सोचो कि उसे अपने पिछले जन्म की सारी बातें याद आ जाये " राजवीर ने अनिरुद्ध से कहा !!

कुछ देर सोचने के बाद अनिरुद्ध राजवीर से कहता है कि" , dont worry sir,मेरे पास एक प्लान है" !

"क्या प्लान है...?"राजवीर ने अनिरुद्ध से पूछा !

"सर,8 दिन बाद क्या है आपको याद है..?"अनिरुद्ध ने राजवीर से पूछा !

" क्या है चोपड़ा,मुझे याद नही,तुम बताओ" राजवीर ने चोपड़ा से कहा !!

"सर,8 दिन बाद आपके पापा की पुण्यतिथि है,और ऑफिस का सारा स्टाफ उसमे शामिल होगा,प्रिया भी वहाँ होगी,हो सकता है ये माहौल देखकर उसे कुछ याद आ जाये" अनिरुद्ध ने राजवीर को कहा !

"क्या बात है चोपड़ा,ये तो मैने सोचा ही नही था " राजवीर ने चोपड़ा से कहा !

इतने मे प्रिया केबिन का डोर नॉक करती है और अंदर आने के लिए पूछती है ," may i come in sir..." !

"please come in priya" राजवीर ने प्रिया की बात का जवाब देते हुए कहा !!

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प्रिया अंदर आती है तो और राजवीर से कहती है कि " सर वो अनिरुद्ध सर ने जो मुझे प्रोजेक्ट दिया था उस बारे मे आपसे कुछ पूछना था" !

"वो सब बाद मे,इससे पहले तुम्हें मेरा एक काम करना है" राजवीर ने प्रिया से कहा !!

"बोलिये सर,क्या काम है" प्रिया ने राजवीर से कहा !!

"प्रिया,8 दिनों के बाद मेरे पापा की पुण्यतिथि का फंक्शन है,इस इवेंट मे बड़े बड़े लोग आएंगे देश विदेश से,और मैं इस पूरे इवेंट के मैनेजमेंट की जिम्मेदारी तुम्हें दे रहा हूँ,इस पूरे इवेंट का सारा काम तुम संभालोगी और मुझे इस काम मे कोई लापरवाही नही चाहिए,ये मेरे पापा की पुण्यतिथि का प्रोग्राम है,इसमें मे कोई भी गलती बर्दाश्त नही कर सकता " राजवीर ने प्रिया से कहा !

" dont worry sir,आपने मुझे इस काम के लायक समझा है तो मैं अपना बेस्ट दूंगी और इस इवेंट को successfully मैनेज करूँगी,thank you so much sir मुझ पर भरोसा करने के लिए " प्रिया ने राजवीर से कहा !!

, "ok,अब तुम जाओ और काम मे लग जाओ,बहुत से काम करना है अभी,इवेंट की सारी इनफार्मेशन तुम्हें चोपड़ा कुछ देर मे दे देगा" राजवीर ने प्रिया से कहा और प्रिया केबिन से बाहर हो गयी !!

प्रिया अपने काम मे ज़ोर शोर से लग जाती है और अपनी मेहनत से पूरे इवेंट के काम को पूरा करती है,पूरा हफ्ता बीत जाता है और पुण्यतिथि के एक दिन पहले रात को राजवीर को उसके सिक्योरिटी मैनेजर का कॉल आता है और वो उन्हें ऑफिस की CCTV फुटेज के बारे मे कुछ बताता है जिसे सुनकर राजवीर उस फुटेज को देखने के लिए उत्सुक हो जाता है !!
 
मैनेजर राजवीर को बताता है कि," सर मैंने ऑफिस की CCTV फुटेज चेक की,जैसा आपने बताया था कि कुछ हिडन कैमरा भी लगे हैं ऑफिस मे जिसकी जानकारी सिर्फ आपको ही है और मुझे है तो उन्हीं कैमरे की फुटेज आज मैं चेक कर रहा था,इसमें मुझे प्रिया जी जो नई नई appoint हुई है अभी उनकी कुछ हरकतें कुछ अजीब लगीं तो मैंने सोचा कि आपको इस बारे मे बता दूं,मैं आपको एक mail भेज रहा हूँ सर,जिसमे एक लिंक दी हुई है,उस पर जाकर आप ये कुछ videos जो मैं आपको भेज रहा हूँ वो आप देख सकते हैं "!!

"ठीक है,तुम भेजो मैं देखता हूँ" राजवीर ने मैनेजर से कहा ! और फिर सिक्योरिटी मैनेजर राजवीर को mail करता है और कुछ फुटेज भेजता है,जब वो फुटेज राजवीर खोल कर देखता है तो वो हैरान रह जाता है और तुरंत चोपड़ा को कॉल करके सिंघानिया हाउस आने के लिए कहता है,और कुछ ही देर मे चोपड़ा सिंघानिया हाउस मे होता है,राजवीर जब ये सारी बातें चोपड़ा को बताता है और वो कुछ vidoes दिखाता है तो ये देखकर चोपड़ा भी हैरान रह जाता है !

