सोनल :- उःम्म्म्मममम विल से. (आटिट्यूड दिखाते हुई आगे चलने लगी)
आख़िर जंगल को क्रॉस कर लिया..और सामने का नज़ारा देख की.
वाऊूओ डॅम कूल आसम मान....अरमान के मुंह से यही निकला..
अरमान :- हे गाइस कम फास्ट..और लुक तीस...
धीरे धीरे करके सब वहां आने लगी.और सामने का नज़ारा देख की सबका सेहरा खिल गया..
दो पाहदों के बीच से निकलता वॉटरफॉल.. पत्रों पे से होता नीचे गिर रहा था.उसके अगल बगल का नज़ारा बड़ा ही प्यारा था.चारों तरफ हरियाली और उसे पर खिल रहे अलग अलग तरीके के सुंदर फ्लवर्स.एक अलग और बेहद प्यारी कूशबू ने उसे जगह को गहरा हुआ था.
कोन कहता है धरती पे जन्नत नहीं है...ये है असली जन्नत.राहुल बोलता हुआ पिक्स लेने लगा..
वॉटरफॉल नीचे पत्रों पे गिर रहा था और बेहद तेज आवाज़ कर रहा था.पर ये आवाज़ भी सबको मीठी लग रही थी..या यूँ कहे सबको बहुत सुकून पहुंचा रही थी..इसलिए सब वहीं पहाड़ पे पैर लटका की बैठ गया..
कुछ देर तक वहां सभी बैठे रही..और फिर शुरू हुआ फोटो सेशन..अलग अलग तरीके की फोटो क्लिक्स अभी ग्रुप .. तो कभी सिंगल तो कभी फन्नी. ऑल न ऑल सबने बहुत एंजाय किया.2 या 3 घंटे ऐसे ही फोटो और गेप शॅप करते रहे और फिर तक हरर की बैठ गयी.
निकुल :- यार 3 बज गयी हैं..अब कुछ पेंट पूजा हो जननी कही..
कोमल :- बिलकल.में लंच लगा देती हूँ.(कोमल अकेले ही सबके लिए लंच लगाने लगती है)
इशिका :- ओई निकम्मे.तू खड़ा क्या कर रहा है.जा कोमल की हेल्प कर..(इशिका ने निकुल को झटकते हुए बोला..अब उसके सामने किसी की क्या चलती ..बेचारा चला गया)
कोमल खाने की टायरी कर रही थी.और जब निकुल को अपने साथ में देखा तो उसका खुसूरत सेहरा लाल हो गया.और उसके चेहरे पे एक बेहद क्यूट स्माइल आ गयी..
निकुल :- ऐसे क्यों मुस्करा रही है...
कोमल ने अपनी गर्दन ऐसे हिलाई जैसे बोल रही कुछ नहीं.. और फिर अपने कम में लग गयी.
उसके बाद सबने बारे मजे के साथ आराम से लंच किया..टाइम तेजी से भाग रहा था वो कहते हैं ना अच्छी जगह या फिर हुम्हारा मान को पसंद हो ऐसा कुछ हो तो टाइम का पता नहीं चलता वो यहाँ पे हो रहा था..
टाइम 4 बाजी.
सभी वैसे ही बैठे थी . सबने डिसाइड किया था की आधे घंटे बाद वापिस निकलेंगे..फार्महाउस के लिए..
अभी अरे राइट बेक..बोलते हुई रिचा और टान्या निकल लिए.और बिना किसी की नज़र बच्चा के कुबेर भी निकल लिया उन दोनों के पीछे.तेंनो जंगल की तरफ चले गये.
करीब 10 मिनट बाद...अरमान दीक्षा हाथ में हाथ डल्ले बैठे थे.और एक दूसरे को छेद रहे थे..कभी अरमान दीक्षा को कहीं किस कर देता तो कहीं दीक्षा उससे हल्का सा बातें कर लेती.
अरमान :- बेबी ई हॅव तो गो.लगता है ज्यादा पानी पी लिया..
दीक्षा :- अफ अरमान..गू..
अरमान खड़ा हुआ..गुयस्स अभी आता हूँ हल्का हॉकी... वो बाकी बचे ग्रुप के मेंबर्स को बोलता है जो की अभी खींची हुई फोटोस को देख रहे थे.और वो भी जंगल की तरफ निकल जाता है..
सिट्टी बजाते हुई वो एक पेड़ के पास जाता है.और हल्का हो जाता है.पूरे जंगल में एक शांति थी.. बॅस उसके सीठी की आवाज़ गूँज रही थी..तभी उसके कानों में आवाज़ पड़ा.उसने फट से अपनी ज़िप बंद की. और आवाज़ की दिशा में बाद गया.थोड़ी ही कदम जंगल के अंदर चला होगा..तभी उसने सामने देखा..
श फुक्क्स्स्स.. बोलते हुए अरमान के चेहरे पे एक वाइड स्माइल आ गयी...
अरमान :- श फक्किंग.आवेसोमी...(मुंह खोली सामने का नज़ारा देख रहा था)
हमारे प्यारे कुबेर भाई पेड़ से तक लगाए कहदे थी और नीचे बैठी 2 बिचस कुबेर का लंड हाथ में पकड़े उससे बार्री बार्री चूस रही थी.
कभी रिचा लंड के बॉल्स को पकड़ती और टान्या लंड को गॅल के अंदर चुस्ती तो कभी रिचा चुस्स रही थी.. कुबेर का हाथ दोनों के सर पे था.और वो मस्ती में आँखें फाड़ दे दोनों को अपना लंड चूसते हुई देख रहा था...
अरमान का हाथ उसके लंड पे चला गया..
उधर दोनों बिचस लंड को चूसने में लगी हुई थी..तभी कुबेर के फेस के रिक्षन्स बदलने लगे..अरमान को समझने में देर नहीं लगी.. कुबेर ने अपने लंड सी दोनों बिचस के लिए अपना माल निकल दिया था.दोनों बारे मजे सी उससे चाट चाट की साफ कर दिया.कुबेर हांफता हुआ पेड़ से अपना सर लगा की इधर उधर देखने लगा तभी उसकी नज़र सामने अरमान से टकराई.
अरमान ने अपना लंड जीन्स में से एडजस्ट कियाअ..अरमान की भी नज़र सीधे कुबेर से टकराया. ये इधर से मुस्कराया वो उधर से मुस्कराया..और कुबेर ने उसने इशारे से अपने पास बुलायाअ.. अरमान धीरे धीरे आगे बाद रहा था की तभी...
उसके कानों में आवाज़ पड़ा.. अरमंंनननणणन्... अरमान अपनी गर्दन पीछे मोड़ के देखता है तो दूर खड़ी दीक्षा उससे बुला रही होती है..
अरमान :- हाँ आया...(और फिर वो सामने देखता है जहाँ से वो तीनों अपना कार्यक्रम खतम कार्की जा चुके थी)
अरमान अपने मान में बड़बदता हुआ वहां से चला गया...और सबके पास जहाँ पहुंचा जहाँ सब वापिस निकालने के लिए उठ चुके थे.
राहुल :- ई थिंक अभी शुड लीव नाउ.. अंधेरा होने वाला है..
आनह अनह..हां.हाअ...गहरी गहरी साँसें लेते हुई राहुल बेड पे उठ बैठा..उसके माथे पे पसीने के बोंदीन चमक रही थी.
श गोद डॅम वाइ तीस ड्रीम अगेन और अगेन...उफ़फ्फ़.. ई आम गॉना मद. पागल हो जाऊंगा में अगर बार बार मुझे ये सपना आता रहा तो..आख़िर क्यों ये सपना बार बार आ रहा है..और अककर इशिका के पास ही जाकर क्यों रुक जाता है.इट्स हॅविंग आ मीनिंग ओर इट्स जस्ट..ई आम थिंकिंग टू मच अबत त्त.उहह... (राहुल जहलते हुई बेड से खड़ा होकर साइड में रखे जुग को उठता है पानी के लिए)
श अब इसमें पानी भी नहीं है..राहुल ने थोड़ा चिड़चिड़ते हुई कहा..फिर वो अपने कमरे से निकल के नीचे किचन में चला गया.किचन में अंधेरा था उसने बिना लाइट खोले ही हाथ से खोजते हुए एक जुग दूँगा और पानी भरा ओए पानी पीने लगा..तभी उससे आभास हुआ की अभी अभी कोई साया हॉल में से गया है..वो किचन के बाहर आया उसने अपनी राइट साइड देखा तो कोई नहीं था..सामने देखा तो कोई नहीं था पर जैसे ही उसने लेफ्ट साइड देखा.
ये..इतनी रात को कुबेर के कमरे के बाहर क्या कर रहा है..राहुल ने अपने मान में सोचा..उससे अंधेरे में साफ तो नहीं दिख रहा था..पर फिर भी वो अपना अंदाज़ा लगा की कुछ सोच रहा था.. वो आगे बड़के कुछ बोलता इतनी देर में वो साया अंदर घुस गया..
राहुल कमरे के दरवाजा की तरफ जैसे ही आया उसकी आँखें खुल गयी.. अंदर से आ रही आवाजें ही कुछ इस प्रकार की थी की कोई भी समझ जाता की अंदर क्या चल रहा है.किसी को भी बड़ी आसानी से पता चल जाता की अंदर इस वक्त क्या चल रहा है...अंदर से आ रही आवाजें कुछ इस तरह थी..
राहुल कन्फ्यूज़ हो गया की वो क्या करे.दूर नॉक करी या नहीं.वो खड़ी सोचता रहा पर फिर वो तेजी सी उप्पर की तरफ भगा.और एक कमरे के सामने जाकर खड़ा हो गया.उसने चेक किया की वो कमरे का लॉक खुला हुआ था .. उसने बड़ी ही सावधानी से कमरे का दूर खोला.और बेहद बिना शोर करी धीरे धीरे कमरे के अंदर ढकिल हुआ और चलता हुआ जब उसने सामने पड़े बेड को देखा तो उसका शक यकीन में बदल गया.वो उसी सावधानी के साथ रूम से बाहर निकला और रूम बंद कर दिया.
इसका मतलब जो मैंने देखा वो कोई और नहीं अरमान ही था.. लेकिन वो ऐसा कैसे कर सकता है.. अंदर की आवाज़ों से साफ पता चल रहा था की अंदर क्या हो रहा है..और में ये भी जनता हूँ की अंदर कोन कोन सी लड़कियाँ है... अरमान.ये तू क्या कर रहा है. (राहुल ने दीक्षा के लिए थोड़ा सा दुकख जाहिर किया और फिर वो अपने कमरे की तरफ चल पड़ाअ)
उधर अंदर कमरे में..
आअहह ओह एससस्स उःम्म एसस्स आअहह उूुुुुउउ..सीसीीस एस्स लिकक्क इट.लाइक टतत्त उउहह आअहह कमरे में दो दो लड़कियों की सिसकने की आवाज़ गूँज रही थी...
रिचा तो वन सीटर सोफे पे आधी लेटी ही थी उसकी दोनों टाँगों को खोला हुआ था और बॉच में कुबेर अपना सर फसाए टाँगों की बीच की पुसी को अपनी जीभ सी चाट रहा था और अपनी उंगली से पुसी के दाने को उप्पर से दबा रहा था.जिससे रिचा के मुंह सी ज़ोर ज़ोर से सिसकियाँ निकल रही थी.
दूसरी तरफ टान्या मिरर वाले शेल्फ को पकड़ के उल्टी खड़ी हुई थी और पीछे से अरमान घुटनों के बाल बैठा हुआ था और उसने टान्या की टाँगों को खोल रहा था और उसकी गांड को अपने हाथों से पकड़ की एक दूसरे से अलग कर की पीछे से अपनी जीभ वो पतली सी चुत की दरार में फँसा की उससे लीक कर रहा था..
टान्या तो पागलों की तरह अपना सर हिला रही थी..उसने अपनी गर्दन घुमा कर की अरमान के सर को पकड़ रखा था.और वो उसका सर अपनी चुत में दबा रखा था..अरमान भी मजे सी अपनी जीभ और अपनी उंगलियाँ का उसे कर की टान्या की पुसी को लीक कर रहा था..
श एसस्स....लीक इट तेरी.. श मयी गोस्स्षह..आअहह मययी पुस्स्सी..आस एआत टततत्त श गूओड़दड़...एस्स.आआहाहहहहह उःम्म्म्ममममममम..(टान्या पागलों की तरफ सिसक रही थी और अपने एक हाथ से अपने बूब्स को दबा रही थी.)
कुबेर ने रिचा को चूसना चोद दिया..और खड़ा हो गया और अपना 8 इंच का लंबा तगड़ा लंड हाथ में लेकर रिचा की पुसी पे मरने लगा.
श बाबे. जस्ट पुट इट इन..ई कॅंट इंतजार लॉंगर..पुट इट इन..फक में आस हार्ड आस यू काँं.ई आम डाइयिंग .
कुबेर :- तू लेने के बाद भी यही कहेगीइ.(बोलते हुई कुबेर ने रिचा की छोटी सी छेद वाली पुसी में अपना लंड सेट किया और एक धक्का मर दिया)
लंड का सूपड़ा और थोड़ा सा हिस्सा चुत के अंदर सा घुसा.और चुत का छेद थोड़ा सा फैल गया.और साथ साथ रिचा का मुंह भी फैल गया..
ओह गोद.. इत्टसस सो तिकककक...डॅम..रिचा ने अपनी आँखें बंद कर ली...
कुबेर ने अपने दोनों कठोर हाथ रिचा के कोमल से बूब्स पे रख की दबा दिया और अपनी गांड को आगे की तरफ धक्का मारा..जिससी लंड सीधा अंदर उतरता चला गया.
आअहह उहह स्स्स्लोवववव.डब्ल्यू.डब्ल्यू.डब्ल्यू..डब्ल्यू..आहह इत्सस सो हुगी.श गोद.ई कॅंट तकी इट..(गीली चुत होने के बाद भी दर्द की एक लहर रिचा के शरीर में रैंग रही थी)
क्यों अब क्या हुआ बिच..अभी तो बड़ी अम्ररी जा रही थी लंड लेने के लिए.अब ली..(बोलते हुई कुबेर ने एक आख़िर फाइनल धक्का मारा और अपना लंड पूरा अंदर उतार दिया)
आहह चिल्लाते हुई रिचा ने अपना सर कुबेर की छाती में छुपा लिया और अपने हाथ पीछे ली जक्के उससे टाइट पकड़ लिया..उसके आँखों से आँसू निकल आए थी..
रिचा की चुत चौड़ी हो गयी थी..छोटे से छेद में मानो एक रोड गुस्सा दी हूँ ..बिलकल ऐसा लग रहा था.
कुबेर ने हालत को समझा उस लड़की की चुत को समझा इसलिए गूसने के बाद वो थोड़ी देर ऐसे ही रुका रहा.
उधर टान्या के पसीने निकल गयी.रिचा की ऐसी फटती हुई हालत देख के..वो मान ही मान खुश हो रही थी की उसने कुबेर का नहीं लिया नहीं तो आज उसकी चुत किसी प्लास्टिक की थैली की तरफ फैल जाती थी...अरमान ने उसकी पुसी लीक करना बंद कर दिया था..
टान्या :- फक में अरमान.. ई कॅंट स्टैंड लाइक तिस्स. ई आम वेरी हॉर्नी...(उसने जब देखा की अरमान उसकी तरफ देख रहा है तो उसने अपने शरीर की तपाट उससे जाहिर की)
अरमान ने टान्या के बालों को पकड़ के खींचा..और अपने होंठ टान्या के होठों पे रख की उन्हीं एक वाइल्ड फ्रेंच इंडो किस देने लगा..और अपनी दो उंगलीयुं से उसकी चुत की फ्फांकों पे ज़ोर ज़ोर सी मसलने लगा. वहीं टान्या का हाथ अरमान के लंड पे चला गया और वो उससे उप्पर नीचे करने लगी.
कमरे में एक बेहद गरम सेशन चालू होने वाला है.. जिसमें जलने वाले 4 शरीर एक दूसरे की आग को ठंडा करने की कोशिश करेंगी...
अरमान ने टान्या के बालों को पकड़ के खींचा..और अपने होंठ टान्या के होठों पे रख की उन्हीं एक वाइल्ड फ्रेंच इंडो किस देने लगा..और अपनी दो उंगलीयुं से उसकी चुत की फ्फांकों पे ज़ोर ज़ोर सी मसलने लगा. वहीं टान्या का हाथ अरमान के लंड पे चला गया और वो उससे उप्पर नीचे करने लगी.
अरमान इतना जबरदस्त फोरप्ले कर रहा था टान्या की पुसी के साथ की कहदे खड़े टान्या की पुसी लीक होने लगी थी उसकी पुसी से उसका जूस उंगली के साथ साथ बाहर फ्लो कर रहा था कुछ ज़मीन पे गिर रहा था कुछ अरमान के हाथों पी और कुछ उसकी थाइस पी...
उःम्म्म उहनग्घह जैसी आवाजें अरमान के साथ लीप किस्सिंग में खो रही थी . टान्या की टाँगें कांप रही थी..अरमान बहुत तेजी से फोरप्ले कर रहा था. ऐसा उसने आज तक दीक्षा के साथ भी नहीं किया था.. टान्या का शरीर बुरी तरह से हिल रहा था..
फिर टान्या ने खुद ही किस तोड़ दी और अरमान से अलग हो गयी...उसने अरमान का लंड हाथ में पकड़ा हुआ था पर उससे वो हिला भी नहीं पा रही थी.उसकी आँखों में से पानी निकल आया था.सेहरा बिलकुल लाल हो गया था और चेहरे पे एक वासना और सेक्स का नशा सर चॅड के बोल रहा था...
आआअहह ओह उहफफफफफफफफफफ्फ़.आअहह ओह ह्म्म्म्म एस्स..आअहह अरमाां.. दो इट स्लोवलय्ी बब्बी,.. में पुसी इस हुर्टिंज्ग.आहह आस फुक्ककककककक ई आम गूना दिये. श मययययी. ई आमम्म्म गॉना दिये....आहह उूुुुुुुुउउ सस्सिईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईई.. टान्या जोरों से चिल्ला रही थी अरमान का हाथ उसकी पुसी पी जोरों से चल रहे थे...उसको बड़ा मजा आ रहा था ऐसे फोरप्ले में...उसने दुरे हाथ सी टान्या के गोल गोल एरेक्टेड निप्पल वाले बूब्स पकड़ लिए और उन्हीं ज़ोर ज़ोर से दबाने लगा..
याअ आअहह....फुक्कक यू बीटकच.कूम्म्म कूम्म्म.. अरमान बोलता हुआ और तेजी से हाथ चलानी लगा..
आस गोद.. नूऊऊऊऊऊऊओ ई कॅंट स्टांड्ड़.अनीमोर.ए..आस आहह आस अरमान.. यू गोनना मड्ड..आस फुक्ककककककककककककककककककककककककक...टान्या बड़ी बड़ी चीलायन लगा रही थी उसने एक हाथ से अरमान के शोल्डर को पकड़ लिया था और दूसरा हाथ उसके लंड से हटा की अरमान के हाथ के प्पर रख लिया था.
