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मैं और मेरा परिवार

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416

थोड़ी देर बाद हम नॉर्मल हो गये.

मैं काकी के उपर से अलग हो गया. लंड गंद से निकालने की वजह से काकी को राहत मिली.

मैं ने कॉंडम को निकाल कर फेक दिया. लंड पर वीर्य लगा था. लंड को साफ करना था .लंड को कैसे साफ करना था ये मुझे पता था.

मैं लंड को काकी के मुँह के सामने ले गया.

अवी-काकी इसे साफ तो कर दो

काकी-तुम्हे मैं छोड़ूँगी नही.

अवी-क्यू, मेरा लंड इतना पसंद आ गया जो पकड़ कर रखना चाहती हो.

काकी-ऐसे कोई चुदाई करता है. मेरी तो जान निकाल दी तुम ने.मैं भी तुम्हारी जान निकाल लूँगी.

अवी-ज़्यादा नाटक मत करो. तुम्हे पूरा मज़ा आया मेरे साथ चुदाई करके. आया कि नही.

काकी-पहले तो दर्द हुआ पर ऐसा दर्द बहुत दिनो के बाद मिला . इस लिए मेरी जान निकल गयी.

अवी-अब बोलो तुम मेरी जान निकालना चाहती हो या मैं फिर तुम्हारी जान निकाल लूँ.

काकी-तुम ही निकाल लो पर आगे से निकाल लेना

अवी-आगे से नही पीछे से निकालूँगा.

काकी-आगे से क्यू नही

अवी-चूत पर इतना बड़ा जंगल बना रखा है . मेरे शेर को जंगल पसंद नही है. उसे तो सिर्फ़ घुफ़ा चाहिए.

काकी-चूत को भेड़ियो से बचाने के लिए इतना बड़ा जंगल बनाया है.तुम्हारे शेर को ये जंगल अच्छा लगेगा.

अवी-मेरे शेर को खुले मैदान ज़्यादा पसंद है .और तुम्हारा पीछे का मैदान शेर को पसंद आ गया है.

काकी-मैदान मे तो घूम लिया है शेर ने ,अब जंगल का पानी भी पीने दो शेर को

अवी-ज़्यादा जंगल जंगल करती रहोगी तो पीछे के मैदान मे भी नही जाएगा मेरा शेर

काकी-थोड़ी देर के लिए, जंगल देख कर तो आने दो शेर को फिर वापस पीछे के मैदान मे डाल देना.

अवी-ठीक है. पर पहले शेर को साफ तो कर दो.

काकी लंड को जीभ से चाटने लगी. काकी ने लंड को चाट चाट कर साफ कर दिया.

अवी-साफ का कर रही हो. खड़ा भी करो

काकी लंड को मुँह मे लेकर चूसने लगी. काकी शेरनी की तरह लंड पर टूट पड़ी और चूस चूस कर लंड को खड़ा कर दिया.

लंड खड़ा होते ही काकी के मुँह से बाहर निकाल लिया.

और लंड पर कॉंडम लगा लिया.और लंड को काकी की चूत पर रगड़ने लगा

अवी-काकी तेरा जंगल बहुत बड़ा है. अगर तुम्हे मेरे शेर को जंगल मे आने देना है तो शेर को एक बार मे पूरा अंदर डालना होगा.

काकी-एक साथ, इतना बड़ा ,

अवी-एक साथ नही तो फिर पीछे मैदान मे डाल देता हू.

काकी-कुछ सोच कर ,डाल दो पर पानी निकालने तक अंदर रखना

अवी-ठीक है

मैं ने काकी की चूत पर लंड रख कर एक ज़ोर दार झटका मारा .ऐसा झटका मारा कि जंगल की बड़ी बड़ी झाड़ियों को चीरता हुआ शेर काकी की घुफ़ा मे घुस गया.

काकी की चीख निकल गयी. आहह मार डाला रे ,माँ दर्द हो रहा है, निकाल बाहर ,निकाल ना कमिने, आआअहह.मुझे किस मच्छर ने काटा था जो तेरा लंड एक बार मे लेने के लिए तय्यार हो गयी. आअहह निकाल ना कुत्ते

मैं कहाँ काकी की बात मानने वाला था. लंड अंदर डालने के बाद ज़ोर दार धक्के मारता गया.

धक्के लग रहे थे और काकी लंड बाहर निकालने को कह रही थी.

पर मैं ज़ोर दार धक्के मारता गया. क्यूँ कि जितनी जल्दी काकी का पानी निकल जाएगा उतनी जलदी काकी की गंद मे लंड जाएगा.

जैसा सोचा था वैसा ही हुआ ,थोड़ी देर मे काकी की चूत से पानी निकाल गया

पानी निकलने से काकी का दर्द कम हुआ. काकी को लगा कि अब उसको मज़ा मिलेगा. चूत मे लंड आराम से जाएगा.

पर ऐसा नही हुआ, चूत मे लंड जाने की बजाय बाहर आ गया. मैं ने लंड बाहर निकाल लिया.

लंड बाहर निकालने से काकी का दर्द और कम हुआ. काकी को अच्छा लगने लगा. काकी को लगा कि मैं लंड फिर अंदर डालूँगा. और मैं ने लंड को अंदर डाला.

लंड अंदर जाते ही काकी की चीख निकल गयी.

लंड चूत मे नही गंद मे गया था. मैं ने गंद मे लंड डाला था.

लंड अंदर डालने के बाद मैं ने काकी को कुछ बोलने ही नही दिया.इतनी ज़ोर दार तरीके से काकी की गंद मार रहा था.

गंद को फाड़ ही डाला था मैं ने. काकी के मुँह से जब भी आवाज़ निकालती वो चिल्लाने की ही होती.

काकी मुझे रोकने के लिए जब भी अपना मुँह खोलती मैं ज़ोर दार धक्का मार देता जिस से काकी बोलना कुछ और चाह रही थी और निकल कुछ और रहा था.

काकी ने कभी सोचा ही नही होगा कि मैं इस तरह उनकी चुदाई करूँगा.

एक बात अच्छी थी कि काकी की गंद काली थी. अगर काकी गोरी होती तो अब तक मेरे धक्को की वजह से लाल हो जाती

काकी मुझे पोज़िशन चेंज करने को बोल रही थी.पर मेरी ट्रेन रुकने का नाम ही नही ले रही थी.

काकी की ऐसी जोरदार चुदाई से मैं ज़्यादा देर खुद पर कंट्रोल नही कर पाया.

पर इतना तो कंट्रोल था कि अपना वीर्य काकी के मुँह मे डाल दूं.

लंड पक की आवाज़ के साथ गंद से बाहर आ गया. बाहर आने पर लंड ने अपने कपड़े निकाल दिए. और काकी के मुँह मे चला गया.

काकी की ऐसी हालत थी कि वो लंड चूस भी नही सकती थी.

मुझे ही काकी के मुँह मे 10 12 धक्के मार कर अपना वीर्य निकाल ना पड़ा.

काकी के मुँह से वीर्य बाहर निकल रहा था. काकी की बुरी हालत हो गयी थी.

काकी की हालत देख कर मैं ने जल्दी से यहाँ से चले जाने के फ़ैसला किया.

 


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अगर काकी नॉर्मल हो गयी तो इस बार सच मे मेरी जान ले लेगी.

एक बार काकी की तरफ देखा और फिर जल्दी से अपने कपड़े पहन लिए.

ना मैं ने खुद को ठीक किया. और ना ठीक से कपड़े पहने.