वो सारी फुटेज मे प्रिया है और वो राजवीर के केबिन के बाहर ऐसे खड़ी रहती है जैसे वो केबिन के अंदर चल रही बातें सुनना चाहती हो,और हर बार जब चोपड़ा और राजवीर केबिन मे होते हैं तभी वो सारी बातें सुनने की कोशिश करती है !! ये सब देखकर राजवीर और चोपड़ा ये समझ नही पा रहे थे कि प्रिया आखिर करना क्या चाहती है और उसका मकसद क्या है...?

, राजवीर ने चोपड़ा से पूछा," चोपड़ा तुम्हें क्या लगता है,प्रिया ऐसा क्यों कर रही है..?"

"सर पता नही,पर इस बात का पता मैं 2 दिन मे लगा लूंगा पर आप सतर्क रहिएगा ,हो सकता है कि प्रिया के भेष मे ये कोई आपकी राइवल कंपनी की चाल हो,क्योंकि इससे पहले प्रिया वहीं जॉब करती थी जो कंपनी हमारी राइवल है,हो सकता है कि प्रिया का यहाँ आना एक मकसद हो,और हो सकता है रानी जी से शक्ल मिलने का वो फायदा उठा रही हो,हो सकता है सर,होने को कुछ भी हो सकता है हो सकता है मैं गलत सोच रहा हूँ,और प्रिया ही रानी हो पर उसे ये पता नही हो,हमें इन सब बातों का पता लगाना पड़ेगा,आप टेंशन मत लीजिये आप प्रिया से ऐसे ही बातें करेंगे जैसे रोज़ करते हैं क्योंकि अगर उसे ज़रा भी शक हो गया कि हम उसके बारे मे details निकाल रहे हैं तो वो सतर्क हो जाएगी ,कल पुण्यतिथि का फंक्शन हो जाने दीजिये उसके बाद मैं 2 दिन मे उसकी कुंडली निकाल लूंगा !" चोपड़ा राजवीर को कहता है !!

"ठीक है चोपड़ा तुम काम पे लग जाओ,और मुझे 2 दिन मे इस प्रिया की कुंडली चाहिए,ये क्या करती थी,कहाँ रहती थी,इसका पास्ट क्या है,और ये यहाँ क्या करने आई है...? तुम 2 दिनों मे ये सारी बातें पता करके मुझे बताओगे !!" , राजवीर चोपड़ा से कहता है !!

" ठीक है सर,आप बिलकुल टेंशन मत लीजिये,मैं सब पता कर लूँगा,पर एक बात मुझे समझ नही आती..?" चोपड़ा ने राजवीर से पूछा,और राजवीर ने उसकी बात का जवाब देते हुए कहा,"क्या बात है..?"

"सर,आपने जब मुझे रानी जी की पूरी कहानी सुनाई थी तो आपने कहा था कि ये बात सिर्फ आपकी फैमिली को पता थी कि रानी जी आपसे प्यार करती है ओर बदकिस्मती से वो आपकी बहन निकलती है,पर अगर ये बात सिर्फ आपकी फैमिली को पता थी तो ये बात कोई बाहर वाला कैसे जान सकता है की आप रानी से प्यार करते थे"चोपड़ा ने राजवीर से पूछा !!

" नही,ये बात बाहर का कोई व्यक्ति नही जानता कि मैं रानी से प्यार करता था,पर तुम ये कैसे कह सकते हो कि ये बात कोई बाहर का इंसान जानता होगा" राजवीर ने चोपड़ा से कहा !!

"मैं ये इसलिए पूछ रहा हूँ सर,क्योंकि अगर प्रिया यहाँ किसी मकसद से आई है तो उसे ये ज़रूर पता होगा कि आप रानी से प्यार करते थे,और शायद उस इंसान ने प्रिया की शक्ल का , फायदा उठाकर आपको नुकसान पहुचाने का प्लान बनाया हो,हो सकता है कि ये सारा प्लान आपकी प्रॉपर्टी के लिए बनाया गया हो !" चोपड़ा ने राजवीर से कहा !!

"ऐसा तो कोई इंसान नही था जिसे ये सब पता था,मुझे तो याद नही आ रहा" राजवीर सोचते हुए चोपड़ा से कह रहा होता है तभी उसे एक दम से कुछ याद आता है और वो चोपड़ा से कहता है " रिया,हाँ रिया को पता था मेरे और रानी के बारे मे,और वो भी मुझसे प्यार करती थी"!

"अब ये रिया कौन थी सर...?" चोपड़ा ने राजवीर से पूछा !!