आस ई आअँ गोना दिये..श गोद.श एससस्स..ओह फुक्कककक आआहह श..उःम्म्म्ममम सिसकते हुई तान्या का शरीर झटके खाने लगा.उसकी आँखें और उसका मुंह पूरा खुल गया था. उसके शरीर ने झटके मेरी और उसकी पुसी ने लोड्स ऑफ जूस फ्लो करना शुरू कर दिया...
आरंण ने हाथ पुसी से हटा लिया और अपने हाथ को देखा तो चुत से निकला जूसीए उसकी हाथ से बहता हुआ नीचे गिर रहा था..अरमान खड़ा मुस्करा रहा था. लेकिन टान्या की हालत बुरी तरह थी वो और खड़ी ना हो पायई.और नीचे फर्श पर गिर से गयी आधी पीठ के बाल.और गहरी गहरी साँसें लेने लगी मानो कमरे से किसी ने सारी ऑक्सिजन छिन ली हूँ.. उसके बूब्स एक तो फर्श पे दब गया था और एक बहुत जोरों से उप्पर नीचे हो रहा था...
अरमान उससे देख की हँसने लगा.. बीत्ककच.. अपने आप से बोलते हुई सामने देखा तो कुबेर ने अपना मूसल लंड गुस्सा रखा था उससे रिचा की हालत खराब थी.उसके शक्ल पे दिख रहा था की उसकी चुत इस लंड को झेल नहीं पाएगी...
बोलते हुई कुबेर ने अपना लंड बाहर खींचा पूरा.बस लंड का सूपड़ा अंदर डल्ले रखा.. रिचा के मुंह सी एक लंबी सस्सिईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईईई सिसकी निकली..बाहर आ हुई लंड ने एक अजीब सी आवाज़ की..लेकिन उसके बाद ही.
ताप्प्प्प्प्प्प्प्प की जोरों से आवाज़ हुई..और कुबेर ने एक हीए बार में लंड अंदर उतार दिया पूरा उसे पुसी होल में अपना मोटा लंबा पीपे गुस्सा दिया.
ओह आहह यू ब्लडी बस्टर्द्ड़.श गोदडड़..रिचा चिल्लाते हुई हल्का सा उठने की कोशिश करने लगी..लेकिन कुबेर ने इतनी बुरी तरह से पकड़ रखा था की हिल भी ने पाइइ..
बोलते हुई कुबेर ने अपने दोनों हाथों से अपना पूरा इंतजार रिचा के बूब्स पे डाल दिए और अपनी गांड को पीछे खिंचते हुई लंड को बाहर निकाला और फिर ताप्प्प कर की लंड अंदर गुस्सा दिया.आ.. और इस बार रुका नहीं. धाक़्की लगता चला गया..लंड अंदर बाहर होनी लगा तेजी सीई...
ताप्प्प थाआप्प्प.. की आवाज़ों के साथ रिचा की आवाज़ जो चिल्लाने के साथ मदहोशी में सिसकने वाली भी थी.. आअहह ओह उउउ मदरफकर..आस यू स्ट्रेकत् में पुसी. विद और हार्ड कॉक.. श गोद..आस फुक्कककक आअहह आहहहहह एसस्स..से..से आअहह ओह स्लॉवव..स्लॉवव.डब्ल्यू... यू फकर.दो स्लॉवव.. ओह (रिचा चिल्लाते हुई कुबेर की पीठ पे अपने नाखून गद्दा रही थी लेकिन कुबेर तो अपने ढकी लगाने पे लगा हुआ था...जिससे वो सोफा भी अपनी जगह से हाथ के पीछे दीवार से सात गया था)
अरमान ने सब देखा की रिचा की तो हालत इतनी बुरी है.की अगर ये साला हप्सी कुबेर इस पे चड़ा रहा तो ये मर ही जाएगीइ..इस चल रही कांड को रोकने के लिए अरमान बोला..
अरमान :- कुबेर भाई.रुक जाऊं यार.कुबेर भाई. (लेकिन वो सुनाने के मूंड़ में कहाँ था)
जब कुबेर नहीं सुना.तो उस्सनी साइड में रकः पानी का जुग उठाया और कुबेर के पास जाकर.उसकी नंगी गांड पी ठंडा ठंडा पानी डाल दिया.और ये पेन्ठरा बखूबी काम आया..
उईईइ माँ...कुबेर एक दम से रुकते हुई बोला.और अपनी गांड पे हाथ मसलने लगा और अरमान की तरफ देखते हुई बोला..
कुबेर :- क्या है भी बीसी क्या कर रहा है..
अरमान :- यार इतनी देर से बुला रहा हूँ सुन ही नहीं रही..
कुबेर :- क्या है भी.क्यों बुला रहा है..इतना अंज़ा आ रहा है..चल जा साली तू उससे मजे ली.
अरमान :- अरे क्या मजे लंड..ये आप मजे नहीं ले रहे हूँ..ज़बरदस्ती कर रहे हो.
कुबेर :- क्या मतलब?
अरमान :- अरे हालत देखो रिचा की. क्या बना दी है.ये आपका लंड इस चुत के लिए नहीं बना है..अपने इस बेचारी की पुसी ही वाइड कर दी है.अब क्या होगा इसका.
कुबेर :- कोई नहीं.अब जब भी इसका मान करेगा आ जाएगी ये मेरे पास..अच्छा है मेरे अलावा इसके साथ कोई नहीं कर पाएगा..
अरमान :- यार ऐसा थोड़ी होता है..अब अगर आपके लंड को चोट लग जाई और आप महीनों तक हिला भी ना पाऊ तो कैसा लगेगा आपको
कुबेर :- तेरी मां की..साली..(गुस्से में. एक तो भड़कते लंड पे पानी डाल दिया अरमान ने उप्पर से ऐसी बातें करने लगा तो उससे गुस्सा आ गया)
अरमान :- अरे बुररा ना मानो भाई..कहने का मतलब ये है.सोचो आप इससे आज ऐसे मर लोगे..और कल फिर इसकी मारनी होगी तो आप नहीं मर पाओगी.इसकी हालत ऐसी हो जाएगी मतलब इसकी पुसी की .. बॅस आपको दुबारा नहीं मिल पाएगी इसलिए बोला.
कुबेर :- हम बात तो सही है टेरी फिर क्या करे..
अरमान :- एक कम करूं.में इसकी थोड़ी वाइड कर देता हूँ..जिससे आप का आसानी से लेले जब तक आप उसे टान्या की मारू उसकी पुसी आपका ये लंड पक्का ले लेगी.अभी अभी इसकी चुत का पानी निकाला है.जानदार चुत है उसकी..
कुबेर :- अच्छा.. (कुबेर खुश होता है और अपना लंड बाहर खिच की सोफे से उतार के खड़ा हो जाता है)
जैसे ही कुबेर खड़ा होता है..रिचा को सांस में सांस आती है..वो गहरी गहरी साँसें लेने लगती है मानो कोई भारी वजन हटा दिया हो उप्पर सी किसी ने..
कुबेर :- चल ठीक है में उसकी बजता हूँ.तू इसकी बजा ली.. (बोलते हुई अपना लंड हाथ में पकड़ की वो ज़मीन पे पड़ा टान्या के पास चला जाता है.
अरमान रिचा को देखता है..और रिचा उसकू..
अरमान :- देखा बच्चा लिया ना.. (स्टाइल में बोलते हुए)
रिचा :- शुतूप यू फकर..अब जब मेरी पुसी ऑलरेडी फट गयी अब बच्चा के क्या कर लिया तूने..अब तो मजे आ रहे थी मुझे. ब्लॉद्ड़ी बेवकूफ़.
अरमान की खड़े कहदे रिचा ने जहन्ड कर दी.अरमान को बहुत गुस्सा आया..
उप्पर राहुल को नींद नहीं आ रही थी..वो बार बार करवट बदल रहा था और एक सोच में डूबा हुआ था
पर ये सोच इस बार सपने से रिलेटेड नहीं थी..बात थी अरमान सी.
आख़िर क्यों किया अरमान ने दीक्षा के साथ ऐसा..थे लव ईच अदर.थे डोंट हॅव अन्य प्राब्लम रिगार्डिंग सेक्स बिटवीन देम. देन वाइ हे चीटेड हेयर. बिकॉज़ ऑफ नो रीज़न.(ये सब सोच ही रहा था की तभी उसके दिमाग में अपनी बात घूम गयी) ई दीदी थे सेम ई थिंक.. विद इशिका ई कनव ई दिदन्त तेल हेयर त्त आइ लव हर. लेकिन व्हटेवेर ई दीदी विद सोनल डेठ वाज़ रॉंग.अगर इशिका को पता चलेगी तो शी नेवेर आक्सेप्टेड त्त..मेरा साथ ही हमेशा ऐसा क्यों होता है...
नीचे कमरे में एक नया तूफान आ गया था.
नीचे दो दो लड़कियों की बुरी तरह से चिकने और सिसकने की आवाजें आ रही थी...
श एसस्स तान्या.आ.आ..आ.आ आअहह ई काँन्न सी ठाट.त.त.त.. आस मयी ई अम्म गॉना कुम्म अरमान..
श गोस्श.यू फक्किंग बस्टर्द्ड़.फक में हर्दड़.फक में हरद्द्द...यू मदरफकर..फुक्कककक में
एस्स.से..से.श एसस्स.से...आअहह ओह...
एक तरफ तो टान्या ज़मीन पे लेटी थी उसकी एक तंग हवा में उठा रखी थी कुबेर ने और अपना लंड
पीछे सी उसकी पुसी में डाल की उससे ज़ार्दस्त धाक़्कीए लगती हुई अंदर बाहर कर रहा था...
कल लंड उसे सफेद चिकनी चुत में अंदर बाहर होटटा नज़र आ रहा था.गीली चुत में सररर सररर
करता हुआ वो अंदर बाहर हो रहा था..टान्या की चुत में से एक बार फिर सी वैसा फ्लो हो रहा था...ताप्प्प्प ताप्प्प्प की तेज आवाज़ गूँजतिी.जब लंड झड़ तक पुसी के अंदर जाता..
दूसरी तरफ अरमान रिचा की दोनों तनफग्ञ फैलयाईए उसकी चुत में अपने लंड को अंदर गुस्सा की ताबदतोर झटके मर रहा था..लुंदड़ड़ पकच पकच की आवाज़ करते हुई अंदर बाहर अंदर बाहर हो रहा था.
आहह ओह अरमान.ई अम्म्म गॉना कूम्म्म बेबी.फक में हार्डर..फक में हार्डर...
सक और फ्रेंदस्स कुम्म यू बिच.तेज तेज धक्के मरते हुई..अपना हाथ रिचा के मुंह में दस दिया जिसमें टान्या की चुत का रस लगा हुआ था.रिचा किसी कुत्ते की तरह वो उंगलियाँ चटनी लगी.
अरमान ये देख के और एक्साइड हो गया..
आअहह आस उहमम्म्ममममम श एसस्स यवससस्स फुक्कक फुक्कककक फुक्ककककककककक में हर्दरर.
ई आम कमिंग..हाअ याअ..श एस्स.आअहह ऊओ एसस्स्सस्स......एस्स..से.से.से.
रिचा की कमर ने झटके खाने शुरू कर दिये...और उसकी चुत ने अपना जूसीए बाहर फ्लो करना शुरू कर दिया..
पुसी से जूस निकलते ही रिचा की चुत ने एक कसाव बान दिया अरमान के लंड पे जो वो झेल नहीं पाया और
आहह आस ई आम गूणन्ना कम टू..आहह.बोलती हुई उसकी कमर हिलने लगी और उसने अपनी कमर को हिलाते हुई अपने लंड से अपना वाइट जूस उसे पुसी होल के अंदर डाल दिया.और हांफता हुआ उसके उप्पर गिर गया.दोनों हाँफ रहे थी..
आहहह ओहह यू फुककेर्र...आहह यू स्ट्रेछेड़ में पुसी.
ओह आहह ई अम्म गूणणना कुम्म.ई आम गोननाअ कुम्म..आआहह एसस्स...आस फुक्कककककककककककक.......
बोलते हुई टान्या की कमर भी हिलने लगी और उसने दूसरी बार भी अपनी चुत से अपना जूसीए निकल दिया और एक पल के लिए निढल हुक ज़मीन पे ही गिर सी गयी.लेकिन इसका असर कुबेर पे बिलकल नहीं पड़ा..वो तो अपने लंड को अंदर बाहर करी जा रहा था.
जैसे ही टान्या को होश आया.उससे पेन होनी लगा उसने कुबेर को रुकने के लिए बोला..लेकिन वो रुक ही ने रहा.
रिचा थोड़ी टेन्स्ड हो गयी..लेकिन अरमान ने उसके होठों पे किस देते हुई अपनी ना में गर्दन हॉला..
अरमान :- तान्या.इस को जितनी गॅली दे सकती है दे..
टान्या :- आहह अरे यू शुरू..आहह
अरमान :- 100 % शुरू.यू ट्राइ..
तान्या :- ओहकक..
श एस्स...(झुटता सासाकते हुई) श यू मदरफकर.यू बस्टर्द यू कॅंट फक आ पुसी. आहह ओह
एस्स..से..आह फुक्ककककककककककककक..(कुछ देर पहले निढल पड़ा टान्या एक बार फिर गर्म हो गयी और दुबारा सियक्ने लगी) श एस्स..श फुक्कक में हर्दरर.यू फूक्कीर.आर..श एस्स फुक्ककक फुक्कककक...डॅम ईद्ड़
यू बस्टर्ड...यू सन ऑफ आ बीत्ककच.. (बॅस टान्या ने ये बोला और कुबेर हो गया पागल)
कुबेर :- ब्लडी बिच..लीयी.साली..ली..
बोलते हुई कुबेर ज़ोर ज़ोर से धक्के मरनी लगागा... तान्या बुरी तरह से सिसकनी लग्गीइ..
आअहह लीईए मेराअ माल ली...यू बिच.. कुबेर बोलती हुई झटके मरने लगा और अपने विशाल लंड सी उसने सच में एक वॉटरफॉल उसकी चुत के अंदर चोद दिया..टान्या का शरीर भी उसे गरम पानी को आभास करते हुई रुक ना पाया और टान्या 3र्ड टिमी अपने जूस को फ्लोवौत कर दिया..
कुबेर हांफता हुआ पीठ के बाल टान्या के पीछे ही लाइट गया.और हांफे लगा.तान्या वैसे ही पड़ा हाँफती रही...उसकी चुत में इतना वाइट क्रीम भर दिया था की वो बहता हुआ बाहर आ आ गया और नीचे गिरनी लगा.लेकिन किसी को कोई होश नहीं था.साफ इस तक देने वाले सबसे बढ़िया सबसे मजेदार खेल के तक गये थी और अब एक दूसरे की चोद बस अपनी ही मस्ती और ताकन मिटाने के लिए पड़े थी.
आसमान में घनने बदल चाय हुए थी सुबह के 11 बजे भी बाहर का मौसम ऐसा था मानो रात हो गयी
हो सूरज की रोशनी का नामो निशान ही नहीं था.बेहद ठंडी हवाओं ने जगह को गहरे हुए था..
आज बहुत ही ज्यादा ठंड थी जो कोई भी कहीं भी कुछ भी देखने जाने के लिए बाहर नहीं जानना कहता था
सब फार्महाउस में रही कर ही टाइम स्पेंड करना कहते थी इसलिए राहुल ने बोर्नफ़िरे का आइडिया बना की
उसकी तैयारी में लग गया और एक कड़कड़ाती ठंड में हलफोपें बरामदे में जाकर उसकी तैयारी करने लगा
काका के साथ...
कुछ देर बाद...
वो इट्स सो चिली आउट हियर यार राहुल तू इतनी ठंड में कैसे कम कर रहा है.
राहुल बीच में लकड़ियाँ इकट्ठी कर रहा था उसने जब आवाज़ सुन्नी तो वो पीछे मुद्दा तो उसने देखा अरमान
खड़ा हुआ था...
राहुल :- काका आप जाकर खाने का इंतजाम कीजिए बाकी में कर लूँगा..
ठीक है बेटा.बोल के काका तो चला गया.राहुल फिर अपने काम में लग गया.उसने अरमान को एक तरीके
से इग्नोर कर दिया..
अरमान :- क्या हुआ ड्यूड..अन्य प्राब्लम.(अरमान राहुल के कंधे पे हाथ रख के बोलता है)
राहुल इस बार कम चोद के सीधा खड़ा हो गया और अरमान को घूरने लगा..अरमान भी ये छा रहा था की वो
कुछ बोले और शायद उसकी मान की बात राहुल ने बाकोभी पड़ ली..
राहुल :- यप लॉट्स ऑफ .. वॉट अरे यू डूयिंग एस्टरदे नाइट इन कुबेर रूम? (राहुल ने बात को गोल गोल ना
घूमते हुए डायरेक्ट क्वेस्चन कर डाला)
अरमान एक पल के लिए हक्का बक्का रही गया.. वहाँ..अट. वॉट अरे यू सेयिंग ई आम नोट इन कुबेर रूम लास्ट नाइट
ई आम इन में रूम. यू सॉ आ ड्रीम ड्यूड. वैसे भी तू बहुत सपने देखता है.हाहहाहा.(अरमान बात को
टालते हुई वहां से जाने लगता है)
पर तभी राहुल उसका हाथ पकड़ की उससे अपनी तरफ घुमा लेता है..
राहुल :- ई आम नोट ड्रीमिंग दमीड. ई सॉ यू विद में दीज़ आइज़... हाउ कुड यू . रियली हाउ कुड यू दो लाइक
तीस विद दीक्षा.
अरमान का सेहरा गुस्से में तिलमिला जाता है वो राहुल का हाथ झटकते हुई..
अरमान :- लुक यू अरे नो वन तो तेल में व्हत ई हॅव तो दो ओर व्हत ई डोंट.अंडरस्टॅंड..
राहुल :- इट्स नोट थे मॅटर ऑफ यू ओन्ली. इट्स थे मॅटर ऑफ सम्वन एल्स टू. यू अरे चीटिंग हेयर..डोंट यू फील
अन्य गिल्टी..
अरमान :- गिल्टी फॉर वॉट ड्यूड. ई जस्ट हॅव सेक्स विद देम ई दिदन्त हॅव आन अफेयर सो जस्ट चिल्ला. (बोलते हुई एक बार फिर अरमान घूम के जाने लगता है लेकिन राहुल आगे आकर उसका रास्ता रोक लेता है)
अरमान :- हे.डोंट गेव में आ लेक्चर इट्स मां लाइफ और व्हटेवेर ई वॉंट तो दो ई विल दो..सो जस्ट आउट ऑफ में
पर्सनल लाइफ.
अरमान ये बोल के जाने लगता है . इस बार राहुल उससे नहीं रोकता बॅस वैसे ही खड़े खड़े बोलता है..
राहुल :- में दीक्षा को सब कुछ बता दूँगा..इफ़ यू डोंट फील और गिल्टी ई स्वेर.
अरमान ने राहुल की बात सुनी..उसने दरवाजा खोलते हुई इसका अंसववेर दिया..
