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काम्या अंदर आ गई और दूध का गिलास करण की तरफ बढ़ा दिया और बोली:
" लो पी लो दूध , अगर अपनी। बेटी के चक्कर में रहोगे तो दूध ही नहीं मिल पाएगा देखो इसे कैसे कम्बल में घुसी हुई पड़ी है आलसी कहीं की!!
राम्या:" मम्मी में आलसी नहीं हूं बस ठंड लग रही है मुझे इसलिए पड़ी हुई हूं।
काम्या:" बेटी अगर ठंड लग रही है तो उपर अपने रूम में जाकर सो जाओ आराम से। जाओ।
राम्या फस चुकी थी क्योंकि ऐसी हालत में वो कैसे जाती। करण के भी माथे पर पसीना आने लगा इस भयंकर सर्दी में भी।
काम्या ने जैसे ही उसके माथे पर पसीना देखा तो वो बोली
:" क्या हुआ जी आपकी तबियत तो ठीक हैं जी इतनी सर्दी में भी पसीना आ रहा है"!
करण:" हान काम्या सब ठीक हैं बस सिर में दर्द हैं थोड़ा सा शायद उसकी वजह से पसीना आ रहा हो।
उधर राम्या अंदर ही अंदर भगवान से दुआ कर रही थी कि हैं भगवान आज कुछ भी करके बचा ले मुझे, ।
काम्या :" ध्यान रखा करो अपना आप एक तो सर्दी बहुत हो रही है , राम्या मुझे भी घुसा ले अपनी कम्बल में ही !!
ऐसा कहकर वो उसका कम्बल पकड़ लेटी हैं और जैसे ही उठाने लगती हैं तो राम्या की सांसे जैसे डर के मारे बंद सी हो गई, उसका पूरा जिस्म कांपने लगा।उसने बड़ी उम्मीद के साथ अपने बाप की तरफ देखा
करण को विचार आया और वो काम्या का हाथ पकड़ कर अपनी तरफ खींच लिया तो काम्या उसकी गोद में आ गई।
काम्या शर्मा गई और इशारे से राम्या से बताया कि शर्म करो अभी राम्या यहीं हैं ।
करण:" अरे मेरे रूम से आप बाम की शीशी ले आओ और मेरे सिर की मालिश कर दो शायद कुछ आराम मिल जाए।
काम्या खुशी खुशी बेडरूम की तरफ चल दी । उसके जाते ही राम्या ने जल्दी से अपनी ब्रा का हुक लगाया और अपनी शर्ट के बटन बंद कर दिए। दोनो बाप बेटी आज बाल बाल बचे।
राम्या उपर जाने लगी तो रास्ते में उसे काम्या मिली तो उसने अपनी मा को गाल पर गुड नाईट किस दी और सोने चली गई।करण भी उठ चुका था और बेडरूम की तरफ चल दिया तो काम्या बोली कि मैं मालिश करने के लिए बाम लेकर अाई हूं तो कर्स बोला:"
" अंदर बेडरूम में ही कर देना। बाहर ठंड हैं कुछ ज्यादा , हीटर भी सही से काम नहीं कर पा रहे हैं।
काम्या और करण अंदर आ गए तो करण ने उसे अपनी बांहों में भर लिया और उसके गाल चूमने लगा। काम्या भी करण से चिपक गई और अपनी बांहे उसके गले में डाल दी।
करण ने अपने होंठ उसके होठों पर रख दिए और दोनो एक दूसरे के होठों को चूसने लगे। करण ने अपने हाथ को काम्या की गांड़ पर रख दिया और जैसे ही दबाना शुरू किया तो उसे कुछ भारी सा लगा जैसे उसने दो पेंटी पहन रखी हो। उसने काम्या से इशारे में पूछा तो काम्या ने जवाब दिया,.
" आज सुबह से मुझे पीरियड हो रहे हैं इसलिए पैड लगाया हैं। "!
