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भीमा उसका नंबर लेकर चला गया। राम्या को एहसास हुआ कि उसे कम से कम उसका नाम तो पूछ लेना चाहिए था। जैसे ही अंदर गई तो उसकी नजर करण पर पड़ी । उसका बाप आ चुका था और वो तेजी से दौड़ती हुई उससे लिपट गई। करण ने भी उसे गले लगा लिया।दोनो बाप बेटी एक दूसरे से लिपटे रहे। फिर राम्या अपनी तैयारी में लग गई और उसका बाप उसकी हेल्प करने लगा।
समर भी लोट आया था सुबह एयरपोर्ट से । अब घर पर कबीले के कुछ आदमी रह गए थे।
माही और सोनम भी लौट अाई थी ट्रेनिंग से और उन दोनों के चेहरे खुशी से खिले हुए थे।
माही अंदर आते ही दौड़ती हुई काम्या के गले लग गई।
काम्या: " अरे क्या बात हैं बहुत खुश लग रही हो दोनो। क्या हुआ मुझे भी बताओ कुछ"!
समर भी फ्रेश होकर बाथरूम से आ चुका था और उनकी बाते सुनने लगा।
माही : ट्रेनिंग के बाद जेमिमा मैडम ने एक टेस्ट लिया जिसमें सिर्फ तीन लोग पास हुए जिम्मे मैं और सोनम भी है। मैडम ने अपनी तरफ से तीनो को ट्रेनिंग के लिए एक महीने के लिए अमेरिका बुलाया हैं और वो अपनी खुद के खर्च पर। "
जैसे ही माही ने अपनी खुशी उन्हें बताई तो उस से ज्यादा खुशी समर और काम्या को हुई।
लेकिन ये बात बोलकर माही उदास हो गई और वो समर से लिपट गई ।
माही: मैं आपको छोड़कर कहीं नहीं जाऊंगी। मेरा सब कुछ आप हो।
सोनम हैरान हो गई क्योंकि उसे नहीं पता था कि माही और समर की शादी हो चुकी है।
समर उसे अपनी बाहों में कस लेता है और अपने गले लगा लेता हैं।
समर: मैं भी आपके बिना नहीं रह सकता लेकिन मैं चाहता हूं कि तुम खूब नाम कमाओ।किस्मत ने तुम्हे अच्छा मोका दिया है इसे हाथ से मत जाने दो। बताओ कब जाना हैं ? मैं सब तैयारी कर दूंगा।
काम्या भी समर की हां में हां मिलाते हुए उसे अमेरिका जाने की सलाह देती है।
माही: हमे आज शाम को 3 बजे की फ्लाइट से निकलना होगा जेमिमा मैडम के साथ ही।
काम्या: ठीक हैं तुम दोनो जाने की तैयारी करो।
माही परिवार की इजाज़त मिलने के बाद जेमिमा मैडम को कॉल करके बता देती हैं कि वो दोनो उनके साथ जाएगी और उनका टिकट बुक करा दे।
उसके बाद सोनम अपने घर चली गई और माही अपना बैग पैक करने में व्यस्त हो गई।बैग पैक होने के बाद समर माही को लेकर मॉल में चला गया और उसे उसकी पसंद से ब्रांडेड कपडे, जूते, और जो कुछ भी माही ने पसंद किया वो सब कुछ दिलवाया। आज उसने माही के लिए अपने खजाने का मुंह पूरी तरह से खोल दिया था।माही को समर पर बहुत प्यार आ रहा था। उसने मॉल में ही उसे किस कर दिया। उसके बाद दोनो लौट चले घर की तरफ।
उधर घर पर आज काम्या की खुशी छुपाए नहीं छुप रही थी। जबसे उसने माही के जाने की बात सुनी थी उसका रोम खिल उठा था। खिले भी क्यों नहीं माही एक या दो माही बल्कि पूरे एक महीने के लिए जा रही थी। काम्या ने फैसला कर लिया था कि वो पूरे एक महीने अपने और समर के बीच किसी को नहीं आने देगी
हर रोज चुदेगी उससे , दिन में भी और रात में। पूरे घर में चुदेगी चाहे वो छत, बाथरूम , बेडरूम या किचेन हो।
काम्या ने माही के लिए तरह तरह की मिठाइयां बनाई और कुछ नमकीन आइटम भी तैयार कर दिए थे। समर और माही बाजार से आ चुके थे। नहा धोकर सबने साथ में खाना खाया और फिर काम्या किचेन में चली गई।
उसके जाते ही माही समर से चिपक गई। उसे जाने की खुशी तो थी लेकिन समर से दूर रहने का गम उससे कहीं ज्यादा था। वो किसी छोटे बच्चे की तरह उससे लिपटी हुई थी और समर भी उसकी भावनाओं को समझ रहा था इसलिए धीरे धीरे उसकी पीठ थपथपा रहा था।
माही उससे चिपके हुए प्यार से उसके कान में बोली:
" समर मेरा मन नहीं कर रहा है तुम्हे छोड़कर जाने के लिए, कैसे जियुंगी मैं तुम्हारे बिना वो भी पूरे एक महीने"
और ऐसा बोलकर पूरी ताकत से उससे लिपट गई। समर उसे और जोर से कस लेता हैं ।
समर उसके बालो मैं हाथ निकालते हुए: " माही मन तो मेरा भी नहीं लगेगा और चाहता हूं कि तुम कहीं मत जाओ लेकिन तुम्हे इससे अच्छा मौका फिर नहीं मिलेगा।'
समर भी लोट आया था सुबह एयरपोर्ट से । अब घर पर कबीले के कुछ आदमी रह गए थे।
माही और सोनम भी लौट अाई थी ट्रेनिंग से और उन दोनों के चेहरे खुशी से खिले हुए थे।
माही अंदर आते ही दौड़ती हुई काम्या के गले लग गई।
काम्या: " अरे क्या बात हैं बहुत खुश लग रही हो दोनो। क्या हुआ मुझे भी बताओ कुछ"!