ऐसे ही काकी के कमरे से बाहर आ गया.

सब से पहले मुझे बाथरूम मे जाकर फ्रेश होना था. और खुद को ठीक करना था.

मैं काकी के कमरे से निकल कर हॉल मे आ गया.

हॉल मे आते ही मुझे मामी मिल गयी . मामी हॉल मे इधर उधर देख रही थी.

कभी इस कमरे मे तो कभी दूसरे कमरे मे कुछ ढूँढ रही थी.

मामी ऐसे चुप चाप मे क्या ढूँढ रही थी. मैं सोचने लगा.

अरे हाँ, 1 घंटे से मामी की बेटी ईशा और मैं गायब थे. कहीं मामी ईशा और मुझे तो नही ढूँढ रही है.

अगर ऐसा है तो मेरे लिए ये अच्छा ही होगा.

शायद मामी सोच रही होगी कि मैं और ईशा कहीं चुदाई तो नही कर रहे है.

मैं ने सोचा चलो मामी को एक झटका देता हू.

मामी मेरी ऐसी हालत देखेंगी तो उनका शक और ज़्यादा पक्का होगा.

मैं मामी के सामने चला गया.

अचानक मुझे अपने सामने देख कर मामी शॉक्ड हो गयी. पर खुद को ठीक करते हुए मुझे अच्छे से देखने लगी.

मेरे बाल बिखरे हुए थे. टीशर्ट और जीन्स ठीक से पहने नही थे. मैं लंबी लंबी सास ले रहा था.

अवी-मामी यहाँ क्या कर रही हो

मामी मेरे इस सवाल का जवाब सीधे सीधे नही दे सकती थी

मामी-कुछ नही बस रिलॅक्स होने आई थी. तुम कहाँ थे इतनी देर से, और ये कैसी हालत बनाके रखी है.

अवी-मेरी हालत ,

मैं ने नाटक करते हुए ऐसे दिखाया कि मुझे अपनी हालत के बारे मे पता ही ना हो

मामी-कहाँ थे और ई...

मामी की बात पूरी होने से पहले मैं ने मामी की बात काट दी

अवी-आपको जो पूछना है वो बाद मे पूछ लेना .मैं फ्रेश होकर आता हू

मैं 1स्ट फ्लोर मे जहाँ ईशा गयी थी वही जाने लगा.

मामी मुझे उपर जाते हुए देख रही थी.

मैं ने पलट कर एक बार मामी की तरफ देखा और मामी को आँखे मारते हुए ,एक बार पूरा पंजा मामी को दिखाया और फिर 2 फिंगर दिखा दी.

मैं मामी को फिंगर दिखा कर ये बता रहा था कि 5 मे से 2 कॉंडम इस्तेमाल हो गये है.

मामी मेरे इशारे का क्या मतलब निकालती है ये तो मामी खुद जाने

पर सही मतलब निकाला तो मामी समझ जाएगी कि मैं ने 2 कॉंडम का इस्तेमाल ईशा के साथ किया है.

मामी नीचे अपने ख़यालो मे खोई थी और मैं उपर ईशा के कमरे मे आ गया. और बाथरूम के गेट पर नॉक किया

अवी-ईशा क्या तुम अंदर हो

ईशा-हाँ रूको 2 मिनिट

1 घंटा हो गया फिर भी ईशा मोबाइल पर बात कर रही थी.

2 मिनिट के बाद ईशा बाथरूम से बाहर आ गयी.

अवी-हो गई बात,

ईशा-हाँ

अवी-इतनी देर तक क्या बात कर रही थी

ईशा-बात तो 15 मिनिट पहले ही करली थी.

अवी-फिर अब तक क्या कर रही थी.

ईशा-बात करने के बाद जैसे ही मैं बाहर आ रही थी कि पैर फिसल गया और मैं गिर गयी.

अवी-(पहले मोबाइल गिराया और अब खुद गिर गयी. क्या लड़की है ये) कहीं चोट तो नही आई.

ईशा-थोड़ा सा पैर मे कट लग गया था. पट्टी और मेडिसिन लगा ली है.

अवी-तुम देख कर काम किया करो.

ईशा-वो ग़लती से फिसल गयी थी

अवी-कोई बात नही,तुम बैठो मैं फ्रेश होके आता हू.

ईशा-भैया आपको क्या हुआ,ये कैसी हालत बना रखी है

अवी-(ईशा को क्या बताऊ,) मैं भी गिर गया था .

ईशा-हँसने लगी

मैं ने ईशा को हँसने दिया और बाथरूम मे जाकर फ्रेश हो गया.

 


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मैं फ्रेश होकर वापस कमरे मे आ गया.

अवी-तुम हँस क्यू रही थी

ईशा-आप भी अजीब हो भैया

अवी-अजीब

ईशा-खुद फिसल गये और मुझे ठीक से काम करने के लिए सलाह दे रहे हो

अवी-मैं सिर्फ़ एक बार फिसल गया था और तुम ने तो मोबाइल भी गिरा दिया .

ईशा-मोबाइल,अरे आपका मोबाइल देना तो भूल ही गयी

अवी-बात हो गयी होगी तो दे दो नही तो रहने दो तुम्हारे पास

ईशा-बात हो गयी .ये लो आपका मोबाइल,थॅंक्स

अवी-चलो अब पार्टी मे चलते है ,सब तूमे ढूँढ रहे होगे

ईशा-मैं तो भूल ही गयी. अब मम्मी को क्या कहूँगी

अवी-अगर तुम्हारी मम्मी ने पूछा तो ये बता देना कि तुम मेरे साथ थी.

ईशा-हाँ ,ये ठीक रहेगा.

अवी-(ये अच्छा हुआ ,अगर मामी ने ईशा पूछ लिया कि इतनी देर से कहाँ थी तो ईशा बता देंगी कि वो मेरे साथ थी. जिससे मामी का शक और बढ़ जाएगा. ) चलो

मैं ईशा के साथ कमरे से बाहर आ रहा था कि मैं ने देखा ईशा लंगड़ा कर चल रही थी. पैर मे चोट लगने से ऐसे चल रही थी.

अवी-ईशा दर्द हो रहा है

ईशा-थोडा सा. पर अब मैं ठीक हू

मामी ईशा को लंगड़ा कर चलते हुए देखेंगी तो 100% मामी समझ जाएगी कि मैं ने ईशा के साथ चुदाई की है.

और अब उपर से एक साथ नीचे आते हुए देखेंगी तो मामी का क्या हाल होगा. ये बता नही सकता.

मैं ईशा के साथ धीरे धीरे नीचे आ गया. मामी हमारी तरफ देख रही थी. मामी ने एक बार ईशा को अच्छे से देखा .

ईशा और मेरा 1 घंटे से गायब रहना, थोड़ी देर पहके मेरी हालत देखना, फिर मुझे और ईशा का साथ मे नीचे आना, ईशा का लंगड़ा कर चलना, मेरे पास कॉंडम होना ये सारी बातें मामी के दिमाग़ मे चल रही थी

जैसे जैसे मैं ईशा के साथ मामी के पास आ रहा था वैसे वैसे मामी का गुस्सा बढ़ रहा था.

मैं जैसे ही मामी के पास पहुँच गया. उधर से पंकज की मम्मी और ईशा के पापा आ गये.

शायद वो भी चुदाई करने के लिए जा रहे थे.पर मामी को देख कर शायद अपना फ़ैसला बदल दिया होगा.

