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प्रेमा और रानी से गंधर्व विवाह
कुछ दिन ऐसे ही बीत गए और हम सिर्फ नैना, पारो और मैं ही आपस में रोज़ मिल लेते थे रात को..एक दिन कॉलेज से लौटा ही थी कि नैना आ गई और आते ही मुझको एक बहुत सख्त आलिंगन किया उसने, मैंने भी जफ़्फ़ी का जवाब जफ़्फ़ी से दिया और एक ज़ोरदार चुम्मा किया उसको लबों पर!
मैंने पूछा- यह किस ख़ुशी में किस-विस कर रही हो नैना रानी? क्या कोई ख़ास बात है?नैना मुस्कराते हुए बोली- हाँ छोटे मालिक, आपका तीर चल गया दोनों पर!मैं बोला- कौन दोनों?नैना बोली- वही ताजमहल-1 और ताजमहल-2 पर.मैं बोला- कौन सा तीर यार?
नैना बोली- अरे भूल गए क्या? वो प्रेमा और रानी का फ़ोन आया था, वो आज दोनों आई थी मुझसे मिलने. जानते हो क्या हुआ?मैं बोला- जल्दी बताओ क्या हुआ उन दोनों को? ठीक तो हैं न?नैना बोली- अरे वो ठीक हैं, आज पक्का हो गया कि दोनों ही गर्भवती हो गई हैं.मैं बोला-अच्छा, वाह, कमाल कर दिया तुमने नैना रानी! तुम्हारा मतलब है कि रानी और प्रेमा दोनों ही हो गई हैं गर्भवती.नैना बोली- हाँ, दोनों में आपका कीड़ा काम कर गया है. बड़ी खुश हैं दोनों, कल फिर आएँगी तुम्हारा थैंक्स करने और थोड़ा चुदवाने भी, क्यों कर सकोगे उनकी चुदाई को कल भी?
मैं बोला- आने दो ताजमहलों को, उनकी ख़ूबसूरती का नज़ारा करना है.नैना बोली- मैं कल का टाइम फिक्स कर लेती हूँ उन दोनों से. एक और केस आया है.मैं बोला- कौन है वह?नैना बोली- अपने पड़ोस वाली आंटी है, न उसने आज शाम को मुझको और आपको चाय पर बुलाया है.
मैं बोला- कौन हैं वो?नैना बोली- वो ठाकुर साहिब हैं, उनकी धर्म पत्नी है. ठाकुर साहिब बाहर गए है तो वो आज आई थी हमारी कोठी मैं. मैंने उसको चाय वगैरह पिलाई थी उनको, इसलिए आज शाम वो हमको चाय पिलाना चाहती है और आप से मिलना भी चाहती हैं.मैं बोला- कैसे हैं वो?नैना हँसते हुए बोली- ताजमहल 3 है, उसको भी बच्चा नहीं हो रहा है बहुत अरसे की शादी के बाद भी!मैं हँसते हुए बोला- फिर सरकारी सांड वाली ड्यूटी?
नैना भी हंसने लगी और बोली- मैंने आज उसका भी चेकअप किया है, वो भी तो ठीक है लेकिन फिर भी माँ नहीं बन पा रही?मैं बोला- ठीक है, जैसे तुम कहोगी वैसा ही कर लेंगे यार, चीज़ अच्छी होने चाहिये बस, उसकी कोठी में कितने लोग हैं?नैना बोली- ठकुराइन कह रही थी कि एक उसकी नौकरानी है और बाहर चौकीदार है.मैं बोला- तो शाम को उसको अपने घर में ही बुला लेती न?नैना बोली- मैंने सोचा कि कभी पड़ोस वाली आंटी से भी बना कर रखनी चाहिये न!
शाम को हम दोनों पड़ोस वाली आंटी के घर गए, आंटी वाकयी में बेहद खूबसूरत थी और मुझको देख कर चहकने लगी, हमारा स्वागत करते हुए बोली- आओ सतीश जी, आपके मम्मी पापा से तो मैं मिल चुकी हूँ कई बार लेकिन आपको कॉलेज जाते हुए ज़रूर देखती हूँ कभी कभी, बड़े स्मार्ट लड़के हैं आप तो.मैं शर्माते हुए बोला- नहीं आंटी कोई ख़ास स्मार्ट नहीं हैं हम, लखनऊ के लड़के और लड़कियाँ तो बहुत ही तेज़ और स्मार्ट हैं जी!