अरमान :- शी विल नेवेर लिसन तो यू मान.. यू डोंट हॅव अन्य प्रूफ .. इसमें तेरा ही नुकसान होगा सबका
विश्वास तुझपर से उठ जाएगा. सोच लियो थे डिसीजन इस उर्स.(और मुस्कुराते हुई अंदर चला जाता है)
राहुल अरमान की बात को समझ जाता है..हे इस राइट..मेरे पास कोई भी प्रूफ नहीं है इफ़ ई ल्ल गेट रॉंग सब
मुझे ही दोष देंगी. ई आम सॉरी दीक्षा में तेरे लिए कुछ नहीं कर सकता.. ई ट्राइ..पर अरमान शायद लव
का नहीं लस्ट का रीलेशन चाहता है..उफ़फ्फ़.. (राहुल अपने आप से बोलता है और फिर अपने काम में लग जाता है)
1 घंटे के बाद वहां पे लाइट स्लो म्यूज़िक.बीच में जल रही आग..और उसके चारों तरफ बैठे सभी हेवी क्लोथस के साथ बैठे थी.और इस नेचर की वाइल्ड कोल्डनेस और यंग गेंर्टिओं की मस्ती को एंजाय कर रहे थी..
व्हतस थे नेक्स्ट पर गाइस. जस्ट दो इट फास्ट ना.. सोनल एक्सटमेंट में बोलती है..
(आक्च्युयली एक गेम चल रहा था जिसमें एक एक कर के चित को ओपन किया जा रहा था जिसपे सभी के नाम लिखे हुए थी जिस जिस के नाम निकलता उनका पर उप होता और उन्हें डांस करना था और उसके साथ साथ कुछ टास्क्स जिससे उन्हें डांस में उसे करना था.. और हाँ पीयर्स बोय्ज बोय्ज और ईवन गर्ल्स गर्ल्स के भी बन सकते थे.बॅस सोनल उसी की बात कर रही थी क्यों की अभी उसका नो. नहीं आया था.क्यों बच्चे हुए मेंबर्स में राहुल , इशिका , कोमल , निकुल और सोनल ही थे इनके अलावा सबके पीयर्स बन गये थी और सबसे बेहतरीन पर तो था कुबेर और अरमान का.जिसमें अरमान प्लेस आ रोल ऑफ प्ले डॅन्सर.. अब इशिका थी साथ में तो वल्गर तो हो नहीं सकता था इसलिए कुबेर ने अरमान की खूब बजाई उसकी आस पे खूब थप्पड़ लगाई.उसकी खूब तुड़ाई करी.जिससे देख की सभी हँसी ना रुक्की..राहुल बाहर से सब को दिखाने के लिए खुश था पर वो अभी भी अरमान से सुबह की हुई बात से टेन्शन में था जबकि दूसरी तरफ अरमान बिलकल नॉर्मल था जैसे कुछ हुआ ही ना हूँ)
निकुल :- चल इशिका जल्दी चित खोल यार..
इशिका :- ओहकक इंतजार.. (बोलते हुई इशिका ने पहली चित निकली तो उसमें नाम था पहला सोनल का..जिससे सुन के
सोनल उछाल पड़ा.)
सोनल :- हूस थे लक्की वन नॉवव..
(अब इस पहलू में तीन दिल में तीन अलग विचार घूम रहे थी एक था खुद सोनल का जो छाती थी राहुल का
निकला .. एक था निकुल का जो कहता था की सोनल का निकला और एक तक इशिका का जो कहती थी की राहुल का ना
निकली.एक और दिल का था जो कुछ और ही सोच रहा था और बेहद शांत बहता था वो दिल था कोमल का..)
और थे हूँ हूँ इस लक्की..थे पर्सन इस (इशिका के चेहरे पे स्माइल आ गयी जैसे ही उसने चित पे नाम
देखा)
"निकुल"
अपना नाम सुनते ही निकुल तो अपनी कुर्सी से उछाल पर्दा..और इतरते हुई सोनल के पास आकर खड़ा हो
गया..
निकुल :- हाँ भाई बता क्या करना है..वैसे तो जो भी दे दे..में और सोनल कर ही लेंगी. (और सोनल का हाथ पकड़ लेता है)
इशिका :- (थोड़ा चिथड़े हुई) आ सेडक्टिव डांस..(और अपने मान में ये तो ये बिच कर ही लेगिइ)
वाऊऊऊऊऊ और फिर सब टल्ली बजाने लगते हैं..
ऊहह त्तस ईज़ी फॉर में..लेट्स गो निकुल.. (सोनल आटिट्यूड दिखाते हुई निकुल का हाथ पकड़ के थोड़ी सी दूर
चली जाती थी है)
और फिर शुरू होता है दोनों का डांस जिसमें सोनल ने सच में कोई कसर नहीं छोड़दी सेडक्षन स्टेप्स देने
की.निकुल की तो बंद ही बज गयी थी. सब ही उसे डांस को अप्रीशियेट कर रहे थी इशिका भी..बेक सोनल
का डांस वल्गर नहीं था..इट्स प्यूर्ली आ सेडक्टिव वन..निकुल ने खूब एंजाय किया.. सब तालियाँ और सोनल को प्रेज़ दे रहे थी..
पर कोई था जो ये देख की खुश नहीं था.और राहुल की नज़र उसे इंसान से नहीं चुप्पी . वो डांस को चोद
की बॅस उससे ही देखने लगा.उसके चेहरे से कुछ जन्नने की कोशिश कर रहा था शायद.. फाइनली डांस खत्म हो गया..दोनों का तब जब एक साथ तालियाँ बजाई सबने तब राहुल ने वहां से नज़र
अब बार्री थी नेक्स्ट कपल की पर दिक्कत ये थी की बचे थे 3 और कपल बन सकते थे वो सिर्फ़ थे 2.. यानि की एक ऐसा होता जिससका कोई कपल नहीं बनता...
निकुल ने दो चिट्स निकली... फर्स्ट चित में उसने नाम अनाउन्स किया वो था राहुल का...और फिर उसने दूसरा
चित निकाला.और उसमें नाम था..
इशिका की दिल की धड़कन तेज चल रही थी..
इशिका...निकुल ने चित में से नाम पड़ाअ..इशिका के चेहरे पे एक स्माइल आ गयी..और राहुल के दिल में एक
घंटी बजने लगी लेकिन उसकी गहनती निकुल की हँसी ने बंद कर दी..
हाहहहाहा यार कोमल तेरा कुछ नहीं हो सकता..तेरा तो हर जगह पोपट ही होता है. हाहहाहा. अरे भाई इसके लिए कोई कपल लाऊ..पर हाँ कोई बच्चा ही नहीं कोई नहीं एक कम करते हैं काका को बुला लेता
हैं वो बन जाएगा इसका कपल वैसे भी इससे तो वो चलेगा.हाहहहहः वो ज़ोर से हँसने लगता है.और
बाकी भी हँसने लगते हैं सिवा राहुल और इशिका की.इशिका राहुल को कोनी मर के चुप रहने को बोलती है
पर वो तो सुनाने वाला ही कहाँ था...
कोमल सबकी तरफ देखती है जो उससे देख की हंस रहे होते हैं.उसका सेहरा रुआंसा हो जाता है और उसकी उसे मासूम चेहरे पे आँखों से बॉन्ड टपक जाती थी है.और उठ की जाने लगती है.पर तभी राहुल उसका हाथ
पकड़ लेता है.
वॉट थे फक इस गोयिंग ऑल हेरी..(राहुल ऑलमोस्ट चिल्लाते हुए बोलता है)
जहाँ फिर हँसने की जगह कमोशी छा जाती थी है..
वाइ थे फक यू ऑल अरे लाफिंग हियर.इस इट आ जोक ओर सम्तिंग हे साइड..वॉट..वाइ अरे ऑल लाफिंग लाइक
डेठ. गुस्से में राहुल सब की तरफ देखते हुए बोलता है..
इशिका :- राहुल रिलॅक्स.
प्लीज़ इशिका लेट में कंप्लीट प्लीज़. ये लड़की कुछ नहीं बोलती तो ये सब के सब इसको जो मर्जी बोल लेते हैं.. ई सॉ तीस लॉट.इस शी डोंट हॅव अन्य फ़ीलिंग्स यू तेल में इशिका. ये कुछ नहीं बोलती तो इसका मतलब ये है इसको
बुरा नहीं लगता..लुक अट हेयर..लुक अट हेयर फेस.. (कोमल ने अपना सेहरा दूसरी तरफ घुमा रखा था) इशिका कुछ नहीं बोली सीधी चलती हुई कोमल के पास चली गयी.राहुल ने कोमल का हाथ चोद दिया..
निकुल :- रेअलक्ष यार राहुल यार..ई आम जस्ट किडिंग.(राहुल के पास आ हुए बोला)
किडिंग.इस तीस आ किडिंग .. तीस इस और स्टाइल ऑफ किडिंग. एंबरसे आ पर्सन इन फ्रंट ऑफ सो मानी इस तीस आ
किडिंग निकुल..(निकुल पे बिलकल चिल्लाते हुई काफी घुस्स्से में निकुल की आँखों में देखते हुए बोलता है)
सोनल :- रिलॅक्स यार राहुल हम यहाँ सब मज़ाक कर रहे हैं.तो इसने भी कर दिया सो इट्स नोट आ बिग डील यू अरे
मेकिंग आ इश्यू.
ये इट्स नोट फॉर यू मिस. ई कॅन अंडरस्टॅंड . इफ़ ई मेक आ जोक ऑफ यू लाइक तीस इन फ्रंट ऑफ ऑल देन यू अंडरस्टॅंड
व्हत इट फील. (राहुल ने सोनल के उप्पर भी अपना गुस्सा बरसा दिया और सोनल स्टुंड स्पीचलेस हो गयी उसे
वक्त राहुल के सर पे एक अलग ही गुस्सा दिख रहा था जो आज तक कभी नहीं दिखा था.) अभी अरे हियर फॉर एंजायिंग नोट प्लेयिंग विद सोम्ेओनेस इमोशन..(ये लाइन बोलते हुए राहुल ने नज़र अरमान की
तरफ घुमा ली..अरमान राहुल की आँखों में देखने लगा.राहुल का सररा गुस्सा इस वक्त इस बात पे निकल
रहा था)
से सॉरी तो हेयर..राइट नाउ.(राहुल ने अरमान की तरफ देखते हुई ये लाइन बोलनी शुरू की और निकुल की तरफ
देखते हुई कंप्लीट की) निकुल राहुल को देखता रहा..और फिर वहां से हाथ की कोमल के पास चला गया ..
ई साइड राइट नॉववव.. (राहुल ने एक बार फिर चिल्लाते हुई कहा)
निकुल ने अपनी गलती को रियलाइज़ किया..
राहुल वैसे ही खड़ा रहा . मानो अपने गुस्से को शांत कर रहा हूँ.कुछ 5 मिनट तक वो ऐसे ही खड़ा
रहा कोई कुछ नहीं बोला..बस निकुल कोमल से सॉरी मान रहा था.और सबको पता था कोमल को मानने में
ज्यादा अम नहीं लगता वो बहुत जल्दी मान गयी.
कोई कुछ बोलता या करता...राहुल मुद्दा और उसे लॉन से चला गया.
राहुल्ल. इंतजार. राहुल. इशिका चिल्लाती रही पर वो नहीं रुका..
राहुल बिना कुछ बोले लॉन से निकल गया.इशिका कोमल को ओके करके बाद में बाहर देखने भी गयी लेकिन उससे राहुल कहीं नहीं मिला..अच्छा भला चल रहा खेल खराब हो गया..इशिका वापिस आकर लॉन में बैठ गयी..
इशिका :- डोंट कनव वेर हे इस गॉन?
कोमल :- अभी हॅव तो सर्च हिं?
चिल्ला गाइस हे इस नोट आ किड . थोड़ा सा गुस्से में है आ जाएगा.. सोनल ने समझते हुए कहा..
सब वहीं बैठे रहते हैं.काफी मजा आ रहा था सामने आग जल रही थी मौसम ठंडा था वहीं पे सब कहा पी भी रहे थे.एक दूसरे से बात कर रहे थी..पर इशिका का मूंड़ काफी ऑफ हो गया था..
टाइम ऐसे ही गुजरता गया..दिन से शाम होने को आया था.ठंड भी काफी बाद गयी थी..इसलिए सब अपने अपने कमरे में जाकर डुबके पड़े थी..इशिका का मान नहीं लग रहा था तो वो कोमल के साथ थी और उसके साथ बैठा था निकुल भी.उससे अपने मज़ाक और राहुल की कही हुई बातों का मतलब समझ आ गया था इसलिए वो थोड़ा गुलिटी फील कर रहा था..जबकि कोमल ने बहुत कहा की अब वो उससे नाराज़ नहीं है फिर भी निकुल उसी के साथ टाइम स्पेंड करना कहता था.शायद अपनी गिल्टी को दूर करने के लिए..
अरमान और दीक्षा एक ही रज़ाई में घुसे थे लेकिन इस वक्त दीक्षा सो रही थी अरमान के सीने के उप्पर अपना सर रख की पर अरमान जगा हुआ था उसकी आँखें खुली थी.उसकी आँखों के आगे राहुल की अबतें घूम रही थी..
ब्लडी बस्टर्ड..अरमान ने अपने मुंह से गुस्से में हल्का सा कहा.
काका...अपने राहुल को देखा है क्या..सोनल किचन के बाहर खड़ी पूछती है.उसने एक हेवी ब्राउन कलर का कोट पहन रखा था ठंड से बचने के लिए.
हाँ बिटिया में जब अभी कुछ काम से पीछे गया तो देखा वो बाबा घोड़ों के अस्तबल में बैठे हैं मैंने पहले उन्हें बुलाना कहा पर फिर सोचा की में कोन होता हूँ बुलाने वाला..
श गोद तीस सिक ओल्ड मान..सोनल बड़बड़ाई..
कुछ कहा अपने . काका सोनल की तरफ देखते हुई बोला..
नो थेन्क यू. सोनल ने इतना ही कहा और वो खुद पीछे की तरफ चली गयी..राहुल के पास.
अंदर राहुल एक घँस के मॉट से ढेर सार धेड़ के उप्पर बैठा था और सामने हल्की सी आग जला रखी थी जिसकी वजह से वहां की जगह थोड़ी गरम थी..तभी उसके कानों में किसी के सीडियान चढ़ने की आवाज़ आई..
डर्सल हॉर्सस तो नीचे खड़े थी पर एक साइड से होती हुई सीडियान उप्पर जा रही थी जहाँ पे उसे तबेले की जगह से हाफ जगह थी और वहां पे घँस फूंस का ढेर रखा हुआ था..
राहुल ने आवाज़ की तरफ अपनी गर्दन की सामने देखा तो सोनल खड़ी थी और उसकी तरफ देख के मुस्करा रही थी...राहुल ने उसको इग्नोर कर दिया..लेकिन सोनल अपने आटिट्यूड के साथ चलते हुई आई और उसके बगल में बैठ गयी..
सोनल :- सो मिस्टर हॅंडसम तुम यहाँ बैठे हो सब तुम्हें अंदर ढूंढ. रहे हैं..
र्हुअल कुछ नहीं बोला.वो बॅस ऐसी चुप बैठा रहा..
श कामन राहुल.. डोंट एक्ट लाइक आ चाइल्ड. बात खत्म हो गयी निकुल साइड सॉरी तो हेयर और उससे अपनी गलती रियलाइज़ हो गयी..वाइ यू थिंकिंग ऑफ त्त सो मच?
ई आम नो थिंकिंग तो डेठ इन्सिडेंट नाउ. राहुल ने आग की तरफ देखते हुए कहा..
देन वाइ यू अरे सिट्टिंग हियर अलोनी हां..इस बार सोनल बोलते हुई राहुल से हल्का सा क्लोज़ आ गयी जिसकी वजह से उसके शोल्डर और राहुल के शोल्डर टकरा गयी..राहुल ने सोनल की तरफ देखा तो सोनल तो उससे देख की मुस्करा रही थी और अपने हाथों से अपने बालों को उसने हटा की एक तरफ कर दिये.
राहुल कुछ नहीं बोला और फिर से सामने देखने लगा..कुछ पल के लिए कोई हकर्ट नहीं हुई.पर फिर..
सोनल ने अपने हाथ आगे बड़ा की राहुल की थाइस पे रख दिये और उन्हें हल्का हल्का सहलाने लगी. राहुल को थोड़ा शॉक लगा उसने सोनल की तरफ देखा.जो अभी भी मुस्करा रही थी..और फिर उसने अपने हाथ से उसका हाथ हटा दिया..और इशारो से पूछा
क्या था ये??
सोनल ने कुछ नहीं कहा..वो अपनी जगह से उठी और राहुल के सामने आकर खड़ी हो गयी.राहुल उसकी इस हरकत से थोड़ा कन्फ्यूज़ हो गया...लेकिन उससे ज्यादा सोचना नहीं पड़ा क्यों की..
सोनल ने बड़ी ही स्टाइल से अपनी कोट को अपने शरीर से अलग कर की नीचे ज़मीन पे गिरा दिया.. ये राहुल के लिए एक शॉकिन मोमेंट था.पहला ये की अचानक सोनल क्यों ऐसा कर रही है और सेकन्ण्ड थिंग की अंदर जो पहना था वो सच मच चौंकाने वाला था.. इतनी सर्दी में अंदर सिर्फ़ एक छोटा सा टॉप और नीचे एक छोटी सी मिनी स्कर्ट टाइप बाकी पूरी बॉडी पे कोई कपड़ा नहीं .
राहुल एक दम गुस्से में खड़ा हुआ.
व्हत थे फक यू अरे डूयिंग सोनल?
सस्शह अभी कुछ नहीं बोलना..कुछ नहीं सुनना मुझे.जस्ट एजओइंग तीस मोमेंट डियर.यू विल लव इट. (बोलते हुई सोनल राहुल के करीब आती है और अपनी उंगली से राहुल के चेहरे पे फिरती है)
यू कनव वॉट राहुल. यू अरे वेरी लक्की.. की सोनल खुद चल के तुम्हारे पास आई है. वरना बोय्ज तो मेरे लिए कुछ भी करने के लिए तैयार रहते हैं.पर ऑल बोय्ज जस्ट आ क्रॅप लेकिन यू .. यू हॅव सम्तिंग डिफरेंट.. सेम अट्रॅक्षन डेठ अट्रॅक्ट्स में टुवर्ड्स यू.. डोंट वरी ई विल ताकि केर ऑफ यू वर वाले और यू विल लव डेठ.
बोलते हुई सोनल अपने गरम होंठ राहुल के गॅल पे रख के वहां चूमने लगती है.फिर बढ़ते बढ़ते गाल पे आ जाती है..दोनू गालों पी किस करती हे और फिर पुकच की आवाज़ के साथ एक नाक पे भी .
राहुल को एक शॉक जैसा लगा था वो बिलकल सीधा खड़ा था..पर जैसे ही सोनल राहुल के होठों के उप्पर अपने होंठ रखने आई..उसी सामने राहुल की आँखों के सामने इशिका का मुस्कुराता सेहरा आ गया.