तब राजवीर ने रिया की पूरी कहानी अनिरुद्ध चोपड़ा को सुनाई और ये भी बताया कि रानी की मौत के बाद रिया उससे मिलने यहाँ आयी थी और राजवीर ने ये बात रिया को बोली थी कि वो रानी का इंतज़ार करेगा ,ये सुनकर चोपड़ा राजवीर से कहता है कि ," अच्छा तो ये बात है,अब इन रिया मैडम के बारे मे भी पता करना पड़ेगा,ठीक है सर मैं प्रिया और रिया दोनो की कुंडली निकलता हूँ और आपको बताता हूँ कि अगर इन दोनों मे कोई कनेक्शन है तो वो क्या है और अगर कनेक्शन नही है तो प्रिया का क्या रोल है इसमें "!

ये सारी बातें सुनकर चोपड़ा वहाँ से निकल जाता है ओर , अपने sources से पता करने की कोशिश करता है रिया और प्रिया के बारे में !!

अगले दिन बलदेव सिंघानिया की पुण्यतिथि सिंघानिया हाउस मे रखी जाती है,मुंबई के बड़े बड़े बिजनेसमैन वहाँ आते हैं,प्रिया सारे फंक्शन की ज़िम्मेदारी लेती है और उसे अच्छे मैनेज करती है,चोपड़ा और राजवीर प्रिया की हर हरकत पे लगातार नज़र रखते हैं और उसे ज़रा भी ये शक नही होने देते की उन दोनों को उसपर शक है,सब लोग बारी बारी से आकर बलदेव सिंघानिया की बड़ी सी तस्वीर के आगे फूल चढ़ाते हैं और चले जाते हैं,कुछ देर बाद राजवीर भी अपने पिता की याद मे कुछ स्पीच देता है !! कुछ देर बाद जब सभी मेहमान वहाँ से चले जाते हैं तो प्रिया वहाँ फूल चढ़ाने आती है और बहुत देर तक वहीं खड़ी खड़ी बलदेव सिंघानिया की तस्वीर को देखती रहती है,जब ये नज़ारा चोपड़ा और राजवीर देखते हैं तो उन्हें कुछ अजीब लगता है,कुछ देर बाद प्रिया की आँखों से आँसू बहने लगते हैं और वो पास ही बैठी राजवीर की माँ से गले लगकर रोने लगती है और वो जो शब्द बोलती है उसे सुनकर राजवीर के होश उड़ जाते हैं,वो कहती है," माँ,ये क्या हो गया माँ,पापा मुझे छोड़कर क्यों चले गए,मैंने तो कहा था मैं वापस आउंगी तो फिर उन्होंने मेरा इंतज़ार क्यों नहीं किया"!! जब ये सब चोपड़ा और राजवीर ने सुना तो वो चोंक गए और तभी प्रिया , बेहोश होकर वहीं गिर जाती है,ये देखकर सभी घबरा जाते हैं और वहाँ पर तुरंत डॉक्टर को बुलाया जाता है जो प्रिया का चैकउप करते हैं और ये बताते हैं कि उसे कुछ नही हुआ है बस थोड़ी ज्यादा मेहनत की वजह से और काम का टेंशन ज्यादा होने की वजह से उसे चक्कर आ गए थे और उसे कुछ देर मे होश आ जायेगा !!

कुछ देर बाद प्रिया को होश आता है और वो पूछती है कि उसे क्या हो गया था,तब उसे राजवीर की माँ सरिता देवी जी बताती हैं कि वो ये कहते हुए बेहोश हो गयी थी कि,"माँ,ये क्या हो गया माँ,पापा मुझे छोड़कर क्यों चले गए,मैंने तो कहा था मैं वापस आउंगी तो फिर उन्होंने मेरा इंतज़ार क्यों नहीं किया"! जब प्रिया ने ये बात सुनी तो उसने कहा कि," ये कैसे हो सकता है,मुझे याद ही नही की मैंने ये कब बोला,और मैं भला सर के पापा को अपने पापा कैसे बोल सकती हूँ" प्रिया का ये अजीब सा व्यवहार सबको हैरान कर रहा था,राजवीर को समझ नही आ रहा था कि प्रिया ऐसे क्यों बर्ताव कर रही है !! कुछ देर के बाद प्रिया को राजवीर का ड्राइवर उसके घर छोड़ने चले जाता है !! प्रिया का ये अजीब सा व्यवहार देखकर राजवीर को ज्यादा हैरानी नही हुई क्योंकि वो इस बात के लिए तैयार था की प्रिया ऐसा कुछ जरूर करेगी और तभी...

, राजवीर चोपड़ा से कहता है," चोपड़ा क्या लगता है तुम्हें,जो प्रिया ने आज किया है,वो जानबूझकर किया होगा या फिर ये सच मे रानी है.."?

