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Guest
उधर तारक अंजलि के पास पहुच चुका था....
तारक :- अंजलि तुम तो आज बहुत ज़्यादा सेक्सी लग रही हो..
कमाल कर दिया तुमने..
अंजलि :- हुह...अब क्यूँ आए हैं मेरे पास...
जाइए जाइए..इन गोरी गोरी फिरंगियों के पास जाइए..
उन्हे देखिए...
तारक :- अरे अंजलि...में कोई जान बुझ के थोड़ी देख रहा था..
अब जब वो सब आँखों के सामने आएँगी तो में क्या करूँगा...
अंजलि :- रहने दीजिए आप...में सब समझती हूँ..
तारक :- अच्छा बाबा सॉरी..
लेकिन अब तो सिर्फ़ में तुम्हे ही देख रहा हूँ..
सच बोल रहा हूँ..तुम इस वक़्त कमाल की लग रही हो..
और ये बोलते बोलते...तारक अपना हाथ अंजलि की चूत पे रख के उसे..
कस के दबा देता है..
अंजलि :- सस्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्सस्स......आह..तारक ये क्या कर रहे हैं आप...
तारक :- क्यूँ अंजलि तुम्हे अच्छा नही लगा..
अंजलि :- लेकिन तारक..आह..किसी ने देख लिया तो..
तारक :- कोई नही देखेगा......
और फिर तारक अंजलि की पैंटी के अंदर अपना हाथ घुसा के..
(जो कि बहुत मुश्किल से घुसा..)
अंजलि की नंगी चूत पे हाथ फिराने लगा...
अंजलि :- ओह्ह्ह आह..तारक...आइ लव यू....बहुत अच्छा लग रहा है...
में बहुत देर से परेशान थी..
ये दोनो अलग कोने में थे..और इतनी धीरे बात कर रहे थे..कि किसी को
कुछ सुनाई नही दे रहा था....
या फिर सब बहरे हो गये थे...हहेहेहेहेः....
तारक :- अंजलि देखती जाओ में तुम्हे अब कितना मज़ा देता हूँ....
और फिर तारक एक उंगली...चूत के अंदर घुसा देता है..
अंजलि :- ओह...तारक आराम से.....
और ये बोलते बोलते..तारक के डंडे पर हाथ रख देती है..कॉस्ट्यूम के उपर..
और उसे कस के दबा देती है...
तारक :- आहह अंजलि आराम से..
अंजलि :- सॉरी तारक वो जोश जोश में पता ही नही चला.
तारक :- अच्छा..कोई नही...अब कॉस्ट्यूम नीचे कर के पकडो ना...
अंजलि उसकी तरफ देखती हुई...
अंजलि :- अच्छा जी...तो आप..हाँ....
और फिर अंजलि...तारक के कॉस्ट्यूम को नीचे कर देती है...
और अपना हाथ उसके नंगे लंड पे रख के उसको आगे पीछे
करने लगती है......
तारक :- अंजलि तुम तो आज बहुत ज़्यादा सेक्सी लग रही हो..
कमाल कर दिया तुमने..
अंजलि :- हुह...अब क्यूँ आए हैं मेरे पास...
जाइए जाइए..इन गोरी गोरी फिरंगियों के पास जाइए..
उन्हे देखिए...
तारक :- अरे अंजलि...में कोई जान बुझ के थोड़ी देख रहा था..
अब जब वो सब आँखों के सामने आएँगी तो में क्या करूँगा...
अंजलि :- रहने दीजिए आप...में सब समझती हूँ..
तारक :- अच्छा बाबा सॉरी..
लेकिन अब तो सिर्फ़ में तुम्हे ही देख रहा हूँ..
सच बोल रहा हूँ..तुम इस वक़्त कमाल की लग रही हो..
और ये बोलते बोलते...तारक अपना हाथ अंजलि की चूत पे रख के उसे..
कस के दबा देता है..
अंजलि :- सस्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्स्सस्स......आह..तारक ये क्या कर रहे हैं आप...
तारक :- क्यूँ अंजलि तुम्हे अच्छा नही लगा..
अंजलि :- लेकिन तारक..आह..किसी ने देख लिया तो..
तारक :- कोई नही देखेगा......
और फिर तारक अंजलि की पैंटी के अंदर अपना हाथ घुसा के..
(जो कि बहुत मुश्किल से घुसा..)
अंजलि की नंगी चूत पे हाथ फिराने लगा...
अंजलि :- ओह्ह्ह आह..तारक...आइ लव यू....बहुत अच्छा लग रहा है...
में बहुत देर से परेशान थी..
ये दोनो अलग कोने में थे..और इतनी धीरे बात कर रहे थे..कि किसी को
कुछ सुनाई नही दे रहा था....
या फिर सब बहरे हो गये थे...हहेहेहेहेः....
तारक :- अंजलि देखती जाओ में तुम्हे अब कितना मज़ा देता हूँ....
और फिर तारक एक उंगली...चूत के अंदर घुसा देता है..
अंजलि :- ओह...तारक आराम से.....
और ये बोलते बोलते..तारक के डंडे पर हाथ रख देती है..कॉस्ट्यूम के उपर..
और उसे कस के दबा देती है...
तारक :- आहह अंजलि आराम से..
अंजलि :- सॉरी तारक वो जोश जोश में पता ही नही चला.
तारक :- अच्छा..कोई नही...अब कॉस्ट्यूम नीचे कर के पकडो ना...
अंजलि उसकी तरफ देखती हुई...
अंजलि :- अच्छा जी...तो आप..हाँ....
और फिर अंजलि...तारक के कॉस्ट्यूम को नीचे कर देती है...
और अपना हाथ उसके नंगे लंड पे रख के उसको आगे पीछे
करने लगती है......