और राहुल के हाथ खुद खुद सोनल के शोल्डर के कसी और उससे तेजी से पीछे धक्का दे दिया..
सोनल थोड़ी लड़कती हुई पीछे हुई पर गिरने से बच गयी.
एहह.. वॉट हॅपन राहुल?
अरे यू मद सोनल..वॉट अरे यू डूयिंग.राहुल चील्ला ते हुए बोला..
ओहू राहुल डोंट भी शाइ.कामन डोंट स्केर्ड इल प्रॉमिस यू .. यू दो लॉट्स ऑफ फन टुडे विद में. (एक बार फिर सोनल राहुल के करीब से चिपकती हुई बोलती है)
राहुल :- सोनल प्लीज़ जस्ट स्टे अवे फ्रॉम में.. ई डोंट वॉंट तो दो एनितिंग विद यू.
वाइ बेबी डोंट यू फील गुड वेन ई सक और डॅम हॉट और टेस्टी कॉक.एक नशे से भारी आवाज़ में बोलती है.
जस्ट शूतप मान शुतूप.त्त वाज़ आ मिस्टेक.जस्ट लेट में गू..(सोनल को धक्का देते हुई राहुल जाने लगता है पर सोनल उससे पकड़ लेती है)
ओहू राहुल यू थिंकिंग सो मच.नो बॉडी विल नो अबौट तीस..जस्ट यू और में.. ऑल अलोन हियर नोबडी नोस डेठ..अभी विल एंजाय जस्ट बेलिवे में..कोमी...(बोलते हुई राहुल को खिंचती है..राहुल भी पीछे आ जाता है और मूंड़ जाता है)
शोवव में और अनिमल राहुल्ल.शो में और अनिमल.. ई आम डाइयिंग तो ताकि डेठ अनिमल सिन्स फर्स्ट दे..श गोद सो बेअटीफुल दे फॉर में..शोवव में और अनिमल बेबी शो में..(सोनल राहुल के पूरे शरीर पी हाथ फेयर रही थी उसके चेहरे पे एक लस्ट टपक रहा था)
राहुल उसकी तरफ देख रहा था...
शो में राहुल्ल..जस्ट स्क़ूऊेज़े में....फक में विद और डेठ अनिमल..ई आम टोटली ऑल उर्स टुडे..
और टॉँम फॉर संबडी एलसी है ना.राहुल ने सोनल के चेहरे को देखते हुई कहा..राहुल की बात सुन के सोनल रुक गयी..और राहुल की आँखों में देखने लगी.
ई थॉट यू अरे हे सोसाइटी गर्ल.. और ई थॉट की लास्ट टाइम वॉटेवर हॅपंड बिटवीन उस.. जस्ट बिकॉज़ ऑफ थे सित्ौतिओं बिकम्स लाइक डेठ.और ई फील सॉरी फॉर त्त..लेकिन टुडे सीयिंग यू लाइक तीस..यू कनव वॉट व्हत काइंड ऑफ आ गर्ल यू लुक लाइक.यू कनवव.वॉट काइंड ऑफ पर्सन यू मेड उर्सेलफ इन में माइंड यू कनव.
आ बिच..यू अरे आ बिच सोनल. (राहुल ने सोनल की चेहरे के बिलकल करीब जाकर कहा)
सोनल उससे घूरने लगी.लेकिन उसके सामने गुस्से से भरा सेहरा लेकर खड़ा रहा और फिर डाट पाइस्ट हुई वहां से मूंड़ के जन्नने लगा.पर सोनल कम थोड़ी है..
हाउ डरे यू कॉल्ड में डेठ यू ब्लडी लोवर क्लास बॉय. सोनल ने एक अकड़ की साथ कहा.
राहुल रोका और पीछे मुड़ा.
लोवर क्लास का हूँ..पर मुझे मेरी लिमिट्स पता है और अगर हे क्लास लोग तुम जैसे होते हैं तो अच्छा है में वो नहीं हूँ.तुम जैसे ही 2 कोड़ी की बिना इज्जत वाले तो बिलकल नहीं बनना कहता हूँ.
यू ब्लडी स्वीनी..(बोलते हुए सोनल झापड़ मरने के लिए आगे बड़ी तो राहुल ने हाथ पकड़ लिया)
सोनल का सेहरा गुस्से में तिलमिला रहा था..यू गॉना पे फॉर तीस राहुल..यू गॉना पे फॉर तिस्स..
ये यू विल. और त्त डॅम स्तिंककी ब्लॉद्ड़ी होर इशिका विल कनव .
सोनल इतना ही बोल पट्टी है क्यों की अगले ही पल राहुल का थप्पड़ सोनल के गाल पे पड़ जाता है..
राहुल :- डोंट एवर से तो हेयर एनितिंग. नहीं तो मुझे बुररा कोई नहीं होगा सोनल. होप यू बेटर अंडरस्टॅंड डेठ.
इतना बोलते हुई राहुल वहां से चला जाता है..
सोनल अपने गाल से हाथ हटाई है और गुस्से बहर्र आँखों से..
नाउ ई विल शो यू व्हत विल ई दो मिस्टर राहुल . यू डोंट नो की तूने आज किस चीज़ से पंगा लिया है जिसे लड़की को आज तक उसके बाप ने नहीं मारा उससे तू जैसे दो कोड़ी के लड़के ने मर दिया नाउ यू गॉना पे फॉर तिस्स शुवर्ली यू गॉना पे फॉर तिस्स.......
निकुल कम विद में.. सोनल थोड़ा सा गुस्से वाला सेहरा लेकर उप्पर आई..जहाँ पे निकुल इशिका और कोमल बैठी बात कर रहे थी..
निकुल :- क्या हुआ.अचानक से?
सोनल :- डोंट अस्क में क्वेस्चन्स जस्ट कम विद में.(बोल के कमरे से बाहर निकल गयी)
निकुल :- आता हूँ अभी...(ये बोल की निकुल भी निकल गया)
निकुल के ऐसे अचानक जाने से कोमल के चेहरे पे थोड़ी सी उदासी आ गयी ...
उप्पर टेरेस पे..
राहुल पर लटका की पतले से मुंदर पे बैठा था.काफी उँचाई थी पर वो ना जाने किन खलाओं में ऐसे बैठा था जिसमें उससे नीचे गिरने का डर नहीं था..
आख़िर क्यों... क्या हो रहा है मेरे साथ . और क्यों हो रहा है.. पहले वो सप्णी .. फिर मेरा और सोनल के बीच वो सब होना. फिर इशिका को लयक करना .. उससे खोने का डर होना. अरमान की बेवफाई को देखना और उसके बाद ये सोनल का सब कुछ ऐसे करना. व्हत थे हेल इस रॉंग विद में टाइम. (अपने सर को पकड़ की बैठ गया)
नीचे..
आबे यार घोड़ों के लिए इतनी बाड़ी जगह .. मस्त है यार.. निकुल सीडियान चढ़ते हुई उप्पर की तरफ पहुंचा.. और जाकर सीधी घँस के ढेर के उप्पर पेंट के बाल लाइट गया..और फिर जैसे ही सीधा हुआ..उसके चेहरे पे जो अब्द्डी स्माइल थी वो अचानक कम हो गयी और अचानक से खड़ा हो गया.
वो वो सोनल वॉट अरे यू डूयिंग... निकुल सामने सोनल को अपनी वही जॅकेट उतरते हुए देखता है जिससे सोनल ने उतार के नीचे गिरा दिया था और अपना तापटा हुआ शरीर जिसमें चोट छोटे कपड़े थी वो लेकर सोनल निकुल के सामने खड़ी हो गयी..
वाइ .. डोंट यू लाइक में निकुल.. सोनल ने इतराते हुई कहाआ...और बोलते हुए वो निकुल के करीब आने लगी.. निकुल उससे एक टुक देखे जा रहा था..
या या ई लाइक यू .. लेकिन डोंट यू थिंक तीस इस रॉंग.. यू
निकुल आगे बोले इससे पहले सोनल उसके लिप्स पे अपने उंगली रख देती है..
सस्शह.कितना बोलते हो तुम..(बेहद धीमी आवाज़ में निकुल के चेहरे पे अपनी गरम साँसें चोदते हुए) इस ठंड में क्या तुम मुझे ऐसी ही खड़े रहने डोगी.. डोंट यू थिंक की मुझे भी गर्मी की जरूरत है..(बोलते हुई वो निकुल का हाथ खिच की अपनी कमर में लपेटना शुरू कर देती है.
निकुल भी उसे गर्मी को महसूस करने के लिए बिना कुछ बोले को सब करने लगता है.दोनों आपस में बिलकुल चिपक के खड़े थी...
निकुल सोना की आँखों में देख रहा था.उसकी आँखों में तो सोनल के लिए प्यार दिखाई दे रहा था पर सोनल की आँखों में था लस्ट.एक हवस एक वासना जो अभी अभी राहुल ठुकरा के गया था..
सोनल..निकुल इतना ही कह पाया.क्यों की अगले पल सोनल ने उसके होठों को कैद कर लिया और फिर उसके होठों पे अपने होंठ रख की उससे चूसने लगी.कभी उप्पर लिप्स तो कभी लोवर लिप्स...
निकुल भी सोनल का साथ देने लगा..उसके हाथ पीछे सोनल के पीठ पी फिसलने लगे.सोनल के हाथ निकुल की चेस्ट पे फिसलते हुई धीरे धीरे नीचे आई..और उसकी जीन्स के उप्पर से उसके लंड पे चली गयी. निकुल को तो झटका सा लगा..उसने सोनल के होठों और उसकी जीभ को चूसना शुरू कर दिया... सोनल ने अपने दोनों की हेल्प सी बेल्ट खोल दी और उसकी जीन्स के स्तनों को खोल के जीन्स आंडरवेयर के साथ इतनी जल्दी नीचे कर दी..की निकुल भी हैरान था.निकुल का लंड बिलकुल टन के खड़ा सलामी दे रहा था..
सोनल ने किस टोड्डी और निकुल के चेहरे को देखती हुई नीचे की तरफ भी देने लगी..और अगले ही पाल
आअहह...निकुल के मुंह से यही निकला और उसकी आँखें बंद हो गयी.
नीचे सोनल ने निकुल के लंड मुंह में लेकर उससे चूसना शुरू कर दिया था.वो किसी एक्सपर्ट की तरह सकिंग कर रही थी मानो कितनी एक्सपीरियेन्स्ड हूँ.निकुल के तो पर कांप रहे थी कहदे खाड़ीए..उस्सी इस पल में बहुत मजा आ रहा था...उससे विश्वास नहीं हो रहा था की इतना सब कुछ इतनी जल्दी हो जाएगा सोनल बर्बर होठों को राउंड शेप में बना की कॉक सुकिंग में लगी हुई थी..
करीब 10 मिनट तक मज़ेदार कॉक सुकेड करने के बाद उसने निकुल के लंड को मुंह से बाहर निकाला. पुक्क्क करके लंड बाहर आ गया..सोनल खड़ी हुई और उसने निकुल को धक्का देखी पीछे घँस के ढेर पे गिर गया.वो तो इस वक्त सोनल के आगे किसी कट्पुतली की तरह काम कर रहा था..
तभी सोनल ने अपने हाथ पीछे किया और अपने उसे छोटे से टॉप को अंकलिप किया..जिसकी आवाज़ वहां साफ सुनाई दी गयी..और उसके बाद उसने अपने हाथ आगे की तरफ कार्की उससे नीचे गिरा दिया..वो सब कुछ बाद ही कॉन्फिडेन्स मूंड़ में कर रही थी..उससे किसी बात की शर्म नहीं थी..बल्कि जैसे ही सोनल की वो 36 सी के बूब्स राउंड शेप्ड उसपर पिंक कलर के निपल्स निकुल के सामने आई तो एक पल के लिए वो शर्मा गया पर लंड के आगे वो मजबूर हो गया..उसका लंड झटके कहा रहा था..
फिर सोनल टर्न हुई और उसने अपनी उंगलियाँ अपनी छोटी सी स्कर्ट मैंने घुसा और बंद हूकी उससे नीचे की तरफ धकेला .. इस पोज़िशन ने निकुल की बंद बजा दी..सोनल की गोरी गोरी राउंड आस निकुल के चेहरे पे करीब थी उसकी साँसें अटकट रही थी..ऐसे करते करते सोनल ने अपनी पेंटी भी नीचे गिरा दी..
आज निकुल की बोलती इस लस्टी लड़की ने बंद कर दी थी वो कुछ बोलने की हालत में नहीं था. सोनल आगे आईइ और निकुल की चेस्ट पे अपने हाथ का प्रेशर मारा और उससे घँस के ढेर में लेटा दिया और फिर उसके कोन के पास आ हुए..
लेट्स हॅव सेम फन बेबी... बड़ी ही सेडक्टिव वाय्स में..
बोल के उसने अपने हाथ को लंड पे रखा और उससे उठा के अपनी चुत पे सेट कर दिया.और फिर..
आहह निकुल और सोनल दोनों के मुंह से एक साथ सिस्कीी निकली..सोनल ने अपनी चुत का दबाव बना के लंड के सुपाडे को चुत के अंदर फिक्स कर दिया था...
और उसके बाद निकुल ने अपनी कमर को हल्का सा उप्पर धक्का मर्रा और सोनल ने अभी अपनी गांड का दबाव नीचे की तरफ धकेला..ऐसे दो तरफ हमले सी लंड चुत में फ़िक्शकश होता चला गया..
सार्रर्र्र्र्र्ररर सोनल की गीली चुत में लंड अंदर जाकर सेट हो गया और वहां जाकर उसने अपनी पकड़ बना ली.
आस आअहह निकुल. श गोद.. और डॅम हॉट. फक में पुसी डार्लिंग ई कॅंट इंतजार अन्यमोरी... सोनल मदहोशी में अपने बालों को इधर उधर कर रही थी...
निकुल ने अपने हाथ सोनल की कमर पे रखी और अपनी गांड को पीछे खिचकी धक्का मारा..
आअहह आस..एस्स..फुक्कक इट फक में डॅम पुसी ... निकुल सोनल की बाट्टे सुन के गरम होंने लगा..और उसने फिर अपनी कमर को हिलना शुरू कर दिया..
श आहह सोनाल्ल.आअहह . वो खुद भी मदहोशी में जा रहा था...सोनल पागल हो रही थी..उसने अपने हाथ से अपना व्ज़ं निकुल की चेस्ट पी दे रखा था और वो खुद लंड पे पागलों की तरफ उप्पर नीचे हो रही थी...
लंड चुत में सी काफी हद तक बाहर आता और फिर अंदर तक घुस जाता..सरर सरर..ताप ताप्प्प की आवाजें सोनल की आहह आस एसस्स्स्सस्स फक में हार्डर बेबी..फक में हर्दरर की आवाज़ के साथ मिल रही थी..
एक तबातोड़ सेक्स चल रहा था इस वक्त जहाँ निकुल अपना प्यार समझ की उससे कर रहा था और सोनल एक लस्टी बन की..
एससस्स निकुल्ल श गोद फक में लयक डेठ..श एस्स..आहह ह्म्म्म्ममममममममुहमम्म्म इत्सस सो अमज़िंगग.आअहह एस्स ईीस्स..एस्स.फुक्ककककककक फुक्कककककककककककककक..
सोनल तेजी से लंड पे कूद रही थी.निकुल भी मस्ती में सोनल की चुत की गर्मी को अपने लंड पे महसूस कर रहा था और सोनल के बूब्स को दबा रहा था.
आहह आस एसस्स्स्स्स्स्स्स्सस्स फुक्कककककककककककक में हर्दरर...सोनल चिल्लाती हुई जोरों सी कूदने लागी.उसके बाल बिखर रहे थी.निकुल जनता था की किसी भी वक्त सोनल झाड़ जाएगी और वो खुद भी किसी तरह अपने आप पर कबबुऊ पा रहा था..जबकि उसका शरीर उबाल रहा था अपना लावा चोदने के लिए..
ओह मययी गोद...ओएसस्स्स्स्स्स्स्स्सस्स..उःम्म्म्मममम ई आम कुमिंगग. ई आम कुमिंगग... अहह ई आम कुमिंगगग.......सोनल बोलते हुई झटके खाने लगी..उसके शरीर धीरे धीरी लंड पे कसता चला गया..और उसके शरीर से उसकी चुत का जूस फ्लो होने लगा.वहीं निकुल भी..
आहह ई आम कुमिंग टू बोलते हुई वो भी झाड़ गया सोनल की चुत के अंदर....सोनल निकुल की चेस्ट पे गिरी पड़ा थी दोनू हाँफ रहे थी बुरी तरह सी.. टेरेस पे.
राहुल वैसे ही बैठा था...ठंड में कांप रहा था बेहद जबरदस्त ठंड थी.तभी पीछे से उसके उप्पर एक शॉल टाइप कपड़ा रख दिया..वो थोड़ा चौंका और पीछे घूम के देखा तो उसकी आँखों के सामने इशिका खड़ी थी.जो उससे देख रही थी..
इशिका :- इतनी ठंड में उप्पर क्या कर रहा है वो भी ऐसे बैठा है.(बोलती हुई आगे आई और वो भी राहुल के साथ वैसे ही बैठ गयी राहुल ने उसका हाथ पकड़ की उसकी हेल्प की) अभी भी उसे बात को लेकर परेशान बैठा है?
राहुल ने अपनी शौल का हिस्सा इशिका पर डाला और दोनों उसी शौल में बैठ गये बिलकल सात की..
राहुल :- नहीं.में उसे बात पे परेशान नहीं हूँ..
इशिका :- तो फिर क्या बात है.क्यों ऐसे अकेला बैठा है..
राहुल :- बॅस.इस पल को जी रहा हूँ. इस कुदरत के नीचे बैठ की बहुत अच्छा लग रहा है.शायद दिल का कुछ दर्द कम हो जाई.
इशिका :- अच्छा क्या ऐसे बैठने पर दिल का दर्द कम हो जाता है.. (इशिका ने अपना सेहरा उप्पर की तरफ कर लिया)
राहुल :- हम बिलकल. (अपने मान में..इशिका में तो चाहता हूँ तेरे दिल का सारा दर्द में खुद ले लंड पर क्या करूँ अभी मुझे खुद कुछ समझ नहीं आ रहा)
इशिका :- ना नहीं हो रहा मेरे दिल का दर्द कम..
राहुल :- (इशिका की तरफ देखते हुए) तू मुझे बता क्या दर्द है तेरा शायद में.(बस इतना ही बोल पाया और इशिका उसकी तरफ देखने लगी .. दोनों एक दूसरे को देखने लगी..इशिका की आँखों से आँसू चालक आया)
अरे ना ना.(राहुल ने चेहरे से आँसू को साफ करते हुए कहा)
इशिका ने अपने आप को संभालते हुई सामने देखते हुए बोलना शुरू किया..