"सर,हमें अभी किसी भी नतीज़े पर नही पहुँचना चाहिए,पहले मुझे पता लगाने दीजिये उसके बाद सब पता चल जाएगा कि प्रिया झुठ बोल रही है या फिर सच मे ये रानी का दूसरा जन्म है "चोपड़ा ने राजवीर से कहा !

"ठीक है चोपड़ा,तुम पता लगाओ,सारे काम बाद मे,पहले इस बात का पता लगाओ की प्रिया कहाँ से आई है और उसका मकसद क्या है और रिया कहाँ है इस वक़्त" राजवीर ने चोपड़ा को हुक्म देते हुए कहा !!

चोपड़ा राजवीर का हुक्म मानकर काम पे लग जाता है और फिर 2 दिनों के बाद राजवीर को चोपड़ा का कॉल आता है और वो राजवीर से कहता है," हेलो सर,आपने जैसा बताया था मैंने वैसा ही प्रिया के बारे मे पता लगाने की कोशिश की है और इसीलिए मैं यहाँ जयपुर आया हूँ और जो सच्चाई मुझे पता चली है वो आपको जाननी चाहिए"!!
 
चोपड़ा की बात सुनकर राजवीर को वो बात जानने की उत्सुकता बन जाती है और वो चोपड़ा से कहता है कि," जल्दी बोलो चोपड़ा,क्या पता चला तुमको..."?

राजवीर की बात सुनकर चोपड़ा राजवीर से कहता है कि," सर ,मैंने प्रिया के बारे मे सारी इनफार्मेशन पता कर ली है,प्रिया ने जो भी इनफार्मेशन कंपनी मे दी थी वो बिल्कुल सही है सर,प्रिया शर्मा को मुंबई आये हुए 6 महीने ही हुए हैं और इससे पहले वो राजस्थान के जयपुर मे रहती थी पिछले कुछ साल से,तो इसका मतलब जो भी प्रिया ने हमे बताया है वो सब कुछ सही है ओर वो कुछ साजिश नही कर रही है हमारे ख़िलाफ़,उस दिन जब आपके केबिन के बाहर खड़ी होकर वो हमारी बातें सुन रही थी तो इसका मतलब कुछ और भी हो सकता है,पर जहाँ तक प्रिया के बारे मे पता चला है तो वो कहीं से भी दोषी नही दिख रही है सर,वो अगर गलत होती तो उसके ख़िलाफ़ कहीं से भी कुछ तो मिलता पर मुझे नही लगता कि प्रिया कोई साज़िश कर रही है हमारे ख़िलाफ़ ! रही बात रिया के बारे मे पता लगाने की तो उसके बारे मे भी मैंने पता लगाया तो पता चला कि रिया को कॉलेज की तरफ से स्कालरशिप मिली थी क्योंकि वो कॉलेज मे टॉपर थी उसके बाद वो हायर स्टडीज के लिए अमेरिका चली गयी थी उसके कुछ सालों बाद उसने अपने माँ बाप को भी वहीं बुला लिया था,क्योंकि उसकी वहीं जॉब लग गयी थी,उसके बाद वो वापस इंडिया एक बार अभी 2 साल पहले आयी थी और उसके गांव से पता चला है कि रिया की उस वक़्त एक कार एक्सीडेंट मे मौत हो गयी है !!"

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चोपड़ा की बात सुनकर राजवीर की जैसे जान मे जान आ गयी थी,क्योंकि जब से उसे प्रिया पे शक हुआ था तब से उसे यही डर सता रहा था कि उसका ये विश्वास की प्रिया ही रानी है ये कहीं गलत न साबित हो जाये और अब उसके मन मे प्रिया के लिए कोई शक नही था,और उसे रिया की मौत का भी अफ़सोस था ! ये सब बातें सुनकर राजवीर चोपड़ा से कहता है ," तुम एक काम करो चोपड़ा,अभी जितनी जल्दी हो सके फ्लाइट लेके मुंबई आ जाओ,हमे जो पता करना था वो पता चल गया है,सब कुछ ठीक है,कोई प्रॉब्लम नही है,प्रिया ही मेरी रानी है ये मुझे यकीन है,और मुझे पूरा भरोसा है कि मैं उसे उसका प्यार याद दिला दूंगा एक दिन,तुम आ जाओ जल्दी "!!

"ok सर,मैं आज रात की फ्लाइट से मुंबई निकलता हूँ" चोपड़ा ने राजवीर से कहा !!

चोपड़ा की ये सारी बातें सुनने के बाद राजवीर ठंडे दिमाग से सोचता है और उसे अपने सवालों के जवाब मिल जाते हैं जैसे कि पुण्यतिथि के दिन सबके जाने के बाद जब प्रिया Mr सिंघानिया के फ़ोटो के सामने खड़ी थी तो वो उन्हें पापा क्यों कह रही थी,वो इसीलिए की शायद यही रानी है जो प्रिया के रूप मे दूसरा जन्म लेकर आयी है,अब राजवीर को पूरा , यकीन हो गया था कि यही रानी है,अब बस उसे उसका प्यार याद दिलाना था तो इसके लिए भी राजवीर ने सब सोच लिया था !!