करण का मूड खराब हो गया और उसने काम्या की गांड़ को जोर से दबा दिया तो काम्या ने उसकी हालत समझते हुए उसकी पैंट का हुक। खोल दिया और उसने लंड को बाहर निकाल लिया तो पूरी तरह से खड़ा हुआ था। काम्या ने ध्यान से लंड को देखा तो महसूस हुआ कि ये तो समर के लंड के मुकाबले काफी छोटा हैं । उफ्फ ये जिस्म की आग पिछले 24 साल से जो लंड उसे भयंकर लगता था आज अपने बेटे के लंड के आगे मामूली महसूस हुआ।
काम्या ने लंड को हाथ में पकड़ लिया और सहलाने लगी । करण को उसके हाथो का स्पर्श बहुत मज़ा दे रहा था । काम्या ने अपने होंठो को लंड के सुपाड़े पर रख दिए और जीभ से चाटने लगी। करण का जिस्म हवा में उड़ने लगा और उसके दोनो हाथ अपने आप ही काम्या के सिर के पीछे चले गए और उसका मुंह लंड पर दबाने लगे । काम्या ने सुपाड़े को मुंह में भर लिया और चूसने लगी।
काम्या ने मस्ती में आकर अपना मुंह खोल दिया और लंड को आधा मुंह में भर लिया। करण को जैसे यकीन ही नहीं हुआ क्योंकि वो एक बार में सुपाड़े से ज्यादा लंड मुंह में नहीं घुसा पाती थी लेकिन मजे के चलते वो कुछ नहीं बोल पाया । काम्या उसकी आंखो में देख रही थी इसलिए वो सब समझ गई और उसे अपने गलती का एहसास हुआ और उसने ऐसा दिखाना शुरू कर दिया मानो उसे मुंह में बहुत तेज दर्द हो रहा हो।
(। समर का मोटा तगड़ा लंड चूसने के कारण उसका मुंह भी थोड़ा खुल गया था जिस कारण लंड ज्यादा अन्दर घुस गया था इसलिए अपनी आपको बचाने के लिए काम्या दर्द का बहाना कर रही थी)
करण उसके सिर को सहलाने लगा तो काम्या ने आधे लंड को जी चूसना शुरू कर दिया और नीचे से जीभ से चाट रही थी। करण को बहुत मजा आ रहा था इसलिए उसने एक तगड़ा धक्का काम्या के मुंह में लगा दिया और लंड पुरा उसके मुंह में घुस गया।
को दर्द तो हुआ लेकिन मजा आ रहा था क्योंकि लंड बहुत गर्म था और काम्या को लग रहा था मानो लंड उसके मुंह की अंदर से सिकाई कर रहा हो। उसने पूरा लंड को चूसना शुरू कर दिया तो करण ने उसके मुंह में धक्के मारने शुरू कर दिए ।
काम्या को अब थोड़ा दर्द होने लगा तो उसने अपनी जीभ का दबाव लंड पर बढ़ा दिया और लंड को पूरी ताकत से चूसने लगी। करण उत्तेजना से भर उठा और उसका जिस्म कांपने लगा, उसने पूरी तेजी से काम्या के मुंह को चोदना शुरू किया तो लंड में उबाल सा आने लगा।
अनुभवी काम्या समझ गई कि अब माल निकलने वाला हैं तो उसने जैसे ही अपनी जीभ लंड पर जोर से रगड़ी तो करण का धैर्य जवाब दे गया और उसने एक आखिरी धक्का काम्या के मुंह में लगा दिया और उसके मुंह से सिसकियां निकलने लगी
" आह चूस जा मेरा लंड, पी जा सारा माल मेरे लंड की रानी हैं तू मेरी जान काम्या""!!
