मैं आकर चेयर पर बैठ गया और टेबल पर अपने पैर पसार दिए। ठंडी हवा ने अपना असर दिखाना शुरू किया और मेरी आंखें बंद होने लगी। परन्तु आंखें बंद होते ही फिर से वही, मुझे लगा कि कोई मेरी चेयर को उलट रहा है। मैंने फिर से आंखें खोल दी।
मैं (बड़बडाते हुए): अच्छी मुसीबत है ये तो, सो भी नहीं सकते पीकर तो।
मैं गाना गा रहा था और बउ़बड़ा रहा था।
काफी देर तक मैं ऐसे ही परेशान होता रहा। तभी सीढ़ीयों से किसी के आने की आवाज सुनाई दी तो मैंने सीढीयों की तरफ देखा।
सोनल और तान्या दोनों ही उपर आ रही थी।
सोनल (उपर आकर मेरी तरफ आश्चर्य से देखते हुए): मैं तुम्हें अंदर सुला कर गई थी, तुम फिर बाहर आ गये।
मुझे गाना गाते सुनकर सोनल ने कहा 'तो अब रात को गाकर दूसरों की नींद खराब करने का इरादा है'।
मैं: अरे यार, ये क्या मुसीबत है अब, आंख बंद करते ही सब कुछ घूमता हुआ लग रहा है और ऐसा लगता है कि कोई मेरा बेड उलट रहा है।
मेरी बात सुनकर तान्या और सोनल खिलखिलाकर हंसने लगी।
सोनल ने मेरा हाथ पकड़ा और उठाकर अंदर ले आई। तान्या भी हमारे साथ अंदर आ गई थी। सोनल रसोई में से एक गिलास पानी लेकर आई और मुझे पिलाया।
पानी पिलाने के बाद सोनल ने गिलास नीचे रख दिया और बेड पर मेरे पास सटकर बैठ गई। तान्या खड़ी हुई थी।
मैंने तान्या की तरफ देखते हुए उसे बेड पर अपनी बगल में हाथ से इशारा करते हुए बैठने को कहा।
तान्या थोड़ा शरमा रही थी, उसने सोनल की तरफ देखा, सोनल ने आंखों से इशारा करते हुए उसे बैठने को कहा। तान्या आकर मेरे दूसरे साइड में बैठ गई।
सोनल ने मेरे गालों पर अपने हाथ रख दिए और मेरे चेहरे को अपनी तरफ घुमा कर अपने तपते रसीले होंठ मेरे होठों पर रख दिए। हमारे होठों तुरंत ही एक दूसरे से बुरी तरफ उलझ गये। सोनल की आंखें बंद थी। मैंने भी अपनी आंखें बंद की पर आंखें बंद करते ही मुझे फिर से बेड पलटता हुआ महसूस हुआ और मैंने आंखें खोल दी।
हमें किस करते हुए देखकर तान्या ने अपना हाथ आगे करके मेरी जांघों पर रख दिया और धीरे धीरे सहलाने लगी। सोनल ने अपनी दोनों बांहें मेरे गले में डाल दी और मजे लेकर मेरे होठों को चूसने लगी। उसकी गरम सांसें मुझे मेरे चेहरे पर महसूस हो रही थी, जो मेरी आंखों में भी लग रही थी, जिससे मुझे आंखें बंद करनी पड़ रही थी, पर आंखें बंद करते ही बेड पलटने लगता था, जिससे मैं आंखें नहीं बंद कर पा रहा था।
मैंने सोनल से अपने लबों को छुड़ाया और अपने लब उसके गले पर रख दिए। सोनल के मुंह से एक सिसकारी निकली। मैंने अपने हाथों को सोनल की चूचियों पर कस दिया और उन्हें मसलने लगा। सोनल मेरी कमर में अपने हाथों का कमाल दिखाने लगी।
तान्या ने अपना हाथ जींस के उपर से ही मेरे लिंग के उपर रख दिया और अपनी मुठ्ठी में भींचने लगी। मेरे मुंह से आह निकल गई और मेरी आंखें बंद हो गई। आंखें बंद होते ही फिर से बेड पलटता हुआ लगा तो मैंने संमभलते हुए शरीर को झटका दिया और आंखें खोली। सोनल एकदम पीछे को हट गई और मेरी बाजुओं को अपने हाथों से पकड़कर मेरी आंखों में देखने लगी। सोनल में आंखों के इशारे से पूछा कि क्या हुआ, मैंने अपनी उंगली को सिर के पास लाकर घुमाते हुए इशारे से बताया कि सब कुछ घूम रहा है।