अगले दिन राजवीर ऑफिस पहुँचता है और चोपड़ा और प्रिया को अपने केबिन मे बुलवाता है और उनसे कहता है," welcome to singhaniya group मिस प्रिया शर्मा,आज से तुम मेरे पर्सनल स्टाफ मे शामिल हो गयी हो जैसे चोपड़ा है मेरा पर्सनल सेक्रेटरी वैसे ही तुम भी मेरे पर्सनल स्टाफ मे हो,चोपड़ा तुम्हारा सीनियर रहेगा और तुम चोपड़ा को ही रिपोर्ट करोगी "!!

ये सुनकर प्रिया खुश हो जाती है और राजवीर से कहती है," Thank you so much sir,आप यकीन नही करेंगे मैं कितनी खुश हुँ मैंने कभी सपने मे भी नही सोचा था कि मैं इंडिया की सबसे बड़ी कंपनी मे काम करूँगी और इंडिया के सबसे बड़े बिज़नेस टाइकून के साथ काम करूँगी,आपने मुझे कहाँ से कहाँ पहुँचा दिया सर !!"

धीरे धीरे वक़्त निकलता गया और प्रिया और राजवीर अपने काम व्यस्थ हो गए एक दिन राजवीर ने प्रिया से पूछा कि ," प्रिया,एक बात पूछुं..? थोड़ी पर्सनल है" !

, "जी सर,बिल्कुल पूछिये" प्रिया ने जवाब दिया !

"तुम्हारा कोई बॉयफ्रेंड है...?" राजवीर ने प्रिया से पूछा !!

"बॉयफ्रेंड...!"प्रिया ने चोंकते हुए राजवीर से कहा !!

"हाँ ,मैंने बॉयफ़्रेंड ही कहा है"राजवीर ने प्रिया से कहा !

"नही सर,मेरा कोई बॉयफ़्रेंड नही है" - प्रिया !

"तो फिर तुम उस दिन जब मेहरानगढ़ पे गयी थी तो वो राजू कौन था जिसे तुम आवाज़ लगा रही थी" - राजवीर !

"अरे वो,वो तो मेरा कॉलेज फ्रेंड था,वो actually मैं अक्सर मेहरानगढ़ फोर्ट जाती रहती हुँ,पता नही क्यों पर मुझे ऐसा लगता है कि जैसे वहाँ से मेरा कोई बहुत पुराना रिश्ता है,उस दिन भी मेरा जन्मदिन था जब मैं मेहरानगढ़ गयी थी और तभी मुझे मेरा कॉलेज फ्रेंड दिखा तो मैंने उसे आवाज़ लगा दी,पर ये बात आपको कैसे पता लगी सर की मैं उस दिन वहाँ थी..?" - प्रिया

"क्योंकि मैं भी उस दिन वहीं था और मैंने तुम्हें पहली बार वहीं देखा था," राजवीर ने प्रिया की बात का जवाब दिया !!

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प्रिया ने राजवीर की बातों को सुनने के बाद राजवीर से कहा ," सर क्या मैं आपसे कुछ पूछ सकती हूँ...?"

"हाँ हाँ,बिल्कुल पूछ सकती हो,क्या पूछना है पूछो..?"राजवीर ने कहा !!

"सर,आपने मुझे इस पोस्ट के लिए डबल सैलरी पर रखा है,इसके पीछे ज़रूर कोई कारण है,क्या मैं वो कारण जान सकती हुँ..?" प्रिया ने घबराई हुई आवाज़ मे राजवीर से पूछा !!

राजवीर प्रिया के इस सवाल से चोंक गया और उसने प्रिया से कहा ," वक़्त आने पर बताऊंगा,अभी मैं इस सवाल का जवाब नही दे सकता" !

"ok sir,no problem " प्रिया ने राजवीर से कहा !!

"सर,एक ओर सवाल पूछ सकती हूँ...?" प्रिया ने फिर दबी सी आवाज़ मे राजवीर से पूछा !

"पूछो" राजवीर ने कहा !

, "सर आपने अभी तक शादी क्यों नही की,आप तो इतने हैंडसम है आपको तो बहुत अच्छी लड़की मिल जाये और अभी भी आप हमारी age के ही लगते हैं fit n fine रिश्ते तो आज भी आते होंगे आपके लिए" प्रिया ने राजवीर से पूछा !