आंटी-तुम लोग यहाँ क्या कर रहे हो. चलो पार्टी मे चल कर एंजाय करो

आंटी के इतना कहते ही मैं और ईशा पार्टी मे चले गये.

आंटी ,मामा और मामी भी हमारे पीछे पीछे पार्टी मे आ गये.

मुझे एक बात समझ नही आई. मामी को मैं ने इतना कुछ दिखाया .फिर भी मामी ने मुझे कुछ कहा क्यू नही.

एक माँ को अपनी बेटी के साथ इतना कुछ हो गया है फिर भी मुझे कुछ कहा क्यू नही.

इतना कुछ होने के बाद तो मामी ने ये सोचना नही चाहिए कि सब के सामने ये बात कैसे कहे.

सब के सामने मतलब सब तो घर के लोग थे फिर भी मामी ने मुझे कुछ कहा क्यूँ नही.

जाने दो ,कभी ना कभी तो मामी मुझसे बात करेगी.

मैं और ईशा पार्टी को एंजाय करने लगे.

मामी हमारी तरफ ही देख रही थी.

शायद मामी मुझसे अकेले मे बात करना चाहती होगी.

समय ऐसे ही कट रहा था. ईशा मामी को मुझसे बात करने का कोई मोका नही दे रही थी.

थोड़ी देर बाद पंकज की मम्मी मामी को घर के अंदर ले गयी.

तभी मेरे मोबाइल पर कॉल आया.

मैं ने नंबर देखा तो नया नंबर था. मैं ने ईशा को पूछा कि ये तुम्हारे फ्रेंड का नंबर है .

ईशा ने हाँ कहा. और मेरा मोबाइल लेकर पार्टी से दूर जाकर बात करने लगी. मैं भी ईशा के पास आ गया.

ईशा ने फिर 20 मिनिट तक बात की ,और जब हम वापस आ रहे थे कि ईशा की ड्रेस पर सब्जी का दाग लग गया.

दाग ईशा की जाँघो के पास लगा था. दाग लाल रंग का था. बिल्कुल खून की तरह.

जैसे ही हम पार्टी मे वापस आ गये. मामी हमारे सामने आ गयी.

शायद मामी फिर से हमे ढूँढ रही थी.

मामी ने ईशा की ड्रेस पर लाल रंग का दाग देखा तो मामी की आँखे लाल हो गयी.

मामी ने ईशा को कमरे मे जाकर सोने को कहा. पार्टी भी लगभग ख़तम हो गयी थी. रात के 11.00 बज रहे थे.

ईशा घर के अंदर चली गयी. पीछे रह गये मैं और मामी

 


419

ईशा घर के अंदर चली गयी. पीछे रह गये मैं और मामी.

मामी-गुस्से मे चलो मेरे साथ

अवी-कहाँ

मामी-मुझे तुमसे बात करनी है.

अवी-बात करने के लिए दूसरी जगह जाने की क्या ज़रूरत है. आपको जो कहना है यहीं पर कहिए

गुस्सा कंट्रोल करते हुए,

मामी मेरा हाथ पकड़ कर मुझे कॉर्नर मे ले गयी.

पार्टी तो लगभग ख़तम हो गयी थी. ज़्यादातर मेहमान चले गये थे.

जहाँ पर मामी ले गयी थी वो जगह पार्टी से दूर थी .

मामी-तुमने ईशा के साथ क्या किया

अवी-मैं ने क्या किया ,और आप ये क्या पूछ रही हो

मामी-ज़्यादा भोले मत बनो,

अवी-पहले बता तो दो कि मैं ने क्या किया है.

मामी-तुम्हे सब पता है फिर भी अज़ान बन ने का नाटक कर रहे हो

अवी-मैं आख़िरी बार पूछ रहा हूँ कि मैं ने किया क्या है

मामी-तुमने ईशा के साथ..

अवी-मैं ने ईशा के साथ...आगे बोलिए

मामी-तुम पार्टी मे क्यूँ आए हो ,

अवी-अब ये कैसा सवाल है

मामी-तुम ने कॉंडम क्यू खरीदे थे

अवी-कॉंडम क्यू खरीदते है ये भी आपको पता नही है, कमाल है

मामी-तुम्हारे पॉकेट मे अभी भी कॉंडम है

अवी-हाँ है, पर आपने बात क्यू बदली,मैं ईशा के साथ.

मामी-दिखाओ मुझे

अवी-क्यू दिखाऊ, क्या आपको चाहिए आज रात के लिए

मामी-तुम दिखा रहे हो या मैं खुद देख लूँ

मैं ने पॉकेट मे हाथ डाल कर कॉंडम निकाल कर मामी के हाथ मे दे दिए.

कॉंडम देते ही मेरे मोबाइल पर मेसेज आया. मैं मेसेज देखने लगा.

"मैं 1स्ट फ्लोर पे ऋतु के रूम मे हूँ, मैं ने खिड़की खुली रखी है."

मेसेज आंटी का था. मैं ने मोबाइल वापस रख दिया. और मामी की तरफ देखा,

जैसे ही मैं ने मामी की तरफ देखा मामी ने मेरे गाल पर थप्पड़ मारा.

 


419 ए

पार्टी मे म्यूज़िक चालू होने की वजह से थप्पड़ की आवाज़ किसी ने नही सुनी.और हम कॉर्नर मे थे जिस से किसी को मामी थप्पड़ मारते हुए नही दिखी.

मामी-तुम ने ईशा के साथ सेक्स किया. तुम्हारी ऐसे करने की हिम्मत कैसे हुई. वो भी मुझे बताने के बाद मेरी ही बेटी के साथ सेक्स किया. तुम्हे मैं छोड़ूँगी नही, तुम्हे तो मैं जैल मे डाल कर रहूंगी.

अवी-ये आप क्या बोल रही और आपने थप्पड़ कैसे मारा मुझे,और आप को ये किसने बताया कि मैं ने ईशा के साथ सेक्स किया है.

मामी-बताने की क्या ज़रूरत सब दिख रहा है.

अवी-क्या दिख रहा है मुझे भी तो पता चले

मामी-तुम ईशा के साथ पहले 1 घंटा और अब 30 मिनिट गायब थे

अवी-बस इतनी सी बात से आपको लगा कि मैं ने ...

मामी-तुम ने पहले मुझे बताया था कि तुम पार्टी मे सेक्स करने वाले हो

अवी-हाँ बताया था

मामी-और तुम ने ईशा के साथ किया

अवी-मैं ने ईशा के साथ कुछ नही किया

मामी-कुछ नही किया तो तुम और ईशा 1 घंटे से कहाँ गायब थे.

जब मैं हॉल मे आई तो तुम ईशा के साथ नीचे आ रहे थे

ईशा लंगड़ा कर चल रही थी .और ऐसा तभी होता है जब सेक्स किया जाता है

ईशा की ड्रेस पे खून का दाग ,ये तो सब कुछ बता रहा था कि क्या हुआ है.

और अब ये कॉंडम ,तुम ने 5 कॉंडम लिए थे और अब तुम्हारे पास सिर्फ़ 3 कॉंडम है. मतलब कि तुम ने सेक्स किया है और वो भी ईशा के साथ. तुम ने उपर जाते समय मुझे 2 उंगलिया दिखाई थी ,2 उंगलिया मतलब 2 कॉंडम और नीचे ईशा के साथ आए थे.

ये सब यही बता रहे है कि तुम ने ईशा के साथ...