सोनल मुस्करा दी और मेरे माथे पर अपने लब रख दिये और मेरे माथे को जगह जगह से चूमने लगी।
अब तान्या की हिम्मत भी कुछ बढ़ती जा रही थी। वो मेरी जींस की चैन खोलने की कोशिश कर रही थी, पर बेचारी सफल नहीं हो पा रही थी। मैं अपना हाथ नीचे ले गया और अपना हुक खोल दिया। तान्या ने मेरा हाथ पकड़ लिया और अपनी तरफ खींचकर अपनी जांघों पर रख दिया। उसकी नरम और मांसल जांघों पर मेरा हाथ पड़ते ही तान्या और मेरे दोनों के मुंह से एक साथ आह निकल गई। सोनल ने शायद सोचा कि उसके चूमने के कारण मेरी आह निकली है। अब वो मेरे गालों को किस कर रही थी और अपनी जीभ निकालकर चाट भी रही थी। तान्या ने अपना एक हाथ मेरे हाथ पर रखकर अपनी जांघों पर दबाने लगी और दूसरा हाथ मेरी जींस के अंदर डालकर मेरे लिंग को अंडरवियर के अंदर से निकालने की कोशिश करने लगी। मैंने अपना हाथ सरकाते हुए जींस के उपर से तान्या की योनि के उपर रख दिया और उसकी योनि को जींस के उपर से ही मसलने लगा।
तान्या ने अपना हाथ मेरे हाथ पर से हटा लिया था और उस हाथ को अपनी चूचियों पर रख कर अपनी चूचियों को मसलने लगी।
सोनल मेरे गालों को चाट रही थी और साथ ही अपने दांतों से धीरे धीरे काट भी रही थी। मेरे गालों को चूमते हुए ही सोनल ने मेरे कान के नीचे के हिस्से को अपने होंठों में जकड़ लिया और चुभलाने लगी। मुझे बहुत ही मजा आ रहा था, उपर सोनल के होंठ और नीचे तान्या का हाथ। ऐसा लग रहा था कि स्वर्ग में पहुंच गया हूं।
अचानक सोनल ने मुझे धक्का देकर बेड पर लिटा दिया। तान्या ने अपना हाथ एकदम से मेरी जांघों पर से हटा लिया और हमारी तरफ देखने लगी। सोनल ने मेरे उपर लेटते हुए अपने लब मेरे लबों पर रख दिये और वाइल्ड तरीके से किस करने लगी। मैंने भी जवाब देते हुए उसके होठों को अपने दांतों में दबा के हल्का सा काट लिया। सोनल ने अपने दोनों हाथों से मेरे सिर को पकड़ा हुआ था और अपनी चूचियों को मेरी छाती में रगड़ रही थी। अचानक तान्या खड़ी हुई और सोनल के पास आकर उसने उसके कुल्हों पर हाथ फिराने शुरू कर दिये। सोनल ने एकदम से पिछा देखा और तान्या को कुल्हे सहलाते देखकर मुस्करा दी और वापिस से मेरे होठों में खो गई। तान्या खड़ी खड़ी मेरी आंखों में देख रही थी और सोनल के कुल्हों ओर कमर पर हाथ फेर रही थी। तान्या ने सोनल के कमीज को कुल्हों पर से उपर उठा दिया और उसकी आधी कमर को नंगी कर दिया और उसकी नंगी कमर को सहलाने लगी। तान्या के नरम नरम हाथ अपनी नंगी कमर पर महसूस करते ही सोनल के शरीर ने एक झटका खाया और उसके मुंह से आह की आवाज निकली जो हमारे होठों की लड़ाई में गुम हो गई। मैं अपना हाथ पीछे की तरफ ले जाकर तान्या की जांघों को साइड में से पकड़ लिया, क्योंकि मेरा हाथ वहीं तक पहुंच रहा था। मैंने तान्या की टीशर्ट को पकड़कर उसके थोड़ा अपनी तरफ खींचा और अपने एक हाथ से ही उसकी जींस का हुक खोलने की कोशिश करने लगा, पर सफल न हो सका। तान्या मेरी तरफ देखकर मुस्करा रही थी, और मुझे असफल होता देखकर मेरी तरफ जीभ निकाल रही थी।
क्रमशः.....................