फिर औपचारिक बातचीत के बाद चाय का दौर चला, मैंने ध्यान से आंटी को देखा, वो भी एकदम सफ़ेद रंग और भरे हुए जिस्म वाली औरत थी, उम्र होगी 26-27 साल, उरोज और नितम्ब मोटे और गोल और चेहरे पर लाल रंगत बताती थी कि आंटी काफी सुन्दर हैं और उसका जिस्म भी किसी तरह से ताजमहल से कम नहीं होगा.
मैं चाय पी रहा था, तभी नैना और आंटी उठ कर दूसरे कमरे में चली गई. 10 मिन्ट बाद वो वापस आई तो दोनों बड़ी खुश लग रही थी.फिर हम विदा लेकर घर वापस आ गए.
घर आकर नैना मेरे पीछे ही आ गई और दरवाज़ा बंद करके बोली- वो सुमिता आंटी कह रही थी कि आप उसको पसंद हैं. जब चाहो उसके साथ समय फिक्स कर लेते हैं.मैं बोला- पर नैना, तुमने बताया था कि उसका पति आजकल बाहर गया हुआ है तो उसके आ जाने के बाद यह काम शुरू करें?नैना बोली- हाँ वो तो सही है लेकिन एक दो बार उसकी आपसे चुदने की मर्ज़ी है, मैंने कह दिया है कि दो दिन बाद का टाइम रख लेते हैं, वो चाहती है कि उसके घर में आप उसकी चुदाई करो, क्यों ठीक है?
मैं घबरा कर बोला- नहीं, मैं उसके घर में नहीं जाऊँगा. चुदाई होगी तो इसी कोठी में होगी नहीं तो नहीं.नैना बोली- ठीक है, यही करना उचित है, लेकिन वो बहनों की प्रॉब्लम है न? कॉलेज से आने के बाद वो घर में जमी रहित हैं न, मुश्किल होती है किसी को बुलाने में!
कुछ दिन ऐसे ही बीत गए और हम सिर्फ नैना, पारो और मैं ही आपस में रोज़ मिल लेते थे रात को..एक दिन कॉलेज से लौटा ही थी कि नैना आ गई और आते ही मुझको एक बहुत सख्त आलिंगन किया उसने, मैंने भी जफ़्फ़ी का जवाब जफ़्फ़ी से दिया और एक ज़ोरदार चुम्मा किया उसको लबों पर!
मैंने पूछा- यह किस ख़ुशी में किस-विस कर रही हो नैना रानी? क्या कोई ख़ास बात है?नैना मुस्कराते हुए बोली- हाँ छोटे मालिक, आपका तीर चल गया दोनों पर!मैं बोला- कौन दोनों?नैना बोली- वही ताजमहल-1 और ताजमहल-2 पर.मैं बोला- कौन सा तीर यार?
नैना बोली- अरे भूल गए क्या? वो प्रेमा और रानी का फ़ोन आया था, वो आज दोनों आई थी मुझसे मिलने. जानते हो क्या हुआ?मैं बोला- जल्दी बताओ क्या हुआ उन दोनों को? ठीक तो हैं न?नैना बोली- अरे वो ठीक हैं, आज पक्का हो गया कि दोनों ही गर्भवती हो गई हैं.मैं बोला-अच्छा, वाह, कमाल कर दिया तुमने नैना रानी! तुम्हारा मतलब है कि रानी और प्रेमा दोनों ही हो गई हैं गर्भवती.नैना बोली- हाँ, दोनों में आपका कीड़ा काम कर गया है. बड़ी खुश हैं दोनों, कल फिर आएँगी तुम्हारा थैंक्स करने और थोड़ा चुदवाने भी, क्यों कर सकोगे उनकी चुदाई को कल भी?
मैं बोला- आने दो ताजमहलों को, उनकी ख़ूबसूरती का नज़ारा करना है.नैना बोली- मैं कल का टाइम फिक्स कर लेती हूँ उन दोनों से. एक और केस आया है.मैं बोला- कौन है वह?नैना बोली- अपने पड़ोस वाली आंटी है, न उसने आज शाम को मुझको और आपको चाय पर बुलाया है.