राजवीर ने प्रिया के इस सवाल के बाद कुछ देर सोचा और अपने आप से कहा कि अगर धीरे धीरे प्रिया को रानी की सच्चाई बताई जाए तो शायद उसे कुछ याद आ जाये और इसी के चलते राजवीर ने प्रिया से कहा," तुमने कभी किसी से प्यार किया है..?"

"सर,आप तो मुझसे ही पूछने लगे,सवाल तो मैंने किया था पहले आपसे " प्रिया ने राजवीर से कहा !!

"तुम्हारे सवाल का ही जवाब दे रहा हूँ,बोलो किया है कभी किसी से प्यार..?" राजवीर ज़ोर देकर प्रिया से पूछता है !!

प्रिया राजवीर की बात सुनकर अचानक खयालों मे खो जाती है और कहती है कि ," किया था सर,जब मैं 16 साल की थी तब हुआ था एक लड़के से प्यार,पर वो मुझसे प्यार नही करता था वो किसी और को चाहता था,मैंने बहुत कोशिश की उसे पाने की पर मैं उसे पा न सकी और फिर हमारे रास्ते , अलग अलग हो गए और आज 5 साल हो गए हैं और मुझे ये भी नही पता कि वो कहाँ है "!!

राजवीर को प्रिया की बात सुनकर कुछ अच्छा नही लगा,क्योंकि राजवीर प्रिया को सिर्फ अपनी ही मानता था क्योंकि प्रिया उसके लिए रानी थी पर फिर उसने अपने आप पर क़ाबू रखा और फिर प्रिया से कहा," अब मेरा दूसरा सवाल" बात पूरी हुए बिना ही प्रिया ने राजवीर को बीच मैं ही टोकते हुवे कहा," This is not right sir,आप मेरे सवाल का तो जवाब दे नही रहे हो और मुझसे ही सवाल किए जा रहे हो" ! तब राजवीर ने प्रिया की बात का जवाब देते हुए कहा ," अरे ,मुझे पता है तुमने क्या सवाल किया है मुझसे,उसी के लिए ही सवाल कर रहा हूँ " !

"ok sir पूछिये क्या पूछना है" प्रिया ने राजवीर से कहा,और दोनों ऐसे बात कर रहे थे जिसे की 2 दोस्त बात कर रहे हों !

"तुम कभी पुनर्जन्म मे विश्वास रखती हो...?" राजवीर ने प्रिया से सवाल किया !!

"पुनर्जन्म, सर मुझे लगता है ऐसा होता ही नही है,ये सिर्फ TV और फिल्मों की कहानी मे ही होता है" प्रिया ने राजवीर की बात का जवाब देते हुए कहा !!

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"अब मैं तुम्हारे सवाल का जवाब देता हूँ कि मैंने अभी तक शादी क्यों नही की तो हुआ यूं था कि मैं और रानी एक दूसरे से बहुत प्यार करते थे............!" राजवीर ने शुरू से रानी की मौत तक कि कहानी प्रिया को सुना दी जिसे सुनकर प्रिया की आँखों से लगातार आँसू बह रहे थे,और फिर राजवीर ने प्रिया से कहा ," रानी के वो आखिरी शब्द आजतक मेरे कानों मे गूंजते है कि मेरा इंतज़ार करना और मैं आजतक वही कर रहा हूँ" राजवीर भी कहानी सुनाते सुनाते रो पड़ता है,इतने बड़े आदमी को यूं पिघलता देख रानी भी फूटफूटकर रो पड़ती है और राजवीर से कहती है कि," सर,आप दुनिया के सामने जितना भी सख्त बन जाएं पर आपके अंदर एक प्यार भरा दिल अभी भी जिंदा है,आज के ज़माने मे जब प्यार सिर्फ एक timepass बन कर रह गया है उस जमाने मे आप एक ऐसी लड़की से बेइंतहां मोहब्बत करते हैं जो अब इस दुनिया मे नही है,और आपको लगता है कि वो फिर जन्म लेकर आएगी,सर आज मेरी नज़र मैं आपकी इज़्ज़त और बढ़ गयी है,आज मैं आपकी मोह्हबत को सलाम करती हूं सर,कितनी खिशनसीब थी रानी जी जो उन्हें आप जैसा प्यार करने वाला मिला,i salute your love sir,hats off..."!!

प्रिया की बातें सुनकर राजवीर को भी अच्छा लगा और फिर प्रिया ने अपने आँसू पोछते हुए राजवीर से पूछा,"सर,माना , कि आप बहुत प्यार करते हैं रानी जी से और उनका इंतज़ार भी कर रहे हैं पर ऐसा कब तक चलेगा सर,आपको अपनी लाइफ मे आगे तो बढ़ना पड़ेगा न,और कब तक आप इंतज़ार करेंगे रानी जी का,अगर वो आयी नही तो...?"