मैं (बड़बडाते हुए): अच्छी मुसीबत है ये तो, सो भी नहीं सकते पीकर तो।
मैं गाना गा रहा था और बउ़बड़ा रहा था।
काफी देर तक मैं ऐसे ही परेशान होता रहा। तभी सीढ़ीयों से किसी के आने की आवाज सुनाई दी तो मैंने सीढीयों की तरफ देखा।
सोनल और तान्या दोनों ही उपर आ रही थी।
सोनल (उपर आकर मेरी तरफ आश्चर्य से देखते हुए): मैं तुम्हें अंदर सुला कर गई थी, तुम फिर बाहर आ गये।
मुझे गाना गाते सुनकर सोनल ने कहा 'तो अब रात को गाकर दूसरों की नींद खराब करने का इरादा है'।
मैं: अरे यार, ये क्या मुसीबत है अब, आंख बंद करते ही सब कुछ घूमता हुआ लग रहा है और ऐसा लगता है कि कोई मेरा बेड उलट रहा है।
मेरी बात सुनकर तान्या और सोनल खिलखिलाकर हंसने लगी।
सोनल ने मेरा हाथ पकड़ा और उठाकर अंदर ले आई। तान्या भी हमारे साथ अंदर आ गई थी। सोनल रसोई में से एक गिलास पानी लेकर आई और मुझे पिलाया।
पानी पिलाने के बाद सोनल ने गिलास नीचे रख दिया और बेड पर मेरे पास सटकर बैठ गई। तान्या खड़ी हुई थी।
मैंने तान्या की तरफ देखते हुए उसे बेड पर अपनी बगल में हाथ से इशारा करते हुए बैठने को कहा।
तान्या थोड़ा शरमा रही थी, उसने सोनल की तरफ देखा, सोनल ने आंखों से इशारा करते हुए उसे बैठने को कहा। तान्या आकर मेरे दूसरे साइड में बैठ गई।
सोनल ने मेरे गालों पर अपने हाथ रख दिए और मेरे चेहरे को अपनी तरफ घुमा कर अपने तपते रसीले होंठ मेरे होठों पर रख दिए। हमारे होठों तुरंत ही एक दूसरे से बुरी तरफ उलझ गये। सोनल की आंखें बंद थी। मैंने भी अपनी आंखें बंद की पर आंखें बंद करते ही मुझे फिर से बेड पलटता हुआ महसूस हुआ और मैंने आंखें खोल दी।
हमें किस करते हुए देखकर तान्या ने अपना हाथ आगे करके मेरी जांघों पर रख दिया और धीरे धीरे सहलाने लगी। सोनल ने अपनी दोनों बांहें मेरे गले में डाल दी और मजे लेकर मेरे होठों को चूसने लगी। उसकी गरम सांसें मुझे मेरे चेहरे पर महसूस हो रही थी, जो मेरी आंखों में भी लग रही थी, जिससे मुझे आंखें बंद करनी पड़ रही थी, पर आंखें बंद करते ही बेड पलटने लगता था, जिससे मैं आंखें नहीं बंद कर पा रहा था।
मैंने सोनल से अपने लबों को छुड़ाया और अपने लब उसके गले पर रख दिए। सोनल के मुंह से एक सिसकारी निकली। मैंने अपने हाथों को सोनल की चूचियों पर कस दिया और उन्हें मसलने लगा। सोनल मेरी कमर में अपने हाथों का कमाल दिखाने लगी।
तान्या ने अपना हाथ जींस के उपर से ही मेरे लिंग के उपर रख दिया और अपनी मुठ्ठी में भींचने लगी। मेरे मुंह से आह निकल गई और मेरी आंखें बंद हो गई। आंखें बंद होते ही फिर से बेड पलटता हुआ लगा तो मैंने संमभलते हुए शरीर को झटका दिया और आंखें खोली। सोनल एकदम पीछे को हट गई और मेरी बाजुओं को अपने हाथों से पकड़कर मेरी आंखों में देखने लगी। सोनल में आंखों के इशारे से पूछा कि क्या हुआ, मैंने अपनी उंगली को सिर के पास लाकर घुमाते हुए इशारे से बताया कि सब कुछ घूम रहा है।
सोनल मुस्करा दी और मेरे माथे पर अपने लब रख दिये और मेरे माथे को जगह जगह से चूमने लगी।