मैं बोला- कौन हैं वो?नैना बोली- वो ठाकुर साहिब हैं, उनकी धर्म पत्नी है. ठाकुर साहिब बाहर गए है तो वो आज आई थी हमारी कोठी मैं. मैंने उसको चाय वगैरह पिलाई थी उनको, इसलिए आज शाम वो हमको चाय पिलाना चाहती है और आप से मिलना भी चाहती हैं.मैं बोला- कैसे हैं वो?नैना हँसते हुए बोली- ताजमहल 3 है, उसको भी बच्चा नहीं हो रहा है बहुत अरसे की शादी के बाद भी!मैं हँसते हुए बोला- फिर सरकारी सांड वाली ड्यूटी?
नैना भी हंसने लगी और बोली- मैंने आज उसका भी चेकअप किया है, वो भी तो ठीक है लेकिन फिर भी माँ नहीं बन पा रही?मैं बोला- ठीक है, जैसे तुम कहोगी वैसा ही कर लेंगे यार, चीज़ अच्छी होने चाहिये बस, उसकी कोठी में कितने लोग हैं?नैना बोली- ठकुराइन कह रही थी कि एक उसकी नौकरानी है और बाहर चौकीदार है.मैं बोला- तो शाम को उसको अपने घर में ही बुला लेती न?नैना बोली- मैंने सोचा कि कभी पड़ोस वाली आंटी से भी बना कर रखनी चाहिये न!
शाम को हम दोनों पड़ोस वाली आंटी के घर गए, आंटी वाकयी में बेहद खूबसूरत थी और मुझको देख कर चहकने लगी, हमारा स्वागत करते हुए बोली- आओ सतीश जी, आपके मम्मी पापा से तो मैं मिल चुकी हूँ कई बार लेकिन आपको कॉलेज जाते हुए ज़रूर देखती हूँ कभी कभी, बड़े स्मार्ट लड़के हैं आप तो.मैं शर्माते हुए बोला- नहीं आंटी कोई ख़ास स्मार्ट नहीं हैं हम, लखनऊ के लड़के और लड़कियाँ तो बहुत ही तेज़ और स्मार्ट हैं जी!
फिर औपचारिक बातचीत के बाद चाय का दौर चला, मैंने ध्यान से आंटी को देखा, वो भी एकदम सफ़ेद रंग और भरे हुए जिस्म वाली औरत थी, उम्र होगी 26-27 साल, उरोज और नितम्ब मोटे और गोल और चेहरे पर लाल रंगत बताती थी कि आंटी काफी सुन्दर हैं और उसका जिस्म भी किसी तरह से ताजमहल से कम नहीं होगा.
मैं चाय पी रहा था, तभी नैना और आंटी उठ कर दूसरे कमरे में चली गई. 10 मिन्ट बाद वो वापस आई तो दोनों बड़ी खुश लग रही थी.फिर हम विदा लेकर घर वापस आ गए.
घर आकर नैना मेरे पीछे ही आ गई और दरवाज़ा बंद करके बोली- वो सुमिता आंटी कह रही थी कि आप उसको पसंद हैं. जब चाहो उसके साथ समय फिक्स कर लेते हैं.मैं बोला- पर नैना, तुमने बताया था कि उसका पति आजकल बाहर गया हुआ है तो उसके आ जाने के बाद यह काम शुरू करें?नैना बोली- हाँ वो तो सही है लेकिन एक दो बार उसकी आपसे चुदने की मर्ज़ी है, मैंने कह दिया है कि दो दिन बाद का टाइम रख लेते हैं, वो चाहती है कि उसके घर में आप उसकी चुदाई करो, क्यों ठीक है?
मैं घबरा कर बोला- नहीं, मैं उसके घर में नहीं जाऊँगा. चुदाई होगी तो इसी कोठी में होगी नहीं तो नहीं.नैना बोली- ठीक है, यही करना उचित है, लेकिन वो बहनों की प्रॉब्लम है न? कॉलेज से आने के बाद वो घर में जमी रहित हैं न, मुश्किल होती है किसी को बुलाने में!