समर भी फ्रेश होकर बाथरूम से आ चुका था और उनकी बाते सुनने लगा।
माही : ट्रेनिंग के बाद जेमिमा मैडम ने एक टेस्ट लिया जिसमें सिर्फ तीन लोग पास हुए जिम्मे मैं और सोनम भी है। मैडम ने अपनी तरफ से तीनो को ट्रेनिंग के लिए एक महीने के लिए अमेरिका बुलाया हैं और वो अपनी खुद के खर्च पर। "
जैसे ही माही ने अपनी खुशी उन्हें बताई तो उस से ज्यादा खुशी समर और काम्या को हुई।
लेकिन ये बात बोलकर माही उदास हो गई और वो समर से लिपट गई ।
माही: मैं आपको छोड़कर कहीं नहीं जाऊंगी। मेरा सब कुछ आप हो।
सोनम हैरान हो गई क्योंकि उसे नहीं पता था कि माही और समर की शादी हो चुकी है।
समर उसे अपनी बाहों में कस लेता है और अपने गले लगा लेता हैं।
समर: मैं भी आपके बिना नहीं रह सकता लेकिन मैं चाहता हूं कि तुम खूब नाम कमाओ।किस्मत ने तुम्हे अच्छा मोका दिया है इसे हाथ से मत जाने दो। बताओ कब जाना हैं ? मैं सब तैयारी कर दूंगा।
काम्या भी समर की हां में हां मिलाते हुए उसे अमेरिका जाने की सलाह देती है।
माही: हमे आज शाम को 3 बजे की फ्लाइट से निकलना होगा जेमिमा मैडम के साथ ही।
काम्या: ठीक हैं तुम दोनो जाने की तैयारी करो।
माही परिवार की इजाज़त मिलने के बाद जेमिमा मैडम को कॉल करके बता देती हैं कि वो दोनो उनके साथ जाएगी और उनका टिकट बुक करा दे।
उसके बाद सोनम अपने घर चली गई और माही अपना बैग पैक करने में व्यस्त हो गई।बैग पैक होने के बाद समर माही को लेकर मॉल में चला गया और उसे उसकी पसंद से ब्रांडेड कपडे, जूते, और जो कुछ भी माही ने पसंद किया वो सब कुछ दिलवाया। आज उसने माही के लिए अपने खजाने का मुंह पूरी तरह से खोल दिया था।माही को समर पर बहुत प्यार आ रहा था। उसने मॉल में ही उसे किस कर दिया। उसके बाद दोनो लौट चले घर की तरफ।
उधर घर पर आज काम्या की खुशी छुपाए नहीं छुप रही थी। जबसे उसने माही के जाने की बात सुनी थी उसका रोम खिल उठा था। खिले भी क्यों नहीं माही एक या दो माही बल्कि पूरे एक महीने के लिए जा रही थी। काम्या ने फैसला कर लिया था कि वो पूरे एक महीने अपने और समर के बीच किसी को नहीं आने देगी
हर रोज चुदेगी उससे , दिन में भी और रात में। पूरे घर में चुदेगी चाहे वो छत, बाथरूम , बेडरूम या किचेन हो।
काम्या ने माही के लिए तरह तरह की मिठाइयां बनाई और कुछ नमकीन आइटम भी तैयार कर दिए थे। समर और माही बाजार से आ चुके थे। नहा धोकर सबने साथ में खाना खाया और फिर काम्या किचेन में चली गई।
उसके जाते ही माही समर से चिपक गई। उसे जाने की खुशी तो थी लेकिन समर से दूर रहने का गम उससे कहीं ज्यादा था। वो किसी छोटे बच्चे की तरह उससे लिपटी हुई थी और समर भी उसकी भावनाओं को समझ रहा था इसलिए धीरे धीरे उसकी पीठ थपथपा रहा था।
माही उससे चिपके हुए प्यार से उसके कान में बोली:
" समर मेरा मन नहीं कर रहा है तुम्हे छोड़कर जाने के लिए, कैसे जियुंगी मैं तुम्हारे बिना वो भी पूरे एक महीने"
और ऐसा बोलकर पूरी ताकत से उससे लिपट गई। समर उसे और जोर से कस लेता हैं ।
समर उसके बालो मैं हाथ निकालते हुए: " माही मन तो मेरा भी नहीं लगेगा और चाहता हूं कि तुम कहीं मत जाओ लेकिन तुम्हे इससे अच्छा मौका फिर नहीं मिलेगा।'