और उसके साथ करण के लंड ने वीर्य की पिचकारी उसकी गले में। मारने शुरू कर दी जिन्हे काम्या मजे से पीती चली गई। लंड मुरझाकर अपने आप मुह से बाहर निकल आया। दोनो अपनी अपनी सांसे ठीक करने लगे और सो गए।
" लो पी लो दूध , अगर अपनी। बेटी के चक्कर में रहोगे तो दूध ही नहीं मिल पाएगा देखो इसे कैसे कम्बल में घुसी हुई पड़ी है आलसी कहीं की!!
राम्या:" मम्मी में आलसी नहीं हूं बस ठंड लग रही है मुझे इसलिए पड़ी हुई हूं।
काम्या:" बेटी अगर ठंड लग रही है तो उपर अपने रूम में जाकर सो जाओ आराम से। जाओ।
राम्या फस चुकी थी क्योंकि ऐसी हालत में वो कैसे जाती। करण के भी माथे पर पसीना आने लगा इस भयंकर सर्दी में भी।
काम्या ने जैसे ही उसके माथे पर पसीना देखा तो वो बोली
:" क्या हुआ जी आपकी तबियत तो ठीक हैं जी इतनी सर्दी में भी पसीना आ रहा है"!
करण:" हान काम्या सब ठीक हैं बस सिर में दर्द हैं थोड़ा सा शायद उसकी वजह से पसीना आ रहा हो।
उधर राम्या अंदर ही अंदर भगवान से दुआ कर रही थी कि हैं भगवान आज कुछ भी करके बचा ले मुझे, ।
काम्या :" ध्यान रखा करो अपना आप एक तो सर्दी बहुत हो रही है , राम्या मुझे भी घुसा ले अपनी कम्बल में ही !!
ऐसा कहकर वो उसका कम्बल पकड़ लेटी हैं और जैसे ही उठाने लगती हैं तो राम्या की सांसे जैसे डर के मारे बंद सी हो गई, उसका पूरा जिस्म कांपने लगा।उसने बड़ी उम्मीद के साथ अपने बाप की तरफ देखा
करण को विचार आया और वो काम्या का हाथ पकड़ कर अपनी तरफ खींच लिया तो काम्या उसकी गोद में आ गई।
काम्या शर्मा गई और इशारे से राम्या से बताया कि शर्म करो अभी राम्या यहीं हैं ।
करण:" अरे मेरे रूम से आप बाम की शीशी ले आओ और मेरे सिर की मालिश कर दो शायद कुछ आराम मिल जाए।
काम्या खुशी खुशी बेडरूम की तरफ चल दी । उसके जाते ही राम्या ने जल्दी से अपनी ब्रा का हुक लगाया और अपनी शर्ट के बटन बंद कर दिए। दोनो बाप बेटी आज बाल बाल बचे।
राम्या उपर जाने लगी तो रास्ते में उसे काम्या मिली तो उसने अपनी मा को गाल पर गुड नाईट किस दी और सोने चली गई।करण भी उठ चुका था और बेडरूम की तरफ चल दिया तो काम्या बोली कि मैं मालिश करने के लिए बाम लेकर अाई हूं तो कर्स बोला:"
" अंदर बेडरूम में ही कर देना। बाहर ठंड हैं कुछ ज्यादा , हीटर भी सही से काम नहीं कर पा रहे हैं।
काम्या और करण अंदर आ गए तो करण ने उसे अपनी बांहों में भर लिया और उसके गाल चूमने लगा। काम्या भी करण से चिपक गई और अपनी बांहे उसके गले में डाल दी।
करण ने अपने होंठ उसके होठों पर रख दिए और दोनो एक दूसरे के होठों को चूसने लगे। करण ने अपने हाथ को काम्या की गांड़ पर रख दिया और जैसे ही दबाना शुरू किया तो उसे कुछ भारी सा लगा जैसे उसने दो पेंटी पहन रखी हो। उसने काम्या से इशारे में पूछा तो काम्या ने जवाब दिया,.
" आज सुबह से मुझे पीरियड हो रहे हैं इसलिए पैड लगाया हैं। "!