तू जनता है बचपन से मुझे वो हर सुख मिला जो एक बाचे को मिलता है नये कपड़े नये खिलौने सब कुछ हर चीज़ मुझे मिलती थी.बॅस एक चीज़ कभी नहीं मिल पाया.वो था अपनों का प्यार.. कहते हैं ना जो चीज़ हमें नहीं मिलती उसकी कमी हमें सबसे ज्यादा खलती है..तो मुझे प्यार की कमी खलती है हमेशा.
बोलते हुई इशिका का गला भारी हो गया..राहुल उसके चेहरे को ही देखे जा रहा था वो चाहता था की वो इशिका को बोल दी की आज से सारा दर्द मेरा तुझे में इतना प्यार दूँगा की तू कभी दुखी नहीं रहेगी..पर दिल की बात जुबान पी आ ही नहीं रही थी..
मां बाप के प्यार ना मिलने सी..मुझे एक ऐसा कड़क इंसान बना दिया है की मुझे इस दिहवे से गुस्सा आता है ये स्टाइलिश पैसे होने का दिखावा क्या है ये सब..क्या मैंने रखता है जब अपनों के बीच प्यार ही ना हूँ..क्या फायदा .. इन सब का जब हम अपने के बीच बैठ की हँसी खुशी से बात ही नहीं कर सकती... (इशिका की आँखों से आँसू निकल के नीचे गिर गया)
राहुल इशिका को कुछ भी नहीं कह पाया उसके पास इसका कोई जवाब नहीं था.. उसने बस अपना हाथ आगे बढ़ाया और इशिका के हाथों पे रख दिया..इशिका राहुल को देखने लगी.
इशिका :- राहुल.. क्या किसी के पास टाइम नहीं है इस पत्थर दिल वाले इंसान को प्यार करने के लिए.बिलकल भी नहीं..
राहुल ने इशिका के सर को पकड़ा और अपने कंधे पे रख दिया..
राहुल :- इशिका कई बार जो हम कहते हैं वो हमें नहीं मिलता जिसका दुख हमें हमेशा रहता है लेकिन इसका मतलब ये तो नहीं की वो चीज़ हमें कभी नहीं मिलेगी... तू रो मत प्लीज़.यू विल गेट और लव वन दे फॉर शुरू (उसने इशिका को अपने से अलग किया और उसकी आँखों से अंससू हटा दिये)
और वैसी.भी तू जैसी ब्यूटिफुल लड़की के पीछे तो हर लड़का लट्टू रहता है .. (थोड़ा मुस्कुराते हुई)
इशिका भी मुस्करा पड़ा राहुल की इस बात सी... और फिर अपना सर राहुल के कंधे पे रख दिया और राहुल के हाथ को पकड़ लिया फिर दोनों वैसे ही बातें रही.
कहने के लिए बहुत कुछ है.. बांटने के लिए भी बहुत कुछ है. ये दिल प्यार बहुत करता है पर ना जाने क्यों बोलने से हर बार डरता है.
उधर नीचे...
सोनल निकुल के उप्पर से हाथ की साइड में गिर गयी..निकुल उसकी तरफ देखते हुई..
निकुल :- सोनल ई डोंट बिलीव अभी दीदी इट. रियली आज शायद में बोल दम जो में कहना कहता था..
सोनल :- वॉट..(अपने शरीर पे हाथ घूमते हुए)
निकुल :- ई लव यू सोनल.ई लव यू सो मच.
व्हात्ट...सोनल चौंक्ति हुई खड़ी हो गयी..वॉट अरे यू सेयिंग.
राहुल ई आम हियर फॉर जस्ट सेयिंग सॉरी तो यू. यू कनव वॉट..ई फील वेरी बाद व्हटेवेर ई दो.. व्हटेवेर ई से. ई आम सो सॉरी (बोलते हुई रोने लगी.) राहुल उससे देखता रहा ..सोचने लगा कुछ देर पहले ये कैसी थी और अब कैसी.
राहुल तुझे पता है ई डोंट कनव थे मीनिंग ऑफ फ़ीलिंग्स. इसलिए कभी कभी ऐसी हरकत कर देती हूँ.ई कनव मुझ जैसी लड़की से कोई प्यार ने कर सकता..इसलिए में ऐसी हूँ.मुझसे गलती हो गयी..प्लीज़ फर्गिव में. (सोनल ने हाथ जोड़ते हुई राहुल के सामने सर झुका लिया और रोने लगी..)
राहुल भी कुछ देर सोचने लगा.फिर उसने सोनल को सीधा किया और उसके आँखों से अनसो हटाए..
राहुल :- इट्स ओके. और ई आम सॉरी टू.. मुझे तुझ पे हाथ नहीं उठता कही था..ई आम सॉरी.
सोनल :- श थेन्क यू.. (बोलते ही सोनल ने राहुल को एक हग दिया और फिर अलग होते हुई) फ्रेंड्स अगेन..
अपना हाथ आगे बढ़ाया..जिससे राहुल ने भी खुशी खुशी आक्सेप्ट करते हुई हाथ को आगे बढ़ाया...
ट्रेन खड़ी है जो ढुनडनली दिखाई दे रही है. लोग चलते हुई दिख रहे हैं पर सब ढूंडले दिख रहे हैं.. धीरे धीरे सब चल रहे हैं आपस में बात करते हुई.
अरे यार टाइम क्या हुआ है. कुबेर ने राहुल के कंधे पे हाथ रखते हुई पूछा..
राहुल ने घड़ी में टाइम देख की कहा की 8 बजने वाले हैं और फिर टाइम देख के सामने देखने लगा सामने ट्रेन का नंबर लिखा हुआ था.. जो कुछ ढूंढ़ना ढुनडनला था.. एक एक नंबर करके आँखों के सामने आ रहे थी लेकिन सार ढूंडली दिख रहे थी.
राहुल के चेहरे पे टेन्शन की लकेरेन बन रही थी वो बार बार अपनी आँख मिच रहा था चेयर पे बैठ की मानो कोई बहुत बुरी चीज़ देख रहा हूँ उसके हाथ चेयर के हैंडिल को खास के पकड़े बैठे थी..
तभी वो धीरे धीरी चीलाया..
में तुझे बच्चा लंग्ज़ इसी.. डोंट वरी .. ई विल दो फॉर यू नू.नूओ.नूऊऊऊऊऊऊ (वो ज़ोर से चीलाया और एक दम से उसकी आँख खुल गयी.)
राहुल के माथे पे पसीना ही पसीना था..
श गोद..नोट अगेन.. ये सपना बार बार क्यों आ रहा है मुझे.. पीछा क्यों नहीं चोद रहा..जबकि उसे ट्रेन का तो आक्सिडेंट हुआ ही नहीं...
तभी दूर पे नॉक हुआ. राहुल व्हत अरे यू डूयिंग.. कम फास्ट अभी अरे गेटिंग लेट.. बाहर से इशिका ने आवाज़ लगाई..
राहुल :- ये ये ई आम रेडी कम इन आ मिनट.(बोलते हुई वो वॉशरूम में घुस गया)
15 मिनट बाद सभी फार्महाउस के दरवाजा पे खड़े थी जाने के लिए..
सोनल :- अच्छा काका.. अभी अरे गोयिंग.. वैसे काफी अच्छा लगा यहाँ आकर..क्यों गाइस..
यअहह अभी हद लॉट्स ऑफ फन हियर.. सभी ने वहां सी अलविदा ली और स्टेशन की तरफ चल दिये. वही घंटे भर का रास्ता तय करके सभी स्टेशन पहुंच गयी..
सार चलते हुई प्लेटफॉर्म पे पहुंच गयी.काफी लोग तो नहीं थी लेकिन उसे दिन के इस्सब से आज यहाँ स्टेशन पे लोग कहदे थी.पर अभी तक ट्रेन नहीं आई थी..
सोनल :- अभी अरे ऑन टाइम.
वैसे टिकट पे क्या टाइम है.. दीक्षा ने अरमान के हाथों में हाथ डाल के पूछा.
श ई विल चेक थे टिकेट्स इंतजार आ मिनट.. सोनल बोतल हुई अपने हेंड बीए में हाथ डालती है और टिकट
ढूंढ. रही होती है की वो कुछ बाहर निकलती है जिसकी वजह से वो टिकट बैग में से बाहर आकर नीचे ज़मीन पे गिर जाती थी है..
श शिट्स. सोनल बोलती है..
नो वरी ई ल्ल कलेक्ट. राहुल बोल की झुक के टिकट उठता है..
और तभी उसकी नज़र टिकट की डेट पे पड़ती है..एक टिकट थी उनकी 20 की जो उन्होंने मिस कर दी थी.. राहुल की नज़र उसकी ट्रेन के नंबर पे गया. जो नंबर था. राहुल के दिमाग में पत्नी क्या चल रहा था..उसने उसे टिकट को नीचे किया और उसके नीचे वाली टिक्क्त को
देखा.. उसे टिकट की डेट थी 21 जिस दिन उन्होंने वो ट्रेन पकड़ी थी... उसने उसका ंम्बेर चेक किया..
राहुल की आँखें बड़ी हो गयी .. उसकी दिल की ढक्कन तेज चली लगी.उसने काँपते हाथों से उसे टिकट को नीचे किया और आखिरी टिकट उसके सामने आ गयी...
साथ ही साथ.ट्रेन का हॉर्न जोरों से बजता हुआा प्लेटफॉर्म पे आने लगग्गी...सभी के चेहरे पे एक काम और कूल कंडीशन्स थी. लेकिन राहुल इस वक्त परेशान था बहुत परेशान..
राहुल ने टिकट देखी..डेट 28त.. उसका हलक सूखने लगा.और फिर उसने टिकट का नंबर देखा..
नंबर देखते ही राहुल ने सामने की तरफ देखा.जहाँ ट्रेन के डब्बे पे ट्रेन नंबर लिखा था 12000028 बिलकुल उसकी आँखों के सामने... और अचानक उससे ऐसा लगा मानो सब कुछ रुक गया हूँ..
उसके पास से गुजर रहे लोग.धीरे धीरे चलते हुई नज़र आ रहे थी.हँसी मज़ाक करते उसके दोस्त उससे धीरे धीरे सुनाई दे रहे थे....फिर तभी उसका माइंड उससे उसके सपने में ली गया.जहाँ पी उससे वो दिखा.जो अभी तक नहीं दिखा था. वो ढुनडनले नुंबेर्सस. जो की ट्रेन की डब्बे पे लिखे हुई थे....वो उसकी आँखों के सामने क्लीयर होती चले गयी..
नंबर्स आँखों के सामने आती हीई वो मानो होश में आया. उसने सामने देखा की सभी ट्रेन के पास पहुंच गये थी उसमें बैठने के लिए.. और फिर उसकी नज़र इशिका पर पड़ा जो अपना सूट केस उठा की ट्रेन के करीब पहुंच गयी थी... तभी.
राहुल ज़ोर से चीलआयाअ..
नूऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊओ.....(उसके हाथ से टिकट चुत गयी और वो टिकट धीरे धीरे हवा के सहारे उड़ती हुई नीचे ज़मीन पे गिर गयी..)
सभी राहुल को यूँ छिलता देख घबरा गयी और उसकी तरफ देखने लगी..सब एक दम कन्फ्यूज़्ड थी की आख़िर राहुल को क्या हुआ..
अभी कॅंट गो .. अभी.कॅंट..ट्रॅवेल ऑन तीस ट्रेन.. अभी कॅंट दो डेठ..(राहुल सबके पास अट्टी हुई बोला)
इशिका :- वॉट हॅपन राहुल अरे यू ओके?
राहुल :- (इशिका के कंधे को पकड़ की) इशिका अभी कॅंट गो इन तीस ट्रेन .. तीस ट्रेन विल नेवेर रीच हिज़ डेस्टिनेशन...
इशिका :- वॉट अरे यू सेयिंग.. ई आम नोट एबल तो अंडरस्टॅंड?
राहुल :- इशिका तीस डॅम ट्रेन विल नोट रीच्ड इट्स डेस्टिनेशन..इस ट्रेन का आक्सिडेंट हो जाएगा.
ये फिर से शुरू हो गया. अरमान इरिटेशन में बोला..
श मान.तीस गाइस हॅव सेम सीरियस प्राब्लम. टान्या ने रिचा से कहा.
बाकी सभी हक्के बाक्के रही गये थी एक बार फिर से राहुल की बात सुन के.
इशिका ने राहुल की तरफ देखा मानो कह रही हूँ..राहुल व्हतस हॅपन तो यू.. नोट अगेन..
राहुल :- इशिका बेलेवे में प्लीज़.. ई आम नोट जोकिंग.. ई आम नोट .. (असमंजस में पड़ता हुआ) प्लीज़ बिलीव में.. प्लीज़..ई विल तेल यू एवेरितिंग.पर इस वक्त इस ट्रेन में ट्रॅवेल नहीं करेंगी हम प्लीज़.. (राहुल की आँखों में परेशानी साफ दिख रही थी)
सोनल :- पर वॉट हॅपन विद यू अगेन. लुक राहुल ई थिंक यू नींद आ मेडिकेशन..
पर राहुल उसकी बातों को चोद की सिर्फ़ इशिका को देख रहा था.उसकी आँखों में देख रहा था..इशिका भी उसकी आँखों में देखी रही थी..
राहुल :- प्लीज़..प्लीज़...
तभी इशिका ने आँखें बंद की..मानो ड्सिसन लेने का फैसला कर रही हूँ की क्या करे और क्या ना करे..
इशिका :- ओहककक... अभी विल नोट ट्रॅवेल इन तीस ट्रेन..
इशिका ने इतना कहा की राहुल की जान में जान आई..
अरमान :- वॉट थे फक इस डेठ?
टान्या :- ये व्हत थे हेल .. हे इस प्सस्ीको सोनल रियली.हे ड्यूड यू नींद आ प्सछयतरस्ट..
इशिका :- हे प्लीज़ माइंड और टंग..
रोका :- व्हत टंग..टान्या इस राइट हे इस रियली आ ऑक्वर्ड बॉय..एल्ल्ल..
दीक्षा :- राहुल इस इट रियली ट्रू? (घबराती हुई पूछती है)
राहुल अपनी हाँ में गर्दन हिला देता है..
तभी ट्रेन का साइरन बज जाता है..
लुक इफ़ यू डोंट वॉंट तो गो ई विल नोट केर.. बेक ई आम गोयिंग..फॉलो में रिचा.. टान्या बोलते हुई ट्रेन में चढ़
जाती थी है...और उसके पीछे पीछे रिचा भी..
हे लिसन तो में.प्लीज़ बहुत ऑफ यू.. ई बैग यू .. कम बेक.. प्लीज़ बिलीव में... राहुल उन्हें बहुत फोर्स करता है लेकिन दोनों में से कोई नहीं उतरती..
अरमान :- ई आम गोयिंग टू..
दिस्खा :- नू यू विल नोट
अरमान :- पर दीक्षा..
दीक्षा :- ई साइड ना यू विल नोट.
और फिर तभी ट्रेन अपना फाइनल सिग्नल देती है और धीरे धीरी चलने लगती है..
राहुल :- सोनल प्लीज़.तेल देम प्लीज़.रोक उन्हीं जाने सी.सोनल.(वो उससे हिलाते हुई बोलता है)
और फिर ट्रेन की पीछे भागता है..उन दोनों को समझने के लिए.लेकिन वो दोनों तो मुंह फूला की अंदर चली जाती थी है.राहुल हांफता हुआ वहीं रुक जाता है...उसके चेहरे पी परेशानी हे परेशानी थी..
वो मूंड़ के सबको देखता है.जहाँ पे सभी कहदे उससे देख रहे थे..थोड़ी देर पहले जो सब हँसी खुशी आए थे..वो इस वक्त एक अजीब से असमनजस में फँसे हुए थी..
रात के 11 बजे. कोई भी वापिस नहीं गया था प्लेटफॉर्म में बना छोटा सा कमरा सब उसमें बैठे थे. सभी परेशान थी..सबका हाल बुरा था.अरमान को काफी गुस्सा आ रहा था..राहुल के चेहरे पे टेन्शन था.. ठंड काफी बाद गयी थी लेकिन थकान और टेन्शन भरे माहौल में नींद ने सबको अपनी पकड़ में कैद कर लिया और सब सो गयी..
सुबह.करीब 6 बाजी.
कमरे के अंदर सबको कुछ शोर सुनाई दिया.. सभी एक दम से उठ गयी..
निकुल :- क्या हो रहा है यार. (अंगडायाँ लेते हुई)
राहुल :- बाहर जाक्र देखेटे हैं.
फिर सभी उठ की बाहर चले जाते हैं.सामने एक छोटे से कमरे में जहाँ स्टेशन का स्टाफ बैठा था उसके बाहर कुछ लोगों की भीड़ जमा थी और वो सब चिल्ला रहे थे.ए..
निकुल :- क्या हुआ भाई साहब क्यों चिल्ला रहे हूँ..
अरे आपको पता नहीं कल क्या हुआ..वो आदमी घबराते हुई बोला..
अरे कल उसे दिल्ली जा रही ट्रेन का भयानक हादसा हो गया पूरी की पूरी रैन पुल समेट नड्डी में बह गयी . कोई नहीं बच्चा सब मर गयी.. ये पोल्तिक्स देख को कहतम कर देगा किस दिन. वो स्टाफ फोन को तेजी से नीचे रखता हुआ चिल्लाते हुई बोला.
सभी राहुल को घूरने लगे.सबके हाथ उनके मुंह पे चली गयी... राहुल भी परेस्शनि में चला गया था...
आधे घंटे बाद.सबके हाथ में चाय के कप थी..लेकिन हिम्मत किसी की नहीं हो रही थी बोलने की..
फिर..
हाउ दीदी यू कनव अबत तीस ऑल? सोनल ने सवाल कर ही डाला.
और शायद राहुल इस सवाल का इंतजार कर रहा था.
मेरे ये सपने ये ड्रीम्स पता नहीं क्यों मुझे आ हैं.और क्या मतलब है मुझसे इनका. पर जब उसे दिन ये सपना आया तो में काफी डर गया था..मैंने एक एक की डेत अपनी आँखों के सामने देखी थी इट वाज़ वेरी हॉरिबल.में बहुत डर गया था क्यों की ऐसे सपने मुझे 2 बार और पहले आ चुके हैं और थे बहुत हॅव सेम रिज़ल्ट . (ये बात सुन के सब को एक बार और शॉक लगा) पर उसे ट्रेन को कुछ नहीं हुआ वो सही सलामत पहुंच गयी.. ई थॉट की ये सपना ऐसा हे होगा.पर ई वाज़ रॉंग.ये सपना बार बार मुझे आने लगा. में इसका आन्सर नहीं ढूंढ. पा रहा था की ऐसा क्यों हो रहा है.पर अभी स्टेशन पहुंच की जब मैंने टिकट चेक करी.तो ऑल थे टिकेट्स हॅव सेम रेआसोन्सस.. हॅव सम्तिंग इन इट..लाइक.. ऑन थे 20त डेट लास्ट टू नंबर्स ऑफ ट्रेन नो. इस 20. और 21 हॅव 21.. और फॉर लास्ट दे यानि की 28. थे ट्रेन नंबर इस 28 टू.
दीक्षा :- पर हाउ यू कनव त्त की आक्सिडेंट 28 को हे होगा..