मामी की बात सुनकर मैं हँसने लगा

मामी-हँस क्यू रहे हो, हँसो हँसो बाद तुम्हे रोना होगा. जैल मे जाकर रोते रहना

अवी-आप ने सिर्फ़ अंदाज़ा लगाया है. और आपका अंदाज़ा ग़लत है.

मामी-मैं ने कोई अंदाज़ा नही लगाया.

अवी-ठीक है मैं आपको बताता हू कि ईशा के साथ मैं ने क्या किया है.पर पहले आप एक बार ईशा को बुला लो.

मामी-उसे क्यूँ बुला रहे हो.

अवी-बुला तो लो ,सिर्फ़ 1 मिनिट के लिए.

मामी-बुलाती हूँ.ईशा के हाँ करने के बाद तुम जैल मे डालूंगी

मामी ने ईशा को बुला लिया. हम एक टेबल पर बैठ गये

अवी-ईशा तुम्हारा मोबाइल कहाँ है

ईशा-आपको तो पता हैना भैया फिर दुबारा क्यू पूछ रहे हो

अवी-एक बार बता दो

ईशा-मम्मी मेरा मोबाइल टाय्लेट मे गिर गया

मामी-तूने मोबाइल खराब कर दिया

ईशा -हो गया

अवी-फिर तुम ने अपने फ्रेंड के साथ बात कैसे की

ईशा-आपके मोबाइल से

अवी-कितनी देर बात की.

ईशा-1 घंटे के आस पास

अवी-तुम लंगड़ा कर क्यू चल रही हो

ईशा-भैया आपको ये भी तो पता है. फिर क्यू पूछ रहे हो

अवी-मामी को बताने के लिए कि तुम लंगड़ा कर क्यू चल रही हो

ईशा-मम्मी ,मैं बाथरूम मे गिर गयी थी.

ईशा ने चोट मामी को दिखा दी.

अवी-ईशा ये ड्रेस पे क्या लगा है, ये खून है क्या

ईशा-ये तो सब्जी का दाग है.

अवी-ठीक है अब तुम जाओ .

ईशा-ये सब

अवी-तुम्हारी मम्मी के लिए. उन्हे तुम्हारी चाल बदलने से टेन्षन आ गया था.

ईशा-ठीक है मैं आराम करने जाती हू. गुड नाइट मम्मी, गुड नाइट भैया

ईशा चली गयी. मामी सोच मे डूब गयी

अवी-मामी, क्या मैं ने ईशा के साथ सेक्स किया है

मामी ने कुछ नही कहा.

अवी-मामी, ईशा मुझे भैया बुलाती है उसके साथ मैं कैसे कुछ कर सकता हू

1 घंटे तक गायब रहने के कारण भी पता चल गया आपको.

ईशा लंगड़ा कर क्यू चल रही है ये भी पता चल गया.

ड्रेस पे खून नही सब्जी का दाग है ये भी पता चल गया आपको.अब कहिए मैं ने क्या किया.

मैं मामी को सफाई देने लगा. मामी चुप चाप मेरी बात सुनती गयी.

 


420

मैं मामी को सफाई देने लगा. मामी चुप चाप मेरी बात सुनती गयी.अब बोलिए मैं ने ईशा के साथ क्या किया हाँ

मामी-सॉरी ,वो मुझे लगा था कि.. सॉरी

अवी-अब सॉरी बोल के क्या फ़ायदा आपने तो मुझे बिना वजह थप्पड़ मार दिया

मामी-मैं क्या करती मुझे तब लगा था कि... जिसकी वजह से मैं ने थप्पड़ मार दिया.

अवी-पर आपको इस थप्पड़ के बदले कुछ तो करना होगा.

मामी-तुम जो कहोगे मैं करूँगी. पर मुझे एक बात समझ नही आई

अवी-कौन सी बात

मामी-जब तुम और ईशा गायब थे .मैं ईशा को ढूँढने हॉल मे आई थी तब तुम मिल गये .वो भी ऐसी हालत मे कि मैं ने सोचा , वैसे तुम्हारी वो हालत हुई कैसे थी

अवी-मैं गिर गया था.

मामी-उसके बाद तुम ने उपर जाते हुए मुझे 2 उंगलियाँ क्यू दिखाई थी

अवी-मैं कह रहा था कि 2 मिनिट मे फ्रेश होकर आता हूँ

मामी-सब कुछ ठीक है. अगर तुम ने सेक्स नही किया तो 2 कॉंडम कहाँ गये

अवी-वो मैं आपको बता नही सकता.

मामी-क्यू?

अवी-क्यू की आप सुन नही पाएगी.

मामी-जो भी है ,मैं सुन लूँगी

अवी-आपके पति को दिए है(पंकज की मम्मी ने कहा था कि वो अपने भाई के साथ कॉंडम इस्तेमाल करती है)

मामी-मेरे पति को. उनको क्यूँ दिए

अवी-वो नही बता सकता आपको गुस्सा आ जाएगा.

मामी-बता भी दो मैं गुस्सा नही करूँगी

अवी-मैं ने वो कॉंडम आपके साथ सेक्स करने के लिए थे .

मामी-क्या, मेरे लिए थे ,तुम मेरे साथ

अवी-हाँ, मुझे आप के साथ एक बार सेक्स करना था पर कर नही पाया इसी लिए आपके पति को कॉंडम दे दिए. अगर मैं आप पर इस्तेमाल नही कर सका तो क्या हुआ आपके पति तो वो कॉंडम आपके साथ इस्तेमाल कर सकते है.

मामी-मेरे साथ, ये तुम भूल जाओ मैं अपने पति के अलावा किसी और के साथ नही करने वाली. मेरा पति मुझे बहुत प्यार करता है.मैं अपने पति को धोका दे कर तुम्हारे साथ सेक्स नही कर सकती

अवी-आप अपने पति के अलावा किसी और के साथ नही करेंगी.

मामी-हाँ, नही करूँगी

अवी-आपको क्या लगता है कि जैसा आप सोचती है वैसा ही आपके पति भी सोचते है

मामी-हाँ ईशा के पापा मेरे अलावा किसी और के साथ सेक्स नही करते है.वो मुझे बहुत प्यार करते है.

अवी-अगर किया तो,मतलब किसी और के साथ सेक्स किया तो

मामी-ऐसा होई ही नही सकता

अवी-हुआ तो

मामी-फिर जैसा तुम कहोगे वैसा मैं करूँगी.

अवी-तो चलो मैं आपको एक मूवी दिखाता हू

मामी-कहाँ ले जाने वाले हो

अवी-आपको आपके पति की मस्ती दिखाने ले जा रहा हू

मैं मामी के साथ घर मे 1स्ट पर आ गया. और आंटी ने जैसा बताया वैसे ही मैं ऋतु दीदी के रूम की खिड़की के पास चला गया.खिड़की को थोड़ा पुश करने के बाद अंदर देखने लगा.

अंदर पंकज के मामा पंकज की मम्मी को घोड़ी बना कर चुदाई कर रहे थे.

मैं ने मामी को खिड़की से अंदर देखने को कहा.

अंदर देखते ही मामी शॉक्ड हो गयी. मामी ने कभी सोचा भी नही होगा वैसा अंदर हो रहा था.एक भाई अपनी बहन की चुदाई कर रहा था.

मामी ने बस एक बार देखा और भाग कर अपने कमरे मे चली गयी .मैं भी मामी के पीछे पीछे चला गया.

 


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मैं मामी के पीछे पीछे उनके कमरे मे चला गया. मामी कमरे मे आते ही बेड पर गिर गयी. और रोने लगी.