राजवीर ने प्रिया की बातें सुनकर कुछ देर तक कुछ नही बोला और फिर प्रिया से कहा," प्रिया,जहाँ सच्चा प्यार होता है ना वहाँ भगवान को भी झुकना पड़ता है,अगर मैं तुमसे कहूँ की रानी ने जन्म ले लिया है और मैं उसे जानता भी हूँ कि वो कौन है तो तुम क्या कहोगी..?" राजवीर की बातें सुनकर प्रिया एक दम से चोंक गयी और उसने उसी मुद्रा मे राजवीर से पूछा ," what...ये क्या बोल रहे हैं सर आप,आपको पता है वो कौन है तो आपने उन्हें बताया क्यों नही अभी तक...?"
 
"वही बताने की कोशिश कर रहा हूँ" राजवीर ने प्रिया के सवाल का जवाब देते हुए कहा !

"मतलब सर,मैं समझी नहीं" प्रिया ने राजवीर से पूछा !!

" मतलब ये प्रिया की रानी ने जन्म ले लिया है और आज वो मेरे सामने खड़ी है,वो तुम हो प्रिया तुम ही रानी हो जो दूसरा जन्म लेकर आई है " राजवीर ने प्रिया से कहा और जिसे सुनकर प्रिया चोंक गयी उसके पैरों के नीचे से जैसे ज़मीन खिसक गयी हो उसको ऐसा झटका लगा था !! और फिर कुछ देर सोचने के बाद वो राजवीर से बोली ," सर,आपको क्यों लगता है कि मैं ही रानी हुँ...."?

प्रिया की बात सुनकर राजवीर प्रिया से कहता है," अच्छा,तो तुम्हें ये जानना है कि मुझे क्यों लगता है कि तुम रानी हो,ठीक है बता देता हूँ," राजवीर अपनी जेब मे हाथ डालता है और रानी की तस्वीर निकलता है जो उस समय ली गयी थी जब Mr सिंघानिया ने राजू और उसकी माँ को अपना लिया था और ये उसकी पहली फैमिली फ़ोटो थी,ये फोटो देखकर प्रिया एक दम से दंग रह जाती है और राजू से कहती है," I dont beleive it sir,ये तो मैं ही हूँ,रानी ऐसी दिखती थी,पर ये भी तो हो सकता है ना सर की मेरी शक्ल रानी से मिलती हो" !

"हाँ ,हो सकता है ओर पहले मुझे भी यही लगा था कि तुम्हारी सिर्फ शक्ल ही रानी से मिलती होगी पर कुछ बातें , ऐसी हैं जो मुझे ये सोचने पे मजबूर कर रही हैं कि तुम रानी ही हो " राजवीर ने प्रिया से कहा !!

"कोनसी बातें सर..?" प्रिया ने पूछा !

"यही को जिस दिन तुम्हारा जन्मदिन आता है उसी दिन 10 जनवरी को रानी की मौत हुई थी,और उसकी मौत 1996 मैं हुई थी और उसके ठीक एक साल के बाद तुम इस दुनिया मे आयी मतलब 1997 मे,और तुम्हारा मेहरानगढ़ किले से रिश्ता भी कोई इत्तेफ़ाक़ नही है वो इसीलिए है क्योंकि वहीं पर तुमने अपनी जान दी थी,और उस दिन तुम पापा के फोटो के आगे जो कह कर रो रही थी वो इसीलिए क्योंकि वो तुम्हारे भी पापा थे पिछले जन्म मे,मैंने घर मे से रानी की सारी तस्वीरें तुम्हारे आने के पहले ही निकलवा दी थी,क्योंकि मैं नही चाहता था कि तुम्हें ये सब जल्दी पता चले,सही वक्त का इंतज़ार था और कुछ miss understandings भी हो गयी थी,अब इतने सारे इत्तेफ़ाक़ तो नही हो सकते न" राजवीर ने प्रिया से कहा !!

प्रिया ने राजवीर की पूरी बातें सुनी और फिर कहा," सर,सॉरी पर मुझे पहले कुछ टाइम चाहिए सोचने के लिए,क्योंकि अभी मुझे कुछ भी याद नही आ रहा है"!

, "ठीक है प्रिया ,तुम आराम से सोचो मुझे कोई जल्दी नही है,जब तुम्हें याद आये तब हम इस बारे मे बात करेंगे तब तक तुम प्रिया ही हो मेरे लिए,अब तुम जाओ और अपना काम करो" राजवीर प्रिया से कहता है और प्रिया चुपचाप उसके केबिन से सोचते हुए निकल जाती है !!

थोड़ी देर बाद चोपड़ा राजवीर के कैबिन मे आता है और राजवीर की तरफ एक कार्ड बढ़ाते हुए कहता है कि ," सर ये आपके लिए स्पेशल कार्ड है" !

राजवीर चोपड़ा से पूछता है," ये कैसा कार्ड है चोपड़ा ...?"

"सर आप खुद देख लीजिए" चोपड़ा राजवीर से कहता है !!