डेठ वाज़ इन में ड्रीम .. ट्रेन का नंबर तो दिखता था पर नोट क्लीयर.. पर जब कल ट्रेन का नंबर वो मेरी आँखों पे पड़ा तो वो धुँधलापन क्लीयर हो गया..और..
और हम यहाँ आज चाय का कप लेकर बैठे हैं चलो शुक्र है हम बच गयी...निकुल हल्का सा मुस्कुराते
हुई बोला..मानो अपनी किस्मत पी यकीन नहीं हो रहा हो की वो आज ज़िंदा है..
सोनल :- ई लॉस्ट में 2 फ्रेंड्स दंडीद..(सोनल थोड़ा चिद्ड़ते हुए बोली)
निकुल :- वो दोनों खुद अपनी गलती से मर्री है
सोनल :- निकुल यू.
प्लीज़ इस वक्त लाड़िए मत. क्या ये टाइम ऐसे लड़ने का है.. कोमल ने शांति से समझाया.. और फिर से एक बार शांति फैल गयी..
आज से पहले ना कभी मैंने ये देखा है और ना ही सुना है. कुबेर ने चाय की एक सीप लेते हुई कहा उसके हाथ कांप रहे थे.
अभी अभी सबने अपनी मौत को बहुत करीब से देखा था. बस एक फैसले ने सभी की जिंदगी को बच्चा लिया था शायद... शायद यही वो वक्त था जिसने सबकी टेबल को बदल दिया..
कोमल :- इसी आज राहुल की वजह से में यहाँ हूँ निकुल के साथ (निकुल का हाथ पकड़ के खड़ी हो जाती थी है)
निकुल :- अगर राहुल नहीं होता तो में ये कभी नहीं जान पता.. की ये पागल मुझसे कितना प्यार करती है.
कोमल :- तू भी नहीं जान पाई इसी.. पर उससे दिख गया था की में प्यार करती हूँ निकुल से.
इशिका कुछ नहीं बोली बॅस बैठी दोनों की बातें सुउन रही थी..
निकुल :- जिसे दिन राहुल और तेरा वो सब हुआ उसे दिन के बाद सब कुछ बिखर सा गया जैसा की तू जानती है.. कॉलेज खत्म होने के बाद जब हम सब अलग हुई.तभी एक दिन मेरे दरवाजे पे नॉक हुआ..और जब मैंने दरवाजा खोला तो कोई नहीं था.बस था तो ये..
निकुल ने अपने हाथ में एक पेपर दिखाया जो फोल्ड था.और इशिका की तरफ बड़ा दिया.इशिका ने एक पल दोनों को देखा फिर उस पेपर को देखा.फिर काँपते हाथों से उससे निकुल से ले लिया और धीरे धीरे कर की उससे खोल दिया..
कोमल :- पढ़ इसे इसी..
इशिका :- में कैसे.. (इशिका ने काँपते स्वर में कहा लेकिन फिर उसे लेटर को देखने लगी जिसमें लिखा था)
ही निकुल.. में जनता हूँ की तू मुझसे कोई बात नहीं करना कहता..ना ही कोई और भी मुझसे बात करना कहता है.. और मुझे किसी से कोई भी प्राब्लम नहीं है. पर में कहता हूँ मेरी ये बात ध्यान से पाड़ियो प्लीज़ अगर कभी इस लड़के को दोस्त मना हो तो एक बार ये लेटर पूरा पढ़ लियो क्यों की जब तक ये तुझे मिलेगा तब तक में यहाँ नहीं मिलूँगा ... में सिर्फ़ इतना कहना कहता हूँ निकुल की कोई है जो तुझे पागलों की तरह प्यार करता है पर कभी कुछ नहीं कह पटाअ.. वो तुझसे ना जाने कब से प्यार करती है .. हर बार मैंने उसकी आँखों में तेरे लिए प्यार देखा है हर बार... वो लड़की कोई और नहीं कोमल है निकुल कोमल. में ये जनता हूँ वो लड़की कभी तुझे नहीं बोलेगी की वो तुझसे पागलों की तरह प्यार करती है और ये भी जनता हूँ की तू उससे प्यार नहीं करता. लेकिन दोस्त बहुत कम इंसान होते हैं जिन्हें कोई पागलों की तरह कहता है. लेकिन फिर भी उससे वो प्यार नहीं मिल पता.. में बस यही कहता हूँ एक बार उससे मौका दे उससे प्यार करने का फिर देख प्यार का जादू.. तुझे अपनी जिंदगी के सबसे अच्छे एहसास की अनुभूति होगी.. जैसे मुझे हुई थी मैंने भी इशिका से पागलों की तरह प्यार किया लेकिन शायद एक गलती कर दी.. जिसकी मुझे बहुत बड़ी सजा मिल्ली. इसलिए में ये नहीं कहता था की वो कोमल के साथ भी . उसे प्यारी सी लड़की के पास उसका नाज़ुक दिल हे तो है अगर वो टूट गया तो वो बिखर जाएगी... जनता हूँ क्या सोच रहा है.. तेरा और सोनल के बारे में ना.. तो उसकी चिंता मत कर कोमल को उसे रात के बारे में सब पता है. और वो उसे बड़ी में तुझसे कभी कोई बात नहीं करेगी. भाई में तुझसे हाथ जोड़ता हूँ प्लीज़. कोमल को अपना ली उसके पास चला जा .. वो तुझसे सच दिल से प्यार करती है प्लीज़ में जनता हूँ की तू मेरी बातों पे विश्वास नहीं कर रहा गा पर प्लीज़ एक बार सिर्फ़ एक बार कोमल के पास जा . उसकी आँखों में देख.. तुझे दीखेगा की कितना प्यार है उसके दिल में तेरे लिए..
राहुल...
इशिका ने पूरा लेटर पड़ा और दोनों की तरफ देखने लगी उसके मान में अभी भी बहुत से सवाल घूम रहे थी..
निकुल :- जानती हूँ क्या सोच रही है. आक्च्युयली ट्रिप की एक रात को सोनल ने मेरे साथ वो किया जो बहुत गलत था शी सीड्यूसस में. उसके बाद हम इंटेंेंट हुई.. मैंने उसके साथ सिर्फ़ इसलिए वो सब किया की में उससे प्यार करता था.पर वो तो सिर्फ़ लस्ट से भारी हुई थी..
तभी जब उसे रात मैंने निकुल और सोनल को देखा तो में टूट गयी थी फिर मुझे राहुल ने संभाला. उसने ही मुझे कहा.. की प्यार शरीर से नहीं होता दिल से होता है.. अगर निकुल ने कोई गलती की है..और अगर वो तुझसे प्यार करने लगेगा तब वो अपनी गलती को जरूर आक्सेप्ट करेगा..पर में उससे प्यार करना बंद ना करूँ .. क्यों की कई बार गलत फेमी बहुत कुछ बदल देती है.. कोमल ने एक सांस में कहा..
इशिका :- वो तो कहेगा ही कोमल तुझे..उसने भी तो यही किया था..(इशिका गुस्स्से में खड़ी होकर बोली)
नहीं . इसी. जैसे उसने निकुल को सिड्यूस करा था सेम राहुल के साथ भी उसने वैसे ही किया था..और पता है निकुल से पहली उसने क्या किया था उसे जगह पी.(फिर कोमल वो बात बताती है जब राहुल ने सोनल को थप्पड़ मारा था)
इशिका ये सब सुन के शॉक्ड हो जाती थी है..
निकुल :- बॅस इसी का बदला लिया था उसने राहुल से...
कोमल :- इसी उसने अपनी लाइफ की सारी खुशी हम दोनों को दे दी.. बिना कुछ माँगी.. फिर भी तुझे ऐसा लगता है की उसे इंसान के दिल में सिर्फ़ धोका भरा हुआ है तू ही बता.. अगर उसके दिल में ये सब था तो फिर क्यों उसने हम दोनों को मिलाया..तू खुद ही बता...
इशिका की आँखें नाम हो जाती थी है.. लेकिन वो कुछ नहीं बोलती.और फिर बिना कुछ बोले वहां से निकल जाती थी है..
रात को डिनर के टाइम.
यार सच कोमल बहुत ही टेस्टी डिनर बनाया था तूने... राहुल ने हाथ ढोते हुए कहा. निकुल यार तेरे तो मजे हैं. सच में.
निकुल :- हाँ वो तो है.
राहुल :- क्या हुआ..कोई बात हुई है.
निकुल :- इशिका को सब कुछ बता दिया हमने. (निकुल ने डायरेक्ट पॉइंट की बात बता दी)
निकुल की बात सुन के राहुल एक पल के लिए शॉक्ड हुआ .. पर
राहुल :- अब कोई फायदा नहीं है यार उन बातों का. जाने दी. में भी इस बारे मैंने बात नहीं करना कहता.. (वो आराम से सोफे पे बैठ गया)
कोमल :- राहुल कल हमने घूमने जाने का प्रोग्राम बनाया है..तुम चलेंगे.. (बात को चेंज करते हुए)
राहुल :- कल .कल.. नहीं यार आक्च्युयली 10 बजे मुझे मेरे बॉस के किसी आदमी से मिलना है..तो पॉसिबल नहीं होगा.
निकुल :- संडे को भी.
राहुल :- हाँ या.आर. हम लोगों के लिए क्या संडे क्या मंडे..
कोमल :- में नहीं जानती..तुम आओगे आओगी.आओगी.(कोमल ने चिथड़े हुई कहा)
निकुल :- अब तो आना पड़ेगा. 3 बार बोला है इसने तुझे.. मुझे 1 बार बोल देती है तो वो काम करना पड़ता है .. तुझे तो 3 बार बोला है ना तो तू कर ही नहीं सकता.
राहुल :- अरे यार तू तो समझ कैसे में
कोमल :- अगर नहीं आया ना तो बॅस मुझसे बुरा कोई नहीं होगा.(बोलते हुए किचन में चली गयी)
राहुल :- बहुत गुस्सा आ गया है इसमें तो..शी चेंज्ड आ लॉट..
निकुल :- हाँ यार.बहुत चेंज आ गया है इसमें और तुझमें भी..
राहुल :- क्या मतलब?
निकुल :- तू आज भी इशिका से उतना हे प्यार करता है ना जितना की पहले..
राहुल :- शायद हाँ.पर उसका कोई फायदा नहीं.. मैंने जो गलती की शायद उसकी यही सजा थी.चोद सब..
निकुल :- कल टाइम पी आ जइयो नहीं तो ये कोमल .. अपनी कोमलता चोद देगी..
तेंनो एक ग्राउंड में से खड़े थी झन आस पास बहुत सार लोग घूम रहे थे..
तेंनो से मतलब है. कोमल , निकुल और इशिका.
कोमल :- कितनी देर में आ रहा है?
निकुल :- फोन मिलाया था पर उसने उठाया नहीं.
कोमल :- में नहीं छोड़ूँगी उससे अगर वो नहीं आया ..
निकुल :- यार ये अच्छी जिद है एक तो वैसे तूने ये छिड़या घर जैसी जगह ढुंडई है घूमने के लिए यहाँ हम
निकुल पूरा नहीं बोल पता है क्यों की कोमल उसे घूरने लगती है..दोनों आपस में फूसुआ रहे थी जिससे इशिका नहीं सुन पा रही थी..वो थोड़ी दूर खड़ी एक कपल को देख रही थी..जो हाथों में हाथ डल्ले एक दूसरे को इसे क्रीम खिल्ल रहे थी.
इशिका के चेहरे पे उदासी के भाव साफ दिखाई दे रहे थे.ए.जो की निकुल और कोमल ने देख ली थी पर दोनों कुछ नहीं बोल रहे थी..
आधा घंटा उन्हीं ही बीत गया.
कोमल :- निकुल ट्राइ करो ना राहुल को दुबारा 11:00 बज गये हैं.
निकुल :- हाँ हाँ एक मिनट...(निकुल फोन करता है मिलने के लिए के तभी)
उसके कंधे पे कोई हाथ रखता है.निकुल पीछे मुड़ता है..
लू आ गये भाई साहब. उसने अपना फोन पॉकेट मैंने रखते हुई कहाआ
राहुल :- सॉरी यार लेट हो.(राहुल इतना बोलता है की उसकी नज़र इशिका पे पड़ती है जो की अभी भी कपल को हे देख रही थी)
राहुल निकुल और कोमल को घूरता है मानो पूछ रहा हूँ..यार आख़िर ऐसा क्यों कर रहे हूँ.
कोई भी कुछ भी कहता या सुनता .. अचानक वहां पे अफ़रा तफ़री सी मच गयी..
भगगूऊऊऊऊऊ भगग्गूऊऊऊऊऊऊऊऊ..अचानक सी वहां खड़े लोग चील्ला ते हुई भागने लगी चारों अचानक से हुई इस वाकये हुए देख के घबरा गयी.उन्हें कुछ समझ नहीं आया की आख़िर ये हुआ क्या अचानक ससी..
अचानक से वहां अफ़रा तफ़री मच गयी.. सब लोग इधर उधर भागने लगे.. ये देख चारों थोड़ा घबरा गये की अचानक ये सब क्या हो रहा है..इशिका भी जब होश में आई जब उसका हाथ किसी ने पकड़ा उसके अपनी गर्दन घुमाई तो देखा राहुल ने पकड़ा हुआ हे.. वो कुछ बोलने ही वाली थी की तभी..
निकुल ने एक आदमी को पकड़ के पूछा..
निकुल :- क्या हुआ भाई साहब ऐसे क्यों भाग रहे हूँ.क्या हुआ है..
वो आदमी हांफता हुआ.. अरे. भाई साहब आपको नहीं पता चला. इस जगह पे रखे गये सार हाथी पागल हो गये हैं और वो बेकाबू हुक अपनी जगह से बाहर निकल गाए हैं और इधर उधर भाग रहे हैं. आप भी जल्दी से निकल जय नहीं तो .(वो पूरा नहीं बोला और भाग गया)
चारों एक दूसरी की शक्ल देखने लगी की तभी उन्हें एक हाथी की चिल्लाने की आवाज़ आईइ...जब चारों ने सामने देखा तो एक हाथी उनकी ही तरफ भागते हुई आ रहा था.. चारों की शक्ल की हवैइयाँ उड़ गयी...
निकुल ने कोमल का हाथ पाकड़ा.और ज़ोर से चीलाया. "राहुल भगग्ज्ग" बोल के निकुल तो कोमल को लेकर भागने लगा.
राहुल एक दम से होश में आया उसने देखा हाथी बहुत ही करीब आ गया था उसने इशिका को पकड़े की एक तरफ खींचा तो दोनू एक तरफ को मिट्टी पे गिर गयी.और हाथी आगे की तरफ निकल गया..
राहुल :- इशिका लगी तो नहीं ना..
इशिका ने ना में गर्दन हिलाइ. राहुल खुद उठा और इशिका को उठाया. हर तरफ मिट्टी हवा में उड़ रही थी..इसलिए कुछ भी साफ नहीं दिख रहा था...
अचानक राहुल को लगा कोई बहुत तेज भागता हुआ उसके करीब आ रहा है...जैसे ही उसने गर्दन घुमाई तो उसके सामने हाथी दिखा जो उसकी तरफ भागते हुई आ रहा था... राहुल ने इशिका का हाथ पकड़ा..
इषिी भागगगगगगगगगगग...चिल्लाता हुआ उसको लेकर आगे भागने लगा.आ..
हाथी उन की पीछे भागते हुई आ रहा था.चारों तरफ लोग इधर उधर बहग रहे थी...
दूसरी तरफ एक लड़का कोन में इयरफोन लगाई सामने पिंजरे में कैद पक्षियूं के तसवेरेन ले रहा था उससे इस बात का शायद कोई अनुमान नहीं था की क्या हो रहा है उसके पीछे...वो अपनी फोटो लेने में व्यस्त थी.. क्की तभी एक भागता हुआ आदमी उससे जा टकराया..और उसके हाथ से कमरा चुत के नीचे गिर गया.
वॉट थे फक मान.. वो गुस्से में बोला और पीछे मुड़ा वो कुछ बोलता या कहताअ जब उसने पीछे का
नज़ारा देखा तो उसकी हालत खराब हो गयी.. एक साथ बहुत सार हाथी उसमें सामने कुछ दूर भाग रहे थे और लोग इधर उधर भाग रहे थी.उसे लड़के की हालत खराब हो गयी उसने अपना कमरा चोदा और वहां से भागने लगा . भागते हुई वो जैसी ही दूसरी जगह पे पहुंचा उसकी हालत और खराब हो गयी क्यों की उसके सामने से उसीी की तरफ एक हाथी भागता हुआ आ रहा था.वो लड़का वहां रुक गया और मूंड़ के वापिस पीछे भागने लगा.लेकिन भागते भागते उसका पर किसी पठार से जा टकराया और वो नीचे गिर गया.
वो जैसे ही सीधी हुआ उसकी आँखें खुल गयी.. क्यों की वो हाथी बेहद करीब पहुंच चुका था..
नाआहियीईईईईईईईईईई.. वो चीलाया..पर हाथी को उसकी चीख की कोई परवाह नहीं थी.वो भागता हुआ उसस्स लड़के के उप्पर आया और एक पैर उसकी चेस्ट पी और दूसरा उसके फेस पे दे माराआा...
उसका फेस किसी गुबारे की तरफ फुट गया और खून ही खून फैल गया चारों तरफ..और उसकी चट्टी की हड्डियाँ इतनी बुरी तरफ टूटी की उसका मास साइड से फट गया और हड़ियाँ बाहर आ ग्ाआईइ...
लेकिन शायद इतना भी नहीं था उसे हाथी के लिए.वो हाथी आगे जाकर रुका.और एक बार तेज आवाज़ में धदाअ और रुक गया और फिर वापिस मूंड़ की उसे लड़के की लाश के पास आया..जिसमें अब कुछ नहीं बच्चा था चेहरे की जगह जिसमें एक मास की पतली सी परत थी और सिर्फ़ खून खून ही खून.
हाथी ने उसे लाश को अपनी सूंढ़ से बारे प्यार से उठाया. और फिर उससे उठा की जोरों से फैंक दिया..वो लाश उड़ते उड़ते हवा में सीधी जा के तीन शेड की नुकीली धार पे गिरीई जिसकी वजह सी उसका आधा शरीर कट के एक तरफ गिर गया और आधा एक तरफ. और उसके शरीर की सारी चीज़ेंन अंतड़ियां.गुर्दे सब बाहर निकल की नीचे गिर गयी.
आआआआआआआआआआआआआआआआ...इशिका अपने सामने ऐसे दृषये को देख की अपनी चीख को नहीं रोक पाइइ..और उसने अपना सेहरा राहुल के छाती में दबा लिया..राहुल भी इतनी बुर्रे सीन को देख की हक्का बका रही गया था.
दोनों एक कोने में छोटी सी जगह में छुपे बैठे थी..जब ये लाश सीधे उनके सामने वाली तीन शेड पे आकर गिरी...