मैं ने कमरे मे आते ही गेट बंद कर दिया.और मामी के पास जाकर खड़ा हो गया.

मामी पेट के बल लेट कर रो रही थी. और मैं मामी को रोता हुआ देख रहा था.

मुझे मामी से बात करनी थी पर मामी रोने के सिवा कुछ नही कर रही थी.

ऐसे मे किसिके साथ बात करना हो तो कुछ अनएक्सपेक्टेड करो ,

अब मामी को चुप करने का एक ही रास्ता था. मैं ने वही रास्ता अपनाने का फ़ैसला किया.

मैं मामी के उपर आ गया.जैसे कि मैं मामी की गंद मार रहा हू वैसे ही मैं मामी के उपर लेट गया. मामी ने मुझे कुछ नही कहा. वो बस रोती रही.

मेरा लंड मामी की गंद पर था. मैं ने कपड़ो के उपर से मामी की गंद मारना शुरू किया.

पहले तो मामी ने कुछ नही कहा पर थोड़ी देर बाद जब मामी का रोना कम हुआ तो उनको पता चला कि मैं क्या कर रहा हू.

मामी ने रोना बंद किया और मेरे नीचे से निकलने की कोशिस करने लगी.

मैं ने मामी को छोड़ दिया. मैं मामी के उपर से अलग हो गया.

मामी गुस्सा हो गयी.

मामी-ये क्या कर रहे थे.तुम्हारी हिम्मत कैसे हुई मेरे साथ ऐसा करने की

अवी-मैं ने क्या किया, जो किया वो आपने किया

मामी-मैं ने क्या किया, एक तो मैं यहाँ अपनी किस्मत पे रो रही हू और तुम

अवी-मैं ने आपको चुप कराने के लिए ये सब किया.

मामी-रुलाया भी तुम ने ,चुप भी तुम करा रहे हो, चुप करा रहे थे या मज़े कर रहे थे

अवी-मुझे यही सही तरीका सही लगा आपको चुप कराने का. और मैंने थोड़े ही रुलाया है आपको वो तो आपके पति ने

मामी-तुम ने मुझे वो सब दिखाया क्यूँ ,मेरी अच्छी ख़ासी ज़िंदगी खराब कर रहे हो

अवी-मैं कहाँ खराब कर रहा हूँ वो तो आपका पति अपनी बहन के साथ... आप अपने पति पर गुस्सा होने की बजाय मुझे बुरा कह रही है कि मैं ने वो सब आपको दिखाया क्यूँ

मामी-उनको तो मैं देख लूँगी. उनको तो मैं अच्छा सबक सिखाउन्गी. पर तुम ने मेरे साथ ऐसा किया क्यू

अवी- कहा ना कि मैं आपको चुप करा रहा था

मामी-चुप करा रहे थे या मज़ा ले रहे थे.

अवी-मुझे मज़ा लेना होता तो अब तक ले चुका होता

मामी-मज़ा ही तो ले रहे हो

अवी-कहाँ मज़ा लिया है

मामी-फिर वो दिखाया क्यू

अवी-आपने ही तो पूछा था कि 2 कॉंडम किसे दिए .

मामी-और उसके बाद

अवी-मैं ने कहा कि मुझे आपके साथ सेक्स करना है

मामी-देखा तुम मज़ा ले रहे थे

अवी-मैं मज़ा ले नही रहा था ,वो तो ...फिर आपने ही तो कहा कि आपके पति किसी और के साथ सेक्स नही कर सकते.तो इस लिए मैं ने आपको आपके पति की मस्ती दिखाई

मामी-तुम ने मेरे लिए किया या अपने ने लिए, मुझे वो सब दिखाया.

अवी-दोनो के लिए,

मामी-यानी कि तुम ये सब दिखा कर मेरे साथ सेक्स करना चाहते थे

अवी-हाँ,

मामी-और तुम कामयाब हो जाते अगर मैं ने अभी तुम रोका नही होता तो

अवी-मैं तो आपको चुप करा रहा था.

मामी-अब झूठ क्यू बोल रहे हो.

अवी-मैं सच कह रहा हू मैं अभी आपके साथ सेक्स करना नही चाहता था

मामी-तो कब करने वाले थे

अवी-कल,

मामी-कल क्यूँ?

अवी-क्यू कि आज मैं ने पंकज की मम्मी के साथ सेक्स किया है

मामी-क्या?

अवी-हाँ, आंटी के साथ सेक्स करते हुए आंटी ने मुझे बताया था कि आज वो अपने भाई के साथ सेक्स करने वाली है.

मामी-तुम बहुत चालाक हो. पंकज की मम्मी के साथ सेक्स किया और उनका सहारा लेकर मेरे साथ सेक्स करना चाहते हो

अवी-आप भी तो मेरे साथ सेक्स करना चाहती हो.

मामी-मैं कहाँ,मैं क्यूँ तुम्हारे साथ सेक्स करना चाहूँगी.

अवी-अगर ऐसा नही है तो शॉप मे आपने शॉपगर्ल को थॅंक्स क्यूँ कहा जब उसने आपको कहा कि आपका बाय्फ्रेंड अच्छा है.

मामी-वो तो ऐसे ही

अवी-क्या ऐसे ही.

हम बातें कर रहे थे कि किसी ने गेट नॉक किया. मामी ने गेट खोला . गेट पर मामा थे. मामी ने मामा को देखते ही उनके गाल पर 3 4 थप्पड़ मार दिए.

मैं तो ये देख कर शॉक्ड हो गया.अभी तो अच्छे से बोल रही थी अचानक मूड कैसे चेंज हुआ.

मामा भी शॉक्ड हो गये. मामी ने फिर 2 थप्पड़ मामा के गाल पर मार दिए.

मेरा काम तो नही हुआ. मुझे मामी के साथ चुदाई करने को नही मिली. सारा प्लान खराब हो गया.

अब यहाँ रुक कर क्या फ़ायदा .यहाँ तो मामी और मामा का झगड़ा होने वाला है.

मैं मामी के कमरे से बाहर आ गया . पंकज की पार्टी अभी भी चल रही थी. ज़्यादातर लोग चले गये थे. फिर भी पार्टी चल रही थी.

मैं ने पंकज को पूछा कि पार्टी और कितनी देर चलेगी. पंकज ने कहा कि और 1 2 घंटे ,

मतलब 2 घंटे तक यहाँ म्यूज़िक चलता रहेगा.

आज 3 बार चुदाई करने से मैं थक गया था. मुझे सोना था. पर यहाँ तो पार्टी चल रही है. मैं ने पंकज को बताया कि मैं शहर मे जो मेरा घर2 है वहाँ जा रहा हू. पंकज ने रुकने को कहा पर मैं पंकज को विश करके सोने ने लिए अपने शहर वाले घर2 चला गया.

3 बार चुदाई, फिर पार्टी उसके बाद देर से सोना, मैं तो पूरी तरह से थक गया था.

घर मे आते ही मैं सो गया. मैं सुबह देर तक सोता रहा.

सुबह करीब 8.00 बजे चाची का फोन आया. पहले तो मैं ने उठाया नही पर चाची के बार बार फोन करने से मुझे चाची से बात करनी पड़ी.

सी चाची-हेलो अवी कहाँ हो, फोन क्यू नही उठा रहे थे

अवी-चाची मैं सो रहा था. रात मे पार्टी मे थक गया था. इसी लिए मैं अब तक सो रहा था.