राजवीर कुछ देर कार्ड पढ़ता है और फिर कहता है," ohh wow,congrats चोपड़ा, तो मतलब तुम्हारी engagement है मिस इशिका मल्होत्रा के साथ वो भी इसी हफ्ते"!

"यस सर,अभी इंगेजमेंट कर रहे हैं और हम दिसंबर मे शादी करेंगे,ये स्पेशल कार्ड मैं आपको invite करने के लिए लाया हूँ,ऑफिस के बाकी स्टाफ को भी मैंने invite किया है,सर आप प्लीज आईयेगा,इंगेजमेंट दिल्ली मे है और आपको , जरूर आना है,और इशिका भी आपसे मिलने के लिए कई बार मुझसे बोल चुकी है" चोपड़ा ने राजवीर से कहा !!

" बिल्कुल चोपड़ा मैं ज़रूर आऊंगा,और इशिका से भी मिलूंगा,मैं भी तो देखूं की कौन है वो लकी गर्ल " राजवीर ने चोपड़ा को बोला !!

" चोपड़ा एक और बात तुमको बताना थी" - राजवीर !

" हाँ बोलिये न सर" - चोपड़ा !

" मैंने प्रिया को सबकुछ बता दिया है रानी के बारे मे,और उसने मुझसे कुछ वक़्त मांगा है........" ये कहते हुए राजवीर ने सारी बातें चोपड़ा को बता दी !!

चोपड़ा ने सारी बातें सुनी और फिर राजवीर से कहा," ये तो बहुत अच्छी ख़बर है सर,अब तो आपकी सारी टेंशन दूर हो गयी,आपको आपकी रानी मिल गयी और आपका विश्वास जीत गया,आप जीत गए सर,आप जीत गए "!!

"हाँ चोपड़ा,मुझे पता था कि मेरी रानी ज़रूर आएगी मेरे लिए,मेरे प्यार के लिए,और देखो वो आ गयी क्योंकि मेरे प्यार मे वो शिद्दत थी कि रानी को वापस आना पड़ा" , राजवीर ने चोपड़ा से कहा !!

कुछ देर बाद चोपड़ा और राजवीर अपने अपने काम मे लग जाते हैं और प्रिया भी न जाने क्यों मन ही मन खुश है की राजवीर उसे चाहता है,पर उसके मन मे एक सवाल ये भी उठ रहा था कि अभी प्रिया 21 साल की है और राजवीर 41 साल का और इस रिश्ते को समाज इतनी आसानी से नही मानेगा और यही सोचते सोचते उसका पूरा दिन निकल गया,और वो शाम को ऑफिस से अपने फ्लैट पे आ गयी और फ्लैट पे आने के बाद वो वही सोच रही थी जो उसे राजवीर ने बताया था उसके मन मे दिनभर से यही ख्याल आ रहा था कि क्या सच मे वो रानी है और यही सोचते सोचते वो आईने के सामने खड़ी होती है और फिर खुद से बातें करने लगती है,वो खुद को आईने के सामने खड़ा करके बोलती है," हेलो मिस प्रिया शर्मा,तुम्हारी तो किस्मत ही बदल गयी,अब तुम बहुत जल्दी प्रिया शर्मा से प्रिया सिंघानिया बनने वाली हो" कहते कहते वो ज़ोर ज़ोर से हँसने लगती है और खुशी के मारे झूम उठती है,और फिर अचानक फिर से आईने के सामने खड़ी होती है और कहने लगती है कि ," कहते हैं भगवान जब भी देता है छप्पड़ फाड़ के देता है और प्रिया तुझे तो भगवान ने कुछ ज्यादा ही छप्पड़ फाड़ के दिया है" ये कहते कहते वो फिर से ज़ोर ज़ोर से हँसने लगती है और फिर अचानक उसके चेहरे पर एक अजीब सी मुस्कुराहट आती है ओर फिर वो अचानक , से फिर से आईने के सामने आकर कहती है कि," तो राजवीर सर को लगता है कि मैं रानी सिंघानिया हुँ,मैं रानी का दूसरा जन्म हूँ और अगर उन्हें ये लगता है तो बिल्कुल गलत लगता है"!!

ये कहकर वो फिर से हँसने लगती है और कहती है," तुम क्या समझते थे Mr राजवीर सिंघानिया,की तुम मेरा प्यार ठुकरा दोगे और मैं तुम्हें जाने दूंगी,मेरा नाम प्रिया शर्मा है उर्फ रिया शर्मा,हा हा हा हा हा हा,और तुम्हें क्या लगता है कि तुम्हारी रानी वापस आ गयी है,अरे वो आयी ज़रूर थी पर मैंने उसे फिर से ऊपर भेज दिया है,मार दिया है उसे फिर से,हा हा हा हा हा हा हा"!!
 
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