करण का मूड खराब हो गया और उसने काम्या की गांड़ को जोर से दबा दिया तो काम्या ने उसकी हालत समझते हुए उसकी पैंट का हुक। खोल दिया और उसने लंड को बाहर निकाल लिया तो पूरी तरह से खड़ा हुआ था। काम्या ने ध्यान से लंड को देखा तो महसूस हुआ कि ये तो समर के लंड के मुकाबले काफी छोटा हैं । उफ्फ ये जिस्म की आग पिछले 24 साल से जो लंड उसे भयंकर लगता था आज अपने बेटे के लंड के आगे मामूली महसूस हुआ।
काम्या ने लंड को हाथ में पकड़ लिया और सहलाने लगी । करण को उसके हाथो का स्पर्श बहुत मज़ा दे रहा था । काम्या ने अपने होंठो को लंड के सुपाड़े पर रख दिए और जीभ से चाटने लगी। करण का जिस्म हवा में उड़ने लगा और उसके दोनो हाथ अपने आप ही काम्या के सिर के पीछे चले गए और उसका मुंह लंड पर दबाने लगे । काम्या ने सुपाड़े को मुंह में भर लिया और चूसने लगी।
काम्या ने मस्ती में आकर अपना मुंह खोल दिया और लंड को आधा मुंह में भर लिया। करण को जैसे यकीन ही नहीं हुआ क्योंकि वो एक बार में सुपाड़े से ज्यादा लंड मुंह में नहीं घुसा पाती थी लेकिन मजे के चलते वो कुछ नहीं बोल पाया । काम्या उसकी आंखो में देख रही थी इसलिए वो सब समझ गई और उसे अपने गलती का एहसास हुआ और उसने ऐसा दिखाना शुरू कर दिया मानो उसे मुंह में बहुत तेज दर्द हो रहा हो।
(। समर का मोटा तगड़ा लंड चूसने के कारण उसका मुंह भी थोड़ा खुल गया था जिस कारण लंड ज्यादा अन्दर घुस गया था इसलिए अपनी आपको बचाने के लिए काम्या दर्द का बहाना कर रही थी)
करण उसके सिर को सहलाने लगा तो काम्या ने आधे लंड को जी चूसना शुरू कर दिया और नीचे से जीभ से चाट रही थी। करण को बहुत मजा आ रहा था इसलिए उसने एक तगड़ा धक्का काम्या के मुंह में लगा दिया और लंड पुरा उसके मुंह में घुस गया।
को दर्द तो हुआ लेकिन मजा आ रहा था क्योंकि लंड बहुत गर्म था और काम्या को लग रहा था मानो लंड उसके मुंह की अंदर से सिकाई कर रहा हो। उसने पूरा लंड को चूसना शुरू कर दिया तो करण ने उसके मुंह में धक्के मारने शुरू कर दिए ।
काम्या को अब थोड़ा दर्द होने लगा तो उसने अपनी जीभ का दबाव लंड पर बढ़ा दिया और लंड को पूरी ताकत से चूसने लगी। करण उत्तेजना से भर उठा और उसका जिस्म कांपने लगा, उसने पूरी तेजी से काम्या के मुंह को चोदना शुरू किया तो लंड में उबाल सा आने लगा।
अनुभवी काम्या समझ गई कि अब माल निकलने वाला हैं तो उसने जैसे ही अपनी जीभ लंड पर जोर से रगड़ी तो करण का धैर्य जवाब दे गया और उसने एक आखिरी धक्का काम्या के मुंह में लगा दिया और उसके मुंह से सिसकियां निकलने लगी
" आह चूस जा मेरा लंड, पी जा सारा माल मेरे लंड की रानी हैं तू मेरी जान काम्या""!!
और उसके साथ करण के लंड ने वीर्य की पिचकारी उसकी गले में। मारने शुरू कर दी जिन्हे काम्या मजे से पीती चली गई। लंड मुरझाकर अपने आप मुह से बाहर निकल आया। दोनो अपनी अपनी सांसे ठीक करने लगे और सो गए।