सी चाची-घर कब आ रहे हो

अवी-अभी मुझे थोड़ी देर और सोने का मन हो रहा है. मैं दोपहर मे आ जाउन्गा. और कोमल को बता देना कि आज कॉलेज बस से जाए ,मैं इधर से ही कॉलेज चला जाउन्गा.

सी चाची-ठीक है, अपना ख़याल रखना और पार्टी मे क्या क्या किया वो रात मे बताना

अवी-बता दूँगा.

चाची ने फोन रख दिया.मैं फिर से सो गया.

और 2 घंटे सोने के बाद बेल बजने की आवाज़ सुनकर मेरी नींद खुल गयी.

यहाँ कौन आया, जो भी हो उसकी तो...मैं गेट खोलने चला गया.

गेट खोलते ही मैं शॉक्ड हो गया. मेरे सामने मामी खड़ी थी. मैं ने सोचा भी नही था कि मामी यहाँ आएगी वो भी इतनी सुबह.

मैं मामी को देखता रहा. मामी रेड साड़ी मे थी. रेड साड़ी मे मामी अप्सरा लग रही थी.

मामी-यहीं खड़े रखने वाले हो या अंदर भी बुलाने वाले हो

अवी-हाँ हाँ क्यू नही, आइए.

मैं ने मामी को अंदर आने के लिए रास्ता दिया.

मामी अंदर आकर सोफे पर बैठ गयी. और मैं खड़े रह कर मामी को देखता रहा

मामी-अब क्या सिर्फ़ देखते रहोगे , या कुछ पिलाओगे भी

अवी-हाँ हाँ क्यू नही.

और मैं किचन मे चला गया. पर यहाँ तो कुछ नही था. अब क्या करू.मामी को क्या पिलाऊ.

मेरे दिमाग़ मे एक आइडिया आया.मैं ने अपने कपड़े निकाल लिए. सुबह होने से मेरा लंड हार्ड हो चुका था.

मामी को मेरे लंड का पानी पिलाता हू.

क्या ये ठीक रहेंगा. अगर मुझे नंगा देख कर मामी फिर गुस्सा हो गयी तो ,

लेकिन मामी यहाँ मुझे ढूंढते हुए आ गयी. उनको पता है कि मैं क्या चाहता हू फिर भी इतनी सुबह मेरे पास आ गयी. मतलब मामी मेरे साथ चुदाई करने को तय्यार है.

फिर क्या था,मैं नंगा ही मामी के सामने जा कर खड़ा हो गया.

मामी मुझे नंगा देख कर शॉक्ड हो गयी. नंगा देख कर शॉक्ड हुई या फिर मेरा लंबा और मोटा लंड देख कर शॉक्ड हुई. ये तो मामी को ही पता होगा.

मामी बिना पलकें झुकाए मेरे लंड को देख रही थी. मामी की आँखे मे सेक्स की भूक दिख रही थी.

मैं ने चुटकी बज़ा कर मामी को होश मे लाया.

होश मे आते ही मामी को अपनी ग़लती का अहसास हुआ, मामी ने शरम से अपनी आँखे झुका ली.

थोड़ी देर मामी नीचे देखती रही फिर अपने आप को नॉर्मल करने के बाद मेरी तरफ देखने लगी.

मामी-ये सब क्या है

अवी-घर मे ना पानी है और ना टी है

मामी-तो फिर ऐसे बिना कपड़ो के आने का क्या मतलब

अवी-आप पहली बार मेरे घर आई हो बिना कुछ पिलाए कैसे जाने दूँगा.

मामी-वो सब तो ठीक है पर बिना कपड़ो के आए क्यू हो

मामी मुझे देख कर बातें कर रही थी पर उनकी नज़र बार बार मेरे लंड पर जा रही थी.

मामी सोफे पर बैठी थी और मैं मामी के सामने नंगा खड़ा था.मेरा लंड मामी के मुँह के पास ही था.

अवी-मेरे पास लंड के पानी के सिवा कुछ नही है आपको पिलाने के लिए.

 


मामी-क्या कहा,एक बार फिर कहना

अवी-आपको लंड का पानी पिलाने के...

मैं अपनी बात पूरी करने वाला ही था कि मामी ने मेरे लंड को हाथ मे पकड़ कर मुँह मे ले लिया.

मैं मामी के इस तरह अचानक किए गये हमले से शॉक्ड और खुश हुआ. पर जल्दी ही खुद को संभालते हुए मामी को आराम से लंड चूसने दिया.

मामी ने आधे लंड को हाथ से पकड़ रखा था और आधे लंड को मुँह मे लेकर चूस रही थी.

ये बिल्कुल सेफ तरीका था लंबे लंड को चूसने का, अगर कोई पूरा लंड मुँह मे डालना चाहे तो भी पूरा लंड मुँह नही जा सकता था.

मामी का ये तरीका मुझे पसंद आया. लगता है मामी को चुदाई के बारे मे बहुत कुछ पता है.

मामी के साथ चुदाई करने मे मज़ा आने वाला है. मामी पूरा मज़ा लेंगी और पूरा मज़ा देंगी.

मामी आधे लंड को मुँह मे लेकर चूस रही थी. मामी लॉलीपोप की तरह लंड पर जीभ घुमा रही थी.

लंड के छेद को जीभ से चाट रही थी.

मुझे मामी का इस तरह लंड चूसना पसंद आया.

मामी लंड चूस रही थी पर मामी ने कभी भी पूरा लंड मुँह मे लेने की कोशिस नही की.

मैं भी कोई जल्दी बाज़ी करके खेल खराब नही करना चाहता था.

अबी मामी जैसा कर रही है वैसा मामी को करने देता हू.बस एक बार लंड चूत मे जाए फिर मामी गुलाम और मैं राजा.

मामी जैसा भी कर रही थी मुझे पूरा मज़ा आ रहा था.

मामी अपनी ही धुन मे लंड चूस रही थी.

मैं ने सोचा ,मैं ने कल रात 3 बार वो भी जोरदार चुदाई की थी.अगर मामी ने सिर्फ़ लंड चूस कर पानी निकाला तो मामी से साथ ज़्यादा चुदाई नही कर पाउन्गा.

मैं मामी को रोकने के बारे मे सोच रहा था कि मामी ने कुंड लंड को मुँह से बाहर निकाला.

मामी-ये क्या

अवी-क्या हुआ

मामी-अबी तक तुम्हारा पानी नही निकला

अवी-इतनी जल्दी मेरा पानी नही निकलता

मामी-पर मेरे पति..साले बेहन्चोद का तो पानी जल्दी निकल जाता है

अवी-(मामी के मुँह से गाली सुन कर उनका गुस्सा पता चल रहा था.)आपके सामने तो किसी का भी पानी निकल जाए.पर मैं कल से इस सब का इंतज़ार कर रहा था. इतनी जलदी पानी निकाल कर अपनी गरमी ख़तम थोड़े ही होने दूँगा.पहला पानी तो आपकी..

मामी-हाँ समझ गई. मेरी चूत मे डालना चाहते हो

अवी-हाँ ,(मामी तो बिंदास हो गयी)

मामी-तो फिर चलो बेडरूम मे

अवी-हाँ चलो

मामी-रूको

अवी-क्या हुआ

मामी-पहले तुम फ्रेश हो जाओ

अवी-फ्रेश तो बाद मे हो जाउन्गा. पहले .

मामी-कम से कम मुँह तो धो लो

अवी-मैं ने कहा ना यहाँ कुछ नही है.