अब तान्या की हिम्मत भी कुछ बढ़ती जा रही थी। वो मेरी जींस की चैन खोलने की कोशिश कर रही थी, पर बेचारी सफल नहीं हो पा रही थी। मैं अपना हाथ नीचे ले गया और अपना हुक खोल दिया। तान्या ने मेरा हाथ पकड़ लिया और अपनी तरफ खींचकर अपनी जांघों पर रख दिया। उसकी नरम और मांसल जांघों पर मेरा हाथ पड़ते ही तान्या और मेरे दोनों के मुंह से एक साथ आह निकल गई। सोनल ने शायद सोचा कि उसके चूमने के कारण मेरी आह निकली है। अब वो मेरे गालों को किस कर रही थी और अपनी जीभ निकालकर चाट भी रही थी। तान्या ने अपना एक हाथ मेरे हाथ पर रखकर अपनी जांघों पर दबाने लगी और दूसरा हाथ मेरी जींस के अंदर डालकर मेरे लिंग को अंडरवियर के अंदर से निकालने की कोशिश करने लगी। मैंने अपना हाथ सरकाते हुए जींस के उपर से तान्या की योनि के उपर रख दिया और उसकी योनि को जींस के उपर से ही मसलने लगा।
तान्या ने अपना हाथ मेरे हाथ पर से हटा लिया था और उस हाथ को अपनी चूचियों पर रख कर अपनी चूचियों को मसलने लगी।
सोनल मेरे गालों को चाट रही थी और साथ ही अपने दांतों से धीरे धीरे काट भी रही थी। मेरे गालों को चूमते हुए ही सोनल ने मेरे कान के नीचे के हिस्से को अपने होंठों में जकड़ लिया और चुभलाने लगी। मुझे बहुत ही मजा आ रहा था, उपर सोनल के होंठ और नीचे तान्या का हाथ। ऐसा लग रहा था कि स्वर्ग में पहुंच गया हूं।
अचानक सोनल ने मुझे धक्का देकर बेड पर लिटा दिया। तान्या ने अपना हाथ एकदम से मेरी जांघों पर से हटा लिया और हमारी तरफ देखने लगी। सोनल ने मेरे उपर लेटते हुए अपने लब मेरे लबों पर रख दिये और वाइल्ड तरीके से किस करने लगी। मैंने भी जवाब देते हुए उसके होठों को अपने दांतों में दबा के हल्का सा काट लिया। सोनल ने अपने दोनों हाथों से मेरे सिर को पकड़ा हुआ था और अपनी चूचियों को मेरी छाती में रगड़ रही थी। अचानक तान्या खड़ी हुई और सोनल के पास आकर उसने उसके कुल्हों पर हाथ फिराने शुरू कर दिये। सोनल ने एकदम से पिछा देखा और तान्या को कुल्हे सहलाते देखकर मुस्करा दी और वापिस से मेरे होठों में खो गई। तान्या खड़ी खड़ी मेरी आंखों में देख रही थी और सोनल के कुल्हों ओर कमर पर हाथ फेर रही थी। तान्या ने सोनल के कमीज को कुल्हों पर से उपर उठा दिया और उसकी आधी कमर को नंगी कर दिया और उसकी नंगी कमर को सहलाने लगी। तान्या के नरम नरम हाथ अपनी नंगी कमर पर महसूस करते ही सोनल के शरीर ने एक झटका खाया और उसके मुंह से आह की आवाज निकली जो हमारे होठों की लड़ाई में गुम हो गई। मैं अपना हाथ पीछे की तरफ ले जाकर तान्या की जांघों को साइड में से पकड़ लिया, क्योंकि मेरा हाथ वहीं तक पहुंच रहा था। मैंने तान्या की टीशर्ट को पकड़कर उसके थोड़ा अपनी तरफ खींचा और अपने एक हाथ से ही उसकी जींस का हुक खोलने की कोशिश करने लगा, पर सफल न हो सका। तान्या मेरी तरफ देखकर मुस्करा रही थी, और मुझे असफल होता देखकर मेरी तरफ जीभ निकाल रही थी।
क्रमशः.....................