कल के चिड़िया घर के हादसा बताया जा रहा है हथियूं के अचानक ऐसे भड़क जाने की वजह से हुआ.. हमारे सूत्रों से पता चल है की करीब 6 हथियूं ने चिड़िया घर में बहुत ही बुररा वाकये कियाअ विस्तार में बताने के लिए हम सीधे चलते हैं छिड़या घर जहाँ हमारे संवाददता रमेश पूरी रिपोर्ट के साथ कहदे हैं. हाँ रमेश हमारी जनता जानना कहती है की असल में कल क्या हुआ था..
राहुल. इशिका.. कोमल.. और निकुल सभी टीवी के सामने बैठे न्यूज देख रहे थी. कल जो भी हुआ था इनके साथ बहुत ही भयानक था. किसी को भी कुछ भी हो सकता था..इसलिए सब के चेहरे पे इस वक्त एक डर एक कौफ्फ था.. टीवी में.
में अपने दर्शकों को ये बताता कहता हूँ की कल फ़्राइडे के दिन यानि की 9 तारीख को माफ कीजएगा 10
सेप्टेंबर 2020 को छिड़या घर में एक बहुत ही भयनक हादसा हुआ .. जिसमें कुछ हथियूं की झुंड ने यहाँ तहलका मचा दिया.. और हमें बताते हुई बड़ा दुख हो रहा है की इस भाग दौड़ और इस
हुमगमे में एक इंसान की मौत हो गयी है. हाँ एक इंसान की मौत हो गयी है. बाकी किसी की भी इंजूर्ड होने की खबर हमें नहीं मिली है.
अच्छा रमेश तो हमें ये बाटीई की वो मरने वाले शॅक्स का नाम क्या था क्या कोई खबर मिली.स्टूडियो में बैठे शॅक्स ने एक क्वेस्चन करा..
जी जी. हाँ बालकुल जानकारी मिली है. हमें पुलिस से जानकारी मिली है. उसे लाश का जो हाल था विक्रम हम आपको बयान नहीं कर सकते इतनी दर्दनाक और खौफनाक मौत मिली की हम उससे नेशनल टीवी पे नहीं दिखा सकते उसका सेहरा हटीयूं ने इतनी बुरी तरह से रौंदा है की उसे इंसान का सेहरा बच्चा ही नहीं है. बेहद ही दर्दनाक मौत मिली है उसे शॅक्स को.. जहाँ तक हममें जानकारी मिली है. वो कोई 24 या 25 साल का जवान लड़का था. ज्यादा जानकारी तो नहीं मिली है अभी पुलिस को..लेकिन उसे शॅक्स की थोड़ी बहुत जानकार उसके एक ई-
कार्ड से मिली है अभी तक पुलिस को..जिसमें उसका एक फोटो और उसका नाम था..
हाँ क्या नाम है और क्या आपके पास उसकी फोटो है.. हमारे दर्शक उसके बारे में जाने के लिए बेताब है..उसे स्टूडियो से एकक और क्वेस्चन आया.
जी फोटो तो नहीं है हमारे पास हाँ पर नाम जरूर है...
सोफे पे बैठी सभी उसस्स नाम को सुनाने के लिए बैठे थी...
जी उसका नाम था.. अरमान मलिक.. जी हाँ अरमान.. यही नाम था उसे शॅक्स का जिससे कल इस चिड़िया घर में बेहद दर्दनाक मौत मिल्ली है..कमरेमन सुधेश के साथ में रमेश छिड़या घर दिल्ली से.
इधर टीवी में फिर से स्टूडियो में वो आदमी बोलने लगा.
लेकिन नाम सुन की चारों सोफे से कहदे हो गयी.चारों के चेहरे पे से हवैइयाँ उडदी हुई थी..
श गोद. अरमान.. नो. ये नहीं हो सकता. इशिका ने मुंह पे हत रखते हुई कहा.
निकुल :- यार कोई और अरमान होगा.फोटो थोड़ी दिखाई है उसकी...
कोमल :- हाँ निकुल ठीक बोल रहा है.. कोई और होगा.
या शायद नहीं भी.. राहुल टीवी की तरफ बढ़ते हुई बोला.
जिससे सुन के सब चौंक जाते हैं..
निकुल :- क्या मतलब शायद नहीं..
राहुल ने टीवी बंद कर दिया और कमरे में शांति फैल गई. राहुल मुद्दा और तेंनो को देखने लगा..उसके चेहरे पी एक परेशानी साफ झलक रही थी..कुछ था जो वो समझा था और सब नहीं...
निकुल :- तू इतना यकीन से कैसे कह सकता है की ये वही अरमान है?
राहुल :- तुम्हारे पास अरमान का कॉंटॅक्ट है?
नहीं... तेंनो ने एक साथ कहा?
पर मेरे पास दीक्षा का नंबर है.. शायद वो बता दे अरमान के बारे में.. इशिका ने कॉंटॅक्ट्स खोले और साइड में जाकर दीक्षा को फोन मिलाया
राहुल :- शायद मलटब.. दीक्षा और अरमान अब रिलेशनशिप में नहीं है?
नहीं. दोनों का ब्रेकप हो गयी.. कोमल ने निकुल की तरफ देखते हुए कहा
निकुल :- हाँ वो तो होना ही था.. क्यों की दीक्षा और सोनल की बनने लगी..पता नहीं उसे बिच ने दीक्षा से यह कह दिया की अरमान ने टान्या और रिचा के साथ बालांगार्ह में यू कनव..साली बिच किसी को खुश नहीं रहने देती..
राहुल :- शी इस राइट निकुल.
क्या मतलब .. चौंकते हुई..
गाइस. अरमान इस डेड.. इशिका ने भारी आवाज़ में कहा..
तेंनो इशिका को घूरने लगी...
इशिका :- दीक्षा ने जब न्यूज देखी तो उसने चेक करने के लिए अरमान के घर पे फोन किया उससे वहां से पता चला. (इशिका ने बात को क्लीयर करते हुई कहा)
श गोद.. यानि की जो मैंने सोचा वो सही था.(राहुल अपने सर पे हाथ रखते हुई बोला)
कोमल :- लेकिन तूने क्या सोचा
निकुल :- हाँ और तुझे कैसे पता वो अरमान था..
इशिका :- इट्स अन्बिलीवबल अभी लॉस्ट और वन फ़्रेंड..
निकुल :- फ़्रेंड था.
गाइस यू रिमेंबर में फर्स्ट दे इन कॉलेज? राहुल ने दोनों की बात को अनसुनी करते हुई कहा..(उसकी बातों में एक घबराहट थी)
निकुल :- तू साफ साफ बोल यार..
कोमल :- राहुल यू साउंड वेरी डिफरेंट.. प्लीज़ तेल उस व्हत इस गोयिंग इन और माइंड..
राहुल तेंनो को घूरने लगता है.. तेंनो उसकी तरफ देख रहे थी.राहुल ने इशिका की तरफ देखा जो उसी को घूर रही थी.राहुल को अपनी तरफ घूरते देख उसने दूसरी तरफ मुंह कर लिया. राहुल ने एक धीरे सांस ली..
राहुल :- हम में याद दिलाता हूँ. याद है मेरा फर्स्ट दे जब में तुम्हारे ग्रुप में एड हुआ था उसे दिन में अरमान और दीक्षा के साथ बैठा था.. तभी हमारे सर ने अरमान को खड़ा कर की उसकी इन्सल्ट की थी और फिर जब उससे उस दिन की डेट पूछी गयी थी तब उसने क्या डेट बताई थी..
राहुल :- तो वो डेट कल थी निकुल 10 / 9 / 2020.. और अरमान की डेत कल हुई..
निकुल :- में कुछ नहीं समझा अभी भी..
हे इस राइट. उसे दिन अरमान को जो गलत डेट बताई थी वो राहुल ने ही बताई थी.. इशिका ने गंभीर सेहरा बनाते हुई कहा.
निकुल :- तुम दोनों मेरा सर चकरा रहे हूँ. 10/9/20 राहुल तूने ये डेट बातयी थी उसे दिन क्लास में और जबकि की उसे वक्त एअर था 2018. और अरमान की डेत हुई कल.. 10/9/2020. तो इससे क्या पता .. (निकुल बोलते हुई अपनी ही बात पे रुक गया और फिर बोला) श शितत्त...यानि की तेरी बताई हुई डेट को ही अरमान की डेत हुई?
बोलते हुए सब की तरफ देखने लगा .. लेकिन तीनों तो पहले ही समझ चुके थी..
कोमल :- इस इट आ कोइंसेंडेँसे. (कुछ देर की शांति के बाद कोमल बोली)
ई डोंट थिंक सो.. राहुल कहदे होते हुए बोला..
राहुल :- इसी.(इसी बोलने पर इशिका उससे घूरने लगी ..दोनों एक दूसरे को देखने लगे इस नाम से दोनों को कुछ पुराने पलों की गहरी याद आ गयी) इशिका (राहुल ने बाद में पूरा नाम लिया) तुम्हें पता है दीक्षा कहाँ है इस वक्त?
इशिका :- हाँ.. वो अपने ऑफिस में है.
राहुल :- ई वॉंट तो मीट हेयर...
उसके बाद इशिका निकुल और राहुल दीक्षा से मिलने चले जाते हैं..कोमल को घर पे ही रहने का बोल के.
आधे घंटे बाद.
लुक राहुल ई डोंट वॉंट तो टॉक अबौट हिं.. दीक्षा ने को कॉफी का एक सीप लेते हुई कहा..
राहुल :- दीक्षा हे इस नो मोर.. ई सी हिं डेड इन फ्रंट ऑफ में. अभी नो की वो कितनी बुरी मौत मारा है में तुम्हें शायद हे शाबों में बता सकूँ. मुझे पता है तुम अरमान से क्यों छिड़ रही हूँ हे चीटेड यू.. और हे डिज़र्व थे पनिशमेंट लेकिन अब वो मर गया है जो अपना गुस्सा थूक दे..और में जो बात करना कहता हूँ वो सुन..
दीक्षा :- हाउ वुड यू कनव हे चीटेड में.. यू अरे नोट हियर सिन्स.(वो इशिका की तरफ देखने लगी और अपनी बात को इनकंप्लीट रखी)
राहुल :- ई सॉ हिं डेठ नाइट. विद टान्या और रिचा. ई टोल्ड हिं गो और से सॉरी तो यू.. लेकिन हे रेफ्यूज़्ड और साइड तो में इफ़ ई एवर तेल यू.ई हॅव नतिंग तो प्रूफ हिं रॉंग. और हे वाज़ राइट.. ई हॅव नतिंग इसे ए प्रूफ.. और ई कनव त्त टू डेठ सोनल गेव यू थे प्रूफ..आम ई राइट..
दीक्षा कुछ नहीं बोली उसने को कॉफी का सीप लिया..
राहुल :- नाउ डोंट वेस्ट थे टाइम.. ई वॉंट तो टॉक वेरी इंपॉर्टेंट विद यू.. और यू हॅव तो आन्सर में..
दीक्षा :- ओहक अस्क?
निकुल और इशिका दोनों की बातों को ध्यान से सुन रहे थे.दोनों शॉक में भी थे की राहुल को इतना सब कुछ पता था लेकिन उसने आज तक किसी से कुछ नहीं कहा था.
राहुल :- फर्स्ट तेल में. तुम्हारा ब्रेकप कब हुआ.
हम रीसेंट्ली हुआ यही कोई 4 या 5 दिन हुए हैं.
राहुल :- क्यों सोनल ने तुम्हें पहले क्यों नहीं बताया और अभी ही क्यों बताया?
दीक्षा :- त्तस नन ऑफ और बिज़्नेस ई थिंक. (उसने थोड़ा रूड्ली आन्सर दिया)
ओहक..फाइन. 4 ओर 5 डेज़ बेक... राहुल कुछ सोचने लगा..उसके बाद उसने दूसरा सवाल किया..
राहुल :- तेरा ये ऑफिस ठीक उसे चिड़िया घर के सामने है. उसे दिन तू कहाँ थी जब ये आक्सिडेंट हुआ?
दीक्षा :- ऑब्वियस ऑफिस में हे थी..
तूने न्यूज कब देखी?
थोड़ी देर पहले..
अगर तेरा अरमान से ब्रेकप हुआ था तो तूने उसके घर फोन क्यों किया ये न्यूज देख की..?
दीक्षा थोड़ा घबराई इस सवाल से.. जस्ट फॉर आ कोनेर्नेड.
राहुल कुछ देर बैठ की सोचता रहा..बातों को आपस में जोड़ने लगा..
राहुल :- ओहकक.. थेन्क यू फॉर और टाइम. और कुछ पूछना होगा तो में कॉल करूँगा..(उठ के जाने लगा)
निकुल और इशिका भी उठ गयी. और राहुल के पीछे चल दिये. पर दीक्षा तो मजे में को कॉफी का सीप लेते हुई हँसने लगी..
यही कुछ सवाल करने थे तुझे. ऑफिस से बाहर निकलते ही निकुल ने अपने सवाल किया..
राहुल :- ये चोट से सवलों ने ही सर चकरा दिया है..
साफ साफ बोला कर. एक तो ये तेरे तेडे ज्वाबों का कोई जवाब नहीं होता मीरे पास..
राहुल :- घर चल सब बताता हूँ..जितना पता चला है.
घंटे बाद सब निकुल के घर पे बैठे थी..
अगर में छोटी छोटी चीज़ों को जोड़ूं . तो अभत कुछ ऐसा आता है जिससे मुझे सोचने पर मजबूर कर दिया है की अरमान की डेत कोई आक्सिडेंट नहीं थी..एक प्री प्लॅंड डेत थी..
वॉट यू मीन बायें प्रेपलन्नेड़..? इशिका छुआकते हुई बोली..
अजीब है ये बात जनता हूँ.. पर जो बात अब करूँगा उससे जोड़ो.तब शायद मेरी बात समझ आई.. पहला पॉइंट. 10/9/20 की डेट मेरे मुंह से अचानक निकलना.. उसके बाद सेम डेट को अरमान की डेत होना..
नेक्स्ट पॉइंट.. दीक्षा और अरमान का ब्रेकप. उनका ब्रेकुप उसी दिन होना जिस दिन मेरा दिल्ली आने का फैसला हुआ..
त्रिद पॉइंट.. हम सब का एक ही जगह पे होना..
पहले 2 पोन्िंट समझ आ गयी तेरे..लेकिन त्रिद वाला कैसे.. सोनल और कुबेर उसे जगह पे थे ये कैसे सुरीटी ले रहा है तू. निकुल ने सवाल किया.
राहुल :- हो सकता है ना भी हो.. पर में उन्हें ले कर चल रहा हूँ..क्या पता वो हो वहीं पर..उसके आस पास कहीं भी. हमें ये बात को कन्फर्म करना पड़ेगा.
रात 12 बजे.
डिस्को में. तेज गन्ने चल रहा था.लोग डांस कर रहे थी..झूम रहे थे..शराब के नशे में दूत थी.
एक कोने में..
आज सबको मेरी तरफ से पार्टी उूओ... चीरसस... दिखशा ने दारू की बॉटल को उठाते हुई कहा.. सबने बॉटल से बॉटल बजा की चियर्स कहा..
वैसे दीक्षा आज तू बहुत खुश दिख रही है..क्या बात है यार.. उसके साथ में बैठी फ़्रेंड ने कहा..
दीक्षा :- ओह यार ई कॅंट एक्सप्रेस में हॅपीनेस टुडे ई आम वेरी हॅपी?
अरे हॅपी होने का राज़ हमें भी तो बता. एक दूसरी लड़की ने पूछा..
यू कनव वॉट गर्ल्स. में जाए-बाय्फ्रेंड इस डेड. फक्किंग इसे होल इस डेड.. हाहहहाहाहा.. साला कुत्ते की मौत मारा है. हे डिच में.. हे डिच दीक्षा.. फक्किंग असशोली साले हटीयूं ने कुत्ते से भी ज्यादा बुरी मौत दी है.इसलिए खुश हूँ..
ह्म्म्म्मम. सबाही गर्ल बोली..
फॉर ऑल फक्किंग गांड लूसेर्स बाय्फ्रेंड.. दीक्षा ने फिर बॉटल हवा मैंने उठाई और सबने उसके साथ चियर्स किया
और फिर बॉटल गटकने लगी..
करीब 1 घंटे बाद. दीक्षा बेटाशा नशे में धुत थी उसने सबको गुड बायें किया और वहां से निकल गयी.. नल से पानी गिरने की तेज आवाज़ आ रही थी.पानी भरता जा रहा था .. और राहुल बाहर फोन पे बात कर रहा था.
राहुल :- या या सर ओहकक.. ई विल दो इट. ओहक सर.. बाबयी..
बोल के राहुल फोन को पलंग पे फैंक देता है. और फिर बाहर चला जाता है ताज़्ज़ई हवाज़ खानी.. अंदर पानी बाथटब में भरता जा रहा था .. राहुल बाहर बालकनी में खड़ा ताज़्ज़ई ठंडी हवा लेता हुआ जितनी भी बातें थी उससे जोड़ने की कोशिश कर रहा था.
अंदर बाथटब पानी से लबालब भर चुका था और अब वो बाहर गिरने लगा था फर्श पे गिरते ही वहां से बहता हुआ वो बाथरूम से बाहर आनी लगा..
तभी अंदर फोन बजा... फोन की आवाज़ सुन के राहुल अंदर आया उसने फोन उठाया..
राहुल :- इसे सर.. ओह शुरू ई विल दो टुनाइट .. नो प्राब्लम. एस्स ओके सर.. बाबयए गुड नाइट. (एक बार फिर फोन ऑफिस से आया था..उसने फोन कट किया और फिर उससे पलंग पे फेंका और जैसे ही आगे बड़ा उसका पैर सीधे पानी पे पड़ा ..)
श शीत... बोतल हुई उससे याद आया की वो नल बंद करना भूल गया है.. राहुल बहगता हुआ बाथरूम में गया और तब को बंद कर दिया..
ओह शीत मान.. शीत. अपने आप पे गुस्सा करते हुई..
रात 12 बजे...
राहुल अपने लॅपटॉप पे कम खत्म कर चुका था. पर जब उससे नींद नहीं आई तो उसने अपने लॅपटॉप पे एक सोशल नेटवर्किंग साइट खोल के बैठ गया और उसमें एक गेम खेलने लगा.
गेम थी कार रेसिंग की ..
अपनी फ़्रेंड लिस्ट में से दो नाम छूने जो गेम का हिस्सा बनेंगे.. राहुल रूल्स पड़ते हुई बोला. उसने ऑप्शन पे क्लिक किया..
ट्रक ड्राइवर के लिए उसने ऐसे ही क्लिक कर दिया और उसका एक फ़्रेंड एड हो गया. दूसरा ड्राइवर उससे एक कार के लिए कहिए था. वो नेक्स्ट नेक्स्ट करता गया और रॅंडम्ली एक कॅरक्टर उसमें एड हो गया.. लेकिन तभी उसका फोन बजा.
उसने फोन पे नज़र डाली तो फोन निकुल का था..उसने फोन उठाने के लिए हाथ आगे बढ़ाया तो उसका माउस स्टार्ट पे क्लिक पे हो गया...
उसने फोन उठाया और अपनी जगह से उठ के फोन पे बात करने लगा.