मामी-मैं ऐसे तुम्हारे साथ नही करूँगी.

अवी-ठीक है ,आप बेडरूम मे बैठिए मैं बाहर से फ्रेश होने का समान लेकर आता हू

मामी-जल्दी आना.

मामी बेडरूम मे चली गयी और मैं खड़े लंड पर कपड़े पहन कर बाहर आ गया.

 


423

मैं फ्रेश होने और खाने पीने का समान लेने घर के पास मे जो दुकान था वही चला गया.

दुकान छोटी थी पर ठीक थी. मैं दुकान के अंदर जाकर अपने काम का समान लेने लगा.

फ्रेश होने का समान लेने के बाद मैं ब्रेकफास्ट लेने के लिए दूसरे सेक्षन मे चला गया. मतलब दुकान के एक कॉर्नर से दूसरे कॉर्नर मे चला गया.

मैं समान ले रहा था कि एक औरत मेरे बाजू मे आकर खड़ी हो गयी .

मैं मामी के ख़यालो मे डूबा हुआ था मुझे तो पता ही नही चला की कोई मेरे पास मे खड़ी है.

थोड़ी देर बाद उस औरत ने मुझे अपने ख़यालो से बाहर निकाला

मैं ने उसकी तरफ देखा ,ये तो मिसेज़ दूबे है

अवी-आप

मिसेज़ दूबे-तुम तो मुझे भूल ही गये

अवी-(मैं ने खुद को मामी के ख़यालो से बाहर निकाला) आपने ही तो भूलने को कहा था

मिसेज़ दूबे-वो तो मैं ने ऐसे ही कहा था

अवी-क्या ऐसे ही (मिसेज़ दूबे के साथ जो किया उसमे मेरी भी ग़लती थी, अगर मैं वीडियो ना बनाता तो मिसेज़ दूबे मेरे साथ ऐसा ना करती, वैसे मिसेज़ दूबे ने किया क्या है, और मैं ने क्या किया है. देखते है मिसेज़ दुबे क्या कहना चाहती है, अगर मिसेज़ दूबे खुद चुदाई करने को तय्यार है तो मैं पीछे नही हटूँगा. वैसे मिसेज़ दूबे मेरे बहुत काम आ सकती है)

मिसेज़ दूबे-तब मैं गुस्से मे थी,और जो हुआ उसमे हम दोनो की ग़लती थी

अवी-(बात तो सही है )गुस्से मे

मिसेज़ दूबे-हाँ, गुस्से मे तुम ने जिस तरह मेरी..

अवी-जिस तरह आपकी.

मिसेज़ दूबे-जिस तरह मेरी गंद मारी थी,मुझे बहुत दर्द हुआ था जिस से मैं ने तुम्हे ग़लती से वो सब कह दिया.

अवी-चलो ,वो सब ठीक है पर कल आप ने जो किया उसका क्या

मिसेज़ दूबे-कल क्या किया मैं ने

अवी-कल आपने मुझे घर के बाहर से ही निपटा दिया.मुझे निकाला वो ठीक है पर कल मेरी मामी भी मेरे साथ थी.फिर भी आपने घर मे नही बुलाया.पता है उनको कैसा लगा है.

मिसेज़ दूबे-वो मैं...मैं क्या करती ,इतने दिनो बाद तुम्हे देखा , तो सोचा कि तुम्हारे साथ चुदाई करूँगी पर तुम्हारे साथ तुम्हारी मामी को देखा तो गुस्सा आ गया. और इसी गुस्से मे मैं ने वो सब किया.कल के लिए सॉरी

अवी-अब सॉरी बोल के कोई फ़ायदा नही होगा ,(आज सिर्फ़ मामी) मैं आपके साथ कभी भी चुदाई नही करूँगा.

मिसेज़ दूबे-ऐसा मत कहो. देखो मैं तुम्हे सॉरी बोल रही हू ना

अवी-मुझे सॉरी बोल के कुछ नही होगा. मामी तो गुस्सा हो गयी ना.

मिसेज़ दूबे-मैं उन से भी माफी माँग लूँगी .

अवी-वो तो चली गयी. अब आप भी अपने घर चली जाइए

मिसेज़ दूबे-ऐसे कैसे

अवी-अब मैं आपके साथ चुदाई नही करने वाला हू.

मिसेज़ दूबे-ऐसा मत कहो. मैं फिर से वैसी चुदाई करना चाहती हू.

अवी-(ये तो पीछे पड़ गयी. एक तो मामी है घर पे ,दोनो के साथ कैसे कर सकता हू. मामी के साथ अभी कर लेता हू .मामी तो जल्दी चली जाएगी .मामी के जाने के बाद एक बार इनका भी काम कर दूँगा.) ठीक है, बस एक बार करूँगा.पर उसके लिए मेरी एक शर्त है.

मिसेज़ दुबे-कहो

अवी-आपको यही पर मुझे अपनी चूत दिखानी होगी.

मिसेज़ दुबे-यहाँ पर ,यहाँ कैसे

अवी-यहाँ पर और वो भी अभी

मिसेज़ दूबे-मैं यहाँ नही दिखा सकती.तुम घर चलो वहाँ देख लेना,पर यहाँ नही

अवी-यहाँ नही तो फिर चुदाई भी नही

मिसेज़ दूबे सोचने लगी. और दुकान से बाहर चली गयी.और मैं काउंटर पर पैसे देने लगा.

मैं काउंटर पर पैसे दे रहा था कि मिसेज़ दूबे वापस आ गयी.

मिसेज़ दूबे-चलो

मुझे वापस उसी जगह ले गयी जहाँ पर हम बातें कर रहे थे.

वहाँ पर आने के बाद मिसेज़ दुबे अपनी साड़ी उपर करने लगी.

मिसेज़ दूबे तो सच मे मुझे अपनी चूत दिखा रही थी.मिसेज़ दूबे साड़ी उपर कर रही थी कि मैं ने उनको रोक लिया

अवी-ये सब करने की ज़रूरत नही है, मैं आपके साथ चुदाई करूँगा.

मिसेज़ दूबे-चलो घर पे

अवी-अभी नही, शाम को मैं आपके घर आउन्गा.

मिसेज़ दूबे-अभी क्यू नही

अवी-वो आपकी सज़ा है.

मिसेज़ दुबे-ठीक है ,शाम को करेंगे ,शाम को जल्दी आना

अवी-जब मुझे आना होगा तब आ जाउन्गा.

मिसेज़ दुबे-ठीक है,

अवी-वैसे आप बाहर कहाँ गयी थी.

मिसेज़ दूबे-पैंटी निकालने गयी थी

अवी-तो ये बात है. एक काम करना आज पैंटी मत पहनना

मिसेज़ दूबे-तुम कहो तो कुछ नही पहनूँगी.

अवी-उतना करने की ज़रूरत नही है.बस पैंटी मत पहनना

मिसेज़ दूबे-नही पहनूँगी.

अवी-(मामी और मिसेज़ दूबे की एक साथ चुदाई करना मुश्किल है. पहले मामी की करता हू उसके बाद मिसेज़ दूबे की करूँगा.) चलो फिर मिलते है शाम को

फिर मैं दुकान मे पैसे देने के बाद समान लेकर घर आ गया.

 


424

मैं समान लेकर घर आ गया. मामी बेडरूम मे बैठ कर मेरा इंतज़ार कर रही थी.

मैं समान लेकर बेडरूम मे चला गया.