हेलो ई में दीक्षा और यू अरे सेलेक्टेड में इसे ए ड्राइवर .. सो अरे यू रेडी फॉर थे चॅलेंज.. लेट्स दो इट.
स्क्रीन पे दीक्षा का फेस कार के उप्पर बना हुआ आ रहा था..
उधर बाहर राहुल निकुल से बात कर रहा था. इधर कंप्यूटर स्क्रीन पे..
गेम को कोई कंट्रोल नहीं कर रहा था इसलिए वो कार सीधी चल रही थी धीरे धीरे गेम की कार की बढ़ता तेज होने लगी. तेज होने लगी.. वो सीधे एक हाइवे पे भाग रही थी अब तक कोई भी बार्रिर्स नहीं आए थे उसे कार के सामने .. तभी थोड़ी दूर से एक साइड कट से वो ट्रक निकला जिसमें दूसरा फ़्रेंड का चरतेर शो हो रहा था..
नाउ ड्राइव केर्फुली और एनिमी इस हियर कंट्रोल केर्फुली... दीक्षा की कार के उप्पर लिखा हुआ आया..
लेकिन राहुल कंट्रोल कैसे करता.. वो तो बाहर निकुल से बात कर रहा था.
स्क्रीन पे कार ट्रक के करीब पहुंच रही थी. वो मेसेज बार बार शो हो रहा था. कार तेजी सी ट्रक के साइड में चलनी लगी. ट्रक के उप्पर एक मेसेज शो होने लगा.. ई फॅक्ड उप यू बिच.. बोलते हुई उसे ट्रक ने कार को तकर मर्री. कार साइड की रेलिंग सी टकराई और उड़ती हुई उल्टी गिर गयी.
आअहह... यू सन ऑफ आ बिच यू किल्ड मईए... मेसेज शो होने लगा..
गम्र ओवर हो गया...
राहुल की बात अभी भी निकुल से चल रही थी...
राहुल :- हाँ यार तू कोमल का ध्यान राह्िॉ उसका माइंड इस तरफ से डिसट्रॅक्ट करने की कोशिश करियो. हम कल देखते हैं की क्या करना है.. में तेरे पास 12 बजे तक पहुंच जाऊंगा. ओहकक चल गुड नाइट हाँ ओहककक बाबयी.
फोन कट कर की अंदर आया.. फोन को फिर से पलंग पे फेंका. एक अंगड़ाई ली.. आँखों में नींद भर गयी थी. उसने लाइट्स ऑफ की और सीधा बेड पे जक्के लाइट गया.. लॅपटॉप की तरफ ध्यान ही नहीं गया. क्यों की लॅपटॉप की डिसप्ले ऑफ हो गयी थी.. ..........................................................................................
नशे की धुत में क्लब से निकलती दीक्षा गद्दी में बैठी.. फोन को साइड वाली सीट पे फेंका.
श गोद ई आम सो हॅपी.. थे फक्किंग बस्टर्ड इस डेड ओह एस्स हे इस डेड हाहाहा. दीक्षा हँसती हुई कार स्टार्ट करती है.और फर्स्ट गियर में तेज रेस देकर भगा देती हे..
रात का समय लाइट ट्रैफिक था पर वही सबसे ज्यादा डेंजरस होता है.. हर इंसान इस समय अपनी कार को एवरेज बढ़ता से ज्यादा बढ़ता पे चलता है..वही दीक्षा कर रही थी. ये तो वैसे भी तगड़े नशे में थी.. स्पीडॉमीटर की सुई. धीरे धीरे बढ़ता को पर कर रही थी..
100..120.140..
कार में उसने तेज लाउड म्यूज़िक चला दिया.और नशे की हालत में कार में झूम रही थी.स्तेरिंग पे हाथ सेट नहीं हो रहा था कार कभी इधर तो कभी उधर... .......................................................................................... दूर एक जगह पे..
रोड की साइड में लगी एक मोटी सी पानी की पीपे किसी वजह से फट चुकी थी. जिसकी वजह से उसमें तेज धार के साथ पानी बाहर गिर रहा था और रोड पे ज़मा हो रहा था. .......................................................................................... इधर कार में...
दीक्षा गन्ने के साथ अपनी आवाज़ में गया रही थी और हंस रही थी..और बढ़ता तेज करी जा रही थी.
कार की बढ़ता 150 + हो गयी... उसे जगह पे ये कार हवा से बात करते हुई ब्मो पालक झपकते हीए एक जगह से दूसरी जगह तक पहुंच रही थी..
वो अरमान यू डिच में.. हां राहुल साइड तुझे कुत्ते की मौत मारा है उन हटीयूं ने चल मुझे भी दिखा अपनी हालत.. नहीं दिखाएगा. क्या नहीं दिखाएगा.. यू सन ऑफ आ बिच चल हाथ में खुद आ जययुंगी.हाँ अतीी हूँ.. (नशे की हालत में दीक्षा अपने आप से ही बात कर रही थी)
कार की बढ़ता काफी तेज थी.. उसने अपने घर जाने की जगह कब्रिस्तान की तरफ रास्ता मोड़ दिया की तभी उसके सामने एक बड़ा सा लोडेड ट्रक जिसपे गोल गोल पिल्लर्स से रखे थी.. वो सामने आ गय्ाआ... दीक्षा ने धीरे धीरे ब्रेक पे अपना पर रखा और स्पिडो मीटर की सुइयां धीरे धीरे नीचे आने लगी बढ़ता कम होने लगी...
धीरे धीरे करते हुई वो ट्रक के बिलकुल पीछे आ गयी. उसने म्यूज़िक का वॉल्यूम लो कर दिया. और हॉर्न बजाने लगी... उसे जगह पे ट्रक के चलने की आवाज़ के साथ हॉर्न की आवाज़ गूंजने लगी..
रोड काफी पतली सी और कक़ची थी. एक इतने बारे ट्रक को ओवर्टेक कर पन्ना मुश्किल था उसे जगह पी..
लेकिन वो तो हॉर्न पी हॉर्न देने लगी.. लेकिन वो ट्रक वैसी हे चलनी लगा.. दीक्षा ने मिरर डाउन करा..
श यू बस्टर्ड जस्ट गिव में आ साइड.. नशे सर चोद के बोल रहा था. उसने मिरर को दुबारा उप कर दिया.. फक्किंग आस्स्स होली. बोलते हुई वो फिर से हॉर्न देने लगी..
राहुल गहरी नींद में सो रहा था की अचानक उसी नींद खुल गयी..और वो उठ के बैठ गया.उसके माथे पे पसीना था. उसने अपना सेहरा साफ किया और साइड में बननी टेबल पे हाथ मरने लगा लाइट्स ऑन करने के लिए..लेकिन अंधेरे में लाइट्स का नहीं पता चल रहा था..की अचानक उसके हाथ किसी चीज़ पे पड़ा और वो नीचे जा गिरा.
तन्न्न.तन्न्न तंन तंन न्न्नननननननननननननननननणणन्... नीचे ज़मीन पे गिरने की आवाज़ जब सुनाई दी तो पता चला की गिलास गिर गया है. उसने आख़िर लाइट्स ऑन की.. और सबसे पहले फोन उठाया और टाइम देखा..
1:30 बजने वाले हैं.. अफ मुझे ऐसा लगा सुबह हो गयी है जबकि अभी तो सोए हुए 1 घंटा भी नहीं हुआ.. क्या हो रहा है. इन सब हादसों ने मेरे दिमाग की नसें ढीली कर दी है शायद. बोलते हुई उसने ज़मीन से गिलास को उप्पर उठाया.
और तभी उसके दिमाग में कुछ आया..
मैंने लॅपटॉप बंद करा था की नहीं. चेक कर लेता हूँ.. बोलते हुई वो उठा और लॅपटॉप की तरफ बाद चला..
श बस्टर्द्ड़ .दीक्षा बोलते हुई हॉर्न देने लगी.. लेकिन धीरे धीरे करते हुई वो थोड़ा आगे तरफ चुके थी...तो रोड थोड़ी चौड़ी हो गयी जिसमें ओवर्टेक करा जा सकता था..
जैसे ट्रक ड्राइवर को लगा की वो आगे साइड दे सकता है उसने अपने ट्रक को धीरे धीरे साइड करना शुरू किया..
पीछे ये देख के दीक्षा को एक रिलीफ हुआ.वो मुस्कुराईं उसने गियर चेंज किया..
लेकिन आगे ट्रक दिरवेर ने जैसे देखा की साइड मैंने पानी का पीपे फटा हुआ है और पानी बह रहा है उसने फिर से ट्रक इधर कर लिया..
पीछे से दीक्षा ने एक तेज ब्रेक लगाई..और उसका हलक्स सा शेयर स्टेरिंग वील पे जा लगा..
अवव.. यू फक्किंग बस्टर्ड . बोलते हुई दीक्षा ने गियर डाला और राइट ओवर्टेक की जगह लेफ्ट से उसने ट्रक को ओवर्टेक ले लिया.गुस्से में उसने रेस बहुत तेज दे र्काही थी.
जैसे ही वो ट्रक की लेफ्ट साइड में आई..वैसे ही..
एक तो रोड पे पानी ज़मा होने की वजह से रोड खराब होने का पता नहीं चला दूसरा पीपे से निकलता पानी सीधी उसके गद्दी की सेशे पी पर्दा जिससे उससे आगे का कुछ नहीं दिखा.गद्दे होने की वजह से गाड़ी का बालंसी बिगड़ा.और उसके हाथ सी स्टेरिंग वील की पकड़ चुट्त गयी..
आअहह वो चिल्लाईइ. लेकिन चिल्लाने की फायदा नहीं हुआ क्यों की गद्दी सीधे जा टकराई साइड ट्रक सी.. और ट्रक से घिसदनी लगी..
ट्रक गाड़ी से टकराया तो ट्रक का भी बैलेन्स बिगड़ गया..और ट्रक भी रेलिंग की तरफ खिसकने लगा.. ट्रक को बचाने के लिए ड्राइवर ने ट्रक को पूरा मोड़ दिया.
ट्रक का पीछा का हिस्सा राइट की तरफ फिसलता हुआ साइड की रैईयालिंग को तोड़ दिया..इधर दीक्षा की गद्दी का ड्राइविंग सीट वाला दरवाजा खुल गया और दीक्षा बाहर गिर गयी रोड पी.
आअहह ...वो चिल्लाई लेकिन रोड पी बहुत बुरी तरह से गिर गयी.
गद्दी उसे ट्रक के नीचे से अपनी चाट उड़ती हुई बाहर निकल गयी.. और सामने जाकर एक पोले से जा टकराई...ट्रक बिलकुल सीधा खड़ा हो गया बीचों बीच रोड की.
दीक्षा ज़मीन पे पड़ा थी.खून से लथपथ. पीठ के बाल.. उसके सर से खून बह रहा था .. वो हल्की सी होश में थी उसकी आँखें हल्की सी ही खुली थी.
राहुल ने लॅपटॉप बंद कारण एक लिए माउस पे क्लिक किया तो उसकी स्क्रीन डिसप्ले ऑन हो गयी..
श शीत में इससे बंद करना ही भूल गया था. बोलते हुए राहुल शटडाउन पे क्लिक करने जा रहा था की तभी उसकी नज़र स्क्रीन पे पड़ा.
उसमें मसागे लिखा हुआ था अभी भी.. " और ड्राइवर इस डेड"
राहुल उसे मेसेज को पड़ने लगा.फिर उसने नीचे देखा तो दीक्षा की फोटो बनी हुई थी और वो बार बार बीच में से कट रही थी.. राहुल की आँखें खुली की खुली रही गयी.. उसका सारा खून दिमाग की तरफ दौड़ने लगा. वो एक गहरी सोच में चला गया..और फिर उसके दिमाग के आग एक छोटा सा फ्लॅशबॅक आया..
पानी का नल खुला रहना.पानी बहता रहना. लॅपटॉप में ड्राइवर पे दीक्षा की फोटो आना..और वो भी डेड और उसके बाद आया टाइम जो की था.. 1:40 मिनट..
श मयी गोद...... राहुल बोलता हुआ फट से खड़ा हुआ और उसने अपना फोन उठाया.और नो. डायल किया.
ओह गोद..दीक्षा. श गोद वो बड़बड़ाने लगा..
थे नंबर यू हॅव दियालेड इस करेंट्ली स्विच्ड ऑफ..प्लीज़ ट्राइ अगेन लेटर..
ओह गोद. स्विच ऑफ क्यों आ रहा है.. प्लीज़ नो.. राहुल अपने आप से बोलता हुआ फोन मिला रहा था..
दीक्षा ज़मीन पे पड़ी थी.. उसकी आँखें आधी खुली थी.. अचानक ब्रेक लगने और इतनी बुरी तरह से ट्रक के टकराने की वजह से उसपर उप्पर लगी रस्सी खुल गयी और रखे वो बारे से पिल्लर.तेज रफ्तार से नीचे गिरा.और दीक्षा की तरफ भी देने लग्गाअ...
धाम धम्म धम्म.आवाज़ करता हुआ वो रोड पे दीक्षा की तरफ तरफ रहा था.
दीक्षा की नज़र उसे आवाज़ की तरफ पड़ा. उसके मुंह से हल्की आवाज़ में निकला.
नूओ..
लेकिन वो पिल्लर तो हवा में कुछ फीट उड़ता हुआ ज़मीन पे धाम धाम से गिरता हुआ दीक्षा की तरफ बड़ा और पास आने लगा और बिलकुल जैसे ही पास आया..दीक्षा के मुंह एक ज़ोर से चीख निकली..
नूऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊऊओ..आआआआआआआआआआआआआआआआआअ..
बॅस इतनी ही आवाज़ निकली..की वो पिल्लर दीक्षा के उप्पर धाम से आ गिरा.आ. उसके दोनों हाथ शरीर से अलग हुक उससे दूर जा खिसके और उन हाथों की उंगलियाँ हिलने लगी.और जब वो पिल्लर जैसा ही दीक्षा के उप्पर से हटा.दीक्षा की शरीर की कुछ हिस्से उसका मास उसके कपड़ों के साथ और उसका खून उसे पिल्लर से चिपके हुए थी
और बाकी की सीज़ें पतला सा सेहरा जो सिर्फ़ अब खून का हिस्सा बना हुआ था.उसकी अंतड़ियां उसके शरीर की हिस्से..रोड पे बिखरे हुई थी और वहां खून ही खून पड़ा हुआ था. उसके पैर उसके शरीर से अलग थी और उसने पैर की उंगलियाँ कांप रही थी मानो आख़िरी सांस ले रही हूँ..
राहुल फोन पे फोन ट्राइ कर रहा था..उसके चेहरे पी एक अजीब सी घबराहट थी..
रात के अंधेरे में फोन की लाइट जल रही थी. फोन पे रिंग बज रही थी.. एक हाथ रज़ाई के अंदर से निकला और उसने फोन को उठाया..
राहुल.. इतनी रात को क्या हुआ.. (निकुल ने अजीब सी आवाज़ में कहा)
निकुल. यार कुछ बहुत गलत हो सकता है.राहुल बेडरूम में इधर उधर चलता हुआ बोला.
की गड़बड़ हो गयी. निकुल बोला और बेडरूम से बाहर निकल गया जिससे कोमल ना जागे.
यार दीक्षा के साथ कुछ बुरा होने वाला है.. बहुत बुर्रा.. उससे हेल्प की जरूरत है.. में बहुत देर से फोन मिला रहा हूँ लेकिन उसका फोन आउट ऑफ रीच जा रहा है. राहुल थोड़ा टेंस्न में बोला
निकुल :- यार तूने कोई बुरा सपना देखा होगा..
राहुल :- नहीं यार..ये कोई सपना नहीं था.बड़ा ही अजीब फ़ीलिंग आ रही है.. (और फिर वो सब बात बता देता है जो जो उससे लगा)
निकुल :- हम. यार तेरी ऐसी बातों से तो सच मैंने डर के रहना कहिए.. पर यार इस वक्त कुछ नहीं कर सकते हम. कल सुबह देख लेंगे.इस वक्त कोई नहीं मिलेगा तू शांत हो जा और फिर सो जा..
राहुल :- ओफू.. ठीक है यार. कल सुबह 7 बजे मिलता हूँ तुझे.
लेकिन 7 बाजी कहाँ ऑफिस खुलता है.. .
यार वो में कुछ नहीं जनता. उसके घर जाएँगी.. पर मुझे किसी भी तरह उससे मिलना है. राहुल झनते हुए बोला..
अच्छा अच्छा ठीक है तू शांत रही कल सुबह 7 बजे.. अच्छा अब तू सो जा गुड नाइट...
हम गुड न्यत.. राहुल ने बोल की फोन तो कट कर दिया.लेकिन वो पूरी रात सो ही नहीं पाया.
अगली सुबह.
राहुल और निकुल सुबह सुबह 7:30 तक दीक्षा के घर पहुंच जाते हैं.और जैसे ही पहुंचते हैं वहां का नज़ारा देख की दोनों की आँखें खुली रही जाती थी है.. दीक्षा के घर में उसकी मौत का पता चल चुका था.लाश बीचों बीच धक्की पड़ा थी..और काफी लोग ज़मा हुए थी वहां पी. साथ साथ पुलिस भी थी..
श शिट्ससस्स... निकुल के मुंह से ये निकला.
राहुल अपने चेहरे पे हाथ फारना लगा. अभी अरे लेट निकुल अभी अरे डॅम लेट. (चिल्लाते हुए बोल पड़ा)
सभी की नज़रे दोनों पर पड़ चली..
अभी लॉस्ट दीक्षा. अभी कॅंट दो एनितिंग निकुल.. दीक्षा इस डेड जस्ट बेक ऑफ में. एस्स जस्ट बेक ऑफ में.. राहुल भॉकला सा गया था.
निकुल :- शांत हो जा भाई.. शांत हो जा..
तभी एक इंस्पेक्टर दोनों के पास आया..और दोनों को घूरने लगा.. क्या मतलब आपका.. में कुछ समझा नहीं... इंस्पेक्टर ने सवाल किया
सर यही सवाल तो हम सब का भी है इसके लिए. लेकिन इससे और हमें खुद नहीं पता की ये सब क्या हो रहा है.. ऐसा क्यों हो रहा है इसके साथ. निकुल ने इंस्पेक्टर का जवाब डदीया.
राहुल तो ऐसे ही बैठा था और कुछ सोच रहा था.
इंस्पेक्टर :- ये तो बिलकुल एक फिल्म जैसा लगता है की एक आदमी को मौतों के बारे में पता हो? (बात की खिल्ली उड़ते हुए कहा)
निकुल :- सर लगता बिलकल फिल्मी है. लेकिन हमें पता है की ये जब भी कुछ ऐसा बोलता है तो कुछ ना कुछ गलत होता है.. याद है सर दीदी साल पहले वो ट्रेन का जबरदस्त आक्सिडेंट..
इंस्पेक्टर :- हाँ..
निकुल कुछ बोलता उससे पहली राहुल बोला..
राहुल :- सर क्या आप हमें कल की आक्सिडेंट की कुछ डीटेल बता सकते हैं..