मामी-कितनी देर लगा दी तुम ने

अवी-वो समान लेने मे देर हो गयी.

मामी-अगर और 2 मिनिट देर से आते तो तुम्हे मैं यहाँ नही दिखती

अवी-सॉरी इंतज़ार करवाने के लिए

मामी- अब जाओ ,जल्दी फ्रेश होकर आ जाओ

अवी-अभी गया और अभी आया. जब तक मैं नही आता तब तक आप ब्रेकफास्ट कर लीजिए. मैं ने आपके लिए ब्रेकफास्ट लाया है.

मामी-मेरा ब्रेकफास्ट तुम्हारी जीन्स मे है. अब जाओ जाकर फ्रेश हो जाओ

लगता है मामी आज मेरा लंड कच्चा ही खा जाएगी.

मैं बाथरूम मे जाकर फ्रेश हो गया.

फ्रेश होने के बाद मैं नंगा ही बेडरूम मे आ गया.

मामी-ये क्या ,जब भी तुम अंदर जाकर बाहर आते हो तो ऐसे नंगे क्यू आते हो

अवी-पिछली बार का आपको पता है ,इस बार इस लिए नंगा आया कि हमारा खेल जल्दी शुरू हो जाए

मामी-पिछली बार मैं ने शुरू किया था इस बार तुम करो

अवी-निकालो कपड़े

मामी-मैं कैसे निकालु तुम खुद निकालो.

अवी-पहले मुँह मीठा करते है फिर कपड़े निकालता हू

मामी-पहले कपड़ो निकालो फिर जो करना है कर लेना. मेरे पास सिर्फ़ एक ही साड़ी है अगर वो भी...

अवी-समझ गया. एक काम कीजिए आप अपनी साड़ी खुद उतार लीजिए बाकी के कपड़े मैं निकाल लूँगा.

मामी-ये ठीक रहेगा.

मामी ने साड़ी निकाल ली. साड़ी मामी के बदन से अलग होते ही, मामी को ब्लाउस और पेटिकोट मे देख कर मेरा लंड मे खून तेज़ी से बहने लगा.

मैं ने देर ना करते हुए मामी को एक बार गले लगा लिया और फिर ब्लाउस निकाल लिया.

ब्लाउस मामी के बदन से दूर होते ही ,मामी के गोरे बूब्स रेड ब्रा मे गजब के दिख रहे थे. गोरे बदन पर रेड रंग चार चाँद लगा देता है

मामी-ऐसे ही देखते रहोगे या बाकी के कपड़े भी निकालने वाले हो

अवी-मामी की आवाज़ सुनकर मैं होश मे आ गया. हाँ निकालता हू

मैं ने मामी के पेटिकोट को खोल दिया. पेटिकोट एक झटके मे नीचे गिर गया.

कितने आराम से पेटिकोट ने मामी के बदन का साथ छोड़ दिया.

फिर से मैं मामी के बदन को देख कर ख़यालो मे खो गया. मामी मेरे सामने रेड ब्रा और रेड पैंटी मे थी. मैं ने सोचा भी नही था कि मामी इतनी जल्दी मेरे सामने ब्रा और पैंटी मे खड़ी हो सकती है

मामी के कुछ बोलने से पहले मैं ने ब्रा और पैंटी भी निकाल दी.

मामी को बेटी होने के बाद भी बूब्स टाइट लग रहे थे. और चूत उसका क्या कहना, चूत के बारे मे कुछ कहने के लिए वर्ड ही नही थे

एक प्यारी सी ,क्या कहूँ कुछ समझ नही आ रहा था, मामी को कैसे डिफाइन करू कुछ समझ नही आ रहा था.

मामी सर से लेकर पैरो तक कयामत थी. पहाड़ो(बूब्स) से लेकर गहराई(चूत) तक मामी का कोई जवाब नही था.

मुझे तो ऐसा लग रहा था कि मैं बस मामी को देखता रहूं और बस देखता रहूं.

मामी ने फिर से मुझे ख्यालो की दुनिया से बाहर निकाला

मामी-ऐसे क्या देख रहे हो

अवी-आपको जी भर के देखना चाहता हू.

मामी-हो गया होगा देख कर तो आगे कुछ करें

अवी-हाँ क्यू नही, पर मुझे आप से एक सवाल पूछना है

मामी-पूछो

अवी-आपका फिगर क्या है

मामी-फिगर क्यू पूछ रहे हो

अवी-जान ना है.

मामी-फिगर तो मैं नही बताने वाली, तुम खुद को बहुत ज़्यादा स्मार्ट समझते हो तो खुद पता लगा लो,

अवी-अभी लगाता हू

मैं मामी की ब्रा और पैंटी उठा रहा था कि मामी ने मुझे रोक दिया.

मामी-ऐसे नही, ऐसे तो कोई भी पता लगा सकता है

अवी-चलो ठीक है मैं अपनी तरीके से पता लगता हू

क्या करूँ, मेरे पास तो टेप भी नही है, कैसे फिगर का पता लगाऊ. तबी मुझे एक आइडिया आया.

मैं ने मामी की साड़ी को हाथो मे ले लिया.और साड़ी के एक कॉर्नोर को पकड़ कर साड़ी मामी के बूब्स पर लपेट ली.सिर्फ़ एक बार ही लपेट ली.

साड़ी को एक बार लपेट ने से बूब्स का साइज़ पता चल गया. पर एग्ज़ॅक्ट पता लगाने के लिए, साड़ी को टेप की तरह इस्तेमाल करने का फ़ैसला किया.

साड़ी को टेप की तरह इस्तेमाल तो कर सकता हू पर उसपे नंबरिंग नही है, साड़ी बिना नंबर की टेप कैसे होगी.

फिर से मुझे एक आइडिया आया. मेरे पास एक काम की चीज़ है.मेरा "लंड"

साड़ी को टेप की तरह और लंड को स्केल की तरह इस्तेमाल कर सकता हू.

जहाँ पर मैं ने बूब्स का साइज़ पता करने के लिए साड़ी पर मार्क किया. वहाँ तक साड़ी को लंड से मिलाकर बूब्स का साइज़ पता करने लगा.

मेरा लंड कितना लंबा है ये मुझे पता था ,21सेंटीमीटर.लंड की मदद से मैं से बूब्स का साइज़ पता कर लिया.

मामी-मेरी साड़ी और तुम्हारे लंड के साथ क्या कर रहे हो

अवी-आपका फिगर पता कर रहा हू

मामी-साड़ी और लंड से

अवी-साड़ी को टेप की तरह और लंड को स्केल की तरह इस्तेमाल कर रहा हू

मामी-तो पता लगा लिया.

अवी-हाँ,आपके बूब्स का साइज़ 36 है

मामी-मान गये तुम को, तुम कुछ ज़्यादा ही स्मार्ट हो

अवी-अबी तो बाकी का फिगर भी पता करना है

मामी-रहने दो, ऐसे फिगर पता करने मे पूरा दिन निकल जाएगा.बाकी का मैं खुद बता देती हू

अवी-बता दो

मामी- मेरा फिगर है 36-24-38

अवी-तभी आप इतनी हॉट हो

मामी-थॅंक्स

अवी-मेरी इतनी मेहनत का कुछ इनाम तो मिलना चाहिए

मामी-क्या चाहिए

अवी-आपकी गंद

मामी-मैं तो पूरी तुम्हारी हू जो चाहे ले लो ,चलो अब बहुत खेल हो गया, अब असली खेल शुरू करते है.

 
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